भारतन्यूज़ – टॉप हेडर
News Menu Bar

IMD Weather Alert | IMD News | 80 की रफ्तार में पाकिस्तान...


Tomorrow Weather: पाकिस्तान-भारत की सीमा के पास उठा बवंडर अब तबाही मचाने को तैयार है. गुरुवार को मौसम विभाग (आईएमडी) ने चेताते हुए बताया कि आज की ही रात पंजाब, दिल्ली, हरियाणा, और उत्तर प्रदेश में आंधी-तूफान दस्तक दे सकता है. मौसम विभाग की चेतावनी के अनुसार, अगर आप आज रात कहीं बाहर निकलने की योजना बना रहे हैं, तो सावधान हो जाएं! पाकिस्तान के ऊपर से बन रहा एक भयंकर आंधी-तूफान का सिस्टम तेजी से भारत की तरफ बढ़ रहा है. आज रात यह तूफानी सिस्टम उत्तर भारत के कई बड़े राज्यों को अपनी चपेट में ले लेगा, जिससे भारी तबाही मच सकती है.

मौसम पर नजर रखने वाले विशेषज्ञों का कहना है कि पाकिस्तान के ऊपर आंधी-तूफान के बड़े क्लस्टर (Thunderstorm Clusters) बनने शुरू हो गए हैं. ये क्लस्टर तेजी से पूर्व दिशा यानी कि भारत की ओर बढ़ रहे हैं. देर शाम और आज रात के दौरान ये तूफानी क्लस्टर पंजाब, हरियाणा, दिल्ली-एनसीआर, राजस्थान और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में भारी तबाही मचा सकते हैं.

एक्टिव मौसमी प्रणाली

80 की रफ्तार में आंधी-तूफान

मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार, इस दौरान 40 से 80 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तूफानी हवाएं चलने का अनुमान है. हवा की रफ्तार इतनी तेज होगी कि कच्चे मकानों को नुकसान पहुंच सकता है, पेड़ उखड़ सकते हैं और टिन शेड या अस्थाई ढांचे हवा में उड़ सकते हैं. इसके साथ ही धूल भरी आंधी (Dust Storm) के कारण विजिबिलिटी (देखने की क्षमता) भी काफी कम हो जाएगी, जिससे रात के समय ड्राइविंग करना बेहद खतरनाक हो सकता है.

राज्यों के हिसाब से तूफ़ान का टाइमटेबल

  1. मौसम के नए अनुमानों के अनुसार, यह तूफानी सिस्टम अलग-अलग राज्यों में अलग-अलग समय पर अपना खतरनाक रूप दिखाएगा:
  2. राजस्थान: उत्तरी राजस्थान, जिसमें जयपुर और उसके आसपास के इलाके शामिल हैं, वहां शाम 7 बजे से रात 9 बजे के बीच तूफान का असर दिखना शुरू हो जाएगा.
  3. पंजाब: पंजाब में इसका पहला और सीधा असर शाम 7 बजे से रात 11 बजे के बीच देखने को मिलेगा.
  4. हरियाणा और चंडीगढ़: रात 8 बजे से 11 बजे के बीच यह तूफान हरियाणा और चंडीगढ़ को अपनी चपेट में लेगा.
  5. दिल्ली-NCR और उत्तर प्रदेश: दिल्ली-एनसीआर और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के इलाकों के लिए मौसम विभाग ने रात 9 बजे से देर रात 1 बजे के बीच का समय सबसे ज्यादा ‘एक्टिव वेदर विंडो’ बताया है. यानी इस समय के बीच दिल्ली वालों को सबसे ज्यादा सावधान रहने की जरूरत है.

बारिश, ओले और जलभराव का भी बड़ा खतरा

इस तूफान में सिर्फ तेज हवाएं और बिजली ही नहीं गिरेगी, बल्कि कई इलाकों में बेहद कम समय में मध्यम से भारी बारिश भी हो सकती है. अचानक होने वाली इस तेज बारिश से निचले इलाकों में जलभराव और ट्रैफिक जाम की भारी समस्या पैदा हो सकती है. इसके अलावा, जिन इलाकों में तूफान तेजी से शक्तिशाली होगा, वहां अचानक ओलावृष्टि यानी ओले गिरने की भी पूरी संभावना जताई गई है.

आईएमडी की सेटेलाइट इमेज

अचानक क्यों बन रहे हैं ऐसे हालात?

मौसम विज्ञानियों का कहना है कि उत्तर भारत में इस समय भीषण गर्मी पड़ रही है. दिन के समय सतह के अत्यधिक गर्म होने से वायुमंडल में एक बड़ी अस्थिरता पैदा हो गई है. उत्तर-पश्चिमी भारत के ऊपर बहने वाली गर्म और शुष्क हवाएं जब आने वाले पश्चिमी विक्षोभ से जुड़ी नमी और ठंडी हवाओं से टकरा रही हैं, तो यह टकराव भयंकर तूफानी सिस्टम को जन्म दे रहा है, जो एक ‘बम’ की तरह फट रहा है. हालांकि, मौसम विभाग ने यह भी स्पष्ट किया है कि तूफान का असर सभी जगह एक समान नहीं होगा. कुछ जिलों में भारी तबाही वाला मौसम देखने को मिल सकता है, जबकि कुछ इलाकों में इसका असर बेहद कम होगा या वे पूरी तरह से इस तूफान से बच जाएंगे. हवाओं की दिशा और तूफानी बादलों के आगे बढ़ने की गति पर बहुत कुछ निर्भर करेगा.

प्रशासन की सख्त चेतावनी

अधिकारियों और आपदा प्रबंधन विभागों ने आम जनता के लिए सख्त चेतावनी जारी की है. लोगों से अपील की गई है कि जैसे ही आंधी-तूफान शुरू हो, वे तुरंत सुरक्षित और पक्के मकानों के अंदर चले जाएं. पेड़ों के नीचे या कच्चे ढांचों के पास शरण लेने से बचें और घरों के बाहर रखे हल्के और उड़ने वाले सामानों को सुरक्षित जगह पर बांधकर रख दें ताकि वे हवा में उड़कर किसी को नुकसान न पहुंचाएं.

पाकिस्तान से आ रहे तूफान का असर भारत के किन राज्यों में देखने को मिलेगा?
इस तूफान का मुख्य असर पंजाब, हरियाणा, राजस्थान, दिल्ली-एनसीआर और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के इलाकों में देखने को मिलेगा।

दिल्ली-एनसीआर में इस आंधी-तूफान के आने का मुख्य समय क्या बताया गया है?
मौसम विभाग के अनुसार, दिल्ली-एनसीआर और पश्चिमी यूपी में इस तूफान का सबसे ज्यादा असर रात 9 बजे से देर रात 1 बजे के बीच रहने की संभावना है।

मौसम विभाग ने हवाओं की रफ्तार कितनी रहने का अनुमान जताया है?
तूफान के दौरान हवाओं की रफ्तार 40 से 80 किलोमीटर प्रति घंटे के बीच रहने का अनुमान है, जो पेड़ उखाड़ने और अस्थाई ढांचों को नुकसान पहुंचाने के लिए काफी है।

उत्तर भारत में अचानक इस तरह का भयंकर तूफान क्यों आ रहा है?
उत्तर-पश्चिमी भारत की अत्यधिक गर्म और शुष्क हवाओं का पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) की ठंडी हवाओं और नमी के साथ टकराना इस भयंकर तूफानी सिस्टम के बनने का मुख्य कारण है।



Source link

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll to Top