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झारखंड

स्क्रीन चटकी, बैटरी खराब या मदरबोर्ड डेड? जमशेदपुर के इस मार्केट में...

Last Updated:May 02, 2026, 16:35 IST Jamshedpur Famous Mobile Repair Market: जमशेदपुर की जवाहर मार्केट मोबाइल रिपेयरिंग के लिए बहुत फेमस है और ये बाजार कम से कम 20-25 साल पुरानी है. यहां लाइन से इतनी ही दुकानें हैं जहां मोबाइल से जुड़ी हर एक्सेसरी भी मिलती हैं और आंखों के सामने फोन ठीक करके दिया जाता है. ख़बरें फटाफट जमशेदपुर. आज के समय में स्मार्टफोन हर किसी की जरूरत बन चुका है. चाहे पढ़ाई हो, काम हो या मनोरंजन – हर चीज के लिए लोग अपने फोन पर निर्भर हैं. लेकिन परेशानी तब बढ़ जाती है, जब फोन खराब हो जाता है और सर्विस सेंटर में भी ठीक नहीं हो पाता. ऐसे में लोग अक्सर नया फोन खरीदने की सोचने लगते हैं. लेकिन जमशेदपुर का एक ऐसा बाजार है, जहां आपकी यह चिंता काफी हद तक खत्म हो सकती है. यह है शहर का मशहूर जवाहर मार्केट, जिसे सुपर सेल मार्केट के नाम से भी जाना जाता है. यह बाजार मोबाइल रिपेयरिंग के लिए किसी हब से कम नहीं है. यहां 20 से 25 साल पुराने फोन भी आसानी से ठीक कर दिए जाते हैं, जो आज के समय में बेहद दुर्लभ बात है. मिलता है हर पार्टइस मार्केट की सबसे खास बात यह है कि यहां आपको लगभग हर तरह के मोबाइल पार्ट्स मिल जाते हैं. चाहे फोन की स्क्रीन टूट गई हो, बैटरी खराब हो, मदरबोर्ड में दिक्कत हो या कोई छोटा-मोटा पार्ट बदलना हो – हर समस्या का समाधान यहां मौजूद है. दुकान संचालक शेख आबिद बताते हैं कि इस मार्केट में करीब 25 से 30 मोबाइल रिपेयरिंग की दुकानें हैं, जहां अनुभवी कारीगर काम करते हैं. रिपेयरिंग भी होती हैयहां सिर्फ रिपेयरिंग ही नहीं, बल्कि फोन से जुड़ी कई अन्य सेवाएं भी मिलती हैं. जैसे – स्क्रीन लेमिनेशन, बैक कवर बदलना, सॉफ्टवेयर अपडेट करना और नए-पुराने सभी मॉडल्स की सर्विसिंग. खास बात यह है कि यहां पुराने से पुराने और नए से नए स्मार्टफोन के लिए भी जरूरी चीजें आसानी से उपलब्ध रहती हैं. उसी दिन ठीक कर देते हैं फोनजवाहर मार्केट की लोकप्रियता सिर्फ जमशेदपुर तक सीमित नहीं है. आसपास के गांवों से भी लोग यहां आते हैं. कई ग्राहक तो 50 से 60 किलोमीटर दूर से सिर्फ अपना फोन बनवाने के लिए इस बाजार तक पहुंचते हैं. यहां की सबसे बड़ी खासियत यह है कि अधिकतर मामलों में फोन उसी दिन ठीक करके दे दिया जाता है, जिससे लोगों का समय और पैसा दोनों बचता है. चार्ज भी वाजिब होते हैंइसके अलावा, यहां काम पूरी पारदर्शिता के साथ किया जाता है. ग्राहक के सामने ही फोन की मरम्मत की जाती है और कीमत भी काफी वाजिब होती है. यही वजह है कि लोग इस बाजार पर भरोसा करते हैं और बार-बार यहां आना पसंद करते हैं. जमशेदपुर का यह जवाहर मार्केट उन लोगों के लिए किसी वरदान से कम नहीं है, जिनका फोन खराब हो गया है और उन्हें जल्दी और सस्ते में समाधान चाहिए. यह बाजार न सिर्फ लोगों की समस्याएं हल कर रहा है, बल्कि पुराने फोन को नई जिंदगी भी दे रहा है. About the Author Raina Shukla बुंदेलखंड यूनिवर्सिटी से मास कम्यूनिकेशन एंड जर्नलिज़्म में मास्टर्स, गोल्ड मेडलिस्ट. पत्रकारिता का सफर दैनिक जागरण से शुरू हुआ, फिर प्रभात खबर और ABP न्यूज़ से होते हुए News18 Hindi तक पहुंचा. करियर और देश की …और पढ़ें News18 न्यूजलेटर अब ईमेल पर इनसाइड स्‍टोर‍ीज खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्‍स में सबमिट करें Location : Jamshedpur,Purbi Singhbhum,Jharkhand Source link

