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सरायकेला में पत्नी ने पति की हत्या की साजिश रची:पति की प्रताड़ना...

सरायकेला-खरसावां जिले के खरसावां थाना क्षेत्र में हुए बाया सरदार हत्याकांड का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। पुलिस जांच में मृतक की पत्नी सुनीता सरदार ही हत्या की मुख्य साजिशकर्ता निकली। इस मामले में पुलिस ने चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। मंगलवार को आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में एसडीपीओ समीर सवैया ने बताया कि बाया सरदार की हत्या किसी बाहरी अपराधी ने नहीं, बल्कि उसकी पत्नी सुनीता सरदार ने अपने परिजनों के साथ मिलकर कराई थी। पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों और मानवीय सूचनाओं के आधार पर कार्रवाई करते हुए मृतक की पत्नी सुनीता सरदार, उसके भाई सोमा मुंडा उर्फ लुबू मुंडा, बीर सिंह मुंडा और बिरा मुंडा को गिरफ्तार किया। एसडीपीओ समीर सवैया ने बताया कि बाया सरदार अपनी पत्नी के साथ अक्सर मारपीट करता था, जिससे वह परेशान रहती थी। इसी मारपीट के कारण पत्नी ने अपने भाइयों के साथ मिलकर पति की हत्या की साजिश रची। आरोपियों की निशानदेही पर पुलिस ने हत्या में इस्तेमाल किया गया खून से सना फरसा, घटना में प्रयुक्त स्कूटी और चार मोबाइल फोन बरामद किए हैं। जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी सोमा मुंडा का पुराना आपराधिक रिकॉर्ड रहा है। वह वर्ष 2019 में कुचाई थाना क्षेत्र के आर्म्स एक्ट और यूएपीए जैसे गंभीर मामलों में जेल जा चुका है। Source link

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एक मशीन, दो काम! मकई की खेती करने वाले किसान ध्यान दें,...

होमताजा खबरकृषि मकई की खेती करने वाले किसान ध्यान दें, ये यंत्र दाने को बना देगा पॉपकॉर्न Last Updated:May 05, 2026, 07:09 IST Birsa Agriculture University Machine: रांची की बिरसा एग्रीकल्चर यूनिवर्सिटी ने कोयला या लकड़ी से चलने वाली मशीन बनाई है. जो मकई के दाने अलग कर 5 से 10 मिनट में 3 किलो पॉपकॉर्न बना देती है. इसकी,कीमत 20 से 25 हजार रुपये तक है. आइये जानते हैं इसके बारे में. ख़बरें फटाफट रांची: झारखंड की बिरसा एग्रीकल्चर यूनिवर्सिटी द्वारा खासतौर पर एक मशीन तैयार की गई है. इसकी खासियत यह है कि यह मकई के दाने को अलग तो करेगा ही. इसके अलावा यह पॉपकॉर्न भी बना कर देगा. ये कोयला से चलता है और मात्र 5 से 10 मिनट में 3 केजी तक पॉपकॉर्न निकाल देगा. यानी अगर आप इसका भी बिजनेस करना चाहते हैं, तो यह मशीन बढ़िया विकल्प है. आइये जानते हैं इसके बारे में. बिरसा एग्रीकल्चर यूनिवर्सिटी के कृषि वैज्ञानिक निशांत बताते हैं कि हम स्टूडेंट ने मिलकर इस यंत्र को तैयार किया है. खास तौर पर मकई की खेती रांची के आसपास के जिलों में काफी अधिक होती है. खूंटी, औरमांझी, नगरी यहां पर लोग 5-6 एकड़ में एक-एक व्यक्ति इसकी खेती कर रहे हैं. ऐसे में उनका खासतौर पर दाने निकालना और पॉपकॉर्न के बिजनेस से जोड़ने के लिए यह मशीन तैयार की गई है. लकड़ी या कोयला से चला सकते हैं मशीन इस मशीन की सबसे खास बात यह है कि इसमें एक तरफ एक खुली जगह है. जहां पर आप या तो लकड़ी डाल सकते हैं या  कोयल डाल सकते हैं. आप दोनों में से कुछ भी एक चीज डाल सकते हैं और दोनों को जला देना है. यह मशीन पूरी तरह मजबूत लोहे की है. इसे कुछ नहीं होने वाला है. इसके बाद यहां पर एक हैंडल है, जिसको आपको अपने हाथों से चलाना है. इससे दाने भी अलग हो जाएंगे और यह सीधा पॉपकॉर्न बनकर निकलेगा. ऐसे में आपका काम इससे काफी आधा हो जाएगा. निशांत बताते हैं कि वैसे किसान जो पॉपकॉर्न का भी बिजनेस करने की सोच रहे हैं या अपने गांव में एक छोटा व्यापार या आसपास की दुकान मे भी पॉपकॉर्न बनाकर और पैकेजिंग करके बेचने का काम कर सकते हैं. 5 से 10 मिनट में यह 3 केजी तक पॉपकॉर्न निकाल देगा. जानें कहां मिलेगा ये यंत्र अगर आप भी इस यंत्र को लेना चाहते हैं तो आ सकते हैं रांची के बिरसा एग्रीकल्चर यूनिवर्सिटी के कृषि यंत्र विभाग में. इस मशीन की कीमत लगभग 20 से 25000 रुपए के बीच में है. हालांकि यहां पर आपको कुछ डिस्काउंट भी मिल सकता है. इस यंत्र के अलावा यहां पर और भी कृषि यंत्र है, जिसकी जानकारी आप ले सकते हैं. About the Author Brijendra Pratap Singh बृजेंद्र प्रताप सिंह डिजिटल-टीवी मीडिया में (2021) लगभग 5 सालों से सक्रिय हैं. मेट्रो न्यूज 24 टीवी चैनल मुंबई, ईटीवी भारत डेस्क, दैनिक भास्कर डिजिटल डेस्क के अनुभव के साथ 14 मई 2024 से News.in में सीनियर कंटें…और पढ़ें News18 न्यूजलेटर अब ईमेल पर इनसाइड स्‍टोर‍ीज खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्‍स में सबमिट करें Location : Ranchi,Jharkhand Source link

