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Author name: scsmdos@gmail.com

झारखंड

महुआडांड़ में स्कूली बच्चों से भरा टेंपो पलटा:हादसे में एक छात्र की...

लातेहार जिले के महुआडांड़ थाना क्षेत्र में गुरुवार को एक सड़क हादसा हुआ। बांसकरचा–लुरगुमी मुख्य पथ पर मौनाडीह गांव के पास स्कूली बच्चों से भरा एक टेंपो अनियंत्रित होकर पलट गया। इस हादसे में सातवीं कक्षा के एक छात्र की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि 17 बच्चे घायल हो गए।इनमें से पांच छात्राओं की गंभीर स्थिति को देखते हुए उन्हें लातेहार रेफर किया गया है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, टेंपो में क्षमता से अधिक बच्चे सवार थे। तेज रफ्तार के कारण चालक दीपक टोप्पो वाहन पर नियंत्रण नहीं रख सका और टेंपो सड़क किनारे पलट गया। घटना के बाद चालक मौके से फरार हो गया। मृतक छात्र की पहचान 12 वर्षीय अंकुर मिंज के रूप में हुई है, जो संत मिखाईल स्कूल का सातवीं कक्षा का छात्र था। गंभीर रूप से घायल अनुरूपा एक्का, अनुज कुमार, कॉतिक बाड़ा, साक्षी कुमारी और नेहा कुमारी को प्राथमिक उपचार के बाद लातेहार रेफर किया गया है। अन्य घायल बच्चों में आरसु मिंज, गोरीतिका केरकेट्टा, अनुज उरांव, रेशमा केरकेट्टा, सलमा बेक, अंशु मिंज, तुन एक्का, आस्था तिर्की, दिपासी केरकेट्टा, सोनू एक्का, अवेशव कुजूर और शुभम खलखो शामिल हैं। इन सभी का इलाज सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र महुआडांड़ में डॉ. अमित खलखो और उनकी टीम द्वारा किया जा रहा है। सभी बच्चे संत मिखाईल स्कूल महुआडांड़ के छात्र-छात्राएं हैं। फरार चालक की तलाश जारी इधर, घटना की सूचना मिलते ही डीएसपी शिवपूजन बहेलिया और थाना प्रभारी मनोज कुमार पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है। दुर्घटनाग्रस्त वाहन को जब्त कर लिया गया है और फरार चालक की तलाश जारी है। इस घटना के बाद पूरे क्षेत्र में शोक की लहर है। स्थानीय ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि स्कूली बच्चों के परिवहन के लिए सुरक्षित व्यवस्था सुनिश्चित की जाए और ओवरलोडिंग करने वाले वाहनों पर सख्त कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो। Source link

शिक्षा

सहायक कृषि अधिकारी भर्ती-5 मई से भर सकेंगे डिटेल आवेदन-फॉर्म:एग्जाम में 166...

राजस्थान लोक सेवा आयोग की ओर से सहायक कृषि अधिकारी (कृषि विभाग) भर्ती-2024 के तहत पात्रता जांच के लिए 400 कैंडिडेट्स की सूची जारी कर दी है। ये भर्ती 125 पदों के लिए थी। ऑनलाइन डिटेल आवेदन फॉर्म भरने के लिए 5 से 11 मई 2026 (रात्रि 11.59) तक लिंक खोला जाएगा। परीक्षा में 10% से ज्यादा प्रश्नों में पांच विकल्पों में से कोई भी विकल्प नहीं भरने के कारण 166 अभ्यर्थियों को अयोग्य घोषित किया है। आयोग सचिव रामनिवास मेहता ने बताया कि सहायक कृषि अधिकारी के प्रथम प्रश्न पत्र की परीक्षा 12 अक्टूबर एवं द्वितीय प्रश्न पत्र की परीक्षा का आयोजन 13 अक्टूबर 2025 को किया गया था। अंतिम रूप से सफल अभ्यर्थियों की सूची कृषि विभाग की ओर से दस्तावेज सत्यापन कराए जाने के बाद आयोग द्वारा जारी की जाएगी। कृषि विभाग करेगा डॉक्यूमेंट्स वैरीफिकेशन कैंडिडेट्स अपने एसएसओ आईडी के माध्यम से रिक्रूटमेंट पोर्टल पर माय रिक्रूटमेंट-डीटेल्ड फॉर्म कम स्क्रूटनी- अप्लाई नाउ का चयन कर अपना विस्तृत आवेदन पत्र ऑनलाइन भरें। विस्तृत आवेदन-पत्र व दस्तावेजों की जांच संबंधित विभाग (कृषि विभाग) की ओर से ही की जाएगी। इसलिए ऑनलाइन आवेदन पत्र भरने और सबमिट करने के बाद प्रिंट ऑप्शन पर जाकर सम्पूर्ण विस्तृत आवेदन-पत्र को 2 प्रतियों में प्रिंट कर अपने पास संभाल कर रखें। कृषि विभाग की सूचना के अनुसार निर्धारित दिनांक, समय व स्थान पर कैंडिडेट्स को उपस्थित होना होगा। संबंधित विभाग की ओर से ही उचित माध्यम से अभ्यर्थियों को दस्तावेज सत्यापन के लिए सूचित किया जाएगा। विभाग की ओर से दस्तावेज सत्यापन के लिए निर्धारित तिथि को उपस्थित नहीं होने पर अभ्यर्थी को अपात्र मानते हुए परिणाम में शामिल नहीं किया जायेगा। अभ्यर्थियों की पात्रता जांच विज्ञापन की शर्तों व नियमों के अनुसार की जाएगी। पात्रता की समस्त शर्तें नियमानुसार पूर्ण नहीं करने वाले अभ्यर्थियों की पात्रता आयोग द्वारा रद्द कर दी जाएगी। Source link

