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झारखंड

नेशनल स्टेक होल्डर कंसल्टेशन का आज दूसरा दिन:झारखंड सरकार के कई महत्वपूर्ण...

झारखंड सरकार ने राज्य को निवेश, उद्योग, सूचना प्रौद्योगिकी और पर्यटन के नए केंद्र के रूप में विकसित करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। दिल्ली के होटल ताज में आयोजित दो दिवसीय नेशनल स्टेकहोल्डर कंसल्टेशन का गुरुवार को दूसरा दिन है। इस आयोजन में उद्योग जगत से मिले सुझावों के आधार पर नई औद्योगिक, आईटी, एआई और पर्यटन नीतियों को अंतिम रूप देने की दिशा तय होगी। कार्यक्रम के दौरान कई बड़े औद्योगिक घरानों के साथ एमओयू भी होने की संभावना है। गुरुवार को मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन विशेष फीडबैक सत्र की अध्यक्षता करेंगे। दूसरे दिन निवेश, औद्योगिक विकास और पर्यटन पर विस्तृत चर्चा होगी। राज्य की प्राकृतिक और सांस्कृतिक पर्यटन क्षमता को निवेशकों के सामने प्रस्तुत किया जाएगा। इसी दिन कई बड़े औद्योगिक घरानों के साथ एमओयू पर हस्ताक्षर होने की संभावना है। कार्यक्रम का समापन झारखंड की सांस्कृतिक विरासत पर आधारित प्रस्तुति से होगा। नए सुझावों के आधार पर संशोधित किया जाएगा सूचना प्रौद्योगिकी, उद्योग और पर्यटन विभाग द्वारा संयुक्त रूप से आयोजित इस सम्मेलन का उद्देश्य राज्य की नई विकास नीतियों को उद्योगों की जरूरतों के अनुरूप तैयार करना है। जिन नीतियों की अवधि समाप्त हो रही है, उन्हें नए सुझावों के आधार पर संशोधित किया जाएगा। जबकि नई नीतियों में भी उद्योग जगत की अनुशंसाओं को शामिल किया जाएगा। सरकार राज्य को औद्योगिक निवेश के लिए अधिक प्रतिस्पर्धी बनाने के उद्देश्य से अन्य राज्यों की तुलना में अधिक आकर्षक नीति तैयार करने पर काम कर रही है। साथ ही यूरोपीय कंपनियों के लिए उद्योग विभाग में विशेष कोषांग बनाने की प्रक्रिया भी जारी है। पहले दिन आईटी-एआई, दूसरे दिन निवेश व पर्यटन पर चर्चा बुधवार को पहले दिन डिजिटल गवर्नेंस, आईटी इंफ्रास्ट्रक्चर, आईटी पार्क, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और डिजिटल निवेश पर विशेषज्ञों के साथ चर्चा हुई। इसके बाद सरकार और आईटी कंपनियों के बीच बी-टू-जी संवाद आयोजित किया गया। आईटी, एआई, पर्यटन और निवेश पर विशेष फोकस सम्मेलन में झारखंड एआई पॉलिसी, निवेश प्रोत्साहन नीति, पर्यटन नीति, टेक्सटाइल्स पॉलिसी, जियाडा रेगुलेशंस और पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप पॉलिसी के प्रारूप पर विस्तार से चर्चा होगी। खनन, आधारभूत संरचना, इस्पात, नवीकरणीय ऊर्जा, ऑटोमोबाइल, खाद्य प्रसंस्करण और डिजिटल गवर्नेंस जैसे क्षेत्रों में निवेश की संभावनाओं पर भी मंथन होगा। यह आयोजन राज्य के विजन-2050 को गति देने और पिछले वर्ष दावोस में हुए वैश्विक निवेश संवाद को आगे बढ़ाने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है। गूगल, एक्सेंचर, आईबीएम समेत प्रमुख कंपनियां होंगी शामिल जानकारी के मुताबिक, सरकार आईटी सेक्टर की कंपनी टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज, इंफोसिस, गूगल, ओरेकल, माइक्रोसॉफ्ट, विप्रो, एचसीएल, टेक महिंद्रा, एलटीआईमाइंडट्री, कॉग्निजेंट, एक्सेंचर, आईबीएम इंडिया, कैपजेमिनी इंडिया के साथ कई विषयों पर मंथन करेगी। इसके अलावा बड़ी औद्योगिक कंपनी रिलायंस इंडस्ट्रीज, टाटा स्टील, लार्सन एंड टुब्रो, महिंद्रा एंड महिंद्रा, टाटा मोटर्स, अदाणी, हिंदुस्तान यूनिलीवर, मारुति सुजुकी, जेएसडब्ल्यू स्टील, अल्ट्राटेक सीमेंट, ग्रासिम इंडस्ट्रीज, मेक माई ​ट्रिप, रेडिशन, इज माई ट्रिप के प्रतिनिधि भी बैठक में शामिल होंगे। Source link

