पचंबा के सलैया रेलवे स्टेशन रोड पर राहगीरों और भारी वाहनों को तत्काल राहत देने के लिए पथ निर्माण विभाग की ओर से डाली गई डस्ट लगातार हो रही बारिश के कारण फिर से बहने लगी है। करीब चार फीट तक गहरे हो चुके गड्ढों को भरने के लिए विभाग ने लगभग 20 हाइवा डस्ट डालकर सड़क को समतल कराया था। इसका मुख्य उद्देश्य बस और ट्रक का परिचालन सुचारू बनाना था। लेकिन बारिश के बाद सड़क फिर पुराने जर्जर स्वरूप में लौटती दिख रही है। जानकारी के अनुसार 3 जुलाई को विभाग की ओर से मरम्मत के तौर पर यह डस्ट डाली गई थी । हालांकि यह कोई स्थायी या गुणवत्तापूर्ण निर्माण कार्य नहीं था, बल्कि महज एक तात्कालिक व्यवस्था थी। बारिश के बाद अब कई जगह से डस्ट खिसकने और गड्ढे दोबारा उभरने से वाहन चालकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। एक माह पूर्व रेलवे ने पथ निर्माण विभाग को सौंपी है सड़क सलैया रेलवे स्टेशन रोड का निर्माण पहले रेलवे की ओर से कराया गया था। पचंबा बाईपास रूट के रूप में इस्तेमाल होने वाली इस सड़क को करीब एक माह पूर्व ही रेलवे ने पथ निर्माण विभाग को हस्तांतरित किया था। सड़क हस्तांतरण के बाद लोगों को उम्मीद थी कि अब इसके स्थायी निर्माण और बेहतर रखरखाव की दिशा में काम होगा। फिलहाल स्थिति को देखते हुए स्थानीय लोगों का कहना है कि अस्थायी मरम्मत के लिए डाला गया डस्ट बारिश में ज्यादा दिनों तक टिक नहीं पाया। बारिश के मौसम के बाद होगी निविदा : रामविलास सिंह पथ निर्माण विभाग के कार्यपालक अभियंता रामविलास िसंह ने बताया कि सलैया रेलवे स्टेशन के पास वाली सड़क के स्थायी निर्माण के लिए प्राक्कलन (एस्टिमेट) बनाकर विभाग को भेज दिया गया है। वहां से प्रशासनिक स्वीकृति मिलते ही निविदा (टेंडर) की प्रक्रिया शुरू की जाएगी, ताकि सड़क का निर्माण कार्य जल्द पूरा कराया जा सके।
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