झारखंड

रामगढ़ में 4 साइबर अपराधी गिरफ्तार:बैंक खाते से संदिग्ध लेनदेन का खुलासा,...

रामगढ़ में चार साइबर अपराधियों को गिरफ्तार किया गया है। आरोपियों में सोनू कुमार झा, रितेश अग्रवाल उर्फ मुन्ना, रवि कुमार वर्मा(34) और राहुल कुमार गुप्ता(37) शामिल है। ये अपराधी भारतीय स्टेट बैंक के एक खाते के माध्यम से संदिग्ध लेनदेन में शामिल थे। पुलिस उपाधीक्षक (मुख्यालय), रामगढ़-सह-थाना प्रभारी, साइबर अपराध थाना, रामगढ़ ने इस सूचना पर संहा दर्ज कर 28 अप्रैल 2026 को जांच शुरू की। जांच के दौरान पता चला कि भारतीय स्टेट बैंक का खाता संख्या 444616958956 भारत सरकार की एमएसएमई योजना के तहत उद्यम पंजीकरण के लिए ‘श्री गणेश इंटरप्राइजेज’ के नाम से खोला गया था। इस खाते के खिलाफ देश के विभिन्न राज्यों में अवैध राशि हस्तांतरण से संबंधित कुल 274 शिकायतें दर्ज थीं। खाते के तीन प्रोपराइटर थे। राहुल गुप्ता , रवि कुमार वर्मा और अजय शर्मा। पूछताछ में राहुल गुप्ता और रवि कुमार वर्मा ने बताया कि उन्होंने रितेश अग्रवाल उर्फ मुन्ना और सोनू कुमार झा के कहने पर स्टेट बैंक में करंट अकाउंट खुलवाया था। इसके बदले उन्हें सोनू कुमार झा से 1,20,000 रुपए मिले थे। आगे की पूछताछ में राहुल गुप्ता और रवि कुमार वर्मा ने नए खाते खोलने के एवज में पैसे लेने, रितेश अग्रवाल उर्फ मुन्ना और सोनू कुमार झा द्वारा ओटीपी उपलब्ध कराने, मोबाइल बैंकिंग चालू करवाने और खाते को व्हाट्सएप ग्रुप व टेलीग्राम के माध्यम से साइबर अपराधियों को उपलब्ध कराने में अपनी संलिप्तता स्वीकार की। पकड़े गए व्यक्तियों के मोबाइल डेटा की जांच में विभिन्न मोबाइल सिम कार्ड, बैंक खाते, पासबुक, एटीएम कार्ड, स्कैनर (क्यूआर कोड), आधार कार्ड, पैन कार्ड और लेनदेन से संबंधित व्हाट्सएप संदेश पाए गए हैं। Source link

ताज़ा खबर

कांग्रेस में कुर्सी का घमासान! उधर खरगे का ‘सोनिया ही मालिक’ वाला...