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कोडरमा में डीजे वाहन की टक्कर से महिला की मौत:भतीजा गंभीर रूप...

कोडरमा जिले के जयनगर थाना क्षेत्र में एक सड़क हादसे में मोटरसाइकिल सवार एक महिला की मौत हो गई। पिपचो-डोमचांच मुख्य मार्ग पर डीजे वाहन की चपेट में आने से यह दुर्घटना हुई, जिसमें महिला का भतीजा गंभीर रूप से घायल हो गया। मृतका की पहचान डोमचांच थाना क्षेत्र के मसनोडीह निवासी 80 वर्षीय पनवा देवी के रूप में हुई है। घायल व्यक्ति 55 वर्षीय संजय साव हैं, जो चलकुशा थाना क्षेत्र के बनगांव के रहने वाले हैं। दोनों फुआ-भतीजे थे। तेज रफ्तार डीजे वाहन ने मारी टक्कर जानकारी के अनुसार, पनवा देवी मंगलवार को अपने मायके बनगांव से एक शादी समारोह में शामिल होकर भतीजे संजय साव के साथ मोटरसाइकिल से अपने घर मसनोडीह लौट रही थीं। इसी दौरान, पिपचो-डोमचांच मुख्य मार्ग पर पथलकुदवा स्थित खोवा पहाड़ के पास डोमचांच की ओर से आ रहे एक तेज रफ्तार डीजे वाहन ने उनकी बाइक को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि दोनों फुआ-भतीजा गंभीर रूप से घायल हो गए और बाइक बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई। स्थानीय लोगों ने दोनों को अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टर ने पनवा देवी को मृत घोषित कर दिया। इधर, घटना के बाद चालक डीजे वाहन लेकर मौके से फरार हो गया था। हालांकि कुछ देर बाद पुलिस ने वाहन को जब्त कर लिया। अब पुलिस आगे की कार्रवाई कर रही है। Source link

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बोकारो में युवक पर हमला, 50 हजार रुपए लूटे:दिनदहाड़े जेवर भी लूटा;...

