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Palamu News: पलामू में शेरघाटी से कजरी के बीच नई ब्रॉडगेज रेलवे लाइन को रेलवे बोर्ड ने मंजूरी दे दी है. इस 107.894 किमी लंबी परियोजना पर ₹2627.29 करोड़ खर्च होंगे. ऐसा अनुमान है कि साल 2028 तक यह पूरी हो जाएगी. इससे पलामू की बड़ी आबादी को सीधा लाभ मिलेगा और गया तक सीधी कनेक्टिविटी का रास्ता साफ हो जाएगा.
पलामू. पलामू संसदीय क्षेत्र के लोगों के लिए रेल कनेक्टिविटी के लिहाज से बड़ी खुशखबरी सामने आई है. शेरघाटी से कजरी के बीच नई ब्रॉडगेज रेलवे लाइन के निर्माण को रेलवे बोर्ड ने मंजूरी दे दी है. लंबे समय से क्षेत्र के लोग डालटनगंज और आसपास के इलाकों को गया से सीधे रेल मार्ग से जोड़ने की मांग कर रहे थे. अब इस परियोजना के धरातल पर उतरने का रास्ता साफ हो गया है.
2627.29 करोड़ रुपये की परियोजना
पलामू सांसद विष्णु दयाल राम ने लोकल 18 को बताया कि पूर्व मध्य रेलवे जोन के अंतर्गत शेरघाटी, गया से कजरी, पलामू के बीच करीब 107.894 किलोमीटर लंबी नई रेल लाइन का निर्माण किया जाएगा. इसके लिए 2627.29 करोड़ रुपये की लागत वाले विस्तृत प्राक्कलन को रेलवे बोर्ड की स्वीकृति मिल चुकी है. परियोजना के तहत भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया के बाद रेल पटरी बिछाने का काम शुरू होने की उम्मीद है. इसे वर्ष 2028 तक पूरा करने का लक्ष्य बताया गया है.
डालटनगंज से गया जाना होगा आसान
उन्होंने कहा कि नई रेल लाइन बनने के बाद पलामू के लोगों के लिए गया तक पहुंचना काफी आसान हो जाएगा. प्रस्तावित रेल मार्ग डालटनगंज, कजरी, डाली, दूधी, छतरपुर, नौडीहा बाजार, इमामगंज और डुमरिया होते हुए शेरघाटी तक पहुंचेगा. शेरघाटी से गया तक रेल कनेक्टिविटी मिलने के बाद पलामू से गया के बीच सीधा रेल आवागमन संभव हो सकेगा.
देश के बड़े शहरों से जुड़ाव बढ़ेगा
उन्होंने कहा कि गया रेलवे नेटवर्क से जुड़ने के बाद पलामू के यात्रियों को कोलकाता, दिल्ली, अहमदाबाद और हैदराबाद सहित देश के कई बड़े शहरों तक पहुंचने में सुविधा होगी. इससे यात्रियों को वैकल्पिक रेल मार्ग मिलेगा और लंबी दूरी की यात्रा पहले की तुलना में सुगम होने की उम्मीद है.
रोजगार और कारोबार को मिलेगा बढ़ावा
रेल परियोजना का असर केवल यातायात तक सीमित नहीं रहेगा. नई रेल लाइन से क्षेत्र में व्यापार, उद्योग, रोजगार, शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं तक लोगों की पहुंच बेहतर होने की उम्मीद है. रेल कनेक्टिविटी मजबूत होने से प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी लाभ मिल सकता है.
लंबे संघर्ष के बाद मिली मंजूरी
गया से पलामू क्षेत्र को रेल मार्ग से जोड़ने की मांग कई दशकों पुरानी बताई जा रही है. सांसद विष्णु दयाल राम ने इस मांग को रेलवे की विभिन्न बैठकों, लोकसभा में शून्यकाल और नियम 377 के माध्यम से उठाने के साथ रेल मंत्रालय से लगातार पत्राचार किया. रेल मंत्री से मुलाकात कर भी परियोजना को स्वीकृति देने का आग्रह किया गया था. अब 2627.29 करोड़ रुपये की स्वीकृति मिलने के बाद पलामू में बेहतर रेल कनेक्टिविटी की उम्मीद मजबूत हुई है.
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Raina Shukla is an experienced journalist and content professional with nearly two decades of experience in print and digital media. She holds a Master’s degree in Mass Communication and Journalism from Bundelk…
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