कांग्रेस चुनावी मोड से जब भी बाहर आती है, तो घर के अंदर मचे बवंडर को संभालने में जुट जाती है. ऐसा ही कुछ फ‍िर हुआ है. मामला कर्नाटक में कुर्सी का है. सीएम स‍िद्धारमैया कुर्सी छोड़ने को तैयार नहीं, और डीके श‍िवकुमार कुमार बगल में टेबल पर बैठे इंतजार कर रहे हैं, ब‍िल्‍कुल इस फोटो की तरह… लेकिन एक ट्व‍िस्‍ट भी है. इसी बीच कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे कह बैठे क‍ि “मेरे बारे में फैसला तो सोनिया गांधी ही लेती हैं”… क्‍या ये स‍िर्फ बयान है, या फ‍िर 10 जनपथ की डोर में फंसा पेंच… बात कुछ भी कुर्सी तो फंसी ही है. मई 2023 में जब कर्नाटक विधानसभा चुनाव के नतीजे आए, तो कांग्रेस की प्रचंड जीत के जश्न के बीच ही ‘अगला मुख्यमंत्री कौन?’ का सवाल खड़ा हो गया था. एक तरफ अनुभवी सिद्धारमैया थे, तो दूसरी तरफ संकटमोचक और संगठन पर मजबूत पकड़ रखने वाले डीके शिवकुमार. घंटों चली बैठकों के बाद एक कथित ‘पावर शेयरिंग फॉर्मूला’बना, जिसके तहत सिद्धारमैया को पहले कार्यकाल की कमान सौंपी गई. फार्मूला देखकर नारागी  20 नवंबर 2025 को इस सरकार ने अपना आधा कार्यकाल यानी ढाई साल पूरा कर लिया. जैसे ही यह तारीख गुजरी, डीके शिवकुमार के खेमे में हलचल तेज हो गई. समर्थकों ने मांग शुरू कर दी कि अब समझौते के मुताबिक सत्ता ट्रांसफर हो जानी चाह‍िए. लेकिन सिद्धारमैया आसानी से कुर्सी छोड़ने के मूड में नहीं दिख रहे हैं, और यहीं से कांग्रेस में ‘भारी बवाल’ की शुरुआत होती है. खरगे का नाम और ‘मास्टरस्ट्रोक’ कर्नाटक के गृह मंत्री जी. परमेश्वर ने एक नया दांव चलते हुए कह दिया कि अगर मल्लिकार्जुन खरगे मुख्यमंत्री बनते हैं, तो पूरी पार्टी उनका स्वागत करेगी. यह बयान आग में घी डालने जैसा था. परमेश्वर का यह सुझाव डीके शिवकुमार की राह में रोड़ा अटकाने और सिद्धारमैया को सुरक्षित रास्ता देने की कोशिश के रूप में देखा गया. जब मीडिया ने खरगे से पूछा कि क्या वे मुख्यमंत्री बनेंगे? इस पर खरगे कह बैठे, ‘मीडिया और कुछ लोग कहते हैं कि अगर मैं मुख्यमंत्री बन जाऊं तो बेहतर होगा. लेकिन भाग्य से ज्यादा मेरी विचारधारा और पार्टी के लिए मेरी सेवा के आधार पर सोनिया गांधी ही मेरे बारे में निर्णय लेती हैं. अभी यह सवाल ही नहीं उठता, क्योंकि राज्य में पहले से ही एक मुख्यमंत्री हैं. अगर सोनिया गांधी, राहुल गांधी और मैं मिलकर कोई फैसला लेते हैं, तो उसमें समय लगेगा. फिलहाल इंतजार करना होगा.’ कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे. सोन‍िया को आगे कर क्‍या मैसेज दे रहे खरगे? खरगे इस समय कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं. सैद्धांतिक रूप से वे पार्टी में सबसे बड़े पद पर हैं. लेकिन यह कहकर कि उनका फैसला सोनिया गांधी लेती हैं, उन्होंने यह संदेश दिया कि वे आज भी गांधी परिवार के सबसे वफादार सिपाही हैं. यह बयान उन आलोचकों के लिए भी जवाब है जो कहते हैं कि खरगे केवल रबर स्टैंप अध्यक्ष हैं. उन्होंने इसे अपनी ताकत के रूप में पेश किया कि उनका रिश्ता सीधे आलाकमान से है. खरगे जानते हैं कि सिद्धारमैया और डीके की लड़ाई में किसी एक का पक्ष लेना पार्टी के लिए आत्मघाती हो सकता है. सोनिया गांधी का नाम लेकर उन्होंने गेंद दिल्ली के पाले में डाल दी और खुद को एक न्यूट्रल लेकिन निर्णायक भूमिका में बनाए रखा. दलित कार्ड और मुख्यमंत्री की रेस खरगे कर्नाटक से आते हैं और राज्य के सबसे बड़े दलित नेताओं में से एक हैं. उनके नाम की चर्चा होने से डीके शिवकुमार के दावों को चुनौती मिलती है. अगर स्थिति हाथ से निकली, तो आलाकमान खरगे को ‘कॉम्प्रोमाइज कैंडिडेट’ के रूप में बेंगलुरु भेज सकता है. डीके शिवकुमार की बेचैनी और ‘सीक्रेट एग्रीमेंट’ डीके शिवकुमार ने हाल ही में स्वीकार किया कि सरकार गठन के समय कुछ गोपनीय समझौते हुए थे. उनके समर्थक अब दिल्ली में डेरा डाले हुए हैं. डीके कहते हैं क‍ि उन्होंने 2023 के चुनाव में पार्टी को जीत दिलाने के लिए अपनी पूरी ताकत और संसाधन लगा दिए थे, और अब उनका हक बनता है. लेकिन सिद्धारमैया की लोकप्रियता राजनीति कांग्रेस के लिए लोकसभा और आगामी चुनौतियों के लिहाज से जरूरी है. Source link