व्यापार

बेकार नहीं बेहद कीमती हैं ये फूल, इनसे बनती है 8000 रुपए...

होमफोटोमनी बेकार नहीं बेहद कीमती हैं ये फूल, इनसे बनती है 8000 रुपए किलो बिकने वाली चाय Last Updated:July 30, 2024, 22:07 IST New Brands of Tea : भागलपुर के रहने वाले मनीष सिंह अपराजिता के फूल से ब्लू टी और गुड़हल के फूल से रेड टी बना रहे हैं. यह फूल चाय पत्ती की तरह ही उपयोग होता है. जैसे आप ग्रीन टी पीते हैं ठीक उसी तरह ब्लू टी और रेड टी बनाकर पी सकते हैं. मनीष सिंह बताते हैं हमारे आसपास कई ऐसी चीज हैं जिसे हम बेकार की वस्तु समझते हैं. लेकिन ये काम की होती हैं. आमतौर पर आपने अपराजिता का फूल देखा भी होगा और भगवान को अर्पित भी किया होगा. लेकिन क्या कभी आपने सोचा है कि इस फूल से लोग लाखों रुपए कमा सकते हैं. यह सिर्फ फूल ही नहीं बल्कि औषधि का भी काम करता है. मूड फ्रेश करने के लिए जिस चाय पत्ती का हम प्रयोग करते हैं उसमें अपराजिता का फूल भी है. यह हमारे मन के साथ-साथ हमारे स्वास्थ्य को भी ताजा रखने रखता है. भागलपुर के रहने वाले मनीष सिंह अपराजिता के फूल से ब्लू टी और गुड़हल के फूल से रेड टी बना रहे हैं. यह फूल चाय पत्ती की तरह ही उपयोग होता है. जैसे आप ग्रीन टी पीते हैं ठीक उसी तरह ब्लू टी और रेड टी बनाकर पी सकते हैं. मनीष सिंह बताते हैं हमारे आसपास कई ऐसी चीज हैं जिसे हम बेकार की वस्तु समझते हैं. लेकिन ये काम की होती हैं. मनीष बताते हैं हम कई नेशनल और इंटरनेशनल सेमिनार में गए. वहां देखा ब्लू टी और रेड टी की काफी डिमांड है. पहले समझ नहीं आया कि यह ब्लू टी और रेड टी क्या होता है. जब हमने इस पर रिसर्च शुरू की तो पता चला हमारे घर के साथ-साथ जंगल में उगने वाले अपराजिता के फूल से ब्लू टी बनायी जाती है. इसी तरह मां दुर्गा को अर्पित होने वाला गुलहड़ या अड़हुल के फूल से रेड टी बनती है. तभी मन में आइडिया आया कि हमारे आसपास तो यह ऐसे ही उगता है. अगर हम इसकी खेती कर विदेश में सप्लाई करें तो मुनाफा कमाया जा सकता है. Add News18 as Preferred Source on Google चाय की इस किस्म की कीमत भी अच्छी खासी मिलती है. ब्लू टी की कीमत बाजार में ₹8000 किलो से भी अधिक है. आसानी से यह फूल कहीं भी उगाया जा सकता है. इसमें किसी प्रकार की लागत नहीं आती. लेकिन उपज भरपूर होती है. मनीष ने जर्दालू और कतरनी एग्रो फार्मर के नाम से कंपनी बना ली हैं और चाय को विदेश एक्सपोर्ट कर रहे हैं. रेड और ब्लू टी की मांग थाईलैंड इंग्लैंड जैसे देशों में काफी अत्यधिक है. मनीष के मुताबिक अभी बेंगलुरु की दो कंपनी ने इसके सैंपल लिए हैं. जल्द ही इसका ऑर्डर भी बल्क में मिलने वाला है. इसकी तैयारी शुरू हो गई है. बड़े पैमाने पर यहां पर ब्लू टी और रेड टी का उत्पादन किया जाएगा. इससे किसानों की आय के साथ-साथ यहां के भी लोग हेल्थ के प्रति जागरूक होंगे. न्यूज़18 को गूगल पर अपने पसंदीदा समाचार स्रोत के रूप में जोड़ने के लिए यहां क्लिक करें। Source link