झारखंड

दुमका जिले के 133 गांवों में विद्युतीकरण कार्य पूरा

दुमका | मुख्यमंत्री उज्ज्वल झारखंड योजना (एमयूजेवाई) के तहत दुमका जिले के दूरस्थ एवं बिजली से वंचित गांवों, टोलों तथा मुहल्लों में विद्युतीकरण का कार्य तेजी से किया जा रहा है। विद्युत आपूर्ति प्रमंडल दुमका के कार्यपालक अभियंता अमिताभ बच्चन सोरेन ने मंगलवार को बताया कि इस योजना के तहत जिले के 190 चिन्हित गांवों में विद्युतीकरण का लक्ष्य निर्धारित किया गया है, जिसमें से अब तक 133 गांवों में यह कार्य सफलतापूर्वक पूरा किया जा चुका है। कार्यपालक अभियंता ने बताया कि योजना के तहत अब तक 1025 घरों में बिजली मीटर लगाकर विद्युत कनेक्शन उपलब्ध कराया जा चुका है, जिससे ग्रामीण परिवारों को बिजली की सुविधा मिलने लगी है। उन्होंने बताया कि बेहतर एवं निर्बाध विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए जिले के विभिन्न स्थानों पर 108 नए ट्रांसफॉर्मर स्थापित किए गए हैं। इसके अलावा विद्युत वितरण प्रणाली को मजबूत बनाने के लिए 130 किलोमीटर एलटी केबल तथा 26 सर्किट किलोमीटर एचटी रैबिट वायर बिछाने का कार्य भी पूरा किया जा चुका है। कार्यपालक अभियंता अमिताभ बच्चन सोरेन ने कहा कि शेष बचे कार्यों को भी निर्धारित समय-सीमा के भीतर पूरा करने के लिए काम किया जा रहा है। Source link

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अन्न योजना में सरकार ने क्या बदला कि बिफर पड़े केरल के...

होमताजा खबरदेश अन्न योजना में सरकार ने क्या बदला कि बिफर पड़े केरल के पूर्व सीएम विजयन Last Updated:July 08, 2026, 23:32 IST सरकार द्वारा अन्न योजना में प्रस्‍‍तावित बदलाव को लेकर केरल के पूर्व सीएम पिनराई विजयन ने विरोध जताया है. विजयन ने इसे गरीबों की खाद्य सुरक्षा पर हमला बताते हुए तत्काल वापस लेने की मांग की है. माकपा और अखिल भारतीय कृषि मजदूर यूनियन ने प्रस्ताव का कड़ा विरोध किया है. पिनराई विजयन ने इसे गरीबों की खाद्य सुरक्षा पर हमला बताते हुए तत्काल वापस लेने की मांग की. नई दिल्ली. केन्‍द्र सरकार द्वारा राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम में प्रस्तावित संशोधन को लेकर केरल में राजन‍ीति गरमा गयी है. केरल के पूर्व मुख्यमंत्री पिनराई विजयन ने इसे गरीबों की खाद्य सुरक्षा पर हमला बताते हुए तत्काल वापस लेने की मांग की है. माकपा और अखिल भारतीय कृषि मजदूर यूनियन ने केंद्र सरकार के प्रस्ताव का कड़ा विरोध किया है. प्रस्तावित संशोधन के तहत अंत्योदय अन्न योजना (AAY) में अभी तक एक परिवार को 35 किलो खाद्यान्न की मिलता है. सरकार का इस व्यवस्था को बदलकर प्रति व्यक्ति 7 किलोग्राम प्रतिमाह करने का प्रस्ताव है. हालांकि एक परिवार के लिए अधिकतम 35 किलोग्राम की सीमा पहले की तरह ही रहेगी. विपक्षी दलों और किसान संगठनों का कहना है कि इससे बड़े परिवारों को कोई अतिरिक्त लाभ नहीं मिलेगा, जबकि छोटे परिवारों का मौजूदा राशन घट जाएगा. माकपा और अखिल भारतीय कृषि मजदूर यूनियन का कहना है कि सरकार का यह तर्क भी सही नहीं है कि इससे छोटे और बड़े परिवारों के बीच असमानता दूर होगी. उनका कहना है कि पांच से अधिक सदस्यों वाले परिवारों को अब प्रति व्यक्ति 7 किलो अनाज नहीं मिल पाएगा, क्योंकि 35 किलो की अधिकतम सीमा लागू रहेगी. The BJP-led Union Government’s move to shift Antyodaya Anna Yojana eligibility from families to individuals is a direct attack on the food security of millions. By reducing the ration entitlement of poor households, it disproportionately penalises states like Kerala. Instead of… Source link

झारखंड

दूल्हे की कार से लेकर दुल्हन की वरमाला तक… जमशेदपुर में साकची...