झारखंड

दिखना है स्टाइलिश, रहना है कूल? साकची बाजार में मिल रहा खास...

Last Updated:April 30, 2026, 16:14 IST Jamshedpur Best Market For Ladies Kurtis: जमशेदपुर के साकची बाजार में महिलाओं खासकर लड़कियों के लिए कुर्ती का जबरदस्त कलेक्शन आया है. 100 रुपये से शुरुआत हो रही है और 200 रुपये तक बढ़िया आइटम मिल रहे हैं. ऑफिस गोइंग हों या कॉलेज गोइंग, सबके लिए बढ़िया एक से बढ़कर एक ऑप्शन है. ख़बरें फटाफट जमशेदपुर. झुलसाती गर्मी के इस मौसम में जहां तेज धूप लोगों को घरों में रहने पर मजबूर कर रही है, वहीं जमशेदपुर के साकची बाजार से एक ऐसी खबर सामने आई है जो खासकर महिलाओं के चेहरे पर मुस्कान ला रही है. इस भीषण गर्मी के बीच साकची बाजार पूरी तरह गुलजार हो चुका है और यहां महिलाओं के लिए सस्ती, आरामदायक और ट्रेंडी कपड़ों की भरमार देखने को मिल रही है. 100 रुपये में ट्रेंडी कुर्तीबाजार में इन दिनों कुर्तियों की खास डिमांड है, जिसकी शुरुआती कीमत मात्र ₹100 से शुरू हो रही है. इतनी कम कीमत में स्टाइलिश और अच्छी क्वालिटी की कुर्ती मिलना अपने आप में एक बड़ी बात है. इसके साथ ही अगर आप पूरा सेट लेना चाहती हैं, तो मात्र ₹250 में अपर और लोअर दोनों आसानी से उपलब्ध हैं. यही वजह है कि साकची बाजार इन दिनों महिलाओं के लिए शॉपिंग का हॉटस्पॉट बन गया है. पसंद किया जाता है यह फैब्रिकदुकानदारों के अनुसार, यहां मिलने वाले ज्यादातर कपड़े रेयॉन और कॉटन फैब्रिक के बने होते हैं, जो गर्मी के मौसम के लिए सबसे बेहतर माने जाते हैं. यह कपड़े न सिर्फ मुलायम होते हैं बल्कि पहनने में बेहद आरामदायक भी होते हैं, जिससे पूरे दिन की भागदौड़ में भी कोई परेशानी महसूस नहीं होती. डिजाइन और पैटर्न की बात करें तो इस बार बाजार में लाइट कलर का ट्रेंड देखने को मिल रहा है. हल्के रंगों में बने फ्लोरल प्रिंट और मंडला आर्ट वाले डिजाइन खास आकर्षण का केंद्र बने हुए हैं. ये डिजाइन देखने में जितने खूबसूरत लगते हैं, पहनने पर उतने ही स्टाइलिश भी नजर आते हैं. हर किसी के लिए कुछ ना कुछखास बात यह है कि ये कपड़े हर वर्ग की महिलाओं को ध्यान में रखकर तैयार किए गए हैं. चाहे आप कॉलेज जाने वाली छात्रा हों, ऑफिस जाने वाली महिला हों या स्कूल जाने वाली लड़की – यहां हर किसी के लिए कुछ न कुछ खास जरूर है. सस्ती कीमत, बेहतरीन क्वालिटी और लेटेस्ट डिजाइन का यह कॉम्बिनेशन महिलाओं को खूब पसंद आ रहा है. अगर आप भी इस गर्मी में खुद को स्टाइलिश और कंफर्टेबल रखना चाहती हैं, तो साकची बाजार आपके लिए एक परफेक्ट जगह साबित हो सकता है. तो देर किस बात की, इस शानदार मौके का फायदा उठाइए और अपनी पसंदीदा कुर्तियों की खरीदारी करिए, क्योंकि ऐसे ऑफर रोज-रोज नहीं मिलते. About the Author Raina Shukla बुंदेलखंड यूनिवर्सिटी से मास कम्यूनिकेशन एंड जर्नलिज़्म में मास्टर्स, गोल्ड मेडलिस्ट. पत्रकारिता का सफर दैनिक जागरण से शुरू हुआ, फिर प्रभात खबर और ABP न्यूज़ से होते हुए News18 Hindi तक पहुंचा. करियर और देश की …और पढ़ें News18 न्यूजलेटर अब ईमेल पर इनसाइड स्‍टोर‍ीज खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्‍स में सबमिट करें Location : Jamshedpur,Purbi Singhbhum,Jharkhand First Published : April 30, 2026, 16:14 IST Source link

व्यापार

Patna Gold Silver Price: पटना में सोना-चांदी की खरीदारी में मची है...

