भारतन्यूज़ – टॉप हेडर
News Menu Bar

खुद बीमार था राजनगर का हेल्थ सेंटर, डिलीवरी के लिए गई मां-बच्चे...


Last Updated:

राजनगर CHC में प्रसव के दौरान मां-बेटे की मौत हो गई. लोगों के मुताबिक बच्चे के जन्म के साथ परिवार में खुशियां आने वाली थीं, लेकिन अस्पताल की अव्यवस्था और लापरवाही ने इन खुशियों को मातम में बदल दिया. स्थानीय लोगों का कहना है कि राजनगर CHC में यह कोई पहली घटना नहीं है. इससे पहले भी यहां अव्यवस्था और लापरवाही के कई मामले सामने आ चुके हैं

खुद बीमार था राजनगर का हेल्थ सेंटर, डिलीवरी के लिए गई मां-बच्चे की मौतZoom

प्रसव के दौरान मां-बेटे की मौत (AI इमेज)

सरायकेला: झारखंड के खरसावां जिले के राजनगर थाना क्षेत्र स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) में कथित लापरवाही का गंभीर मामला सामने आया है. यहां प्रसव के दौरान एक गर्भवती महिला और उसके नवजात बेटे की मौत हो गई. इस घटना के बाद झारखंड की स्वास्थ्य व्यवस्था एक बार फिर सवालों के घेरे में आ गई है.

मृतका की पहचान हाथीसिरिंग गांव निवासी बिनीता बानरा के रूप में हुई है, जो स्वयं स्वास्थ्य सहिया के तौर पर कार्यरत थीं. परिजनों के अनुसार, प्रसव के दौरान अस्पताल में अचानक बिजली आपूर्ति ठप हो गई. हालात इतने खराब हो गए कि डॉक्टरों को मोबाइल फोन की टॉर्च की रोशनी में डिलीवरी कराने की कोशिश करनी पड़ी.

परिजनों का आरोप है कि अस्पताल में जरूरी चिकित्सा उपकरणों की कमी थी और डॉक्टरों व नर्सिंग स्टाफ ने समय पर संवेदनशीलता नहीं दिखाई. महिला की हालत लगातार बिगड़ती रही, लेकिन न तो उसे बेहतर इलाज मिल सका और न ही समय रहते किसी बड़े अस्पताल में रेफर किया गया. इसी दौरान प्रसव के समय मां और नवजात दोनों की मौत हो गई.

घटना के बाद परिजनों और स्थानीय लोगों में आक्रोश फैल गया. अस्पताल परिसर में हंगामा हुआ और दोषी स्वास्थ्यकर्मियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई तथा मुआवजे की मांग की गई. बताया जा रहा है कि मृतका की पहले से दो बेटियां हैं और इस बार बेटे के जन्म से परिवार में खुशियां आने वाली थीं, जो इस हादसे से मातम में बदल गईं. स्थानीय लोगों का कहना है कि राजनगर CHC में यह पहली घटना नहीं है. इससे पहले भी यहां अव्यवस्था और लापरवाही के कई मामले सामने आ चुके हैं, लेकिन ठोस कार्रवाई नहीं हुई.

घटना की सूचना मिलते ही प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे और जांच का आश्वासन दिया. वहीं, चिकित्सा प्रभारी डॉ. श्याम सोरेन ने कहा कि उन्होंने हाल ही में प्रभार संभाला है और अस्पताल की व्यवस्था की पूरी जानकारी उन्हें नहीं थी, लेकिन सुधार का प्रयास किया जाएगा.

इधर, इस मामले को लेकर सियासत भी तेज हो गई है. झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री रघुवर दास ने सरकार पर निशाना साधते हुए स्वास्थ्य मंत्री से इस्तीफे की मांग की है. अब देखना होगा कि इस मामले में जिम्मेदारों पर क्या कार्रवाई होती है या यह घटना भी अन्य मामलों की तरह दबकर रह जाती है.

About the Author

Amita kishor

न्यूज़18इंडिया में कार्यरत हैं. आजतक से रिपोर्टर के तौर पर करियर की शुरुआत फिर सहारा समय, ज़ी मीडिया, न्यूज नेशन और टाइम्स इंटरनेट होते हुए नेटवर्क 18 से जुड़ी. टीवी और डिजिटल न्यूज़ दोनों विधाओं में काम करने क…और पढ़ें



Source link

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll to Top