भारतन्यूज़ – टॉप हेडर
News Menu Bar

झारखंड

झारखंड

चतरा, रांची समेत कई जिलों में हुई बारिश:गिरिडीह में वज्रपात से दो...

झारखंड के मौसम में मंगलवार से ही बदलाव साफ नजर आ रहा है। बोकारो, जमशेदपुर जैसे जिलों में जहां बारिश हुई। वहीं रांची, खूंटी, रामगढ़, हजारीबाग जैसे जिलों में बादल छाए हुए हैं। दोपहर बाद रांची, चतरा, चाईबासा, जमशेदपुर समेत कई जिलों में बारिश हुई। चतरा में तो ओलावृष्टि भी हुई। वहीं, गिरिडीह में वज्रपात से दो युवकों की मौत हो गई। जबकि इस घटना में चार लोग घायल हो गए। हादसा तिसरी थाना क्षेत्र के चंदौरी गांव में हुआ। मौसम विभाग से मिली जानकारी के मुताबिक मौसम में यह बदलाव बंगाल की खाड़ी से आ रही नमी और पश्चिमी विक्षोभ की वजह से हो रहा है। इस बदलाव के असर से झारखंड का मौसम पलट गया है। 3.2 डिग्री तक गिरा तापमान मंगलवार सुबह हुई बारिश से गर्मी से राहत मिली, लेकिन बेड़ो के खुखरा में वज्रपात से एक किसान की मौत हो गई। बारिश के बाद रांची समेत कई जिलों का तापमान 3.2 डिग्री तक लुढ़क गया। रांची का अधिकतम तापमान 1.7 डिग्री गिरकर 38.2 डिग्री पहुंचा। डालटनगंज का 3.2 डिग्री गिरकर 41.6 डिग्री दर्ज किया गया। मौसम विभाग के अनुसार राज्य में अगले 6 दिन राहत की बारिश होगी। अगले तीन दिन में अधिकतम तापमान 6 डिग्री तक गिर सकता है। आज व कल 20 जिलों में आंधी के साथ बारिश मौसम पूर्वानुमान के मुताबिक 29 और 30 अप्रैल को रांची, बोकारो, गुमला, हजारीबाग, खूंटी, रामगढ़ समेत संथाल के जिलों में बारिश होगी। वहीं पूर्वी-पश्चिमी सिंहभूम, सिमडेगा, सरायकेला, कोडरमा, लोहरदगा, धनबाद, गिरिडीह और जामताड़ा में गर्जन, वज्रपात और आंधी की आशंका है। 30 अप्रैल को रांची समेत 13 जिलों में आंधी के साथ ओलावृष्टि की संभावना है। मौसम विभाग ने अगले तीन दिनों के लिए यलो और ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। मौसम विज्ञान केंद्र रांची की ओर से जारी पूर्वानुमान में बताया गया है कि अगले तीन घंटे में बोकारो, देवघर, धनबाद, दुमका, पूर्वी सिंहभूम, गिरिडीह, हजारीबाग, जामताड़ा, खूंटी, कोडरमा, रामगढ़, रांची, सरायकेला-खरसावां और पश्चिमी सिंहभूम जिलों के कुछ भागों में हल्के से मध्यम दर्जे की मेघ गर्जन तथा वज्रपात के साथ वर्षा होने की संभावना है। साथ में कुछ स्थानों पर तेज हवा चलेगी। हवा की रफ्तार 30-40 km/h तक देखी जा सकती है। 41.8 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड हुआ सराकेला का पारा मौसम में बदलाव के बाद भी ताजा आंकड़ों के अनुसार कई जिलों में अधिकतम तापमान 41 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच चुका है। खासकर औद्योगिक और दक्षिणी इलाकों में गर्मी ज्यादा महसूस की जा रही है। सरायकेला-खरसावां में 41.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। इसके बाद पूर्वी सिंहभूम (जमशेदपुर) 41.7 डिग्री, पलामू (डाल्टनगंज) 41.6 डिग्री, बोकारो 41.5 डिग्री और पश्चिमी सिंहभूम (चाईबासा) 41.4 डिग्री के साथ क्रमशः दूसरे से पांचवें स्थान पर रहे। इन सभी जिलों में तापमान सामान्य से अधिक बना हुआ है। वहीं राजधानी रांची अपेक्षाकृत राहत में रही। यहां अधिकतम तापमान 38.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो राज्य में सबसे कम रहा। हालांकि यह भी सामान्य से 1.5 डिग्री ज्यादा है, लेकिन अन्य जिलों की तुलना में यहां गर्मी का असर थोड़ा कम है। कुछ जिलों में 24 घंटे के दौरान तापमान में बदलाव भी देखने को मिला। जहां जमशेदपुर और बोकारो में तापमान बढ़ा, वहीं डाल्टनगंज और रांची में हल्की गिरावट दर्ज की गई। Source link

झारखंड

कई पीढ़ियों का है गवाह! AC को भी फेल करता है झारखंड...

