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कल्याण बनर्जी का एक बयान चर्चा में है. उन्होंने सुवेंदु अधिकारी की आलोचना करते हुए इंदिरा गांधी को घेर लिया. उन्हें तानाशाह बताने की कोशिश की. ऐसे समय में जब टीएमसी और कांग्रेस साथ आने की कोशिश कर रहे हैं, यह बयान खटास पैदा कर सकती है.
टीएमसी नेता कल्याण बनर्जी.
तृणमूल कांग्रेस सांसद कल्याण बनर्जी ने पश्चिम बंगाल में 21 जुलाई की रैली की अनुमति नहीं मिलने पर राज्य सरकार पर तीखा हमला बोला. मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि राज्य में लोकतांत्रिक विरोध की आवाज को दबाया जा रहा है. हालांकि, सरकार पर हमला करते-करते वे पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी को भी निशाने पर ले गए और ऐसी बात कह दी, जो कांग्रेस को पसंद तो नहीं आएगा.
कल्याण बनर्जी ने कहा कि मौजूदा सरकार विपक्ष की आवाज सुनने से डरती है और लोकतांत्रिक विरोध प्रदर्शनों को रोकना चाहती है. उन्होंने कहा , हम किसी भी कीमत पर पीछे हटने वाले नहीं हैं. ऐसी निरंकुश सरकार पहले कभी नहीं देखी. मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने इंदिरा गांधी और सिद्धार्थ शंकर रे का रास्ता अपना लिया है.
ममता के करीबी कल्याण बनर्जी ने कहा, विपक्ष की आवाज दबाने के लिए जो भी करना पड़े, वह किया जा रहा है, लेकिन हम इसका मुकाबला करेंगे. इस टिप्पणी ने कांग्रेस को भी असहज स्थिति में ला दिया, क्योंकि इंदिरा गांधी का अपमान कांग्रेस कैसे बर्दाश्त कर सकती है. यह बयान तब और भी असहज करने वाला है, जब टीएमसी कांग्रेस के हाथ मिलाकर चलने की कोशिशों में जुट है.
एकजुटता की बात भी
कल्याण बनर्जी ने यह भी कहा कि इंडिया गठबंधन की बैठक में यह फैसला लिया गया है कि सभी दल मिलकर सीजेआई को पत्र लिखेंगे. उनका आरोप था कि पश्चिम बंगाल, हरियाणा, महाराष्ट्र और बिहार के चुनावों में भाजपा ने फर्जी मतदान और वोट चोरी की, जिसे लेकर गठबंधन एकजुट होकर कानूनी लड़ाई लड़ेगा. अंडे फेंके जाने की घटनाओं पर उन्होंने कहा कि हाई कोर्ट ने भी राज्य की कानून-व्यवस्था पर चिंता जताई है. अदालत ने पुलिस महानिदेशक को निर्देश दिया है कि ऐसे मामलों में दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए और एफआईआर दर्ज की जाए.
कीर्ति आजाद ने क्या कहा?
कीर्ति आजाद ने कहा, 21 जुलाई की रैली के लिए हमने अनुमति मांगी थी, लेकिन जगह देखने गए लोगों पर भी एफआईआर दर्ज कर दी गई. भाजपा 2029 की हार से डर रही है और सांसदों को तोड़कर दो-तिहाई बहुमत चाहती है. 91 लाख वोट काट दिए गए. ऐसा महाराष्ट्र, दिल्ली, हरियाणा और बिहार में भी किया गया.भाजपा जीत नहीं सकती, इसलिए ऐसी हरकतें करती है.
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<strong>Gyanendra Kumar Mishra</strong> is a senior journalist with nearly <strong>20 years of experience</strong> in the media industry. He is currently associated with <strong>News18 Hindi </strong>(hindi.new…और पढ़ें