![]()
भास्कर न्यूज | चतरा भाजपा अनुसूचित जाति मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष सह पूर्व विधायक किशुन दास ने गुरुवार को सर्किट हाउस में आयोजित प्रेसवार्ता में टंडवा प्रखंड के बड़गांव में हुई मॉब लिंचिंग और दलित युवती के साथ अपहरण कर दुष्कर्म के मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की। उन्होंने कहा कि दो अगस्त को इमरोज अंसारी दलित युवती का अपहरण कर अपने घर में ले जाकर दुष्कर्म किया। युवती किसी तरह वहां से निकलकर अपने परिजनों के पास पहुंची और पूरी घटना की जानकारी दी। इसके बाद ग्रामीण युवक के घर पहुंचे, जहां उसके साथ मारपीट हुई। उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस की मौजूदगी में मारपीट हुई और इलाज के दौरान युवक की मौत हो गई। कहा कि इस मामले में 56 लोगों को नामजद और 150 अज्ञात के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज की गई है, जिसमें कई निर्दोष लोगों के नाम भी शामिल है। उन्होंने पुलिस प्रशासन से निष्पक्ष अनुसंधान करते हुए यह सुनिश्चित करने की मांग की कि दोषी बच न सकें और निर्दोषों को परेशान न किया जाए। उन्होंने यह भी कहा कि नाबालिग से दुष्कर्म के मामले में चार लोगों को आरोपित बनाया गया है, लेकिन अब तक प्राथमिकी दर्ज नहीं हुई है। उनका कहना था कि एकतरफा कार्रवाई से समाज में गलत संदेश जाएगा। उन्होंने दुष्कर्म पीड़िता के माता-पिता को जेल भेजे जाने पर भी चिंता जताते हुए कहा कि परिवार में छोटे-छोटे बच्चे हैं। ऐसे में प्रशासन आर्थिक सहायता उपलब्ध कराए तथा अनुसंधान के दौरान माता-पिता में से किसी एक को राहत दे, ताकि परिवार बिखरने से बच सके। प्रेसवार्ता में जिलाध्यक्ष रामदेव सिंह भोगता, सांसद प्रतिनिधि विनय सिंह, शिवबालक सिंह, अक्षयवट पांडेय सहित अन्य मौजूद थे।
Source link