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रांची में 14वीं संयुक्त असैनिक सेवा (JPSC) प्रारंभिक परीक्षा-2025 के परिणाम को लेकर विवाद गहराता जा रहा है। झारखंड लोकतांत्रिक क्रांतिकारी मोर्चा (JLKM) के केंद्रीय वरीय उपाध्यक्ष एवं छात्र आंदोलनकारी नेता देवेन्द्र नाथ महतो ने लोकभवन में राज्यपाल सं
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उन्होंने राज्यपाल को विस्तृत ज्ञापन सौंपते हुए परीक्षा परिणाम में सामने आई गड़बड़ियों और अभ्यर्थियों की समस्याओं से अवगत कराया। उन्होंने बताया कि इससे पहले भी इन तथ्यों को सार्वजनिक किया गया था, जिन्हें अब औपचारिक रूप से राज्यपाल के समक्ष रखा गया है।
छात्रों के भविष्य और आयोग की विश्वसनीयता का मामला
देवेन्द्र नाथ महतो ने कहा कि यह मामला केवल परीक्षा परिणाम तक सीमित नहीं है, बल्कि झारखंड के लाखों युवाओं के भविष्य, झारखंड लोक सेवा आयोग की विश्वसनीयता और संवैधानिक संस्थाओं की गरिमा से जुड़ा हुआ है।
उन्होंने जोर देकर कहा कि किसी भी हाल में छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने राज्यपाल से इस पूरे मामले में निष्पक्ष और त्वरित हस्तक्षेप की मांग करते हुए कहा कि भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करना अत्यंत आवश्यक है।
CBI जांच और मुख्य परीक्षा स्थगित करने की रखी मांग
ज्ञापन में कई प्रमुख मांगें रखीं। उन्होंने 14वीं JPSC पीटी परीक्षा-2025 की पूरी चयन प्रक्रिया की स्वतंत्र एवं उच्चस्तरीय CBI या सक्षम एजेंसी से जांच कराने की मांग की। साथ ही परिणाम पर संवैधानिक सदस्यों के हस्ताक्षर नहीं होने और श्रेणीवार कट-ऑफ अंक सार्वजनिक नहीं किए जाने के मुद्दे की जांच की बात कही।
सोशल मीडिया पर वायरल ओएमआर शीट की सत्यता की जांच कर दोषियों पर कार्रवाई की मांग भी उठाई गई। उन्होंने 18, 19 और 20 जुलाई 2026 को प्रस्तावित मुख्य परीक्षा को जांच पूरी होने और पारदर्शिता सुनिश्चित होने तक स्थगित करने की मांग की। इसके अलावा अभ्यर्थियों को प्रमाण-पत्र तैयार करने और परीक्षा की तैयारी के लिए पर्याप्त समय देने की आवश्यकता भी बताई।
राज्यपाल ने लिया संज्ञान, प्रतिनिधिमंडल रहा मौजूद
देवेन्द्र नाथ महतो ने स्पष्ट किया कि JLKM किसी राज्य या अभ्यर्थी के खिलाफ नहीं है, बल्कि उसकी लड़ाई केवल निष्पक्ष और पारदर्शी भर्ती प्रक्रिया सुनिश्चित करने की है। उन्होंने बताया कि राज्यपाल ने पूरे मामले को गंभीरता से सुना और ज्ञापन प्राप्त कर आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया।
इस दौरान प्रतिनिधिमंडल में रांची जिला अध्यक्ष गुणा भगत, महानगर अध्यक्ष संजय महतो, केंद्रीय सचिव विराट महतो और केंद्रीय संगठन महासचिव मनीष साहू भी उपस्थित रहे। इस पहल के बाद अब छात्रों और अभ्यर्थियों की नजर सरकार और आयोग की अगली कार्रवाई पर टिकी हुई है।