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जन सुराज के डिजिटल कम्युनिकेशन मैनेजर चलती ट्रेन से लापता, रांची से...


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जन सुराज पार्टी के डिजिटल कम्युनिकेशन मैनेजर देवपालिक गुप्ता 26 अक्टूबर को रांची से पटना जाते समय जनशताब्दी एक्सप्रेस से लापता हो गए. उत्तर प्रदेश के कुशीनगर निवासी देवपालिक ने दिल्ली के IIMC से पत्रकारिता की पढ़ाई की है. मुरी स्टेशन से पहले उनका संपर्क टूट गया. ट्रेन में तलाश के बाद भी उनका पता नहीं चला. दोस्तों ने पुलिस पर शिकायत दर्ज करने में देरी का आरोप लगाया है. फिलहाल उनकी तलाश जारी है.

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जन सुराज के डिजिटल कम्युनिकेशन मैनेजर देवपालिक गुप्ता चलती ट्रेन से लापताZoom

देवपालिक चलती ट्रेन से हुए गायब

रांची: जन सुराज पार्टी के डिजिटल कम्युनिकेशन मैनेजर देवपालिक गुप्ता चलती ट्रेन से लापता हो गए हैं. वह 26 अक्टूबर को झारखंड की राजधानी रांची से पटना जा रहे थे. उनके लापता होने के बाद परिवार और दोस्तों की चिंता बढ़ गई है. सोशल मीडिया के जरिए उन्हें खोजने की अपील की जा रही है. देवपालिक उत्तर प्रदेश के कुशीनगर जिले के रहने वाले हैं. उन्होंने दिल्ली स्थित भारतीय जनसंचार संस्थान (IIMC) से पत्रकारिता की पढ़ाई की है. वह प्रशांत किशोर की जन सुराज पार्टी के साथ डिजिटल कम्युनिकेशन मैनेजर के तौर पर काम कर रहे थे.

रांची और मुरी स्टेशन के बीच टूटा संपर्क
देवपालिक के दोस्त और उनके साथ काम करने वाले गौतम कुमार के मुताबिक वह अपने साथियों के साथ रांची रेलवे स्टेशन से जनशताब्दी एक्सप्रेस में सवार हुए थे. ट्रेन दोपहर करीब 2:25 बजे रांची से पटना के लिए रवाना हुई थी. उनके मुताबिक दोपहर करीब 3 बजे देवपालिक मुरी स्टेशन से पहले पेंट्री में खाना ऑर्डर करने गए थे. इसके बाद वह अचानक लापता हो गए. जब काफी देर तक वह वापस नहीं लौटे, तो साथियों ने उन्हें फोन किया. लेकिन उनका मोबाइल बंद मिला. इसके बाद ट्रेन में उनकी तलाश शुरू की गई. साथियों ने टीटी और रेलवे पुलिस की मदद भी ली. मुरी स्टेशन पर ट्रेन रुकने के दौरान भी उन्हें खोजा गया. लेकिन उनका कोई सुराग नहीं मिला.

शिकायत दर्ज कराने में देरी का आरोप
देवपालिक के दोस्त गुंजन कुमार गोस्वामी ने सोशल मीडिया पर पोस्ट कर रेलवे पुलिस और झारखंड पुलिस पर सवाल उठाए हैं. उनका आरोप है कि देवपालिक को खोजने में मदद लेने के लिए उन्हें काफी परेशानी हुई. उनके मुताबिक, ट्रेन के बोकारो पहुंचने पर शाम करीब 4:30 बजे रेल मदद के जरिए शिकायत की गई. आरोप है कि इसके बाद रेलवे पुलिस और अलग-अलग जीआरपी थानों के बीच शिकायत दर्ज कराने को लेकर उन्हें भटकना पड़ा. उनका दावा है कि काफी कोशिशों के बाद रात करीब 9 बजे प्राथमिकी दर्ज की गई. हालांकि इस मामले में पुलिस का आधिकारिक पक्ष सामने आना बाकी है.

अब तक नहीं मिला कोई सुराग
देवपालिक किन परिस्थितियों में लापता हुए, यह अभी स्पष्ट नहीं है. उनके परिवार और दोस्त लगातार उनकी तलाश में जुटे हैं. सोशल मीडिया पर भी लोगों से मदद मांगी जा रही है. सभी को उनके सुरक्षित मिलने का इंतजार है.

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Manish Kumar

मनीष कुमार इस समय न्यूज18 हिंदी में बिहार, झारखंड और दिल्ली की टीम को लीड कर रहे हैं. इन राज्यों की बड़ी खबरों से लेकर खास फीचर स्टोरी तक, उनकी नजर हर अहम मुद्दे पर रहती है. उनका मुख्य उद्देश्य है कि हर जरूरी ख…

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