झारखंड

आदित्यपुर में नवनिर्मित कंपनी में गिरे दो मजदूर, मौत:20 फीट की ऊंचाई...

सरायकेला जिले के आदित्यपुर स्थित एक नवनिर्मित कंपनी में शनिवार को एक हादसे में दो मजदूरों की मौत हो गई। यह घटना आरआईटी थाना क्षेत्र में हुई, जहां ऊंचाई पर काम करते समय संतुलन बिगड़ने से वे नीचे गिर गए। इस हादसे में नीचे काम कर रहे दो अन्य मजदूर ठाकुर बेसरा और रंजीत जेना भी गंभीर रूप से घायल हो गए। उनका इलाज स्थानीय नर्सिंग होम में जारी है। मृतकों की पहचान रामू मुर्मू (30) और लखींद्र हांसदा (28) के रूप में की गई। दोनों गम्हरिया के नीलडूंगरी निवासी थे। जानकारी के अनुसार, रामू मुर्मू और लखींद्र हांसदा लगभग 20 फीट की ऊंचाई पर निर्माण कार्य कर रहे थे। संतुलन बिगड़ने के कारण वे नीचे गिरे और सीधे नीचे काम कर रहे अन्य मजदूरों पर जा गिरे। इससे चारों मजदूर गंभीर रूप से घायल हो गए। सभी घायलों को तत्काल एमजीएम अस्पताल लाया गया साथी मजदूरों और स्थानीय लोगों की मदद से सभी घायलों को तत्काल एमजीएम अस्पताल लाया गया। वहां चिकित्सकों ने रामू मुर्मू और लखींद्र हांसदा को मृत घोषित कर दिया। मृतकों के परिजनों और अन्य मजदूरों ने आरोप लगाया है कि निर्माण स्थल पर सुरक्षा मानकों का पालन नहीं किया जा रहा था। उनका कहना है कि ऊंचाई पर काम करने के बावजूद मजदूरों को सेफ्टी बेल्ट, हेलमेट और अन्य आवश्यक सुरक्षा उपकरण उपलब्ध नहीं कराए गए थे। ठेकेदार के लोग अस्पताल में शव छोड़कर हुए फरार यह भी सामने आया है कि दोनों मृतक ठेका श्रमिक थे। हादसे के बाद ठेकेदार के लोग अस्पताल में शव छोड़कर फरार हो गए, जिससे मजदूरों और परिजनों में गहरा आक्रोश है। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू कर दी है। परिजनों ने कंपनी से उचित मुआवजे और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। Source link

झारखंड

प्रेमिका की तय हुई शादी, प्रेमी चढ़ा टावर पर:गढ़वा में युवती की...