Last Updated:November 04, 2025, 06:06 IST Patna Gold Silver Price: बिहार की राजधानी पटना के ज्वेलरी मार्केट में धनतेरस के बाद सोने और चांदी में भारी गिरावट देखने को मिल रही है. अब तक सोने के दाम में 4,200 रुपये प्रति 10 ग्राम और चांदी में 19,000 रुपये प्रति किलो की गिरावट दर्ज की गई है. ख़बरें फटाफट पटना: बिहार की राजधानी पटना में धनतेरस के बाद से सोने-चांदी की कीमतों में गिरावट जारी है. धनतेरस के बाद से सोने-चांदी की कीमतों में कुछ खास बढ़ोतरी देखने को नहीं मिली है. 18 नवंबर से बिहार में शादी विवाह का सीजन भी शुरू हो रहा है. ऐसे में खरीदारी करने के लिहाज से यह समय बिल्कुल सही माना जा रहा है. बाजार के एक्सपर्ट कहते हैं कि जैसे-जैसे शादी वाले दिन करीब आएंगे. वैसे-वैसे सोने-चांदी की कीमतों में फिर से तेज उछाल देखने को मिल सकता है. पटना सर्राफा बाजार में धनतेरस के बाद सोने-चांदी की कीमतों में भारी गिरावट देखने को मिल रही है. अबतक सोने के दाम में 4,200 रुपये प्रति 10 ग्राम और चांदी में 19,000 रुपये प्रति किलो की गिरावट दर्ज की गई है. शनिवार से कीमतों में स्थिरता बनी हुई है. आज यानी मंगलवार को बाजार खुलने के बाद बदलाव हो सकती है, लेकिन फिलहाल बाजार स्थिर है. जानें क्या है लेटेस्ट रेट आज पटना के ज्वेलरी बाजार में 24 कैरेट सोने का दाम 122,500 रूपये प्रति 10 ग्राम है. अगर जीएसटी जोड़ दिया जाए, तो इसकी कीमत 126,175 रूपये प्रति 10 ग्राम हो जाती है. वहीं, बिना जीएसटी जोड़े 22 कैरेट सोना 113,500 रूपये प्रति 10 ग्राम और 18 कैरेट सोना 93,300 रूपये प्रति 10 ग्राम बिक रहा है. चांदी की कीमतों में भारी गिरावट पटना के ज्वेलरी बाजार में एक किलो चांदी की बिक्री 1,53,000 रूपये प्रति किलो है. इस तरह, एक किलो हॉल मार्क वाले चांदी के आभूषणों बिक्री फिलहाल 151,000 रूपये प्रति किलो हो रही है. अगर जीएसटी जोड़ दिया जाए तो इसकी कीमत 1,55,530 रूपये हो जाती है. जानें क्या है आभूषणों का एक्सचेंज रेट 22 कैरेट वाले सोने के पुराने आभूषणों का एक्सचेंज रेट 110,500 रूपये है. जबकि 18 कैरेट सोने के पुराने आभूषण 90,300 रूपये में एक्सचेंज हो रहे हैं. वहीं, चांदी में हॉलमार्क आभूषणों का एक्सचेंज रेट 147 रूपये प्रति ग्राम है. जबकि बिना हॉलमार्क वाले आभूषणों का एक्सचेंज रेट 145 रूपये प्रति ग्राम है. About the Author Brijendra Pratap Singh बृजेंद्र प्रताप सिंह डिजिटल-टीवी मीडिया में लगभग 4 सालों से सक्रिय हैं. मेट्रो न्यूज 24 टीवी चैनल मुंबई, ईटीवी भारत डेस्क, दैनिक भास्कर डिजिटल डेस्क के अनुभव के साथ संप्रति News.in में सीनियर कंटेंट राइटर हैं. …और पढ़ें News18 न्यूजलेटर अब ईमेल पर इनसाइड स्‍टोर‍ीज खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्‍स में सबमिट करें First Published : November 04, 2025, 06:06 IST Source link

झारखंड

झारखंड-बिहार सीमा पर 65 पेटी अवैध शराब जब्त:चतरा पुलिस ने पिकअप से...

