Last Updated:June 22, 2026, 16:41 IST Ayodhya News: अयोध्या के ऐतिहासिक 84 कोसी परिक्रमा मार्ग पर स्थित 6 प्रमुख आश्रमों का पर्यटन विभाग द्वारा ₹20.64 करोड़ की लागत से व्यापक कायाकल्प किया गया है. साधु-संतों और श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए यहां विश्राम गृह, आधुनिक शौचालय, शुद्ध पेयजल, बैठने की व्यवस्था और खान-पान केंद्र जैसी बेहतरीन मूलभूत सुविधाएं तैयार की गई हैं. इस सकारात्मक पहल से रामनगरी में धार्मिक पर्यटन को एक नई मजबूती और आध्यात्मिक पर्यटन को नई दिशा मिलेगी. ख़बरें फटाफट Ayodhya News: रामनगरी में धार्मिक पर्यटन और श्रद्धालुओं की सुविधाओं को एक नया विस्तार मिला है. पर्यटन विभाग ने ऐतिहासिक 84 कोसी परिक्रमा मार्ग पर स्थित छह प्रमुख आश्रमों का करीब 20.64 करोड़ रुपये की लागत से कायाकल्प कर दिया है. इस बड़ी परियोजना का उद्देश्य अयोध्या आने वाले देश-विदेश के श्रद्धालुओं, साधु-संतों और तीर्थयात्रियों को आधुनिक और बेहतर मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराना है, जिससे उनकी पावन धार्मिक यात्रा अधिक सहज, सुरक्षित और सुविधाजनक बन सके. 84 कोसी परिक्रमा मार्ग के 6 प्रमुख आश्रमों का हुआ कायाकल्पपरियोजना के अंतर्गत श्रवण कुमार आश्रम, आस्तिक आश्रम, ऋषि च्यवन आश्रम, मेधा ऋषि आश्रम, श्री बंधू बाबा आश्रम और महर्षि वामदेव आश्रम में बड़े पैमाने पर आधारभूत ढांचे का विकास किया गया है. इन आश्रमों में श्रद्धालुओं के ठहरने के लिए विश्राम गृह, स्वच्छता के लिए आधुनिक शौचालय, शुद्ध पेयजल व्यवस्था, खान-पान केंद्र, आकर्षक प्रवेश द्वार, साइनेज, स्तंभ, बैठने की व्यवस्था और इंटरप्रिटेशन वॉल जैसी आधुनिक सुविधाएं तैयार की गई हैं. इन व्यवस्थाओं से न केवल परिक्रमा मार्ग पर आने वाले श्रद्धालुओं को राहत मिलेगी, बल्कि धार्मिक पर्यटन को भी नई मजबूती मिलेगी. बुनियादी सुविधाओं के विस्तार से संतों और श्रद्धालुओं में हर्ष की लहरअयोध्या के साधु-संतों और आश्रमों से जुड़े लोगों ने इस विकास कार्य पर खुशी जताई है. उनका कहना है कि लंबे समय से इन धार्मिक स्थलों पर बुनियादी सुविधाओं के विस्तार की जरूरत महसूस की जा रही थी, जिसे अब पर्यटन विभाग ने प्राथमिकता के साथ पूरा किया है. संतों का मानना है कि इससे परिक्रमा करने वाले श्रद्धालुओं को ठहरने, भोजन, शौचालय और पेयजल जैसी आवश्यक सुविधाएं एक ही स्थान पर उपलब्ध होंगी, जिससे उनकी यात्रा पहले से अधिक आरामदायक बनेगी. अयोध्या के आध्यात्मिक पर्यटन को मिली नई दिशासंतों ने यह भी कहा कि अयोध्या में तेजी से बढ़ रही श्रद्धालुओं की संख्या को देखते हुए इस तरह की परियोजनाएं समय की मांग हैं. रामनगरी की धार्मिक गरिमा और सांस्कृतिक पहचान को बनाए रखने के साथ-साथ श्रद्धालुओं को आधुनिक सुविधाएं देना सरकार और पर्यटन विभाग की सकारात्मक पहल है. इससे न केवल स्थानीय धार्मिक स्थलों का स्वरूप बदला है, बल्कि अयोध्या के आध्यात्मिक पर्यटन को भी नई दिशा मिली है. आने वाले समय में यह विकास कार्य 84 कोसी परिक्रमा मार्ग को और अधिक व्यवस्थित, आकर्षक और श्रद्धालु-हितैषी बनाने में अहम भूमिका निभाएगा. About the Author Rahul Goel राहुल गोयल न्यूज़ 18 हिंदी में हाइपरलोकल (यूपी, उत्तराखंड, हरियाणा और हिमाचल प्रदेश) के लिए काम कर रहे हैं. मीडिया इंडस्ट्री में उन्हें 16 साल से ज्यादा का अनुभव है, जिसमें उनका फोकस हमेशा न्यू मीडिया और उसके त…और पढ़ें News18 न्यूजलेटर अब ईमेल पर इनसाइड स्टोरीज खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्स में सबमिट करें Location : Ayodhya,Faizabad,Uttar Pradesh Source link