गढ़वा में शनिवार को एक युवक अपनी प्रेमिका कर दूसरे युवक से शादी तय होने के बाद 100 फीट ऊंचे मोबाइल टावर पर चढ़ गया। वहां से वो जान देने की धमकी देने लगा। मामला रंका थाना क्षेत्र के खपरो मानपुर गांव की है। दरअसल, खपरो गांव के असदुल्ला अंसारी का मानपुर की एक लड़की से पिछले दो साल से प्रेम प्रसंग चल रहा था। जब लड़की के घरवालों ने उसकी शादी दूसरी जगह तय कर दी, तो इससे नाराज होकर असदुल्ला मोबाइल टावर पर चढ़ गया और जान देने की धमकी देने लगा। प्रेमी और प्रेमिका की शादी कराने पर सहमति बनी थी असदुल्ला के पिता खुर्शीद अंसारी ने बताया कि लड़की भी उन्हीं के समुदाय की है। एक सप्ताह पहले रंका थाना में दोनों परिवारों के बीच समझौता भी हुआ था, जिसमें प्रेमी और प्रेमिका की शादी कराने पर सहमति बनी थी। हालांकि, लड़की के घरवालों ने बाद में उसकी शादी दूसरी जगह तय कर दी। इधर, सूचना मिलने पर रंका पुलिस मौके पर पहुंची और असदुल्ला अंसारी को टावर से नीचे उतारने का प्रयास शुरू किया। पुलिस पदाधिकारी अभिजीत गौतम ने बताया कि यह प्रेम प्रसंग का मामला है। उन्होंने पुष्टि की कि दोनों परिवारों में शादी की सहमति बनी थी, लेकिन किसी कारणवश बात बिगड़ गई और लड़की वालों ने शादी से इनकार कर दिया। Source link

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west bengal post poll violence : tmc goons |’जला देंगे घर, बहेगा...

Last Updated:May 02, 2026, 15:52 IST West Bengal Post Poll Violence News: पश्चिम बंगाल के दक्षिण 24 परगना में चुनाव के बाद भीषण हिंसा शुरू हो गई है. हाशिमनगर में टीएमसी कार्यकर्ताओं पर महिलाओं के उत्पीड़न और मारपीट के गंभीर आरोप लगे हैं. ग्रामीणों का दावा है कि जहांगीर खान और इसराफिल चौकीदार जैसे नेताओं ने चुनाव जीतने पर कत्लेआम और महिलाओं के साथ दुष्कर्म की धमकी दी है. वहीं, विरोध कर रहे ग्रामीणों पर पुलिस ने बेरहमी से लाठीचार्ज किया है, जिससे कई लोग अस्पताल में भर्ती हैं. बंगाल में चुनाव खत्म होते ही हिंसा की खबरें आने लगी. कोलकाता. पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के मतदान के बाद जिस चुनावी हिंसा की आशंका जताई जा रही थी, उसने अब अपना वीभत्स रूप दिखाना शुरू कर दिया है. दक्षिण 24 परगना के हाशिमनगर इलाके में टीएमसी कार्यकर्ताओं और ‘गुंडों’ पर ग्रामीणों ने जो आरोप लगाए हैं, उन्होंने राज्य से लेकर दिल्ली तक की सरकारों को हिलाकर रख दिया है. ग्रामीणों का दावा है कि बीती रात से ही टीएमसी के समर्थकों ने गांव में घुसकर महिलाओं के साथ बदसलूकी की, पुरुषों को पीटा और खुलेआम बलात्कार व हत्या की धमकियां दी जा रही हैं. स्थिति इतनी गंभीर हो गई कि स्थानीय लोगों को विरोध प्रदर्शन के लिए सड़कों पर उतरना पड़ा, जहां उन्हें पुलिस की लाठियों का शिकार होना पड़ा. हाशिमनगर के एक स्थानीय मतदाता ने मीडिया के सामने रोते हुए अपनी आपबीती सुनाई. उसने बताया, ‘यह सब कल से हो रहा है. टीएमसी के गुंडे हमारे गांव में घुसे, महिलाओं को परेशान किया और लोगों को बेरहमी से पीटा. हमारे ग्राम पंचायत का मुखिया टीएमसी से है और उसे जनता ने नहीं चुना, बल्कि पार्टी ने उसे थोपा है.’ ग्रामीण ने आगे आरोप लगाया कि टीएमसी नेता जहांगीर खान ने उन्हें सीधे तौर पर धमकाया है. ग्रामीण के अनुसार, ‘जहांगीर खान ने यहां आकर हमें धमकी दी कि अगर वे दोबारा सत्ता में आए, तो वे हमारी महिलाओं के साथ बलात्कार करेंगे और हमें जान से मार देंगे.’ VIDEO | South 24 Parganas, West Bengal: Residents of Hasimnagar allege harassment by TMC workers. A voter says, “This has been happening since yesterday. TMC goons entered our village, harassed women and beat up people. The head of our gram panchayat is from TMC and he is not… pic.twitter.com/OSAbzhrDkh Source link