Last Updated:July 08, 2026, 06:49 IST Jamshedpur Sakchi flower market: जमशेदपुर की साकची फूल वाली गली ताजे, रंग-बिरंगे फूलों के लिए मशहूर है. यहां शादी, जन्मदिन व अन्य आयोजनों के लिए बेंगलुरु रोज से पुणे जिप्सी तक के फूल मिलते हैं. इस बाजार की सुंदरता देखकर आप फिदा हो जाएंगे. आइये जानते हैं इस बाजार के बारे में. जमशेदपुर के साकची स्थित प्रसिद्ध फूल वाली गली शहरभर में अपने रंग-बिरंगे और ताजे फूलों के लिए जानी जाती है. अगर आप किसी शादी, जन्मदिन, धार्मिक आयोजन या किसी खास अवसर के लिए बेहतरीन फूलों की तलाश कर रहे हैं तो यह जगह आपके लिए किसी स्वर्ग से कम नहीं है. यहां सुबह से लेकर देर शाम तक फूलों की खुशबू और रंगों की बहार देखने को मिलती है, जो हर आने वाले का मन मोह लेती है. इस बाजार की सबसे बड़ी खासियत यह है कि यहां आपको देश के अलग-अलग हिस्सों से आए फूल आसानी से मिल जाते हैं. बेंगलुरु रोज से लेकर पुणे जिप्सी तक, हर तरह के फूलों की शानदार वैरायटी यहां उपलब्ध रहती है. लाल, पीले, गुलाबी, सफेद, बैंगनी और कई आकर्षक रंगों के फूल इस गली की पहचान हैं. फूलों की ताजगी और गुणवत्ता के कारण यहां रोज बड़ी संख्या में ग्राहक पहुंचते हैं. शादी-विवाह के सीजन में इस बाजार की रौनक और भी बढ़ जाती है. यहां गेंदा फूल की पारंपरिक वरमालाओं से लेकर ऑर्किड और विदेशी फूलों से तैयार की गई आकर्षक वरमालाएं उपलब्ध हैं. दूल्हा-दुल्हन की पसंद के अनुसार विशेष डिजाइन की मालाएं भी तैयार की जाती हैं, जो विवाह समारोह की खूबसूरती को कई गुना बढ़ा देती हैं. Add News18 as Preferred Source on Google अगर आप किसी को खास महसूस कराना चाहते हैं तो यहां बने खूबसूरत गुलदस्ते भी आपका दिल जीत लेंगे. जन्मदिन, वर्षगांठ, स्वागत समारोह या सम्मान कार्यक्रम के लिए अलग-अलग डिजाइन और बजट के गुलदस्ते तैयार किए जाते हैं. ग्राहक अपनी पसंद के फूल चुनकर भी विशेष बुके बनवा सकते हैं, जिसे कुशल कारीगर बेहद आकर्षक तरीके से सजाते हैं. सिर्फ वरमाला और गुलदस्ते ही नहीं, बल्कि शादी-ब्याह में बारातियों के लिए फूलों की सजावट, स्टेज डेकोरेशन और गाड़ियों की फ्लावर डेकोरेशन का काम भी यहां बड़े स्तर पर किया जाता है. दूल्हे की कार हो या शादी का पूरा मंडप, यहां के कारीगर फूलों के जरिए उसे शानदार और यादगार रूप देने में माहिर हैं. उनकी कलाकारी और अनुभव हर सजावट में साफ नजर आता है. इस फूल बाजार में करीब 7 से 8 प्रमुख दुकानें हैं, जहां वर्षों से अनुभवी और माहिर कारीगर काम कर रहे हैं. फूलों को सजाने की उनकी कला इतनी शानदार है कि ग्राहक बार-बार यहां आने के लिए मजबूर हो जाते हैं. यदि आप भी किसी खास मौके को फूलों की खूबसूरती से सजाना चाहते हैं, तो साकची की फूल वाली गली आपके लिए सबसे बेहतरीन और भरोसेमंद ठिकाना साबित हो सकती है. Source link

