Last Updated:
Rahul Gandhi Post: राहुल गांधी वोटर लिस्ट के SIR और चुनावी प्रक्रिया को लेकर सवाल उठाते रहे हैं. उन्होंने चुनावों में कथित धांधली और वोट चोरी के आरोप भी लगाए हैं. CEC ज्ञानेश कुमार के मामले में सुप्रीम कोर्ट में आज ही सुनवाई है. ऐसे में उनके ‘सत्यम् शिवम् सुन्दरम्’ पोस्ट को मौजूदा राजनीतिक माहौल के संदर्भ में देखा जा रहा है.
राहुल गांधी ने ‘एक्स’ पर शेयर की भगवान शिव के तिलक की तस्वीर.
Rahul Gandhi News: मतदाता सूची (वोटर लिस्ट) के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को लेकर निर्वाचन आयोग के खिलाफ आक्रामक तेवर अपनाए राहुल गांधी ने अचानक एक बेहद अनूठा और आध्यात्मिक दांव चला है. आयोग से जारी सीधी तनातनी के बीच लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष ने सोशल मीडिया पर भगवान शिव के त्रिपुंड और लाल तिलक के पावन प्रतीक के साथ संस्कृत का श्लोक ‘सत्यम् शिवम् सुन्दरम्’ साझा कर सभी को चौंका दिया.
चुनावी धांधली और वोट चोरी के गंभीर आरोपों के बीच राहुल का यह प्रतीकात्मक संदेश न केवल सत्य की विजय और आस्था का संकेत दे रहा है, बल्कि इसे संवैधानिक संस्थाओं के खिलाफ चल रही सियासी लड़ाई में नैतिक बढ़त हासिल करने की एक सोची-समझी रणनीति के रूप में भी देखा जा रहा है.
यह पोस्ट ऐसे समय में आई है जब सुप्रीम कोर्ट 27 अक्टूबर को मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार और मतदाता सूची के SIR (विशेष पुनरीक्षण) के दौरान भारत निर्वाचन आयोग (ECI) द्वारा लिए गए फैसलों को चुनौती देने वाली याचिकाओं पर सुनवाई करने वाला है.
एक दिन पहले 26 अक्टूबर को ही चुनाव आयोग ने सुप्रीम कोर्ट के सामने अपनी निर्णय लेने की प्रक्रिया का बचाव किया था. आयोग ने उन आरोपों को खारिज कर दिया, जिनमें कहा गया था कि SIR प्रक्रिया से जुड़े फैसलों में कुमार ने एकतरफा कदम उठाए थे. आयोग ने स्पष्ट किया कि संशोधन से जुड़े तीनों आदेश, उसके तीनों सदस्यों की सर्वसम्मति से लिए गए फैसले थे.
राहुल गांधी की ‘तांडव’ वाली टिप्पणी और चुनाव आयोग के साथ टकराव
कांग्रेस नेता और चुनाव आयोग के बीच बढ़ता टकराव इस समय चर्चा में है, और इसी पृष्ठभूमि में राहुल गांधी का ताजा बयान सामने आया है. उन्होंने कई बार चुनाव आयोग के कामकाज पर सवाल उठाए हैं और उस पर चुनावी प्रक्रिया में गड़बड़ियों को बढ़ावा देने का आरोप लगाया है. हालांकि, चुनाव आयोग ने इन आरोपों को खारिज कर दिया है.
11 अक्टूबर को, राहुल गांधी ने सुप्रीम कोर्ट की ओर एक मार्च निकालने की घोषणा की थी. उन्होंने विपक्षी दलों, नागरिक समाज समूहों और आम नागरिकों से अपील की कि वे कथित “वोट चोरी” के खिलाफ इस विरोध प्रदर्शन में शामिल हों. उन्होंने कहा था कि प्रदर्शनकारी भारत के प्रधान न्यायाधीश (सीजेआई) को एक ज्ञापन सौंपेंगे, जिसमें SIR प्रक्रिया को रोकने और कुमार के इस्तीफे की मांग की जाएगी.
राहुल गांधी ने विपक्ष के आंदोलन का वर्णन करते हुए धार्मिक प्रतीकों का भी सहारा लिया था. उन्होंने इस विरोध को ‘तांडव’ (भगवान शिव के ब्रह्मांडीय नृत्य) की संज्ञा दी और कहा कि यह विरोध जारी रहेगा. यह टिप्पणी दिल्ली में CEC और मतदाता सूची संशोधन प्रक्रिया के खिलाफ हो रहे प्रदर्शनों के बीच आई है.
About the Author
राकेश रंजन कुमार को डिजिटल पत्रकारिता में 10 साल से अधिक का अनुभव है. न्यूज़18 के साथ जुड़ने से पहले उन्होंने लाइव हिन्दुस्तान, दैनिक जागरण, ज़ी न्यूज़, जनसत्ता और दैनिक भास्कर में काम किया है. वर्तमान में वह h…