झारखंड

टुनटुन दीदी के हाथों का जादू… समोसे की ऐसी बिक्री देखी नहीं...

Last Updated:May 02, 2026, 08:30 IST Ranchi TunTun Didi Samosa: रांची में टुनटुन दीदी की सड़क किनारे समोसा दुकान की जबरदस्त डिमांड है. यह हर रोज 700 से 800 समोसे बिकते हैं. यहां समोसा खाने वालों की भीड़ लगी रहती है. आइये जानते हैं उनकी रेसिपी के बारे में. ख़बरें फटाफट रांची: झारखंड की राजधानी रांची से दस माइल चौक जब आप जाएंगे तो यहां से एक पतली सड़क टोरियन वर्ल्ड स्कूल की तरफ जाती है. बस वहीं से थोड़ा आगे एक बाजार लगती है. जहां पर खासतौर पर एक टुनटुन दीदी बांस और तिरपाल में दुकान लगाती हैं, इसके बाद भी उनके समोसे काफी लोकप्रिय हैं. यहां एक बार आप खायेंगे तो बार-बार खाने पहुंच जाएंगे. इसकी सबसे खास बात यह है कि वह ना कोई अपना खास दुकान लगाती हैं और ना ही कोई तामझाम है. बस एक छोटा सा टोकरी और कढ़ायी में समोसा यहां समोसा तैयार करती हैं. टुनटुन दीदी बताती हैं कि वह अपने घर से ही आलू के चोखे और आटा गूथ कर लाती हैं. यहां पर एकदम फ्रेश सबके सामने बनाती हैं. बस 7-8 लकड़ी से एक छोटा सा तिरपाल का छत जैसा उन्होंने बनाकर रखा है. बारिश में बचने के लिए और यहीं पर शाम के 3:00 बजे से बनाना शुरू कर देती हैं. जहां डेली 500 पीस तो सिर्फ पास के वाटर पार्क में ही चल जाता है. 700-800 पीस यूं ही हो जाते हैं खत्म उन्होंने बताया कि 500 पीस सिर्फ वाटर पार्क में ही चले जाते हैं और फिर वो लोग वाटर पार्क के अंदर हमारे ही समोसे को डबल रेट में बेचते हैं. इसके अलावा यहां के आसपास लोग शाम होते ही यहां पर आ जाते हैं. एक बार में वह 30 से 35 समोसा छानती हैं और मुश्किल से 15 मिनट के अंदर यह सारा खत्म हो जाता है. आलम यह है कि उन्हें कम से कम कर से पांच बार आटा यहीं पर गूथने पड़ते हैं. वह समोसे के साथ-साथ आलू की सब्जी भी देती हैं. ऐसा आलू की सब्जी आपको कहीं और देखने को नहीं मिलेगा. एकदम अपना खेत का आलू होता है और इसमें अपना घर का मिक्स मसाला होता है, जो अपने हाथों से बनाते हैं. ऐसे में कह सकते हैं कि सीक्रेट मसाला डालकर बनाते हैं. ऐसे नहीं यहां पर हर 3000- ₹4000 तक के समोसे की डेली बिक्री हो जाती है. पूरे रांची में कहीं नहीं मिलेगा ऐसा समोसा यहां पर समोसे का स्वाद लेने के लिए 15 मिनट पहले से इंतजार करने वाले रमेश बताते हैं कि वह क्योंकि रांची से 5 किलोमीटर बाहर की तरफ गांव से आते हैं. वह पूरे रांची में हर जगह का समोसा खा चुके हैं. उन्हें ऐसा समोसा कहीं नहीं मिलाहै. इसीलिए आलम यह है कि फोन करके उन्हें एडवांस ऑनलाइन बुकिंग करना पड़ता है कि भई मेरे लिए 15 पीस रख देना. जैसे टिकट की बुकिंग होती है ऐसा हम लोग फोन से समोसे की बुकिंग करते हैं. About the Author Brijendra Pratap Singh बृजेंद्र प्रताप सिंह डिजिटल-टीवी मीडिया में (2021) लगभग 5 सालों से सक्रिय हैं. मेट्रो न्यूज 24 टीवी चैनल मुंबई, ईटीवी भारत डेस्क, दैनिक भास्कर डिजिटल डेस्क के अनुभव के साथ 14 मई 2024 से News.in में सीनियर कंटें…और पढ़ें News18 न्यूजलेटर अब ईमेल पर इनसाइड स्‍टोर‍ीज खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्‍स में सबमिट करें Location : Ranchi,Jharkhand Source link