चतरा पुलिस ने झारखंड-बिहार सीमा पर अवैध शराब तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। वशिष्ठ नगर जोरी थाना पुलिस ने एक विशेष गश्ती अभियान के दौरान 8 लाख रुपये मूल्य की 65 पेटी अवैध अंग्रेजी शराब जब्त की। यह कार्रवाई 29 अप्रैल की रात को की गई। पुलिस अधीक्षक (SP) अनिमेश नैथानी के निर्देश पर जिले में अवैध मादक पदार्थों और शराब की तस्करी रोकने के लिए अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में जोरी थाना पुलिस थाना गेट के पास सघन वाहन चेकिंग कर रही थी। चेकिंग के दौरान एक पिकअप वाहन तेजी से थाना गेट की ओर आया। पुलिस बल को तैनात देख चालक घबरा गया और उसने पिकअप को थाना गेट के ठीक सामने खड़ा कर दिया। वाहन में ऊपर से जूट के बोरे लदे थे अंधेरे का फायदा उठाकर चालक मौके से फरार हो गया। पुलिस ने लावारिस खड़ी पिकअप की गहनता से तलाशी ली। वाहन में ऊपर से जूट के बोरे लदे थे, जिनके नीचे शातिराना तरीके से 65 पेटी अवैध अंग्रेजी शराब करीने से छिपाई गई थी। पुलिस ने जब्त शराब के साथ माफियाओं के खिलाफ प्राथमिकी (FIR) दर्ज कर ली है। वरीय अधिकारियों के अनुसार, जब्त की गई शराब की अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत लगभग आठ लाख रुपए आंकी गई है। पुलिस ने तत्काल प्रभाव से पिकअप और शराब की खेप को अपने कब्जे में ले लिया। इस मामले में फरार चालक और वाहन मालिक के विरुद्ध वशिष्टनगर थाना कांड संख्या- 62/2026 दर्ज किया गया है। जोरी थाना प्रभारी अमित कुमार सिंह ने बताया कि तस्कर अक्सर बिहार-झारखंड बॉर्डर का लाभ उठाकर इस रूट का इस्तेमाल करते हैं। चूंकि बिहार में शराबबंदी है। इसलिए पड़ोसी राज्यों से तस्करी की घटनाएं बढ़ जाती हैं। Source link