Last Updated:April 29, 2026, 14:14 IST Bokaro Bargad Tree: झारखंड में बोकारो के डनडबरा स्थित कालीथान परिसर में 200 साल पुराना विशाल बरगद का पेड़ है. यह ग्रामीणों के लिए ठंडी छांव और विश्राम का अहम ठिकाना बन गया है. ग्रामीणों के अनुसार इसकी हवाएं एसी से भी ज्यादा ठंडी हैं. आइये जानते हैं इस विशाल बरगद के पेड़ के बारे में. ख़बरें फटाफट बोकारो: झारखंड में बोकारो के डनडबरा स्थित कालीथान परिसर में खड़ा विशाल बरगद का पेड़ स्थानीय इलाके के सबसे प्रसिद्ध और प्राचीन वृक्षों में गिना जाता है. यहां के स्थानीय ग्रामीणों के अनुसार इस पेड़ की उम्र 200 साल से भी अधिक है और कई पीढ़ियों ने इसकी घनी छांव में सुकून के पल बिताए हैं और खासकर गर्मियों के दौरान यहां लोगों का जमावड़ा लगा रहता है. जहां लोग ठंडी हवा और प्राकृतिक शांति का आनंद लेने के लिए रुकते हैं. आइये जानते हैं इस विशाल पेड़ के बारे में. एयर कंडीशनर को फेल करता है ये पेड़ डनडबरा गांव के 80 वर्षीय बुजुर्ग रमेश चंद्र राय बताते हैं कि उनके पूर्वजों के अनुसार यह पेड़ करीब 200 साल पुराना हो सकता है और लगभग 6 पीढ़ियां इसकी छांव का लाभ ले चुकी हैं. वे बताते हैं कि इस बरगद के साथ स्थित कालीथान का काली मंदिर भी काफी प्राचीन हैं, जिनसे लोगों की गहरी आस्था जुड़ी हुई है. वहीं, बोकारो सेक्टर-8 की अर्चना सिंह कहती हैं कि वह पिछले 50 वर्षों से इस क्षेत्र में रह रही हैं और बचपन से ही इस पेड़ को देखती आ रही हैं. उनके अनुसार यह स्थान आज भी उतना ही हरा-भरा और शांतिपूर्ण है. जहां गर्मियों में पेड़ की ठंडी छांव के आगे एयर कंडीशनर भी फीका पड़ जाता है. गांव के दुसरे बुजुर्ग सीताराम महतो बताते हैं कि यह बरगद का पेड़ केवल एक पेड़ नहीं, बल्कि गांव और आसपास के क्षेत्रों के लोगों के लिए एक अहम ठिकाना है और आसपास के गांव जैसे लेवाटाड, भतुवा, रानी पोखर, चौफान और आमाटाड़ जैसे इलाकों से रोजाना आने-जाने वाले लोग यहां रुककर विश्राम करते हैं. इस कालीथान परिसर में चपाकल और पानी की भी व्यवस्था है, जिससे यात्रियों को काफी सुविधा मिलती है. लताएं ले रही हैं पेड़ का रूप उन्होंने बताया कि सुबह और दोपहर के समय सब्जी बेचने वाली महिलाएं और मछुआरे भी यहां रुककर आराम करते हैं और फिर अपने काम के लिए आगे बढ़ते हैं. वहीं, सीताराम महतो के अनुसार वे 1955 से इस पेड़ को देख रहे हैं. इसकी कई लताएं अब खुद बड़े पेड़ों का रूप ले चुकी हैं, जो इसके बढ़ती उम्र का प्रमाण हैं. About the Author Brijendra Pratap Singh बृजेंद्र प्रताप सिंह डिजिटल-टीवी मीडिया में (2021) लगभग 5 सालों से सक्रिय हैं. मेट्रो न्यूज 24 टीवी चैनल मुंबई, ईटीवी भारत डेस्क, दैनिक भास्कर डिजिटल डेस्क के अनुभव के साथ 14 मई 2024 से News.in में सीनियर कंटें…और पढ़ें News18 न्यूजलेटर अब ईमेल पर इनसाइड स्‍टोर‍ीज खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्‍स में सबमिट करें Location : Bokaro,Jharkhand First Published : April 29, 2026, 14:13 IST Source link

झारखंड

झारखंड के 14 जिलों में ट्रेजरी घोटाले की आशंका:एजी ऑफिस और वित्त...

