Last Updated:
Explained: NEET और दूसरी प्रतियोगी परीक्षाओं को लेकर उठे विवादों के बाद आखिरकार राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) में बड़े बदलाव की शुरुआत हो गई है. शिक्षा मंत्रालय ने राधाकृष्णन समिति की सिफारिशों को लागू करते हुए NTA में पहली बार साइबर सिक्योरिटी, फॉरेंसिक जांच, साइकोमेट्रिक्स, टेस्ट सेंटर संचालन और रिसर्च जैसे अहम पदों पर भर्ती प्रक्रिया शुरू कर दी है.इसके साथ ही UPSC के प्रतिभा सेतु पोर्टल के जरिए 16 यंग प्रोफेशनल्स भी नियुक्त किए जाएंगे.
national testing agency, neet exam, NTA Recruitment 2026: एनटीए में होंगे कई बदलाव.
Explained: NEET-UG परीक्षा को लेकर पिछले दो वर्षों में उठे विवादों के बाद आखिरकार नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) में बड़े बदलाव की शुरुआत हो गई है. शिक्षा मंत्रालय ने NTA को मजबूत और भरोसेमंद बनाने की दिशा में पहला बड़ा कदम उठाया है. अब एजेंसी में साइबर सिक्योरिटी, जांच, साइकोमेट्रिक्स जैसे अहम क्षेत्रों के लिए वरिष्ठ अधिकारियों की नियुक्ति की जाएगी. इसके साथ ही पहली बार UPSC के प्रतिभा सेतु (Pratibha Setu)पोर्टल के जरिए युवा प्रोफेशनल्स भी NTA से जुड़ेंगे.शिक्षा मंत्रालय का कहना है कि ये सभी कदम प्रो.के.राधाकृष्णन की अध्यक्षता वाली हाई लेवल एक्सपर्ट कमेटी की सिफारिशों के आधार पर उठाए जा रहे हैं.इसका मकसद NTA की पूरी व्यवस्था को पहले से ज्यादा सुरक्षित, पारदर्शी और तकनीकी रूप से मजबूत बनाना है.
आखिर NTA में बदलाव की जरूरत क्यों पड़ी?
NEET-UG 2024 पेपर लीक विवाद और UGC-NET परीक्षा रद्द होने के बाद NTA की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठे थे. परीक्षा सुरक्षा, डेटा सुरक्षा, प्रश्नपत्रों की गोपनीयता, परीक्षा केंद्रों की निगरानी और तकनीकी व्यवस्था को लेकर लगातार आलोचना हुई.इसके बाद केंद्र सरकार ने प्रो.के. राधाकृष्णन की अध्यक्षता में एक हाई लेवल कमेटी बनाई थी जिसने NTA में बड़े संस्थागत सुधारों की सिफारिश की थी.अब उन्हीं सिफारिशों को लागू करने की प्रक्रिया शुरू हो गई है.
चार नए जनरल मैनेजर होंगे नियुक्त
NTA ने इस सप्ताह चार वरिष्ठ पदों पर भर्ती के लिए विज्ञापन जारी किया है. ये सभी जनरल मैनेजर (General Manager)स्तर के पद होंगे और शुरुआती नियुक्ति तीन साल के अनुबंध पर होगी.इन अधिकारियों की जिम्मेदारी केवल परीक्षा कराना नहीं होगी, बल्कि परीक्षा प्रणाली को भविष्य के लिए अधिक सुरक्षित और वैज्ञानिक बनाना भी होगी.पहला पद जनरल मैनेजर (Assessment Research and Development & Psychometrics)का होगा.यह अधिकारी प्रश्नपत्र तैयार करने की पूरी वैज्ञानिक प्रक्रिया की निगरानी करेगा.प्रश्नों का बैंक (Item Bank) तैयार करना, नॉर्मलाइजेशन की प्रक्रिया, अलग-अलग परीक्षाओं के कठिनाई स्तर का संतुलन (Equating और Calibration) और भविष्य में Computer Adaptive Test तथा AI आधारित मूल्यांकन जैसे नए प्रयोग भी इसी विभाग के जिम्मे होंगे.इस पद के लिए साइकोमेट्रिक्स, एजुकेशनल मेजरमेंट, स्टैटिस्टिक्स या संबंधित विषय में पीएचडी और कम से कम 12 वर्ष का अनुभव जरूरी रखा गया है.साथ ही किसी राष्ट्रीय या अंतरराष्ट्रीय परीक्षा संस्था में पांच वर्ष नेतृत्व स्तर का अनुभव भी अनिवार्य होगा.
500 से ज्यादा शहरों के परीक्षा केंद्रों की निगरानी
दूसरा पद जनरल मैनेजर (Test Centre Network and Operations)का होगा.यह अधिकारी देशभर के 500 से ज्यादा शहरों और विदेशों में स्थित परीक्षा केंद्रों की पूरी व्यवस्था संभालेगा. परीक्षा केंद्रों का चयन, उनकी गुणवत्ता, क्षमता, दिव्यांग अभ्यर्थियों के लिए सुविधाएं, साफ-सफाई, मूलभूत सुविधाएं और परीक्षा वाले दिन की पूरी व्यवस्था इसी अधिकारी की जिम्मेदारी होगी.राज्य और जिला प्रशासन के साथ समन्वय भी इसी विभाग के माध्यम से किया जाएगा. इस पद के लिए कम से कम 200 या उससे अधिक केंद्रों वाले बड़े नेटवर्क को संभालने का अनुभव जरूरी रखा गया है.
About the Author
न्यूज़18 हिंदी (Network 18) डिजिटल में असिस्टेंट एडिटर के तौर पर कार्यरत हैं. न्यूज 18 में एजुकेशन, करियर, सक्सेस स्टोरी पर काम करते हैं. करीब 16 साल से अधिक मीडिया में सक्रिय है. दै…
और पढ़ें