व्यापार

500 रुपये से लेकर 12 हजार तक की साड़ियां, सावन में पहन...

होमफोटोमनी 500 रुपये से लेकर 12 हजार तक की साड़ियां, करनी है शॉपिंग तो नोट करें पता Last Updated:July 30, 2024, 22:21 IST Bhagalpur Saree: सुंदर साड़ियों की शॉपिंग करनी है तो आपके लिए एक जगह बेस्ट है. कम कीमत में आप यहां से सुंदर से सुंदर साड़ी खरीद सकते हैं. सावन आते ही लोग खरीदारी शुरू कर देते हैं. खासतौर पर साड़ियों के लिए सावन के दौरान महिलाओं की दीवानगी देखने वाली होती है. तभी तो बाजारों में भी साड़ियों के एक से बढ़कर एक डिजाइन देखने के लिए मिलते हैं. भागलपुर में भी सावन के लिए 50 से अधिक तरह के हरे रंग की साड़ियां तैयार हुई हैं. दरअसल, भागलपुर को सिल्क नगरी के नाम से जाना जाता है. यहां पर अब सिर्फ सिल्क ही नहीं बल्कि सभी तरह के कपड़े का व्यापार किया जाने लगा. साथ ही यहां पर वस्त्र की बुनावट भी सभी तरह के कपड़े पर की जाने लगी. चाहे कॉटन हो या लीलन, सिल्क की बात जब भी आती है तो सबसे पहला नाम भागलपुर का ही आता है. Add News18 as Preferred Source on Google सिल्क के कारोबारी संजीव कुमार ने बताया भागलपुर में सिर्फ सिल्क ही नहीं रह गया है. बल्कि सभी तरह के कपड़े तैयार होने लगे हैं. ऐसे में यहां पर अगर डिजाइन की बात करें तो सिल्क पर कांजीवरम का काम किया होता है. दुल्हन की साड़ी तैयार होती है. डोली के लिए साड़ी तैयार की जाती है. इसके साथ ही स्टोन का काम की हुई साड़ी भी तैयार की जाती है. मंजूषा प्रिंट की साड़ियां भी तैयार होती हैं. वहीं, मधुबनी प्रिंट की साड़ियां भी यहां पर तैयार की जाती हैं. डिजिटल प्रिंटिंग वाली साड़ी भी आप यहां से खरीद सकते हैं. कारोबारी संजीव ने बताया कि यहां पर 500 रुपये से साड़ी शुरू हो जाती है. 12 हजार तक कि साड़ी आपको यहां मिल जाएगी. बिहार और वेस्ट बंगाल से करीब 3 करोड़ के ऑर्डर मिलते हैं. सावन जैसे मौकों पर ऑर्डर के संख्या बहुत ज्यादा रहती है. न्यूज़18 को गूगल पर अपने पसंदीदा समाचार स्रोत के रूप में जोड़ने के लिए यहां क्लिक करें। Source link