झारखंड में चल रहे ट्रेजरी घोटाले में कई बड़े मामले सामने आ रहे हैं। इसमें से एक बड़ा मामला यह है कि कई जिलों के एसपी ने नियम-कायदों को ताक पर रखकर अपने पदनाम से बैंक में खाते खोल रखे थे। जो पैसे सरकारी खजाने में रहने चाहिए थे, वो पैसे सीधे इन खातों में आते थे। फिर एसपी चेक के माध्यम से भुगतान करते थे। जबकि ट्रेजरी कोड में साफ कहा गया है कि जिसके लिए बिल ट्रेजरी भेजा जाएगा, भुगतान उसी के खाते में होगा। पांच जिले में मिले हैं इससे जुड़े सबूत जांच टीम को बोकारो, सरायकेला, रामगढ़, पलामू और जमशेदपुर में इसके सबूत मिले हैं। जमशेदपुर में वित्त वर्ष 2016-17 में एसपी के खाते में करीब 38 लाख रुपए आए थे, जो सिपाहियों को चेक से भुगतान किया गया था। फिलहाल 14 जिलों में ऐसी गड़बड़ी की आशंका है। एजी ऑफिस और वित्त विभाग के अधिकारी इसकी जांच में जुट गए हैं। जांच की जद में कई और एसपी व डीएसपी (डीडीओ) भी हैं। जांच में पता चला है कि सप्लायर से लेकर अन्य लोगों को किए गए भुगतान में भी कई गड़बड़ियां सामने आई हैं। वर्ष 2016-17 से ऐसे भुगतान लगातार हो रहे हैं। वित्त विभाग अब पीएमयू के डेटा बेस से इन एसपी ऑफिस से हुए भुगतान की विस्तृत जांच कर रहा है। बोकारो में डेटा हटाए गए, रिकॉर्ड भी गायब इधर, ट्रेजरी घोटाला उजागर होने के बाद पुलिस विभाग के अंदरूनी सिस्टम पर भी सवाल उठने लगे हैं। जांच में पता चला है कि वेतन निकासी से जुड़े रिकॉर्ड और खाते के डेटा से छेडछाड़ की गई है। इसमें एसपी ऑफिस से जुड़े सिस्टम भी जांच के दायरे में हैं। बोकारो में तो डेटा ही डिलीट कर दिया गया है, जबकि कुछ मामलों में रिकॉर्ड मिसिंग या बदला हुआ पाया गया है। जांच में यह भी पता लगाया जा रहा है कि किन-किन खातों के डेटा को जान-बूझकर हटाया या छिपाया गया है। जांच एजेंसियों का मानना है कि डेटा में छेड़छाड़ और रिकॉर्ड गायब होना इस घोटाले की सबसे अहम कड़ी है। किसी एसपी ऑफिस का यह घोटाला सिर्फ एक व्यक्ति तक सीमित नहीं है, बल्कि यह संगठित नेटवर्क के जरिए किया गया है। हालांकि फिलहाल किसी एसपी पर सीधे आरोप तय नहीं हुए हैं, लेकिन गड़बड़ी को देखते हुए जांच का दायर वरिष्ठ अधिकारियों तक पहुंच सकता है। क्योंकि अब इसकी भी जांच होगी कि डीआई बजट कार्यालय से लेकर डीडीओ ऑफिस में ट्रेजरी कोड का कितना उल्लंघन होता था। इनकी संपत्ति का पता लगा रही एसआईटी एसआईटी हजारीबाग से गिरफ्तार आरक्षी रजनीश कुमार सिंह, रजनीश की पत्नी खुशबू सिंह, आरक्षी धीरेंद्र सिंह, बोकारो से गिरफ्तार कौशल कुमार पांडेय और सतीश कुमार की संपत्ति की जानकारी जुटा रही है। अब तक की जांच में पता चला है कि आरक्षी रजनीश कुमार सिंह के नाम पर हजारीबाग के मसीपिढ़ी इलाके में दो मंजिला मकान है। वहीं आरक्षी धीरेंद्र सिंह का बिहार के बोधगया में एक बड़ा अपार्टमेंट है। हजारीबाग में एसआईटी ने की जांच हजारीबाग और बोकारो ट्रेजरी से हुई अवैध निकासी मामले में सीआईडी की विशेष जांच टीम (एसआईटी) हजारीबाग के लौहसिंघना थाना पहुंची। टीम ने एफआईआर के साथ जमा किए गए दस्तावेज और आरोपियों से जब्त सामग्री को अपने कब्जे में लिया। एसआईटी अब यह प​ता लगा रही है कि आरोपियों ने फर्जीवाड़ा कर निकाली गई राशि कहां निवेश किया, ताकि उन संपत्तियों की पहचान कर उन्हें जब्त करने की कार्रवाई कर सके। साथ ही सरकारी धन की वसूली हो सके। एसआईटी को पता चला है कि हजारीबाग से गिरफ्तार सिपाही शंभू कुमार ने इन पैसों का सबसे अधिक निवेश किया है। शंभू कुमार का बिहार के गयाजी जिले के पॉश इलाके एपी कॉलोनी में दो आलीशान मकान बनवाया है। पत्नी काजल कुमारी के नाम पर 18 कट्‌ठा जमीन खरीदी है। शंभू कुमार के नाम 9 व्यावसायिक और कृषि भूमि है। इनमें से बोधगया क्षेत्र में 7.84 डिसमिल जमीन भी शामिल है, जो शंभू की पत्नी काजल कुमारी और एक अन्य सहयोगी सोनी देवी के नाम पर है। एसआईटी जल्द ही इस मामले में हजारीबाग से गिरफ्तार शंभू कुमार और बोकारो से गिरफ्तार कौशल कुमार पांडेय से पूछताछ करेगी। —————————————– इसे भी पढ़ें….. ट्रेजरी घोटाला मामले में चाईबासा से चार अरेस्ट:9 साल में निकाले 27 लाख 21 हजार 717 रुपए, रिश्तेदारों के खातों में किए ट्रांसफर चाईबासा पुलिस विभाग में सामने आए ट्रेजरी घोटाले के बाद प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाते हुए बड़ी कार्रवाई की है। इस मामले में एक सिपाही सहित चार आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है। जांच में सामने आया है कि सिपाही देवनारायण मुर्मू ने वर्ष 2017 से 2025 के बीच लगभग 60 अलग-अलग लेनदेन के माध्यम से 27 लाख 21 हजार 717 रुपए की फर्जी निकासी की। यह राशि उसने अपने करीबी रिश्तेदारों और परिचितों के खातों में ट्रांसफर की थी। इस खुलासे के बाद पुलिस विभाग और प्रशासनिक महकमे में हड़कंप मच गया है। पूरी खबर यहां पढ़ें.. Source link

