कुडू|अविराम कॉलेज ऑफ एजुकेशन टीको कुडू के कॉलेज प्रबंधन ने कुछ छात्र नेताओं और छात्र संगठन के नेताओं के द्वारा कॉलेज के छात्रों को बहला फुसला कर कॉलेज परिसर में बिना अनुमति के धरना प्रदर्शन के मामले को लेकर लोहरदगा एसपी सादिक अनवर रिजवी को आवेदन देते हुए दोषियों पर कार्रवाई की मांग की है। कॉलेज प्रबंधन ने बताया कॉलेज परिसर में अविराम महाविद्यालय में जैक द्वारा निर्गत प्रमाण पत्रों में कॉलेज के पता टीको के स्थान पर टीकू त्रुटि हुई है, इस संबंध में झारखंड अधिविद्य परिषद से कॉलेज प्रबंधन ने संपर्क कर त्रुटि की जानकारी दी है। जिसके बाद आश्वासन दिया गया है कि सभी विद्यार्थी अपने प्रमाण पत्र के त्रुटि में सुधार के लिए जैक द्वारा जारी गाइडलाइन का पालन करते हुए विज्ञप्ति संख्या 44/2026 के अनुसार महाविद्यालय से जैक द्वारा जारी प्रमाण पत्र को अग्रसारित कर के जैक में 30 सितंबर 2026 तक जमा करें। जैक के उच्च अधिकारियों से बात करने पर उनके द्वारा यह भी आश्वासन दिया गया कि 30-40 दिनों के भीतर सभी त्रुटिपूर्ण प्रमाण पत्रों को सुधार कर पुनः जारी कर दिया जाएगा। महाविद्यालय प्रबंधन द्वारा भी यह आश्वासन दिया गया है कि जो भी त्रुटि हुई है उसके लिए महाविद्यालय छात्र के लिए हर संभव सहयोग करेगी। वहीं जैक द्वारा जारी इन्हीं प्रमाण पत्रों के आधार पर सैकड़ों विद्यार्थियों का चयन पूर्व में व वर्तमान में झारखंड सहायक शिक्षक के रुप में हुआ है व इन प्रमाण पत्रों का फिजिकल वेरिफिकेशन भी हुआ है। जिसमें कोई परेशानी नहीं हुई, लेकिन कुछ छात्र नेताओं/छात्र संगठन के लोगों द्वारा छात्रों को गलत तरीके से भड़काया जा रहा है। बिना किसी पूर्व प्रशासनिक अनुमति व कॉलेज की अनुमति के बिना कॉलेज परिसर में धरना-प्रदर्शन किया व छात्र नेताओं द्वारा राजनीतिक नारे भी लगवाए गए है। प्रबंधन ने कहा छात्र नेता सोशल मीडिया के माध्यम से छात्रों को भ्रमित करने का प्रयास कर रहे हैं व महाविद्यालय में पुनः 1 जुलाई 2026 को धरना देने की बात कर रहे हैं जो गलत सरासर गलत हैं। कॉलेज परिसर में शांति व्यवस्था बनाए रखने व दोषियों पर कार्रवाई के लिए पुलिस अधीक्षक को आवेदन देकर तथा बिना अनुमति किसी भी प्रकार के धरना-प्रदर्शन पर रोक लगाने की मांग की गई है। ज्ञात हो कि एक दिन पूर्व प्रमाण पत्र की त्रुटि को एनएसयूआई द्वारा कॉलेज परिसर के अंदर धरना दिया गया। जहां संगठन द्वारा लगाए गए सभी आरोपों को प्रबंधन ने निराधार बताया है।
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