बोकारो जिले के चीरा-चास थाना क्षेत्र में एक युवक पर हमला कर लूटपाट की घटना सामने आई है। घायल युवक की पहचान न्यू पिण्डरगोड़िया, चास निवासी आरिफ अंसारी (25) के रूप में हुई है, जो गद्दे की फेरी का काम करता है। यह घटना सोमवार की शाम करीब 6 बजे हुई। आरिफ अंसारी फेरी का काम समाप्त कर लगभग 50 हजार रुपए का कलेक्शन लेकर अपनी मोटरसाइकिल से घर लौट रहा था। इसी दौरान जोधाडीह मोड़ स्थित सोलागीडीह तालाब के पास 8-9 नामजद आरोपियों और उनके साथियों ने उन पर हमला कर दिया। पीड़ित के बयान के अनुसार, हमलावरों ने भुजाली, लोहे की रॉड, फाइटर और लाठी-डंडों से आरिफ की पिटाई की, जिससे वह गंभीर रूप से घायल होकर अचेत हो गए। आरोपियों ने उनके पास से 50 हजार रुपए नकद, सोने की बाली, अंगूठी और चांदी के आभूषण लूट लिए और मौके से फरार हो गए। स्थानीय लोगों की सूचना पर पुलिस घटनास्थल पर पहुंची। घायल आरिफ को पहले सदर अस्पताल ले जाया गया, और गंभीर स्थिति को देखते हुए बाद में बोकारो जनरल अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज चल रहा है। इस घटना के पीछे पुरानी रंजिश बताई जा रही है। पीड़ित ने पुलिस को बताया कि उनके भाई के साथ पहले मारपीट हुई थी। इस मारपीट का विरोध करने के कारण आरोपियों ने उन्हें निशाना बनाया। बोकारो चास के एसडीपीओ प्रवीण कुमार सिंह ने जानकारी दी कि इस मामले में प्राथमिकी (FIR) दर्ज कर ली गई है। सभी आरोपियों की पहचान कर ली गई है और पुलिस की टीम लगातार छापेमारी कर रही है। एसडीपीओ ने बताया कि आरोपियों को जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा। पुलिस ने मामले की जांच तेज कर दी है। पीड़ित आरिफ अंसारी ने अपनी जान को खतरा बताते हुए सभी आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी की मांग की है। Source link

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NEET UG Success Story: जानलेवा बीमारी से लड़ते हुए पास किया नीट...