झारखंड

विस्फोटक बरामदगी में तीन युवकों को दस साल की सजा

दुमका| तृतीय अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश राजेश सिन्हा की अदालत ने मंगलवार को दस साल पहले काठीकुंड में विस्फोटक के साथ पकड़ाए बिहार के तीन लोगों को दोषी करार देते हुए दस-दस साल व दस हजार रुपया जुर्माना की सजा सुनाई है। जुर्माना की राशि अदा नहीं करने पर बिहार के शेखपुरा जिले के पसना निवासी सुल्तान वहीब, अरियान के अरविंड यादव व नालंदा के हरनौत निवासी गणेश कुमार को छह माह की अतिरिक्त सजा काटनी होगी। लोक अभियोजक चंपा कुमारी ने बताया कि वर्ष 16 में काठीकुंड थाना की पुलिस ने विस्फोटक भरा वाहन जब्त किया था। वाहन में सवार तीन लोगों को पकड़ा गया था। तत्कालीन थाना प्रभारी सचिन ने अपने ही बयान पर मामला दर्ज किया था। पहले आरोपितों ने कहा कि सारी सामग्री शिकारीपाड़ा खनन क्षेत्र के लिए ले जा रहे हैं, लेकिन इसके कागजात नहीं दिखा सके। पुलिस ने मामला दर्ज कर तीनों को जेल भेजा। अदालत ने पीपी की दलील और पुलिस द्वारा दिए गए प्रमाण के आधार पर तीनों को दोषी करार देते हुए सजा सुनाई। Source link

