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झारखंड के साहिबगंज जिले के जिरवाबाड़ी थाना क्षेत्र निवासी 22 वर्षीय नीतीश पासवान को दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने 19 मई को गिरफ्तार किया था. पूछताछ के दौरान उसके तार पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी ISI और मुंबई अंडरवर्ल्ड से जुड़े एक नेटवर्क से मिलने की बात सामने आई है. स्पेशल सेल के विशेष पुलिस आयुक्त अनिल शुक्ला ने बताया कि मामले की जांच पुणे से कुख्यात अपराधी विजय शूटर की गिरफ्तारी के बाद शुरू हुई थी.
दिल्ली पुलिस की जांच में बड़ा खुलासा
साहिबगंज: झारखंड के साहिबगंज जिले से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है. जिले के जिरवाबाड़ी थाना क्षेत्र स्थित गैस गोदाम मोहल्ला निवासी 22 वर्षीय नीतीश पासवान को दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने गिरफ्तार किया है. जांच के दौरान उसके तार पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी ISI और मुंबई अंडरवर्ल्ड से जुड़े नेटवर्क से मिलने की बात सामने आई है.
कई अहम जानकारियां सामने आई
जानकारी के अनुसार, दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने नीतीश पासवान को 19 मई को साहिबगंज से गिरफ्तार किया था. गिरफ्तारी के बाद उसे दिल्ली ले जाकर पूछताछ की गई. पूछताछ और तकनीकी जांच में कई अहम जानकारियां सामने आई हैं.
नेटवर्क के संबंध पाकिस्तान से
स्पेशल सेल के विशेष पुलिस आयुक्त अनिल शुक्ला ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि इस पूरे मामले की शुरुआत पुणे से कुख्यात अपराधी विजय शूटर की गिरफ्तारी से हुई थी. विजय शूटर से पूछताछ के दौरान मिले सुराग के आधार पर पुलिस साहिबगंज पहुंची और नीतीश पासवान को गिरफ्तार किया. आगे की जांच में पता चला कि इस नेटवर्क के संबंध पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी ISI और कुख्यात गैंगस्टर सज्जाद भट्टी के नेटवर्क से जुड़े हुए हैं.
दो अन्य आरोपी भी गिरफ्तार
पुलिस ने इस मामले में मुंबई से तौकीर शेख और अब्बास खान नामक दो अन्य आरोपियों को भी गिरफ्तार किया है. आरोपियों के पास से पाकिस्तान निर्मित चार हथगोले, दो ग्लॉक पिस्तौल, 24 जिंदा कारतूस, एक चोरी की मोटरसाइकिल और एक चोरी का स्कूटर बरामद किया गया है.
ऑनलाइन गेम खेलने का शौक
सूत्रों के मुताबिक, नीतीश पासवान सोशल मीडिया और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के जरिए इस नेटवर्क के संपर्क में आया था. बताया जा रहा है कि वह इंस्टाग्राम और जंगली ऐप पर काफी सक्रिय रहता था. साथ ही उसे ऑनलाइन गेम खेलने का भी शौक था.
गांव और मोहल्ले के लोग हैरान
नीतीश की गिरफ्तारी की खबर से उसके गांव और मोहल्ले के लोग हैरान हैं. स्थानीय लोगों का कहना है कि वह अक्सर मोबाइल और इंटरनेट में व्यस्त रहता था. कुछ ग्रामीणों ने यह भी बताया कि पिछले कुछ समय से उसका व्यवहार सामान्य नहीं लग रहा था. हालांकि किसी को इस बात का अंदाजा नहीं था कि उसका नाम इतने बड़े नेटवर्क से जुड़ सकता है.
गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी
फिलहाल दिल्ली पुलिस और अन्य सुरक्षा एजेंसियां मामले की गहन जांच कर रही हैं. साथ ही इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की पहचान और गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है.
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न्यूज़18इंडिया में कार्यरत हैं. आजतक से रिपोर्टर के तौर पर करियर की शुरुआत फिर सहारा समय, ज़ी मीडिया, न्यूज नेशन और टाइम्स इंटरनेट होते हुए नेटवर्क 18 से जुड़ी. टीवी और डिजिटल न्यूज़ दोनों विधाओं में काम करने क…और पढ़ें