रांची18 घंटे पहले
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- सीसीटीवी फुटेज से मिली जानकारी
रांची के निवारणपुर स्थित राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) कार्यालय पर मंगलवार देर रात पेट्रोल बम से हमला किया गया। घटना रात करीब 12:30 बजे की है। सीसीटीवी फुटेज के अनुसार दो युवक कार्यालय परिसर में पहुंचे और पेट्रोल से भरी कांच की बोतलों में आग लगाकर उन्हें कार्यालय की ओर फेंक दिया। घटना की जानकारी बुधवार सुबह मिलने के बाद आरएसएस कार्यकर्ताओं और भाजपा नेताओं का कार्यालय में जमावड़ा लग गया। पुलिस-प्रशासन भी सक्रिय हो गया। देर शाम पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। उनसे पूछताछ की जा रही है। घटना में इस्तेमाल वाहन भी जब्त कर लिया गया है।
इधर, घटना की सूचना मिलने पर दोपहर करीब तीन बजे एनआईए की तीन सदस्यीय टीम भी आरएसएस कार्यालय पहुंची। टीम ने करीब आधे घंटे तक बंद कमरे में प्रांत प्रचारकों के साथ बैठक की। इसके बाद सदस्य छत पर गए, जहां बोतलों के टूटे हुए टुकड़े पड़े थे। टीम ने मौके से नमूने एकत्र किए और करीब 3:50 बजे वहां से लौट गई। हालांकि इस संबंध में एनआईए की ओर से कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया। नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी, पूर्व मुख्यमंत्री रघुवर दास, आदित्य साहू, सरयू राय, संजय सेठ और सीपी सिंह समेत कई नेता भी कार्यालय पहुंचे।
कार से आए थे आरोपी, दो बार फेंका पेट्रोल बम
सीसीटीवी फुटेज के अनुसार आरोपी एक कार से कार्यालय के पास पहुंचे थे। कार को उन्होंने कुछ दूरी पर खड़ा किया। इसके बाद दो युवक कार्यालय के बाहर पहुंचे। रात 12:38 बजे पहली पेट्रोल बम वाली बोतल फेंककर वहां से भाग गए। करीब एक मिनट बाद वे फिर लौटे और 12:39 बजे दूसरी बोतल फेंकी। एक बोतल छत पर गिरी, जबकि दूसरी प्रवेश द्वार के पास गिरी। छत पर बोतल टूटने से पेट्रोल फैल गया और आग की लपटें उठीं। हालांकि आसपास कोई ज्वलनशील सामग्री नहीं होने के कारण आग स्वतः बुझ गई। एंट्री गेट के पास गिरी दूसरी बोतल से आग नहीं लगी।
घटना के समय ऑफिस में मौजूद थे 20 लोग
इस संबंध में संघ ने चुटिया थाने में केस दर्ज कराया है। शिकायत के अनुसार घटना के समय कार्यालय परिसर में 20 लोग मौजूद थे। इनमें सात प्रचारक, दो विद्यार्थी, चालक, रसोइया और अन्य कर्मचारी शामिल थे। सभी अपने-अपने कमरों में सो रहे थे। धमाके की आवाज सुनकर उनकी नींद खुली, लेकिन तत्काल कुछ नजर नहीं आया। सुबह करीब पांच बजे जब कुछ लोग छत पर टहलने गए, तब हमले का पता चला।
झारखंड में आरएसएस कार्यालय पर पहली बार हमला
संघ के एक प्रचारक ने बताया कि रांची में यह कार्यालय वर्ष 1990 से चल रहा है। उन्होंने कहा कि झारखंड में आरएसएस कार्यालय पर इस तरह का हमला पहली बार हुआ है। हालांकि देश के अन्य हिस्सों में संघ के कार्यालय पहले भी निशाने पर रहे हैं। उन्होंने कहा कि नागपुर स्थित कार्यालय पर भी कई बार हमले हो चुके हैं। उन्होंने यह भी दावा किया कि कुछ दिन पहले संगठन को धमकी मिली थी।