शिक्षा

RBI Auction 32k Crore Govt Security

Hindi News Career RBI Auction 32k Crore Govt Security | India Current Affairs List July 9, 2026 11 मिनट पहले कॉपी लिंक आज के प्रमुख करेंट अफेयर्स, जो सरकारी नौकरियों की तैयारी कर रहे स्टूडेंट्स के लिए जरूरी हैं- इंटरनेशनल (INTERNATIONAL) 1. विदेश मंत्री एस जयशंकर देशों की यात्रा में कुवैत पहुंचे विदेश मंत्री एस जयशंकर ने 7 से 9 जुलाई तक कुवैत पहुंचे हैं। ये उनकी चार खाड़ी देशों कतर, बहरीन, कुवैत और ओमान की यात्रा का हिस्सा है। इस यात्रा के दौरान एस जयशंकर ने कुवैत के विदेश मंत्री शेख जर्राह जाबेर अल-अहमद अल-सबाह से बात की। इस यात्रा के दौरान जयशंकर ने भारत–कुवैत द्विपक्षीय संबंधों पर बात की, ट्रेड, बिजनेस इंवेस्टमेंट और एनर्जी को-ऑपरेशन पर बात हुई। इस यात्रा का उद्देश्य भारत और खाड़ी देशों के साथ रणनीतिक साझेदारी को और मजबूत करना तथा रीजनल और ग्लोबल मुद्दों पर विचार-विमर्श करना है। ये यात्रा भारत के संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UNSC) अभियान के लिए खाड़ी देशों का समर्थन मजबूत करने के व्यापक कूटनीतिक प्रयास का हिस्सा है। एस जयशंकर इस यात्रा के दौरान सबसे पहले 5-6 जुलाई को कतर पहुंचे थे। कतर में जयशंकर ने कतर के पीएम और विदेश मंत्री शेख मोहम्मद बिन अब्दुल रहमान अल थानी से मुलाकात की। इस चर्चा में ऊर्जा, व्यापार, निवेश और सुरक्षा पर चर्चा हुई। कतर के बाद एस जयशंकर बहरीन पहुंचे थे। बहरीन के पीएम प्रिंस सलमान बिन हमद अल खलीफा से उन्होंने मुलाकात की थी। इस यात्रा के अगले दौर में विदेश मंत्री एस जयशंकर 13 जुलाई को न्यूयॉर्क में संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UNSC) के 2028-29 कार्यकाल के लिए शामिल होंगे। 15 जुलाई को एस जयशंकर ब्रुसेल्स में तीसरी भारत-यूरोपीय संघ (EU) व्यापार और प्रौद्योगिकी परिषद की बैठक में भी हिस्सा लेंगे। विदेश मंत्री एस. जयशंकर 5 जुलाई से 15 जुलाई तक 6 देशों की आधिकारिक यात्रा पर निकले हैं। नेशनल (NATIONAL) 2. नवी मुंबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट से दवाओं के आयात को मंजूरी 8 जुलाई को केंद्र सरकार ने नवी मुंबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट के जरिए दवाइयों (Drugs) के आयात की मंजूरी दी। स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय ने नोटिफिकेशन जारी कर ये मंजूरी दी है। एयरपोर्ट के जरिए दवाइयों के आयात के लिए ड्रग्स रूल्स, 1945 के नियम 43A में संशोधन किया गया। इस फैसले के बाद भारत में दवाओं के आयात के लिए स्वीकृत बंदरगाहों/हवाई अड्डों की संख्या 42 हो गई। इस फैसले का उद्देश्य फार्मास्युटिकल सप्लाई चैन को मजबूत करना और लॉजिस्टिक्स को बेहतर बनाना है। नवी मुंबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट को मंजूरी बिजनेस को बढ़ावा देने और दवाओं की तेज एवं सुचारु उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए महत्वपूर्ण है। सरकार के इस कदम से फार्मा कंपनियों की परिवहन लागत भी कम होगी। इसमें दवाओं की गुणवत्ता की जांच के लिए एयरपोर्ट पर विशेष कस्टम और स्वास्थ्य कार्यालय भी स्थापित किए जाएंगे। नवी मुंबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट का उद्धघाटन 5 जुलाई 2026 को ही हुआ है। इसकी घरेलू उड़ानों के बाद 15 जुलाई 2026 से अंतरराष्ट्रीय यात्री सेवाएं शुरू होंगी। नवी मुंबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट भारत की सबसे बड़ी ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट परियोजनाओं में से एक है। स्पोर्ट्स (SPORTS) 3. टेनिस प्लेयर नोवाक जोकोविच ने विंबलडन का सबसे लंबा मैच खेला 8 जुलाई को नोवाक जोकोविच विंबलडन इतिहास का सबसे लंबा पुरुष एकल क्वार्टर फाइनल जीतने वाले खिलाड़ी बने। जोकोविच ने ऑल इंग्लैंड क्लब के सेंटर कोर्ट पर अपने से 14 साल छोटे कनाडा के फेलिक्स ऑगर-अलियासिमे को 5 घंटे 15 मिनट में से हराया। इससे पहले 2008 में रेनर शुटलर और अरनो क्लेमेंट के बीच का क्वार्टर फाइनल 5 घंटे 12 मिनट तक चला था। इसके साथ ही जोकोविच ओपन एरा में सबसे ज्यादा 5 सेट के ग्रैंड स्लैम मैच खेलने वाले खिलाड़ी भी बन गए हैं। जोकोविच ने ग्रैंड स्लैम करियर का 50वां 5 सेट सिंगल्स मैच खेलकर स्विट्जरलैंड के स्टेन वावरिंका (49 बार) का भी रिकॉर्ड तोड़ा। जोकोविच ओपन एरा में किसी एक ग्रैंड स्लैम में 15 मेंस सिंगल्स सेमीफाइनल खेलने वाले तीसरे खिलाड़ी भी बने। रोजर फेडरर ने ऑस्ट्रेलिया ओपन और राफेल नडाल ने फ्रेंच ओपन में यह उपलब्धि हासिल की है। ओपन एरा टेनिस में ओपन एरा उस ऐतिहासिक समय को बताता है, जो 1968 में शुरू हुई और आज तक जारी है। ओपन एरा की शुरुआत के बाद से ही प्रोफेशनल और शौकिया अन प्रोफेशनल यानी, शौकिया खेलने वाले दोनों खिलाड़ियों को सभी प्रमुख ग्रैंड स्लैम टूर्नामेंटों में एक साथ खेलें करने की अनुमति मिली है। 1968 से पहले तक शौकिया खिलाड़ी ग्रैंड स्लैम (विंबलडन, फ्रेंच ओपन आदि) में खेलते थे, जहां उन्हें को प्राइज मनी नहीं मिलती थी। वही प्रोफेशनल खिलाड़ी अलग प्रदर्शन दौरों (Tours) में पैसे के लिए खेलते थे और उन्हें ग्रैंड स्लैम में खेलने की मनाही थी। नोवाक ग्रैंड स्लैम में 15 मेंस सिंगल्स सेमीफाइनल खेलने वाले तीसरे खिलाड़ी भी बने। नेशनल (NATIONAL) 4. RBI फंड जुटाने के लिए 32 हजार करोड़ की गवर्नमेंट सिक्योरिटीज बेचेगा 8 जुलाई को भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) भारत सरकार के लिए फंड जुटाने को 32,000 करोड़ रुपए की सरकारी प्रतिभूतियों (गवर्नमेंट सिक्योरिटीज) की नीलामी करेगी। ये नीलामी 10 जुलाई को की जाएगी और इनका सेटलमेंट 13 जुलाई को होगा। बता दें कि सरकार अपनी उधारी के लिए सरकारी प्रतिभूतियां, ट्रेजरी बिल जारी करती है। जिनकी नीलामी RBI सरकार के बैंकर और ऋण प्रबंधक के तौर में कराता है। RBI के अनुसार, नीलामी मुंबई ऑफिस से ‘मल्टीपल प्राइस मेथड’ (कई कीमतों वाली विधि) का इस्तेमाल करके की जाएगी। कॉम्पिटिटिव (प्रतिस्पर्धी) और नॉन-कॉम्पिटिटिव (गैर-प्रतिस्पर्धी) दोनों तरह की बोलियां 10 जुलाई को RBI के ई-कुबेर प्लेटफॉर्म के जरिए इलेक्ट्रॉनिक रूप से जमा की जाएंगी। पर्सनल इन्वेस्टर RBI के रिटेल डायरेक्ट पोर्टल के जरिए इसमें हिस्सा ले सकते हैं। ये नीलामी सॉवरेन डेट इंस्ट्रूमेंट्स (सरकारी कर्ज के साधन) जारी करके अपने खर्चों को पूरा करने के लिए सरकार के मार्केट बॉरोइंग प्रोग्राम का हिस्सा है। मिसलीनियस 5. सभी राज्यों में पुलिस की एक ही खाकी वर्दी होगी 8 जुलाई को वन नेशन वन यूनिफॉर्म के तहत देशभर की पुलिस के लिए एक जैसी खाकी वर्दी तय की गई है। गृह मंत्रालय और ब्यूरो ऑफ पुलिस रिसर्च एंड डेवलपमेंट (BPR&D) के प्रोसेस के बाद खाकी वर्दी पर ये फैसला हुआ है। इस फैसले के बाद सभी राज्यों

