भारतन्यूज़ – टॉप हेडर
News Menu Bar

दूल्हन की मांग में सिंदूर भरने लगा दूल्हा तभी…पिता ने निकाल दी...


Last Updated:

निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार मंगलवार की रात बारात पूरे गाजे-बाजे के साथ बगोंधा टोला पहुंची. बारात के स्वागत के बाद जयमाला कार्यक्रम धूमधाम से संपन्न हुआ. इसके बाद विवाह मंडप में पंडित द्वारा वैदिक मंत्रोच्चार के बीच शादी की अन्य रस्में भी पूरी कराई गईं.प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, जब सिंदूरदान की रस्म शुरू हुई और दूल्हा दुल्हन की मांग में सिंदूर भरने लगा, तभी दुल्हन पुष्पा कुमारी ने हाथ से सिंदूर हटाते हुए शादी करने से इनकार कर दिया. दुल्हन के इस फैसले से मंडप में अफरा-तफरी मच गई..

मांग में सिंदूर भरने लगा दूल्हा तभी..पिता ने निकाली जिंदा बेटी की शव यात्राZoom

पलामू: झारखंड के पलामू से एक ऐसी खबर सामने आई जिसने लोगों को सोचने पर मजबूर कर दिया है कि किसको गलत कहें और किसको सही. यहां एक पिता ने अपनी बेटी के जिंदा रहते ही उसकी अर्थी निकाल दी. बड़ा सवाल है कि आखिर ऐसा क्या हुआ कि पिता ने ये फैसला लिया. इस घटना की पूरे इलाके में चर्चा है. घटना रमना थाना क्षेत्र के टंडवा गांव की है. जहां एक शादी समारोह के दौरान उस समय अजीबोगरीब स्थिति उत्पन्न हो गई थी जब जयमाला एवं अन्य वैवाहिक रस्में पूरी होने के बाद दुल्हन ने सिंदूरदान के समय शादी करने से साफ इनकार कर दिया था.

घटना के बाद पूरी रात दोनों पक्षों के परिजन, ग्रामीण एवं जनप्रतिनिधि लड़की को समझाने में जुटे रहे, लेकिन वह अपने फैसले पर अड़ी रही.अंततः बारात को बिना शादी संपन्न हुए लौटना पड़ा। घटना क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ था , रमना थाना क्षेत्र के बगोंधा टोला निवासी सुखट राम की पुत्री पुष्पा कुमारी की शादी गढ़वा थाना क्षेत्र के जोबरैया गांव निवासी दशरथ राम उर्फ बसंत राम के पुत्र दीपक कुमार रवि के साथ तय हुई थी.

निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार मंगलवार की रात बारात पूरे गाजे-बाजे के साथ बगोंधा टोला पहुंची. बारात के स्वागत के बाद जयमाला कार्यक्रम धूमधाम से संपन्न हुआ. इसके बाद विवाह मंडप में पंडित द्वारा वैदिक मंत्रोच्चार के बीच शादी की अन्य रस्में भी पूरी कराई गईं.प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, जब सिंदूरदान की रस्म शुरू हुई और दूल्हा दुल्हन की मांग में सिंदूर भरने लगा, तभी दुल्हन पुष्पा कुमारी ने हाथ से सिंदूर हटाते हुए शादी करने से इनकार कर दिया. दुल्हन के इस फैसले से मंडप में अफरा-तफरी मच गई.दोनों पक्षों के परिजन एवं रिश्तेदार काफी देर तक उसे समझाने का प्रयास करते रहे, लेकिन वह किसी की बात सुनने को तैयार नहीं हुई. घटना की सूचना मिलते ही गांव के कई ग्रामीण,स्थानीय मुखिया प्रतिनिधि विरंची पासवान एवं जनप्रतिनिधि भी मौके पर पहुंचे और लड़की को समझाने का प्रयास किया. पूरी रात पंचायत और बातचीत का दौर चलता रहा. इसके बावजूद लड़की अपने निर्णय पर अडिग रही. सुबह होने तक मामला शांत नहीं हुआ तो लड़के के पिता दशरथ राम उर्फ बसंत राम ने स्थानीय थाना को सूचना दी.

सूचना पर पुलिस भी मौके पर पहुंची और दोनों पक्षों से बातचीत कर मामले को सुलझाने का प्रयास किया, लेकिन पुलिस हस्तक्षेप के बाद भी लड़की शादी के लिए तैयार नहीं हुई. अंततः काफी मशक्कत और निराशा के बाद दूल्हा पक्ष को बिना दुल्हन के ही बारात वापस लेकर लौटना पड़ा था. घटना के बाद पूरे क्षेत्र में तरह-तरह की चर्चाएं होती रहीं. ग्रामीणों के बीच यह मामला पूरे दिन चर्चा का केंद्र था.

परिवार वाले लगातार लड़की को खूब समझाने का प्रयास किया लेकिन नहीं मानी. थक हारकर पिता ने अपनी जिन्दा लड़की का पुतला स्वरूप शव बनाया और अर्थी पर ले जाकर पुतला का दहन कर अंतिम संस्कार कर दिया। अंतिम संस्कार मे ग्रामीणों की भीड़ देखी गई.

About the Author

Rajneesh Singh

जी न्यूज, इंडिया डॉट कॉम, लोकमत, इंडिया अहेड, न्यूज बाइट्स के बाद अब न्यूज 18 के हाइपर लोकल सेगमेंट लोकल 18 के लिए काम कर रहा हूं. विभिन्न संस्थानों में सामान्य खबरों के अलावा टेक, ऑटो, हेल्थ और लाइफ स्टाइल बीट…और पढ़ें



Source link

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll to Top