शिक्षा

CISCE Result 2026 Update; ICSE ISC 10th 12th Board Pass Percentage

Hindi News Career CISCE Result 2026 Update; ICSE ISC 10th 12th Board Pass Percentage 3 घंटे पहले कॉपी लिंक काउंसिल फॉर द इंडियन स्कूल सर्टिफिकेट एग्जामिनेशन यानी सीआइएससीई ने ICSE क्लास 10वीं और ISC 12वीं एग्जाम के रिजल्ट जारी कर दिए हैं। CISCE 10वीं में 98.18% स्टूडेंट्स पास हुए। यह एग्जाम 2.6 लाख स्टूडेंट्स ने दिया था। वहीं 12वीं में 99.13% स्टूडेंट्स पास हुए हैं। ऐसे चेक करें रिजल्ट : परीक्षा में शामिल होने वाले छात्र DigiLocker, SMS और UMANG ऐप के जरिए भी अपनी मार्कशीट देख और डाउनलोड कर सकते हैं। इस साल इन परीक्षाओं में 4 लाख से ज्यादा छात्रों ने हिस्सा लिया है। स्टूडेंट्स ऑफिशियल वेबसाइट results.cisce.org पर जाकर रिजल्ट चेक कर सकते हैं। ऑफिशियल वेबसाइट पर स्टूडेंट्स को अपना यूनिक UID और इंडेक्स नंबर डालना पड़ेगा, तभी वे अपना रिजल्ट देख पाएंगे। मिनिमम पासिंग परसेंटेज जारी : ICSE (10वीं) में पास होने के लिए कम से कम 33% अंक लाने जरूरी हैं, जबकि ISC (12वीं) में पास होने के लिए 35% अंक जरूरी हैं। डिजिलॉकर पर ऐसे चेक करें ICSE, ISC रिजल्ट : डिजिलॉकर की ऑफिशियल वेबसाइट पर जाएं या मोबाइल ऐप खोलें। डैशबोर्ड पर ‘एजुकेशन’ सेक्शन पर क्लिक करें। ‘काउंसिल फॉर द इंडियन स्कूल सर्टिफिकेट एग्जामिनेशन (CISCE)’ सिलेक्ट करें। जरूरी डॉक्यूमेंट्स जैसे मार्कशीट या पासिंग परसेंटेज चुनें। जरूरी डिटेल्स दर्ज करें। मार्कशीट को डाउनलोड करके रखें। टॉपर्स लिस्ट नहीं हुई जारी : आईसीएसई (10वीं) और आईएससी (12वीं) के लिए CISCE अब टॉपर्स की कोई ऑफिशियल लिस्ट जारी नहीं करता है। बोर्ड ने यह फैसला इसलिए लिया है ताकि छात्रों पर ज्यादा पढ़ाई का दबाव न बनें। साल 2024 और 2025 में भी कोई मेरिट लिस्ट जारी नहीं की गई थी। आखिरी बार 2023 में ISC की मेरिट लिस्ट आई थी, जिसमें 5 छात्रों ने मिलकर पहला स्थान हासिल किया था, जिनमें 3 लड़कियां थीं। हालांकि, अलग-अलग विषयों में अच्छे नंबर लाने वाले छात्रों को अलग से सर्टिफिकेट दिया जा सकता है। 12वीं में 45 रिटन सब्जेक्ट, 10वीं में 67 : इस साल ISC 12वीं की एग्जाम में 45 रिटन सब्जेक्ट थे जिसमें से 13 इंडियन लैंग्वेज और दो फॉरेन लैंग्वेज के अलावा 2 क्लासिकल लैंग्वेज भी थी। वहीं ICSE 10वीं की एग्जाम में 67 रिटन सब्जेक्ट थे। इनमें से 20 इंडियन लैंग्वेज, 14 फॉरेन लैंग्वेज और 1 क्लासिक लैंग्वेज थी। ———– ये खबर पढ़ें… एग्जाम से 2 दिन पहले सब धुंधला दिख रहा था:दुनिया को सिर्फ 10% देखने वाली अनिष्का CBSE में 92% लाई, मैग्निफायर डिवाइस से पढ़ाई की अनिष्का गोयल दुनिया को सिर्फ 10% देख पाती हैं यानी वो 90% दृष्टिबाधित हैं। फिर भी उन्होंने CBSE में ज्यादातर स्टूडेंट्स से बेहतर प्रदर्शन किया है। पूरी खबर पढ़ें.. दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं… Source link

झारखंड

चाईबासा में विवाहिता ने की आत्महत्या:दो बच्चों की मां ने फंदे से...

पश्चिमी सिंहभूम जिले के नोवामुंडी थाना क्षेत्र के डंगुवापोशी स्थित गौडदिघिया की मुखी बस्ती में एक 22 वर्षीय विवाहिता ने आत्महत्या कर ली। मृतका की पहचान सुशीला मुखी के रूप में हुई है, जिसने गमछे से फंदा लगाकर अपनी जान दे दी। उसके पति हरि मुखी पेशे से सफाई कर्मी हैं। जानकारी के अनुसार, सुशीला मुखी की मानसिक स्थिति पिछले कुछ समय से ठीक नहीं थी। घटना के समय वह घर में अकेली थी। उसकी भतीजी मुस्कान ने सबसे पहले उसे कमरे में फंदे से लटका देखा। मुस्कान के शोर मचाने पर परिजन और पड़ोसी मौके पर पहुंचे, लेकिन तब तक सुशीला की मौत हो चुकी थी। मृतका अपने पीछे दो छोटे बच्चे छोड़ गई है, जिनकी उम्र लगभग तीन साल और सात महीने है। मां के निधन से परिवार में गहरा शोक है। इस घटना से पूरे गांव में स्तब्धता का माहौल है। सिंदूर खाकर जान देने का प्रयास किया था परिजनों ने बताया कि सुशीला अक्सर छोटी-छोटी बातों पर तनाव में आ जाती थी और कई बार आत्महत्या की धमकी भी दे चुकी थी। कुछ समय पहले उसने सिंदूर खाकर जान देने का प्रयास किया था, लेकिन परिवार ने उसे बचा लिया था। इसके बावजूद उसकी मानसिक स्थिति में सुधार नहीं हुआ था। घटना की सूचना मिलते ही नोवामुंडी थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए चाईबासा सदर अस्पताल भेज दिया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है और आत्महत्या के कारणों का पता लगा रही है। Source link

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Business Idea: नौकरी छोड़ शुरू किया ये काम! वर्मी कम्पोस्ट ने दिलाई...