झारखंड

बोकारों के भर्रा कब्रिस्तान से कंकाल मिलने का मामला:डीएनए जांच के लिए...

बोकारो‎ में बीते सोमवार को भर्रा कब्रिस्तान से मिले ‎‎कंकाल की पहचान के लिए चीराचास पुलिस ‎ने सदर अस्पताल में लापता ‎‎खालिक अंसारी के माता-पिता का ब्लड‎ सैंपल लिया। पुलिस अब डीएनए जांच ‎के लिए ब्लड व कंकाल का सैंपल भेजकर ‎‎मिलान करेगी।‎ वहीं, दो आरोपी भर्रा के सलाउद्दीन और‎ गुड्‌डू को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया ‎‎गया है। बताया जाता है कि मृतक मिस्त्री का ‎‎काम करता था, ऐसे में गुड्‌डू उसके साथ ‎बतौर कर्मचारी जुड़ा हुआ था। सूत्रों के ‎अनुसार उक्त दोनों ने ही ‎‎खालिक की हत्या की‎ है। मास्टर माइंड‎ की गिरफ्तारी अभी बाकी उनके ही निशानदेही पर कंकाल बरामद ‎हुआ है। साथ ही मामले के मास्टर माइंड‎ की गिरफ्तारी अभी बाकी है। बता दें कि‎ बरमसिया ओपी क्षेत्र के अड़िता निवासी‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎ खालिक 2022 से लापता है। वह भर्रा में‎ किराए के मकान में रहता था। लापता होने‎ पर परिजनों ने चीराचास थाना में शिकायत‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎ किया, लेकिन उसकी तलाश अधूरी रह गई।‎ बेटा का कुछ पता नहीं चलने पर उसके‎ परिजन हाईकोर्ट पहुंचे। हाईकोर्ट की फटकार‎ पर चीराचास पुलिस रेस हुई और सलाउद्दीन‎ के साथ गुड्‌डू को पूछताछ के लिए उठाया।‎ पूछताछ में उन्होंने शव दफनाने की बात ‎कही, जिसके बाद पुलिस ने भर्रा कब्रिस्तान ‎से कंकाल बरामद की।‎ पुलिस आरोपियों का पक्ष ले रही: परिजन वहीं, परिजनों का आरोप है कि पुलिस पूरी‎ प्रक्रिया गोपनीय तरीके से कर रही है, ताकि ‎इसकी जानकारी सार्वजनिक न हो सके। ‎पुलिस पर आरोप लगाया है कि वह‎ आरोपियों का पक्ष ले रही है और उन्हें‎ मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जा रहा है।‎ सबसे बड़ा सवाल यह है कि जब डीएनए ‎रिपोर्ट अभी आनी बाकी है, तो पुलिस किस‎ आधार पर यह दावा कर रही है कि बरामद‎ कंकाल खालिक का ही है। फिलहाल हर‎ मामले में प्रेस कांफ्रेंस कर जानकारी देने ‎वाली पुलिस इस संवेदनशील मामले में ‎चुप्पी साधे हुए है, जिससे कई सवाल खड़े‎ हो रहे हैं।‎ Source link

झारखंड

पलामू डीसी के कमरे में पहुंचा एक संदेश, कमरे से निकल सीढ़ियों...

