भारतन्यूज़ – टॉप हेडर
News Menu Bar

UK में एक करोड़ की नौकरी छोड़ी:झुमरी तिलैया लौटकर खड़ा किया स्टार्टअप;...




झुमरी तिलैया के नागेश्वर चौधरी ने विदेश में शानदार करियर बनाने के बाद अपने शहर लौटकर एक मिसाल पेश की है। वर्ष 2009 में एमसीए की पढ़ाई पूरी करने के बाद उन्होंने यूनाइटेड किंगडम के मैनचेस्टर में सॉफ्टवेयर इंजीनियर के रूप में काम शुरू किया। शुरुआत में 24 लाख रुपए सालाना पैकेज से करियर शुरू हुआ। आगे चलकर 1 करोड़ रुपए सालाना तक पहुंच गया। उन्होंने एलियन टेक, बॉश और ब्रेक टेक जैसी कंपनियों में काम करते हुए 3डी एनीमेशन डिजाइनिंग और कोडिंग के क्षेत्र में लंबा अनुभव हासिल किया। करीब 13 वर्षों तक विदेश में रहने के दौरान वे सिर्फ दो बार ही अपने घर लौट पाए, लेकिन मन हमेशा अपने शहर से जुड़ा रहा। विदेश में ही आया कपड़ों के कारोबार का आइडिया मैनचेस्टर में काम के दौरान ही नागेश्वर को कपड़ों के व्यापार का विचार आया। उन्होंने देखा कि भारत में 100 से 150 रुपए में मिलने वाले कपड़े वहां 8 से 10 हजार रुपए तक बिकते हैं। यही अंतर उनके लिए प्रेरणा बना। उन्होंने तय किया कि एक दिन अपने देश में रहकर इसी क्षेत्र में कुछ बड़ा करेंगे। इस सोच के साथ उन्होंने करोड़ों की नौकरी छोड़ने का बड़ा फैसला लिया। वर्ष 2022 में शादी के बाद एक निजी परिस्थिति ने उनके इस निर्णय को और मजबूत कर दिया, जब उन्होंने विदेश लौटने के बजाय पत्नी और परिवार के साथ अपने शहर में रहने का विकल्प चुना। झुमरी तिलैया में शुरू किया गारमेंट यूनिट भारत लौटने के बाद नागेश्वर ने वर्ष 2023 में अपने दादाजी की याद में ‘डेगन’ नाम से कपड़ों का ब्रांड लॉन्च किया। शुरुआत में दो मशीनों के साथ काम शुरू हुआ। कई तरह की चुनौतियों का सामना करना पड़ा, लेकिन धीरे-धीरे कारोबार पटरी पर आ गया। आज उनके पास करीब 38 स्कूलों के यूनिफॉर्म के ऑर्डर आते हैं। 40 से अधिक कपड़ा व्यापारी उनसे जुड़े हैं। उनके स्टार्टअप में टी-शर्ट, ट्राउजर, एक्टिव वियर, कॉटन टी-शर्ट, विंटर जैकेट और ट्राउजर जैसे कई उत्पाद तैयार किए जा रहे हैं, जिनकी गुणवत्ता ग्राहकों को पसंद आ रही है। ‘मेड इन कोडरमा’ की विदेशों में पहचान नागेश्वर के स्टार्टअप से आज करीब 20 स्थानीय लोगों को रोजगार मिला है। झुमरी तिलैया और आसपास के कारीगर मिलकर इन उत्पादों का निर्माण करते हैं। खास बात यह है कि यहां तैयार कपड़े अब अंतरराष्ट्रीय बाजार तक पहुंच रहे हैं। मैनचेस्टर तक कॉटन टी-शर्ट, विंटर जैकेट और अन्य उत्पादों की सप्लाई हो रही है, जहां इनके फिनिशिंग और गुणवत्ता की सराहना हो रही है। नागेश्वर का मानना है कि यदि स्थानीय प्रतिभाओं को सही मंच मिले तो वे वैश्विक स्तर पर अपनी पहचान बना सकते हैं।



Source link

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll to Top