Last Updated:May 05, 2026, 09:07 IST Anuradha Singh NEET UG Success Story: ‘बेटी है, पढ़ाई पर पैसा क्यों बर्बाद कर रहे हो?’ समाज के ऐसे तानों के बीच भी प्रयागराज की अनुराधा सिंह और उनके परिवार ने हार नहीं मानी. 35 किलो वजन और जानलेवा बीमारी से लड़ते हुए अनुराधा सिंह ने नीट यूजी की तैयारी जारी रखी और आखिरकार एम्स में एडमिशन हासिल कर लिया. Anuradha Singh NEET Story: अनुराधा सिंह ने 2 असफलताओं से भी हार नहीं मानी (फोटो सोर्स- besides_mbbs) नई दिल्ली (Anuradha Singh NEET UG Success Story). ‘लड़की है, इसकी पढ़ाई पर इतना पैसा क्यों खर्च कर रहे हो? इसकी शादी करा दो!’ उत्तर प्रदेश के प्रयागराज की अनुराधा सिंह के पिता ने परिवार और समाज से इसी तरह के ताने सुने. लेकिन ना तो उन्होंने हिम्मत हारी और ना ही उनकी बेटी ने. प्रयागराज से 40 किलोमीटर दूर शंकरगढ़ ब्लॉक के एक छोटे से गांव से शुरू हुआ यह सफर एम्स देवघर की दहलीज तक जा पहुंचा है. इस बीच अनुराधा सिंह गंभीर रूप से बीमार भी पड़ गई थीं. अनुराधा सिंह बचपन में गॉड गिफ्टेड या टॉपर स्टूडेंट नहीं थीं. 9वीं तक उनके अंक एवरेज रहे, लेकिन डॉक्टर बनने का सपना उनकी आंखों में साफ था. इसी सपने की खातिर उनके माता-पिता ने गांव छोड़कर शहर का रुख किया. तैयारी के दौरान अनुराधा ने खुद को दुनिया से अलग कर लिया, दोस्त नहीं बनाए और अपना सारा वक्त किताबों को दे दिया. लेकिन सफलता आसान नहीं थी. पहले प्रयास की असफलता और फिर जानलेवा बीमारी के बीच भी अनुराधा ने मुश्किलों के सामने घुटने नहीं टेके. पढ़िए उनकी सक्सेस स्टोरी. ताने, बीमारी और एम्स का सफर: अनुराधा सिंह की कहानी छोटे शहरों या गांवों में बसे कई परिवारों में बेटियों को पढ़ाना-लिखाना अब भी बहुत आसान नहीं है. माता-पिता प्रोग्रेसिव सोच के हों भी तो समाज वाले ताने दे-देकर उनका जीना दूभर कर देते हैं. इसी समाज के बीच से अनुराधा सिंह के पिता जैसे लोग भी निकलते हैं, जिन्होंने किसी बात की परवाह किए बिना अपनी बेटी को पढ़ाना जारी रखा. खुद की मेहनत और पिता का विश्वास ही आज अनुराधा सिंह का डॉक्टर बनने का सपना पूरा कर रहा है. पहले प्रयास में असफलता से मिला सबक अनुराधा सिंह ने 11वीं क्लास से नीट की तैयारी शुरू कर दी थी. पहले प्रयास में उन्हें 442 अंक मिले. असफलता का सबसे बड़ा कारण यह था कि नीट यूजी की तैयारी के लिए उन्होंने एनसीईआरटी (NCERT) पर ध्यान देने के बजाय कई अलग-अलग किताबों और कोचिंग मटीरियल का इस्तेमाल किया. यहीं से समाज का असली चेहरा सामने आया, जब लोग उनके पिता को अनुराधा की पढ़ाई बंद कर उनकी शादी कराने की सलाह देने लगे. अनुराधा के पिता बने उनकी सबसे बड़ी ताकत जब समाज के लोग उनकी पढ़ाई-लिखाई पर ताने दे रहे थे, तब अनुराधा सिंह के पिता ने ढाल बनकर उन्हें संभाला. उन्होंने कहा, बचपन से तुम्हारा सपना डॉक्टर बनने का था तो इतनी जल्दी हार क्यों मान रही हो? पिता के इसी भरोसे ने अनुराधा सिंह को कोटा जाने के लिए प्रेरित किया. कोटा में तैयारी के दौरान कोरोना काल (COVID-19) आ गया. इसी बीच अनुराधा को गंभीर बीमारी ने अपनी चपेट में ले लिया. हालत यह थी कि उनका वजन गिरकर महज 35 किलो रह गया था. 50 बार NCERT पढ़कर नीट यूजी में हुईं सफल बिस्तर पर पड़ी अनुराधा के लिए उठना भी दूभर था, लेकिन पढ़ाई का जज्बा कम नहीं हुआ. दूसरे प्रयास में उनका स्कोर 597 था, लेकिन 2 सवालों की वजह से सरकारी कॉलेज से चूक गईं. 2 बार की असफलता और बीमारी से टूट चुकी अनुराधा को उनके पिता ने फिर खड़ा किया. इस बार अनुराधा ने अपनी गलतियां सुधारीं. उन्होंने बायो की एनसीईआरटी 50 से ज्यादा बार पढ़ी और 100 से ज्यादा मॉक टेस्ट दिए. आखिरकार, तीसरे प्रयास में 634 अंकों के साथ उन्होंने AIR 7199 हासिल की और एम्स देवघर में एडमिशन लिया. अनुराधा सिंह besides_mbbs नामक इंस्टाग्राम अकाउंट के जरिए अपनी लाइफस्टाइल से जुड़े वीडियोज शेयर करती रहती हैं. एमबीबीएस करने वाली वह अपने गांव की पहली बेटी हैं. About the Author Deepali PorwalSenior Sub Editor Deepali Porwal is a seasoned bilingual journalist with 11 years of experience in the media industry. She currently works with News18 Hindi, focusing on the Education and Career desk. She is known for her versat…और पढ़ें News18 न्यूजलेटर अब ईमेल पर इनसाइड स्‍टोर‍ीज खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्‍स में सबमिट करें Source link

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जमशेदपुर के निजी अस्पताल में डॉक्टर पर हमला:मरीज के परिजनों ने की...

