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35 मिनट पहले
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आज के प्रमुख करेंट अफेयर्स, जो सरकारी नौकरियों की तैयारी कर रहे स्टूडेंट्स के लिए जरूरी हैं-
इंटरनेशनल (INTERNATIONAL)
1. भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच यूरेनियम की खरीद को लेकर डील हुई
- 9 जुलाई को भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच यूरेनियम को लेकर डील हुई।
- ये डील पीएम नरेंद्र मोदी और ऑस्ट्रेलिया के पीएम एंथनी अल्बनीज की वार्ता के दौरान हुई।
- भारत और ऑस्ट्रेलिया मिलकर क्रिटिकल मिनरल्स कॉरिडोर भी विकसित करेंगे।
- ऑस्ट्रेलिया भारत को सिविल न्यूक्लियर रिएक्टरों के लिए यूरेनियम उपलब्ध कराएगा।
- इससे ऑस्ट्रेलिया अब भारत के शांतिपूर्ण परमाणु ऊर्जा कार्यक्रम के लिए यूरेनियम की आपूर्ति कर सकेगा।
- समझौता भारत के 2047 तक 100 गीगावाट परमाणु ऊर्जा क्षमता के लक्ष्य को समर्थन देगा।
- दोनों देशों ने क्रिटिकल मिनरल्स, ग्रीन हाइड्रोजन, समुद्री सुरक्षा और रक्षा सहयोग बढ़ाने पर भी सहमति जताई।
- मेलबर्न में पीएम मोदी और ऑस्ट्रेलियाई पीएम एंथनी अल्बनीज ने जॉइंट प्रेस कॉन्फ्रेंस में डिफेंस, ट्रेड, एनर्जी, स्पेस और क्रिटिकल मिनरल्स समेत कई क्षेत्र में समझौतों की घोषणा की।

नेशनल (NATIONAL)
2. DRDO ने पिनाका लॉन्ग-रेंज गाइडेड रॉकेट की सफल टेस्टिंग की
- 8 जुलाई को DRDO ने ओडिशा के चांदीपुर से पिनाका लॉन्ग-रेंज गाइडेड रॉकेट (LRGR) का सफलतापूर्वक परीक्षण किया।
- रॉकेट ने उड़ान के दौरान तय सभी युद्धाभ्यास पूरे किए और टारगेट पर सटीक वार किया।
- इस नए गाइडेड वेरिएंट को भारतीय सेना में पहले से इस्तेमाल हो रहे ‘पिनाका लॉन्चर’ से ही दागा गया है।
- LRGR को एक ही लॉन्चर के जरिए अलग-अलग रेंज वाले पिनाका वेरिएंट्स से लॉन्च किया जा सकता है।
- पिनाका LRGR को DRDO की आर्मामेंट रिसर्च एंड डेवलपमेंट एस्टेब्लिशमेंट (ARDE) लैब और हाई एनर्जी मैटेरियल्स रिसर्च लेबोरेटरी (HEMRL) ने मिलकर डिजाइन किया है।

रक्षा सचिव और DRDO के अध्यक्ष राजेश कुमार सिंह टेस्टिंग के समय मौजूद रहे।
स्पोर्ट्स (SPORTS)
3. भारत के पूर्व कप्तान सौरव गांगुली ICC हॉल ऑफ फेम में शामिल होंगे
- 10 जुलाई को भारत के पूर्व कप्तान सौरव गांगुली को ICC हॉल ऑफ फेम में शामिल करने का ऐलान किया।
- इसकी घोषणा 11 जुलाई को स्कॉटलैंड के एडिनबर्ग में ICC की सालाना कॉन्फ्रेंस में होगी।
- गांगुली हॉल ऑफ फेम में जगह बनाने वाले भारत के 12वें क्रिकेटर होंगे।
- मैच फिक्सिंग विवाद के बाद 2000 में गांगुली ने भारतीय टीम की कप्तानी संभाली थी।
- गांगुली की कप्तानी में भारत ने 2002 चैंपियंस ट्रॉफी जीती और 2003 वनडे वर्ल्ड कप का फाइनल खेला।
- 2004 में पाकिस्तान में ऐतिहासिक टेस्ट सीरीज जीती और ऑस्ट्रेलिया की लगातार 16 मैचों की टेस्ट जीत का रिकॉर्ड भी तोड़ा।
- गांगुली ने भारत के लिए 113 टेस्ट में 7212 रन बनाए, जिसमें 16 शतक शामिल हैं।
- 311 वनडे में उनके नाम 11363 रन और 22 शतक दर्ज हैं। उन्होंने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में 132 विकेट भी लिए।
- बल्लेबाजी के बाद वे BCCI अध्यक्ष और वर्तमान में क्रिकेट एसोसिएशन ऑफ बंगाल (CAB) के अध्यक्ष भी रहे हैं।
हॉल ऑफ फेम
- हॉल ऑफ फेम इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल (ICC) का सबसे बड़ा व्यक्तिगत सम्मान होता है।
- इसमें उन महान खिलाड़ियों, अंपायर्स या प्रशासकों को शामिल किया जाता है, जिन्होंने अपने अंतरराष्ट्रीय करियर में असाधारण प्रदर्शन किया हो।
- किसी भी खिलाड़ी को इस हॉल ऑफ फेम में शामिल करने से पहले उसके संन्यास लिए कम से कम 5 साल पूरे होना जरूरी होता है।
- अब तक भारत के 12 खिलाड़ियों को ये सम्मान दिया जा चुका है, इसमें सचिन तेंदुलकर, राहुल द्रविड़, कपिल देव और एमएस धोनी शामिल हैं।