Last Updated:April 30, 2026, 15:29 IST Jalore Organic Farming Success: जालोर के युवाओं ने वर्मी कम्पोस्ट (केंचुआ खाद) के उत्पादन को एक बेहतरीन बिजनेस स्टार्टअप में बदलकर सफलता की नई इबारत लिखी है. जैविक खेती के बढ़ते चलन ने इस ‘काले सोने’ यानी वर्मी कम्पोस्ट की मांग को न केवल स्थानीय स्तर पर, बल्कि गुजरात जैसे बड़े बाजार तक पहुंचा दिया है. इस स्टार्टअप की सबसे बड़ी खासियत इसकी कम लागत और अत्यधिक मुनाफा है, जो इसे ग्रामीण युवाओं के लिए एक आदर्श विकल्प बनाता है. वर्मी कम्पोस्ट न केवल मिट्टी की उर्वरक शक्ति को बढ़ाता है, बल्कि रसायन मुक्त कृषि को भी बढ़ावा देता है. जालोर के इन युवाओं ने साबित कर दिया है कि पारंपरिक खेती के साथ जुड़कर या इससे जुड़ा कोई सूक्ष्म व्यवसाय शुरू करके भी आत्मनिर्भर बना जा सकता है. ख़बरें फटाफट जालौर: जालोर में खेती अब सिर्फ परंपरागत तरीका नहीं रही, बल्कि एक सफल बिजनेस मॉडल के रूप में उभर रही है. यहां के युवा किसान बलवंत लखाणी ने ऑस्ट्रेलियाई केंचुओं की मदद से वर्मी कम्पोस्ट यानी ‘काला सोना’ तैयार कर खेती में नई दिशा दी है. कम लागत और ज्यादा मुनाफे वाले इस मॉडल ने न सिर्फ उनकी किस्मत बदली, बल्कि आसपास के किसानों के लिए भी प्रेरणा का काम किया है. बलवंत लखाणी बताते हैं कि उन्होंने इस काम की शुरुआत कच्चे गोबर से की. सबसे पहले गोबर को 10 से 15 दिनों तक एक जगह पर इकट्ठा कर उसे अच्छी तरह भिगोया जाता है, ताकि उसमें नमी बनी रहे. इसके बाद करीब 20 फीट लंबी बेड तैयार की जाती है, जिसमें ऑस्ट्रेलियाई केंचुए डाले जाते हैं. ये केंचुए गोबर और जैविक अपशिष्ट को धीरे-धीरे प्रोसेस कर पोषक तत्वों से भरपूर खाद में बदल देते हैं. लगभग दो महीने में यह वर्मी कम्पोस्ट पूरी तरह तैयार हो जाती है. फसलों में रोग भी कम लगतेइस खाद की खासियत यह है कि इसमें 16 से अधिक पोषक तत्व पाए जाते हैं, जो मिट्टी की उर्वरता बढ़ाने और फसल की पैदावार सुधारने में बेहद उपयोगी होते हैं. यही कारण है कि किसान इसे ‘काला सोना’ कहते हैं. इस जैविक खाद के इस्तेमाल से मिट्टी की गुणवत्ता सुधरती है, पानी रोकने की क्षमता बढ़ती है और फसलों में रोग भी कम लगते हैं. आज बलवंत की तैयार की गई वर्मी कम्पोस्ट की डिमांड जालोर के जीवाणा, बावतरा और बागोड़ा सहित कई क्षेत्रों में तेजी से बढ़ रही है. इतना ही नहीं, उनकी यह खाद अब राजस्थान से बाहर गुजरात तक भी पहुंच रही है, जहां किसान इसे खास तौर पर फलदार फसलों के लिए उपयोग में ले रहे हैं. किसान अगर इसको अपनाएं तो खेती में अच्छी कमाई कर सकतेकिसान बलवंत लखाणी लोकल18 को बताते है कि लंबी पढ़ाई और नौकरी की तलाश में बिताए कई साल, लेकिन जब सफलता नहीं मिली तो हार मानने के बजाय नई राह चुनी. इस काम में लागत बहुत कम आती है और मुनाफा अच्छा मिल जाता है. हम कच्चे गोबर से वर्मी कम्पोस्ट तैयार करते हैं, जो करीब दो महीने में बनकर तैयार हो जाती है. इसकी डिमांड लगातार बढ़ रही है, और सालाना 4 से 5 लाख रुपए तक की आमदनी हो जाती है. मेरा मानना है कि किसान अगर इसको अपनाएं तो खेती में अच्छी कमाई कर सकते हैं. About the Author Jagriti Dubey Hi, I am Jagriti Dubey, a media professional with 6 years of experience in social media and content creation. I started my career with an internship at Gbn 24 news channel in 2019 and have worked with many repu…और पढ़ें News18 न्यूजलेटर अब ईमेल पर इनसाइड स्‍टोर‍ीज खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्‍स में सबमिट करें Location : Jalor,Rajasthan First Published : April 30, 2026, 15:29 IST Source link

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