जमशेदपुर के साकची स्थित मेडिसिस्ट ईएनटी एंड जनरल हॉस्पिटल में मंगलवार दोपहर ईएनटी विशेषज्ञ डॉ. बीमरजीत प्रधान पर कथित तौर पर हमला किया गया। इस घटना में डॉक्टर को चोटें आईं और अस्पताल परिसर में कुछ देर के लिए तनाव का माहौल बन गया। घटना की सूचना मिलने पर साकची थाना पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को संभाला। हालांकि, हमलावर युवक तब तक मौके से फरार हो चुके थे। डॉ. बीमरजीत प्रधान ने बताया कि मरीज के परिजन जबरन उनके चैंबर में घुस आए। उन्होंने इलाज में लापरवाही का आरोप लगाते हुए डॉ. प्रधान के साथ मारपीट की। टीएमएच में हुए इलाज खर्च की मांग दूसरी ओर, मरीज राजहंस कुमार के परिजनों का आरोप है कि 24 अप्रैल को हुए टॉन्सिल ऑपरेशन के बाद मरीज को लगातार ब्लीडिंग हो रही थी। उनकी हालत गंभीर होने पर उसे टाटा मेन हॉस्पिटल (टीएमएच) में भर्ती कराना पड़ा। परिजन अब टीएमएच में हुए इलाज का खर्च मेडिसिस्ट अस्पताल से दिलाने की मांग कर रहे हैं। इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (आईएमए) के महासचिव डॉ. सौरभ चौधरी ने इस मामले पर जानकारी दी। उन्होंने बताया कि ऑपरेशन के बाद मरीज को छुट्टी दे दी गई थी। 29 अप्रैल को मरीज के दोबारा आने पर उसका इलाज कर ब्लीडिंग को नियंत्रित किया गया था। हालांकि, 3 मई को स्थिति बिगड़ने पर उसे टीएमएच रेफर कर दिया गया। फिलहाल मरीज की हालत स्थिर बताई जा रही है। आईएमए के पदाधिकारी अस्पताल पहुंचे इधर, इस घटना पर इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (आईएमए) ने कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त की है। संगठन के पदाधिकारी अस्पताल पहुंचे और घटना की निंदा की। उन्होंने कहा कि डॉक्टरों पर हमले की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं। आईएमए ने दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने और अस्पतालों में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने की मांग की है। संगठन ने चेतावनी दी है कि यदि सुरक्षा नहीं बढ़ाई गई तो आंदोलन किया जाएगा। Source link

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गोविंदपुर पुलिस ने लूटकांड का किया खुलासा:चार अपराधी गिरफ्तार, लूटा गया सामान...

धनबाद जिले के गोविंदपुर थाना क्षेत्र में हुए एक लूटकांड का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए इस मामले में चार अपराधियों को गिरफ्तार किया है। उनके पास से लूटा गया सामान भी बरामद किया गया है। यह जानकारी सिटी एसपी ऋत्विक श्रीवास्तव ने दी। पुलिस के अनुसार, यह घटना 2 मई 2026 को हुई थी। वादी इरफान अंसारी धनबाद से लैपटॉप लेकर अपने घर नारायणपुर जा रहे थे। गोविंदपुर के पास मुख्य सड़क पर दोपहर करीब 3:30 बजे तीन मोटरसाइकिल पर सवार 6-7 अपराधियों ने उन्हें रोक लिया। अपराधियों ने इरफान अंसारी के साथ मारपीट की और उनकी मोटरसाइकिल, लैपटॉप, मोबाइल फोन तथा 22 हजार रुपए लूट लिए। जाते समय अपराधियों ने वादी को एक मोबाइल नंबर भी दिया और पैसे की व्यवस्था कर फोन करने को कहा। इसके बाद, 4 मई को वादी ने दिए गए नंबर पर फोन किया। अपराधियों ने उन्हें गोविंदपुर अस्पताल के पास बुलाया और एक कार में बैठाकर मुगमा की ओर ले गए। वहां उन्होंने वादी का मोबाइल और पैसे फिर से छीन लिए और धक्का देकर फरार हो गए। पुलिस ने छापेमारी के दौरान घटना में प्रयुक्त तीन मोटरसाइकिल, एक कार, लूटी गई मोटरसाइकिल, लैपटॉप, मोबाइल फोन और नकद रुपए बरामद किए। गिरफ्तार किए गए अपराधियों में रजहन अंसारी (27) फकीरडीह, फरदीन अंसारी (19) पुरैना, राजू अंसारी (27) गंगाटांड़ और जावेद अंसारी (27) फकीरडीह, गोविंदपुर के निवासी हैं। बरामद सामानों में हुंडई i20 कार, तीन मोटरसाइकिलें, 7 मोबाइल फोन और 25 हजार रुपए नकद शामिल हैं। छापेमारी दल में पुलिस निरीक्षक सह थाना प्रभारी सहित अन्य पुलिस पदाधिकारी और जवान शामिल थे। पुलिस की इस कार्रवाई से क्षेत्र में अपराधियों के बीच हड़कंप है। वहीं, आम लोगों में सुरक्षा का विश्वास बढ़ा है। पुलिस आगे की कानूनी कार्रवाई में जुटी हुई है। Source link

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मामा के आइडिया ने बदल दी जिंदगी… ड्राइवर से आयुर्वेदिक जूस किंग...