हॉल ऑफ फेम सम्मान में चुने गए मेंबर को ICC एक विशेष ‘हॉल ऑफ फेम कैप’ देता है।
4. चेस प्लेयर अश्वथ एस 98वें ग्रेंडमास्टर बने
- 9 जुलाई को 17 साल के अश्वथ एस. ने अपना तीसरा और आखिरी ग्रैंडमास्टर (GM) नॉर्म हासिल किया।
- अश्वथ ने पुणे इंटरनेशनल ग्रैंडमास्टर राउंड रॉबिन 2026 जीतकर भारत के 98वें शतरंज ग्रैंडमास्टर बन गए हैं।
- वर्तमान में उनकी स्टैंडर्ड फिडे रेटिंग 2517 है।
- अश्वथ ने इस साल की शुरुआत में जर्मनी में ग्रेनके ओपन ए में अपना पहला ग्रैंडमास्टर नॉर्म हासिल किया था।
- अश्वथ ने नौ मैचों में 8 पॉइंट के साथ टाई-ब्रेक पर टूर्नामेंट जीता और 2779 की हाईएस्ट रैंकिंग दर्ज की।
- अश्वथ ने 2023 में इंटरनेशनल मास्टर (IM) का खिताब हासिल किया था और 2500 अंकों की फिडे रेटिंग को पा लिया था।
- कन्याकुमारी में जन्मे अश्वथ महज 3 साल की उम्र से चेस खेल रहे हैं। उनके पिता एसी शिवा उनके पहले कोच भी थे।
ग्रैंडमास्टर (GM) नॉर्म
- ग्रैंडमास्टर चेस का सबसे बड़ा इंटरनेशनल खिताब है, जिसे FIDE देता है।
- ग्रांड मास्टर बनने के लिए तीन ग्रांड मास्टर नॉर्म हासिल करने जरूरी होते हैं।
- इसके साथ ही कैंडीडेट को 2500 या उससे ज्यादा FIDE रेटिंग हासिल करनी होती है।

सितंबर 2023 में अश्वथ ने एशियन जूनियर ओपन शतरंज चैंपियनशिप में रजत पदक जीता था।
5.न्यूजीलैंड ने भारत के लिए 57% एक्सपोर्ट टैरिफ फ्री किया
- 9 जुलाई को न्यूजीलैंड के पीएम क्रिस्टोफर लक्सन ने 57% एक्सपोर्ट को टैरिफ फ्री करने का ऐलान किया।
- न्यूजीलैंड पीएम ने ये ऐलान पीएम नरेंद्र मोदी की न्यूजीलैंड यात्रा के ठीक पहले किया है। मोदी शुक्रवार को न्यूजीलैंड पहुंचेंगे।
- इस ऐलान के बाद भारत से एक्सपोर्ट होने वाली कीवी फल, सेब, मीट प्रोडक्ट, वन और लकड़ी प्रोडक्ट 57% एक्सपोर्ट फ्री रहेंगे।
- इसके साथ ही सभी डेयरी प्रोडक्ट टैरिफ-फ्री नहीं होंगे। इसके साथ ही कुछ री-एक्सपोर्ट डेयरी और बल्क इन्फेंट फॉर्मूला प्रोडक्ट ड्यूटी फ्री होंगे।
- भारत के सभी एक्सपोर्ट को न्यूजीलैंड के बाजार में ड्यूटी-फ्री एक्सेस मिलेगा।
- भारत और न्यूजीलैंड के बीच समय-समय पर मुक्त व्यापार समझौते को लेकर बात होती रही है।
- इसके बाद अप्रैल 2026 में ऐतिहासिक भारत-न्यूजीलैंड मुक्त व्यापार समझौते पर आधिकारिक रूप से साइन किए गए थे।
- इस समझौते के तहत, भारतीय निर्यातकों को न्यूजीलैंड में 100% टैरिफ (ड्यूटी) फ्री पहुंच प्राप्त हुई है।
- वहीं, भारत ने न्यूजीलैंड से आने वाले 95% प्रोडक्ट पर टैरिफ कम या खत्म किया है, जिसमें 57% प्रोडक्ट लागू होने के पहले ही दिन से पूरी तरह टैरिफ-मुक्त हो जाएंगे।
- सबसे पहला मुक्त व्यापार समझौता भारत और श्रीलंका के बीच 1998 में साइन हुआ था, जिसे 2000 से लागू किया गया था।