झारखंड

राज्य मिलेट मिशन को लेकर किसानों के ऑनलाइन पंजीकरण का शुभारंभ

लोहरदगा|झारखंड राज्य मिलेट मिशन योजना के अंतर्गत किसानों के ऑनलाइन पंजीकरण का शुभारंभ मंगलवार को कृषि विज्ञान केंद्र, लोहरदगा परिसर में विशेष कैंप लगाकर किया गया। कार्यक्रम में जिला कृषि पदाधिकारी, लोहरदगा, जिला प्रबंधक प्रज्ञा केंद्र व कृषि विभाग के अधिकारियों ने किसानों को योजना की विस्तृत जानकारी दी। इस अवसर पर किसानों को बताया गया कि योजना का लाभ लेने के लिए ऑनलाइन पंजीकरण अनिवार्य है। पंजीकरण के दौरान आवश्यक दस्तावेजों की जानकारी भी दी गई व किसानों से सभी जरूरी दस्तावेज लेकर अपने निकटवर्ती प्रज्ञा केंद्र में पंजीकरण कराने की अपील की गई। अधिकारियों ने बताया कि झारखंड राज्य सरकार द्वारा मिलेट फसलों की खेती को बढ़ावा देने के लिए प्रति एकड़ 3,000 रुपए की प्रोत्साहन राशि प्रदान की जाएगी। यह राशि उन किसानों को मिलेगी, जो मिलेट फसलों की खेती करेंगे। कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिकों ने मिलेट फसलों की बढ़ती मांग, उनके व्यापारिक महत्व, स्वास्थ्य लाभ व भविष्य की संभावनाओं पर विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि मड़वा (रागी) के अलावा किसान ज्वार, बाजरा, कोदो, कंगनी और सांवा जैसी अन्य मिलेट फसलों की खेती कर बेहतर आय अर्जित कर सकते हैं। Source link

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15000 की बकरियां 1500 में उपलब्ध! सरकार की इस योजना से शुरू...

