हिंदी साहित्य भारती के उपाध्यक्ष सह विश्व हिंदू परिषद सेवा विभाग के प्रांतीय प्रवक्ता संजय सर्राफ ने कहा कि वंदे मातरम केवल एक गीत नहीं, बल्कि भारत की स्वतंत्रता चेतना, राष्ट्रीय स्वाभिमान और मातृभूमि के प्रति समर्पण का प्रतीक है। स्वतंत्रता आंदोलन के दौरान इस गीत ने देशवासियों में राष्ट्रभक्ति की भावना जगाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। ऐसे राष्ट्रीय भावनाओं से जुड़े गीत का अनावश्यक विरोध उचित नहीं है। उन्होंने कहा कि वंदे मातरम के रचयिता बंकिम चंद्र चट्टोपाध्याय थे और यह गीत उनके उपन्यास आनंदमठ में प्रकाशित हुआ था। आगे चलकर यह स्वतंत्रता आंदोलन का महत्वपूर्ण प्रेरणास्रोत बना।
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