झारखंड

जामताड़ा के जीतपुर जंगल में प्रेमी जोड़े का मिला शव:लाश के पास...

जामताड़ा जिले के मिहिजाम थाना क्षेत्र के जीतपुर जंगल में शनिवार को एक युवक और एक युवती के शव बरामद हुए। झाड़ियों के बीच शव पड़े देखकर स्थानीय ग्रामीणों ने तत्काल पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलने पर मिहिजाम थाना प्रभारी प्रदीप राणा अपनी टीम के साथ घटनास्थल पर पहुंचे और शवों को कब्जे में लिया। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस इंस्पेक्टर अब्दुल रहमान भी मौके पर पहुंचे और जांच शुरू की। पुलिस ने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण कर महत्वपूर्ण साक्ष्य जुटाए। प्रारंभिक जांच में मृत युवक की पहचान बोदमा गांव निवासी सागेन हेंब्रम के रूप में हुई है, जो कथित तौर पर शादीशुदा था। मृतका की पहचान पश्चिम बंगाल के सालनपुर थाना क्षेत्र के महेशपुर निवासी मालती मुर्मु के तौर पर की गई है। थाना प्रभारी प्रदीप राणा ने बताया कि घटनास्थल से जहर की एक बोतल बरामद हुई है। प्रथम दृष्टया यह मामला प्रेम प्रसंग से जुड़ा प्रतीत हो रहा है और आशंका जताई जा रही है कि दोनों ने जहर खाकर आत्महत्या की है। हालांकि, पुलिस ने स्पष्ट किया है कि मौत के वास्तविक कारणों का खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही हो सकेगा। पुलिस इस मामले में आत्महत्या और अन्य संभावित कारणों सहित सभी पहलुओं से गहराई से जांच कर रही है। दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है और आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है। Source link

शिक्षा

NEET UG 2026 Exam Guidelines Issued by NTA; Over 22.79 Lakh Students...