Last Updated:April 29, 2026, 18:32 IST महिला की पीड़ा सुनकर डीसी ने तत्काल सदर अनुमंडल पदाधिकारी को मामले में उचित कार्रवाई करने का निर्देश दिया. इसके साथ ही महिला को आश्वस्त करते हुए कहा, “अब आपको दोबारा यहां आने की जरूरत नहीं पड़ेगी, आपका काम जल्द पूरा किया जाएगा.” उपायुक्त के इस मानवीय व्यवहार को देखकर वहां मौजूद लोग प्रशासन की इस संवेदनशील पहल की सराहना करने लगे. ख़बरें फटाफट पलामू: झारखंड के पलामू जिले में बुधवार को जब समाधान दिवस की शुरुआत हुई इसमें पहले दिन जन समाधान दिवस के दौरान एक ऐसा भावुक और प्रेरणादायक दृश्य देखने को मिला, जिसने प्रशासनिक संवेदनशीलता की नई मिसाल पेश कर दी. कार्यक्रम के बीच डीसी दिलीप प्रताप सिंह शेखावत को सूचना मिली कि मेदिनीनगर की रहने वाली दिव्यांग महिला शीला कुमारी उनसे मिलने पहुंची हैं, लेकिन दोनों पैरों से असमर्थ होने के कारण समाहरणालय की सीढ़ियां चढ़ पाने में असहाय हैं. यह जानकारी मिलते ही डीसी ने बिना देर किए चल रहे जन समाधान कार्यक्रम को बीच में रोका और स्वयं नीचे सीढ़ियों तक पहुंच गए. सीढ़ियों पर बैठकर पलामू डीसी ने महिला की पूरी समस्या गंभीरता और संवेदनशीलता के साथ सुनी. शीला कुमारी ने बताया कि वह और उनके पति दोनों दिव्यांग हैं और तीनकोनिया गैरेज के पास एक साल से कपड़ों की दुकान लगाकर किसी तरह जीवनयापन कर रही हैं. उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ असामाजिक तत्व दुकान संचालन में बाधा डालते हैं, अभद्र व्यवहार करते हैं और अपमानजनक शब्दों का प्रयोग करते हुए धमकी भी देते हैं. जबकि वे नगर निगम की निर्धारित रसीद प्रतिदिन जमा करती हैं. महिला की पीड़ा सुनकर डीसी ने तत्काल सदर अनुमंडल पदाधिकारी को मामले में उचित कार्रवाई करने का निर्देश दिया. इसके साथ ही महिला को आश्वस्त करते हुए कहा, “अब आपको दोबारा यहां आने की जरूरत नहीं पड़ेगी, आपका काम जल्द पूरा किया जाएगा.” उपायुक्त के इस मानवीय व्यवहार को देखकर वहां मौजूद लोग प्रशासन की इस संवेदनशील पहल की सराहना करने लगे. जन समाधान दिवस में अक्सर लोग अपनी समस्याएं लेकर पहुंचते हैं, लेकिन इस बार एक अधिकारी का खुद फरियादी तक पहुंचना चर्चा का विषय बन गया. उपायुक्त श्री शेखावत की यह पहल न सिर्फ प्रशासनिक जिम्मेदारी का उदाहरण बनी, बल्कि यह संदेश भी दे गई कि संवेदनशील शासन वही है, जो जरूरतमंदों तक खुद पहुंचे. About the Author Rajneesh Singh जी न्यूज, इंडिया डॉट कॉम, लोकमत, इंडिया अहेड, न्यूज बाइट्स के बाद अब न्यूज 18 के हाइपर लोकल सेगमेंट लोकल 18 के लिए काम कर रहा हूं. विभिन्न संस्थानों में सामान्य खबरों के अलावा टेक, ऑटो, हेल्थ और लाइफ स्टाइल बीट…और पढ़ें News18 न्यूजलेटर अब ईमेल पर इनसाइड स्‍टोर‍ीज खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्‍स में सबमिट करें Location : Palamu,Jharkhand First Published : April 29, 2026, 18:32 IST Source link

झारखंड

पाकुड़ में 121 घंटे का हरि नाम संकीर्तन शुरू:शिव शीतला मंदिर में...