ये समझौता दोनों देशों के बीच व्यापार, निवेश और आर्थिक सहयोग को बढ़ावा देने के उद्देश्य से किया गया है।
मिसलीनियस (Miscellaneous)
6. दुनिया का पहला कमर्शियल परमाणु-संचालित उपग्रह लॉन्च
- 8 जुलाई को SpaceX ने दुनिया के पहले कमर्शियल परमाणु-संचालित उपग्रह BOHR (Betavoltaic Orbital High-Reliability) को सफलतापूर्वक लॉन्च किया।
- ये लॉन्चिंग ट्रांसपोर्टर-17 मिशन के तहत की गई है और ये उपग्रह अमेरिकी कंपनी सिटी लैब्स ने विकसित किया है।
- ये उपग्रह एक छोटा सा ‘क्यूबसैट’ है, जिसका आकार लगभग एक सॉफ्टबॉल जितना है।
- इसे 80 अन्य पेलोड्स के साथ SpaceX के फाल्कन 9 रॉकेट के जरिये कक्षा में स्थापित किया गया।
- ये दुनिया का पहला कमर्शियल परमाणु-संचालित उपग्रह माना जा रहा है।
- वर्तमान BOHR उपग्रह के सामान्य संचालन के लिए अभी भी सौर पैनलों का उपयोग किया जाता है।
- अंतरिक्ष में परमाणु ऊर्जा के व्यावसायिक उपयोग की दिशा में यह एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है।
- ये भविष्य में चंद्रमा के स्थाई अंधकार वाले क्षेत्रों और गहरे अंतरिक्ष अभियानों में उपयोगी हो सकती है।
- ये लंबे समय के अंतरिक्ष मिशनों के लिए ज्यादा विश्वसनीय ऊर्जा स्रोत विकसित करने की दिशा में एक बड़ा कदम है
BOHR (Betavoltaic Orbital High-Reliability)
- BOHR में नैनो ट्रिटियम बेटावोल्टिक तकनीक का उपयोग किया गया है।
- इसमें ट्रिटियम के रेडियोधर्मी क्षय से निकलने वाले बीटा कणों को सीधे विद्युत ऊर्जा में बदला जाता है।
- ये तकनीक लंबे समय तक लगातार बिजली उपलब्ध करा सकती है, विशेषकर उन जगहों पर जहां सूर्य का प्रकाश बहुत कम या नहीं पहुंचता है।
- इस तरह की परमाणु बैटरियां भविष्य में उन जगहों पर काम आएंगी, जहां सूर्य की रोशनी नहीं पहुंचती हैं।
- उदाहरण के लिए, चंद्रमा के स्थाई रूप से अंधेरे वाले हिस्से या गहरे अंतरिक्ष के मिशन में काम आएगा।

ये दुनिया का पहला कमर्शियल परमाणु-संचालित उपग्रह माना जा रहा है।
आज का इतिहास
- 1806 में तमिलनाडु के वेल्लोर किले में ब्रिटिश ईस्ट इंडिया कंपनी के खिलाफ भारतीय सिपाहियों ने पहला संगठित विद्रोह किया था।
- 1940 में ‘बैटल ऑफ ब्रिटेन’ यानी द्वितीय विश्व युद्ध की ऐतिहासिक लड़ाई हुई थी, जो 31 अक्टूबर तक चली थी।
- 1962 में दुनिया का पहला एक्टिव कम्युनिकेशन सैटेलाइट ‘टेलस्टार-1’ अमेरिका की टेलीकॉम कंपनी AT&T और नासा NASA ने लॉन्च किया।
- 2014 में प्रसिद्ध अभिनेत्री और थियेटर आर्टिस्ट जोहरा सहगल का निधन हुआ।
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