Hindi News Career NEET UG 2026 Exam Guidelines Issued By NTA; Over 22.79 Lakh Students To Appear 1 घंटे पहले कॉपी लिंक मेडिकल एट्रेंस एग्जाम NEET UG 2026 का आयोजन कल यानी 3 मई 2026 को होगा। नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) के अनुसार इस एग्जाम के लिए 22.79 लाख से अधिक उम्मीदवारों ने रजिस्ट्रेशन किया है। इस एग्जाम को क्लियर करने वाले स्टूडेंट्स को मेडिकल कॉलेजों में MBBS कोर्सेस में एडमिशन मिलेगा। नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने 3 मई 2026 को होने वाली NEET UG परीक्षा के लिए ड्रेस कोड और जरूरी दिशा-निर्देश जारी किए हैं। हेल्पलाइन नंबर जारी : NTA ने नीट यूजी 2026 के लिए हेल्प लाइन नंबर 011-40759000 और 011-69227700 जारी किए हैं। साथ ही ई मेल neetug2026@nta.ac.in पर अपनी शिकायत दर्ज कर सकते हैं। एग्जाम से संबंधित अन्य जानकारी के लिए स्टूडेंट्स ऑफिशियल वेबसाइट nta.ac.in and neet.nta.nic.in चेक करते रहें। फ्रिस्किंग, बायोमेट्रिक और CCTV से निगरानी : एग्जाम सेंटर पर एंट्री से पहले स्टूडेंट्स की गहन तलाशी (फ्रिस्किंग) की जाएगी। साथ ही बायोमेट्रिक हाजिरी और सीसीटीवी कैमरों के जरिए पूरी परीक्षा प्रक्रिया पर निगरानी रखी जाएगी। NEET UG एग्जाम 2026 : क्वालिफाइंग मार्क्स : जनरल : 50% क्वालिफाइंग मार्क्स अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति, अन्य पिछड़ा वर्ग : 40% दिव्यांग : जनरल कैटेगरी होने पर 45 % पिछले साल 20.8 लाख कैंडिडेट्स ने दी थी एग्जाम साल 2025 में नीट – यूजी का आयोजन 4 मई को देश भर के 5 हजार से ज्यादा सेंटर पर हुआ था। 22.7 लाख से ज्यादा कैंडिडेट्स ने NEET UG के लिए रजिस्ट्रेशन किया था। इसमें 13.76 लाख लड़कियों और 9.98 लाख लड़के थे। इस तरह 20.8 लाख कैंडिडेट्स इस परीक्षा में शामिल हुए थे। नीट यूजी एडमिट कार्ड डाउनलोड करने की डायरेक्ट लिंक ऑफिशियल वेबसाइट लिंक ——————- ये खबर भी पढ़ें : ISC, ICSE रिजल्ट 2026 जारी:10वीं में 98%, 12वीं में 99% स्टूडेंट्स पास, टॉपर्स की लिस्ट इस साल भी नहीं की गई रिलीज काउंसिल फॉर द इंडियन स्कूल सर्टिफिकेट एग्जामिनेशन यानी सीआइएससीई ने ICSE क्लास 10वीं और ISC 12वीं एग्जाम के रिजल्ट जारी कर दिए हैं। CISCE 10वीं में 98.18% स्टूडेंट्स पास हुए। यह एग्जाम 2.6 लाख स्टूडेंट्स ने दिया था। पूरी खबर यहां पढ़ें दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं… Source link

झारखंड

प्रिंस खान का गुर्गा शैफी उर्फ मेजर रिमांड पर:पुलिस ने फिर 3...

धनबाद में कुख्यात भगोड़े प्रिंस खान के नेटवर्क पर पुलिस का शिकंजा कसता जा रहा है। उसके मुख्य गुर्गे शैफी उर्फ मेजर को एक बार फिर तीन दिनों के रिमांड पर लिया गया है। पुलिस पूछताछ में कई अहम खुलासे होने के बाद कार्रवाई तेज कर दी गई है। शैफी उर्फ मेजर की गिरफ्तारी के बाद धनबाद पुलिस को पहले तीन दिनों का रिमांड मिला था। शनिवार को कोर्ट से उसे फिर तीन दिनों की रिमांड पर लिया गया है। धनबाद के एसएसपी प्रभात कुमार ने बताया कि 10 सदस्यीय विशेष टीम लगातार शैफी से पूछताछ कर रही है। पूछताछ के दौरान पुलिस को प्रिंस खान के नेटवर्क से जुड़े कई अहम सुराग मिले हैं। इनके आधार पर कार्रवाई शुरू कर दी गई है। इस मामले में अब तक चार लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है, जिनमें जमीन कारोबारी भी शामिल हैं। पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों के पास से कई हथियार भी बरामद किए हैं। जांच में यह भी खुलासा हुआ है कि कुछ सफेदपोश और मीडिया से जुड़े लोगों की भी प्रिंस खान से सांठगांठ थी। ये लोग उसके संगठन को आर्थिक मदद देने के साथ-साथ धमकी भरे वीडियो के प्रचार-प्रसार में भी शामिल थे। पुलिस फिलहाल पूरे नेटवर्क को खंगालने में जुटी है। आने वाले दिनों में इस मामले में और बड़े खुलासे होने की संभावना है। Source link

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