पाकुड़ शहर के शिव शीतला मंदिर में बुधवार से 121 घंटे का अखंड हरि नाम संकीर्तन शुरू हो गया है। विद्वान पुरोहितों द्वारा पूजा-पाठ, वैदिक मंत्रोच्चार और हवन पूजन के बाद इस धार्मिक अनुष्ठान का शुभारंभ किया गया। इस संकीर्तन में पश्चिम बंगाल, बिहार और राज्य के कई जिलों से कीर्तन मंडलियां पहुंची हैं। अगले पांच दिनों तक हरि नाम संकीर्तन से पूरा शहर भक्तिमय रहेगा। हरि नाम संकीर्तन के साथ-साथ पांच दिनों तक रुद्राभिषेक का भी आयोजन किया जाएगा। इसमें दुमका जिले के बासुकीनाथ से आए विद्वान पुरोहित शामिल होंगे। संकीर्तन के शुभारंभ पर बड़ी संख्या में भक्त और श्रद्धालु उपस्थित रहे। आयोजकों को उम्मीद है कि अगले पांच दिनों तक शहर और ग्रामीण क्षेत्रों के साथ-साथ पश्चिम बंगाल से भी बड़ी संख्या में लोग हरि नाम संकीर्तन सुनने पहुंचेंगे। इस पांच दिवसीय धार्मिक आयोजन में प्रतिदिन भंडारे की भी व्यवस्था की गई है, जहां श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरित किया जाएगा। उल्लेखनीय है कि पाकुड़ के शिव शीतला मंदिर में लगभग 100 वर्षों से हरि नाम संकीर्तन की परंपरा चली आ रही है। इस वर्ष भी यह अनुष्ठान उसी परंपरा के तहत शुरू किया गया है। आयोजन समिति का गठन पहले ही कर लिया गया था, जिसने संकीर्तन की सभी व्यवस्थाएं सुनिश्चित की हैं। संकीर्तन स्थल पर भगवान की प्रतिमा भी स्थापित की गई है, जिसकी पूजा-अर्चना पुरोहितों द्वारा की गई। Source link

झारखंड

वज्रपात से दो की मौत, चार घायल:गिरिडीह के चंदौरी में हुई घटना,...

गिरिडीह जिले के तिसरी थाना क्षेत्र के चंदौरी गांव में बुधवार शाम वज्रपात हुआ। सकरी नदी किनारे आकाशीय बिजली गिरने से दो लोगों की मौके पर मौत हो गई, जबकि चार अन्य घायल हो गए। जानकारी के अनुसार, बुधवार शाम अचानक मौसम बदला और तेज गर्जना के साथ बारिश शुरू हो गई। बारिश से बचने के लिए बेलवाना निवासी 30 वर्षीय आफताब अंसारी, चंदौरी निवासी 26 वर्षीय राजू तुरी, 12 वर्षीय नूनमनी कुमार, 24 वर्षीय अमन कुमार तुरी, चरना रविदास और चंदन कुमार सकरी नदी के किनारे एक पेड़ के नीचे खड़े थे। इसी दौरान तेज आवाज के साथ वज्रपात हुआ, जिसकी चपेट में सभी छह लोग आ गए। वज्रपात इतना तीव्र था कि नूनमनी कुमार और अमन कुमार तुरी की घटनास्थल पर ही मृत्यु हो गई। चंदौरी स्थित एक निजी क्लीनिक में भर्ती कराया गया आफताब अंसारी और राजू तुरी गंभीर रूप से झुलस गए, जबकि चरना रविदास और चंदन कुमार को भी चोटें आईं। घटना के तुरंत बाद ग्रामीण मौके पर पहुंचे और सभी घायलों को चंदौरी स्थित एक निजी क्लीनिक में भर्ती कराया। निजी क्लीनिक में आफताब अंसारी और राजू तुरी का इलाज चल रहा है। मृतकों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। Source link

झारखंड

पलामू में बुजुर्ग की गोली मारकर हत्या:घर से बुलाकर ले गए थे...