Last Updated:July 08, 2026, 23:39 IST Bihar Goat Farming Scheme: बिहार में पशुपालन का दायरा बढ़ रहा है. हर उम्र के लोग मुर्गी पालन, गौ पालन और बकरी पालन की ओर कदम बढ़ा रहे हैं. सरकार भी इच्छुक पशुपालकों को व्यवसाय की ओर कदम बढ़ाने को साथ खड़ी है. बिहार सरकार की ‘समेकित बकरी एवं भेड़ विकास योजना’ के तहत पशुपालकों को 3 बकरियां कम कीमत पर मिलती हैं. इस योजना में 90% तक अनुदान मिलता है. आवेदन विभागीय पोर्टल पर करें. ख़बरें फटाफट जहानाबाद: बिहार में पशुपालन का दायरा बढ़ता ही जा रहा है. हर उम्र के लोग मुर्गी पालन, गौ पालन और बकरी पालन की ओर कदम बढ़ाते जा रहे हैं. सरकार भी इच्छुक पशुपालकों को व्यवसाय की ओर कदम बढ़ाने को साथ खड़ी है. कई तरह की योजनाएं संचालित हो रही है, जिसके माध्यम से बहुत कम दर पर पशुपालन किया जा सकता है. इन्हीं योजनाओं में से एक है – बकरी पालन योजना. इसके तहत समेकित बकरी एवं भेड़ विकास योजना चलाई जा रही है. यह स्कीम प्रदेशवासियों के लिए बहुत ही लाभकारी है. इस योजना के तहत इच्छुक पशुपालकों को 3 बकरियां उपलब्ध कराती है वो भी बहुत ही कम कीमत पर. मिलता है 90 प्रतिशत तक अनुदानसमेकित बकरी एवं भेड़ विकास योजना सरकार की महत्वाकांक्षी योजना है. इसके तहत राज्य के किसानों को अनुदानित दर पर रोजगार करने को बकरियां उपलब्ध कराई जाती है. इसमें प्रति व्यक्ति 3 बकरी रोजगार करने को दी जाती है. हालांकि, इसके लिए अनुसूचित जाति एवं जनजाति के इच्छुक व्यक्ति को 90% अनुदान पर बकरियां मुहैया कराई जाती है तो वहीं जनरल कास्ट और ओबीसी को 80% अनुदान पर बकरियां उपलब्ध कराई जाती है. इसके लिए हर साल सभी जिले को लक्ष्य जारी किया जाता है, जिसके तहत बकरियां उपलब्ध कराई जाती है. कैसे उठाएं इस सरकारी स्कीम का लाभ जहानाबाद पशुपालन कार्यालय में कार्यरत सहायक कुक्कट पदाधिकारी डॉक्टर रानी ने कहा कि हर साल समेकित बकरी एवं भेड़ विकास योजना के तहत जिले को लक्ष्य मिलता है. इसके बाद अभ्यर्थी आवेदन करके योजना का लाभ प्राप्त कर सकते हैं. हालांकि, इसका चयन विभागीय स्क्रीनिंग के बाद होता है. विभाग से चयनित लाभुक को सरकार से अधिकृत एजेंसी के माध्यम से बकरियां उपलब्ध करवाई जाती है. इसका लाभ उठाने के लिए सबसे पहले विभागीय पोर्टल पर आवेदन करना होता है. 15000 की बकरियां 1500 में उपलब्धउन्होंने कहा कि 2026-27 के लिए अब तक योजना जिले में नहीं आई है. हालांकि, 2025-26 के लिए 85 लक्ष्य प्राप्त हुआ था, लेकिन प्राप्त आवंटन राशि के तहत 56 के लिए योजना आई है. इसमें 39 अनुसूचित जाति और जनजाति तथा सामान्य वर्ग के लिए 17 लक्ष्य प्राप्त हुआ है. इस योजना के तहत यदि 3 बकरी की सरकारी कीमत 15000 रुपये तय की गई है तो चयनित लाभुक में से सामान्य वर्ग को 3000 रुपए और अनुसूचित जाति के लाभुक को 1500 रुपए में बकरी मुहैया कराई जाएगी. इच्छुक व्यक्ति इस योजना का लाभ प्राप्त करने के लिए साइबर कैफे से भी आवेदन कर सकते हैं. About the Author Amit ranjan मैंने अपने 12 वर्षों के करियर में इलेक्ट्रॉनिक, प्रिंट और डिजिटल मीडिया में काम किया है। मेरा सफर स्टार न्यूज से शुरू हुआ और दैनिक भास्कर, दैनिक जागरण, दैनिक भास्कर डिजिटल और लोकल 18 तक पहुंचा। रिपोर्टिंग से ले…और पढ़ें News18 न्यूजलेटर अब ईमेल पर इनसाइड स्‍टोर‍ीज खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्‍स में सबमिट करें Location : Jehanabad,Bihar Source link

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टाटानगर रेलवे स्टेशन के पास घर की तलाश? रेल कर्मचारियों के लिए...