जमशेदपुर: आजकल भागदौड़ भरी जिंदगी में जहां लोग रोजगार के लिए काम तो करते हैं, लेकिन दिल से संतुष्टि कम ही मिलती है. वहीं, शहर के निरंजन की कहानी एक अलग मिसाल पेश करती है. साल 1996 से ड्राइविंग के पेशे से जुड़े जमशेदपुर के निरंजन अक्सर गाड़ी चलाते हुए सोचते थे कि क्या यही उनका असली मकसद है? उन्हें महसूस होता था कि वे समाज के लिए कुछ बेहतर और स्वास्थ्य से जुड़ा काम करें, लेकिन दिशा स्पष्ट नहीं थी. इसी उलझन के बीच उन्होंने अपने मामा से मुलाकात किए, जो एक आयुर्वेदिक डॉक्टर हैं. उनसे कई बार इस विषय पर चर्चा की. बातचीत के दौरान उन्हें एक अनोखा सुझाव मिला कि क्यों न लोगों की सेहत के लिए कुछ ऐसा किया जाए, जो प्राकृतिक हो और सीधे उनकी दिनचर्या से जुड़ सके. इसी सोच ने उन्हें जमशेदपुर के जुबली पार्क तक पहुंचाया. जहां हर सुबह सैकड़ों लोग वॉक, योग और एक्सरसाइज के लिए आते हैं. 20 से अधिक वैरायटी के हैं जूस निरंजन ने ठान लिया कि वे यहां कुछ अलग करेंगे. उन्होंने आयुर्वेदिक जूस पर गहराई से रिसर्च शुरू किया. कई तरह की जड़ी-बूटियों, फलों और सब्जियों के गुणों को समझा, उनके संयोजन पर काम किया और आखिरकार शुरू किया अपना ‘आयुर्वेदिक जूस कॉर्नर’. आज उनके इस छोटे से स्टॉल पर 20 से भी अधिक प्रकार के हेल्दी जूस मिलते हैं, जो लोगों के बीच काफी लोकप्रिय हो चुके हैं. जानें जूस के प्रकार उनके जूस की खासियत है कि हर एक ड्रिंक शरीर के किसी न किसी हिस्से को फायदा पहुंचाती है. जैसे आंवला जूस इम्यूनिटी बढ़ाने के लिए, गिलोय जूस रोग प्रतिरोधक क्षमता के लिए, अर्जुन की छाल का जूस दिल की सेहत के लिए और जामुन का सिरका डायबिटीज कंट्रोल में मददगार माना जाता है. इसके अलावा वे एलोवेरा जूस, लौकी जूस, करेला जूस, नीम-पत्ते का जूस, अदरक-तुलसी जूस, चुकंदर-गाजर जूस और व्हीटग्रास जूस भी तैयार करते हैं. सिर्फ जूस ही नहीं, उनके स्टॉल पर टमाटर, पालक, कॉर्न और स्प्राउट्स से बना हेल्दी सलाद भी मिलता है, जो सुबह-सुबह एक्सरसाइज करने वालों के लिए एक परफेक्ट डाइट बन चुका है. खास बात यह है कि निरंजन अपनी दुकान सिर्फ सुबह 6 बजे से 9 बजे तक ही खोलते हैं, लेकिन इस सीमित समय में भी उनकी अच्छी खासी कमाई हो जाती है. आज निरंजन न सिर्फ आर्थिक रूप से संतुष्ट हैं, बल्कि उन्हें इस बात की खुशी है कि वे लोगों की सेहत सुधारने में योगदान दे रहे हैं. उनकी कहानी यह साबित करती है कि अगर इरादा मजबूत हो और काम में समाजहित जुड़ा हो, तो छोटा सा प्रयास भी बड़ी पहचान बन सकता है. Source link

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झारखंड के वित्त मंत्री का पीएम पर पलटवार:कहा-अगर कांग्रेस अर्बन नक्सलियों का...