पलामू जिले के पिपराटांड़ थाना क्षेत्र के करमा गांव में एक 60 वर्षीय वृद्ध की गोली मारकर हत्या कर दी गई है। मृतक की पहचान राजमुनि पाठक के रूप में हुई है। बुधवार सुबह उनका खून से लथपथ शव घर से कुछ दूरी पर खेत में बरामद हुआ। पुलिस मामले की छानबीन कर रही है। जानकारी के अनुसार, मंगलवार रात करीब 8:30 बजे दो अज्ञात लोग राजमुनि पाठक के घर पहुंचे। उन्होंने पाठक को घर से बाहर बुलाया और अपने साथ ले गए। घर से कुछ दूर आगे ले जाकर आरोपियों ने उनके सिर में गोली मार दी, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। घटना के समय घर में केवल राजमुनि पाठक की पत्नी मौजूद थीं। शुरुआत में उन्हें लगा कि पहचान वाले लोग राजमुनि को ले गए हैं और वे बातचीत के बाद लौट आएंगे। जब राजमुनि रात भर नहीं लौटे, तो बुधवार सुबह उनकी पत्नी ने खेत में शव देखकर पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलने पर पिपराटांड़ थाना प्रभारी निलेश कुमार पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे और छानबीन शुरू की। थाना प्रभारी ने बताया कि पुलिस सभी बिंदुओं पर अनुसंधान कर रही है। परिजनों ने पुलिस को बताया है कि राजमुनि पाठक का किसी के साथ जमीन विवाद चल रहा था। पुलिस इस जमीन विवाद के पहलू को भी जांच में शामिल कर रही है। घटना की जानकारी मिलने के बाद बड़ी संख्या में ग्रामीण और परिजन मौके पर जमा हो गए थे। Source link

झारखंड

घर के पीछे खाली पड़ी जमीन को बना दिया, ‘न्यूट्रीशन गार्डन’, अब...

Last Updated:April 29, 2026, 16:28 IST Jamshedpur News: जमशेदपुर के पास हालुदबानी गांव में महिलाओं ने अपने घर के पीछे पड़े खाली एरिया का ऐसा इस्तेमाल किया है कि अब पूरा घर जैविक तरीके से उगी शुद्ध सब्जियां खा रहा है. इस काम में एक संस्था ने उनकी मदद की और बैकयार्ड न्यूट्रीशन गार्डन बन गया. ख़बरें फटाफट जमशेदपुर. झारखंड के गांवों की पहचान अब सिर्फ सादगी और परंपरा तक सीमित नहीं रही, बल्कि यहां की महिलाएं अब अपने हुनर और समझदारी से एक नई मिसाल कायम कर रही हैं. जमशेदपुर के पास स्थित हालुदबानी गांव इसका जीता-जागता उदाहरण बनकर उभरा है, जहां की महिलाएं आज शहर की महिलाओं से भी एक कदम आगे सोच रही हैं. घर के पीछे की जमीन का गजब इस्तेमालइस गांव में कुल 35 घर हैं और हर घर के पीछे थोड़ी-बहुत खाली जमीन मौजूद है. पहले ये जगह यूं ही खाली पड़ी रहती थी, लेकिन अब यही जमीन गांव की ताकत बन चुकी है. यहां की महिलाओं ने मिलकर इन खाली जगहों को ‘बैकयार्ड किचन न्यूट्रिशन गार्डन’ में बदल दिया है. इस पहल के पीछे TMILL संस्था का बड़ा योगदान है, जिसने गांव की महिलाओं को ट्रेनिंग देकर उन्हें आत्मनिर्भर बनने की राह दिखाई. परिवार का स्वास्थ्य हो रहा बेहतरअब हालुदबानी गांव के हर घर के पीछे एक छोटा-सा हरा-भरा बगीचा नजर आता है. इन गार्डन में भिंडी, बैंगन, मिर्च, टमाटर, फूलगोभी, नेनुआ और बरबटी जैसी रोजमर्रा में इस्तेमाल होने वाली सब्जियां उगाई जा रही हैं. खास बात यह है कि ये सब्जियां पूरी तरह से ताजा और जैविक हैं, जिससे परिवार का स्वास्थ्य भी बेहतर हो रहा है. गुजरने वाले, जरूर रुककर देखते हैंगांव की एक महिला, चंचल किस्कू, बताती हैं कि पहले उन्हें सब्जियों के लिए बाजार जाना पड़ता था, लेकिन अब उनके घर के पीछे ही सब कुछ उपलब्ध है. इससे समय और पैसे दोनों की बचत हो रही है. इतना ही नहीं, जब कभी राहगीर इस रास्ते से गुजरते हैं और इन हरे-भरे बगीचों को देखते हैं, तो रुककर तारीफ करते हैं. कई बार लोग सब्जियां मांगकर भी ले जाते हैं, जिसे महिलाएं खुशी-खुशी बांट देती हैं. यह पहल सिर्फ सब्जियां उगाने तक सीमित नहीं है, बल्कि यह गांव की महिलाओं को आत्मनिर्भर और जागरूक बना रही है. अब उन्हें यह समझ आ गया है कि छोटी-सी जगह का सही उपयोग करके भी बड़ा बदलाव लाया जा सकता है. छोटी जगह का बड़ा इस्तेमालहालुदबानी गांव आज एक प्रेरणा बन चुका है. यहां की महिलाएं यह संदेश दे रही हैं कि अगर सोच सकारात्मक हो और मेहनत सच्ची, तो किसी भी संसाधन का सही उपयोग कर जीवन को बेहतर बनाया जा सकता है. उन्होंने साबित कर दिया है कि गांव की महिलाएं अब सिर्फ घर तक सीमित नहीं हैं, बल्कि वे अपने परिवार और समाज के भविष्य को संवारने में अहम भूमिका निभा रही हैं. सच में, यह झारखंड का एक अनोखा गांव है, जहां हर घर के पीछे सिर्फ एक बगीचा नहीं, बल्कि आत्मनिर्भरता और उम्मीद की हरियाली खिल रही है. About the Author Raina Shukla बुंदेलखंड यूनिवर्सिटी से मास कम्यूनिकेशन एंड जर्नलिज़्म में मास्टर्स, गोल्ड मेडलिस्ट. पत्रकारिता का सफर दैनिक जागरण से शुरू हुआ, फिर प्रभात खबर और ABP न्यूज़ से होते हुए News18 Hindi तक पहुंचा. करियर और देश की …और पढ़ें News18 न्यूजलेटर अब ईमेल पर इनसाइड स्‍टोर‍ीज खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्‍स में सबमिट करें Location : Jamshedpur,Purbi Singhbhum,Jharkhand First Published : April 29, 2026, 16:26 IST Source link

