भारतन्यूज़ – टॉप हेडर
News Menu Bar

एक बीघा में 1500 की लागत और 20000 का मुनाफा, लौकी की...


Last Updated:

Baraich news: बदरुल किसान ने बताया है एक बीघे में लागत बस 1500 रुपए तक आती है और मुनाफा 20000 रुपये का आराम से हो जाता है. बस इसमें लौकी के पौधों को लाइन से लाइन में लगाना होता है कियारी बनाकर. सबसे पहले खाद डालकर बिजाई कर दी जाती है इसके बाद जब पौधा निकलने लगता है. तब एक बार फिर से निराई गुड़ाई करके खाद डालकर छोड़ दिया जाता है साथ में पानी, इस तरह से दो से तीन बार निराई, गुड़ाई करनी होती है और पानी देना होता है.

बहराइच: खेती करने वाले बहुत सारे किसान ऐसे हैं जो खेती से करके लखपति बन गए हैं. बस किसान को सही तरीके से खेती में सही फसल का चुनाव और फिर फसलों की सही देखरेख करनी होती है. ऐसे ही बहराइच जिले के रहने वाले बदरुल नाम के एक किसान है, जो लगभग एक अरसे से इस खास सब्जी की खेती कर 10 गुना मुनाफा बड़े आराम से कमाते आ रहे हैं.

लौकी की खेती से होती है बंपर कमाई

बहराइच जिले में हुजूरपुर रोड के किनारे बसा हुआ गांव बहादुरपुर, जहां के रहने वाले किसान बदरुल पिछले कई सालों से लौकी की खेती करके 10 गुना मुनाफा बड़े आराम से उठने आ रहे हैं बादल का कहना है अगर लौकी की खेती सही तरीके से की जाए तो लौकी किसानों को मालामाल बना देती है. क्योंकि इसमें बहुत ज्यादा देखरेख करने की जरूरत नहीं होती है बस खाद पानी दिया और अपने आप ग्रोथ चालू और फिर इसमें फलन भी अच्छी होती है.

एक बीघा में 1500 की लागत, कमाई 20000 हजार

बदरुल किसान ने बताया है एक बीघे में लागत बस 1500 रुपए तक आती है और मुनाफा 20000 रुपये का आराम से हो जाता है. बस इसमें लौकी के पौधों को लाइन से लाइन में लगाना होता है कियारी बनाकर. सबसे पहले खाद डालकर बिजाई कर दी जाती है इसके बाद जब पौधा निकलने लगता है. तब एक बार फिर से निराई गुड़ाई करके खाद डालकर छोड़ दिया जाता है साथ में पानी, इस तरह से दो से तीन बार निराई, गुड़ाई करनी होती है और पानी देना होता है.

इसके बाद लौकी का पौधा अपने आप ही चलने लगता है और फल फूल देने लगता है. और फिर लौकी तैयार होने पर जैसे-जैसे लौकी तैयार होती जाती है इसे मुनाफा मिलते जाता है. अगर किसान पहली बार लौकी की खेती शुरू कर रहे हैं और जानकारी नहीं है तो हमारे किसान भाई जिले में स्थित कृषि विज्ञान केंद्र पर जाकर लौकी से संबंधित बीज या अन्य खेती संबंधित जानकारी प्राप्त कर सकते हैं जहां पर उनको सफल खेती की संपूर्ण जानकारी दी जाती है.

About the Author

Rajneesh Kumar Yadav

मैं रजनीश कुमार यादव, 2019 से पत्रकारिता से जुड़ा हूं. तीन वर्ष अमर उजाला में बतौर सिटी रिपोर्टर काम किया. तीन वर्षों से न्यूज18 डिजिटल (लोकल18) से जुड़ा हूं. ढाई वर्षों तक लोकल18 का रिपोर्टर रहा. महाकुंभ 2025 …और पढ़ें



Source link

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll to Top