Last Updated:July 08, 2026, 07:22 IST टाटानगर रेलवे स्टेशन के नजदीक किराये का मकान ढूंढने वालों के लिए कीताडीह सबसे बेस्ट इलाका है. यह स्टेशन से मात्र एक किलोमीटर की दूरी पर है. यहां शुरुआत में मात्र 2,000 रुपये महीने से रेंट शुरू हो जाता है. यह क्षेत्र रेल कर्मचारियों और उनके परिवारों के लिए बेहद सुरक्षित और सुविधाजनक है. टाटानगर रेलवे स्टेशन पूर्वी भारत के सबसे व्यस्त रेलवे स्टेशनों में से एक है, जहां प्रतिदिन हजारों यात्रियों की आवाजाही होती है. स्टेशन और रेलवे से जुड़े विभिन्न विभागों में करीब 1000 से अधिक रेल कर्मचारी कार्यरत हैं. इनमें से कई कर्मचारी जमशेदपुर के बाहर से यहां नौकरी करने आते हैं. कुछ कर्मचारी अकेले रहते हैं, जबकि कई अपने परिवार के साथ शहर में बसना पसंद करते हैं. ऐसे में उनके लिए स्टेशन के आसपास एक सुरक्षित, सुविधाजनक और किफायती आवासीय क्षेत्र की तलाश सबसे बड़ी प्राथमिकता होती है. यदि आप भी टाटानगर रेलवे स्टेशन के नजदीक किराये के मकान की तलाश कर रहे हैं, तो कीताडीह इलाका आपके लिए एक बेहतरीन विकल्प साबित हो सकता है. यह क्षेत्र स्टेशन से मात्र लगभग एक किलोमीटर की दूरी पर स्थित है, जिससे रेल कर्मचारियों को ड्यूटी पर आने-जाने में काफी सुविधा होती है. कम दूरी होने के कारण समय और परिवहन खर्च दोनों की बचत होती है. कीताडीह की सबसे बड़ी खासियत यहां उपलब्ध किराये के मकानों की विविधता है. चाहे आप बैचलर हों या परिवार के साथ रहने की योजना बना रहे हों, यहां हर जरूरत के अनुसार मकान उपलब्ध हैं. किराये की शुरुआत लगभग 2,000 रुपये प्रतिमाह से होती है, जबकि बेहतर सुविधाओं वाले बड़े और फुली फर्निश्ड मकानों का किराया 20,000 रुपये तक पहुंच सकता है. लोगों को यहां सिंगल रूम, 1BHK, 2BHK और बड़े पारिवारिक मकानों के कई विकल्प आसानी से मिल जाते हैं. Add News18 as Preferred Source on Google सुविधाओं की बात करें तो इस इलाके में टाइल्स और मार्बल फ्लोरिंग वाले आधुनिक मकान भी उपलब्ध हैं. कई घरों में फर्नीचर, पानी की व्यवस्था, पार्किंग और अन्य जरूरी सुविधाएं पहले से मौजूद रहती हैं. यही कारण है कि रेलवे कर्मचारियों के अलावा निजी कंपनियों में काम करने वाले लोग भी इस इलाके को पसंद करते हैं. परिवार के साथ रहने वालों के लिए भी कीताडीह एक आदर्श क्षेत्र माना जाता है. यहां से दो से तीन किलोमीटर के दायरे में शहर के कई प्रतिष्ठित स्कूल स्थित हैं. सेंट जेवियर्स स्कूल, केंद्रीय विद्यालय और केरला पब्लिक स्कूल जैसे शिक्षण संस्थान बच्चों की बेहतर शिक्षा के लिए उपलब्ध हैं. इससे अभिभावकों को बच्चों की पढ़ाई को लेकर अतिरिक्त चिंता नहीं करनी पड़ती. इसके अलावा कीताडीह के चारों ओर बाजार, दैनिक जरूरतों की दुकानें, मेडिकल स्टोर और अन्य आवश्यक सुविधाएं मौजूद हैं. पार्किंग के लिए पर्याप्त जगह और अच्छी कनेक्टिविटी इस इलाके को और भी आकर्षक बनाती है. यही वजह है कि टाटानगर रेलवे स्टेशन के नजदीक रहने की इच्छा रखने वाले रेल कर्मचारियों और उनके परिवारों के लिए कीताडीह आज एक पसंदीदा और भरोसेमंद आवासीय विकल्प बन चुका है. Source link

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कुलसचिव राजीव रंजन का इस्तीफा, पारिवारिक कारणों का दिया हवाला

दुमका | दुमका| सिदो कान्हू मुर्मू विश्वविद्यालय के कुलसचिव राजीव रंजन ने मंगलवार को अपने पद से इस्तीफा दे दिया। उन्होंने विश्वविद्यालय के कुलपति को सौंपे अपने इस्तीफे में स्वास्थ्य और पारिवारिक कारणों का हवाला दिया है। राजीव रंजन ने करीब एक वर्ष पहले कुलसचिव पद की जिम्मेदारी संभाली थी और उनका कार्यकाल अभी एक वर्ष और शेष था। कुलसचिव के इस्तीफे के बाद कुलपति ने विश्वविद्यालय के सीसीडीसी अब्दुल सत्तार को कुलसचिव पद का प्रभार देने के लिए अधिसूचना जारी कर दी है। विश्वविद्यालय प्रशासन में अचानक हुए इस बदलाव को लेकर शिक्षक व कर्मचारियों के बीच चर्चा तेज हो गई है। फिलहाल इस्तीफे के पीछे की वास्तविक वजहों को लेकर विश्वविद्यालय की ओर से कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है। Source link

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