झारखंड

कॉपर वायर लूटकांड का खुलासा, तीन आरोपी गिरफ्तार:गिरिडीह में 15 लाख से...

गिरिडीह जिले के निनियांघाट थाना क्षेत्र में हुए 15 लाख रुपए से अधिक के कॉपर वायर लूटकांड का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। इस मामले में तीन अपराधियों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने उनके पास से लूटे गए तार, घटना में प्रयुक्त वाहन, नकदी और हथियार बरामद किए हैं। यह घटना 26/27 अप्रैल 2026 की रात डीबीसी निनियांघाट सब स्टेशन के पीछे एक खेत में हुई थी। यहां 132 केवी ट्रांसमिशन लाइन के लिए रेलवे के माध्यम से केबल बिछाने का काम चल रहा था। मौके पर कनेक्शन लाइन के लिए भारी मात्रा में कॉपर वायर रखा हुआ था। अपराधियों ने वहां मौजूद गार्ड अनिल कुमार महतो और रंजीत ठाकुर को डरा-धमकाकर बंधक बना लिया और उनके साथ मारपीट की। इसके बाद, उन्होंने लगभग 193 मीटर कॉपर वायर काट लिया, जिसकी अनुमानित कीमत 15 लाख 58 हजार 316 रुपए है। गार्डों से उनके मोबाइल फोन और करीब 5 हजार रुपए नकद भी छीन लिए गए। घटना के बाद निनियाँघाट थाना में कांड संख्या 41/26 के तहत मामला दर्ज किया गया। गिरिडीह के पुलिस अधीक्षक डॉ. बिमल कुमार के निर्देश पर अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी सुमित कुमार डुमरी और पुलिस निरीक्षक डुमरी के नेतृत्व में एक विशेष टीम का गठन किया गया। धनबाद निवासी तीन अपराधियों को गिरफ्तार किया मानवीय और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर कार्रवाई करते हुए, पुलिस ने इस मामले में धनबाद निवासी तीन अपराधियों को गिरफ्तार किया। इनकी पहचान कल्लू कुमार उर्फ कल्लू पासी (23), राजू भुईयां उर्फ कारू भुईयां (25) और नरेश भुईयां उर्फ बिट्टवल भुईयां उर्फ कुटुम्ब (32) के रूप में हुई है। गिरफ्तार अपराधियों की निशानदेही पर पुलिस ने 267 किलोग्राम कॉपर तार, 39 किलोग्राम केबल का काला कवर, घटना में प्रयुक्त पिकअप, दो मोबाइल फोन, 38 हजार रुपए नकद, हेक्सा आरी और ब्लेड बरामद किए हैं। पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि गिरफ्तार सभी अपराधियों का आपराधिक इतिहास रहा है। कल्लू पासी वर्ष 2019 में, राजू भुईयां वर्ष 2016 में और नरेश भुईयां वर्ष 2023 में धनबाद के विभिन्न थाना क्षेत्रों में दर्ज मामलों में जेल जा चुके हैं। फिलहाल पुलिस इनके अन्य सहयोगियों की तलाश में लगातार छापेमारी कर रही है। इस कार्रवाई में डुमरी अंचल के राजेंद्र प्रसाद महतो, थाना प्रभारी सुमन कुमार सहित निमियाँघाट थाना, डुमरी थाना और तकनीकी शाखा के पुलिसकर्मी शामिल रहे। Source link

Scroll to Top