पांच राज्यों के विधानसभा चुनाव परिणामों के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘कांग्रेस अर्बन नक्सलियों का गिरोह’ वाले बयान ने देश की राजनीति में हलचल मचा दी है। झारखंड भी इससे अछूता नहीं रहा। झारखंड सरकार के वित्त मंत्री और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता राधाकृष्ण किशोर ने इस बयान पर तीखा पलटवार किया है। राधाकृष्ण किशोर ने कहा- अगर कांग्रेस अर्बन नक्सलियों का गिरोह है तो भाजपा और स्वयं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अंतरराष्ट्रीय आतंकवाद के गढ़ हैं। राधाकृष्ण किशोर पलामू के टाउन हॉल में प्रमंडल स्तरीय मुखिया सम्मेलन में शामिल होने पहुंचे थे। कार्यक्रम समाप्त होने के बाद पत्रकारों के सवालों का जवाब देते हुए उन्होंने भाजपा और प्रधानमंत्री के बयान पर निशाना साधा। माओवाद अब कांग्रेस में अपनी जड़ें मजबूत कर चुका है दरअसल, प्रधानमंत्री मोदी ने दिल्ली स्थित भाजपा मुख्यालय में सोमवार की शाम अपने विजय भाषण के दौरान कांग्रेस पर वैचारिक पतन और नक्सल विचारधारा को अपनाने का आरोप लगाया था। उन्होंने कहा- एक भी राज्य ऐसा नहीं है, जहां कम्युनिस्ट पार्टी की सरकार हो। ये सिर्फ सियासत का बदलाव नहीं है। ये सोच का बदलाव है। ये बताता है कि विकसित होता भारत किस दिशा में आगे बढ़ना चाहता है। आज का भारत विकास, विश्वास, प्रगति चाहता है। ऐसी राजनीति चाहता है, जो देश को आगे बढ़ाए। लेकिन दुर्भाग्य से कांग्रेस विपरीत दिशा में चल पड़ी है। जब पूरा देश कम्यूनिज्म से किनारा कर चुका है। लेकिन कांग्रेस उस विचारधारा को अपनाने में लगी है। जो माओवाद जंगलों में खत्म हुआ वो अब कांग्रेस में अपनी जड़ें मजबूत कर चुका है। कांग्रेस अर्बन नक्सलियों का गिरोह बन चुकी है। Source link

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साढ़े बारह लाख की डकैती मामला, दो आरोपी गिरफ्तार:फरार चल रहे मुख्य...

देवघर जिले की मधुपुर अनुमंडल पुलिस ने एक बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने गुप्त सूचना के आधार पर मिसरना डकैती कांड में पिछले एक वर्ष से फरार चल रहे दो आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है। ये दोनों आरोपी लंबे समय से पुलिस की गिरफ्त से बाहर थे। मधुपुर थाना पुलिस ने बताया कि गिरफ्तार किए गए आरोपियों में डकैती कांड का मुख्य इन्फॉर्मर दशरथ दास और मुख्य अभियुक्त रहमत अंसारी शामिल हैं। पुलिस ने दशरथ दास को मिसरना गांव से और रहमत अंसारी को गांगोमरनी क्षेत्र से गिरफ्तार किया। गिरफ्तारी के बाद, आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी कर उन्हें जेल भेजा गया। सीताराम मंडल के घर पर की थी डकैती यह घटना पिछले वर्ष 17 अक्टूबर की रात को हुई थी। मिसरना गांव निवासी सीताराम मंडल के घर पर एक दर्जन से अधिक अपराधियों ने धावा बोल दिया था। अपराधियों ने हथियार के बल पर घर के सदस्यों को बंधक बनाकर करीब साढ़े बारह लाख रुपए नकद और लाखों रुपए के सोने-चांदी के आभूषण लूट लिए थे। इस वारदात के बाद इलाके में सनसनी फैल गई थी। इस बड़ी डकैती के बाद से पुलिस लगातार अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी अभियान चला रही थी। इस मामले में अब तक पुलिस पांच अन्य अपराधियों को पहले ही गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है। इन दो और आरोपियों की गिरफ्तारी से पुलिस को मामले में महत्वपूर्ण सफलता मिली है। पुलिस ने बताया कि इस कांड में शामिल अन्य फरार अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए भी लगातार छापेमारी की जा रही है। पुलिस का दावा है कि जल्द ही सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा। Source link

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