भारतन्यूज़ – टॉप हेडर
News Menu Bar

Author name: scsmdos@gmail.com

ताज़ा खबर

Nashik TCS case | Nida Khan News | टीसीएस केस : निदा...

महाराष्ट्र के नासिक स्थित टीसीएस से जुड़े मामले में छत्रपति संभाजीनगर से ऑल इंडिया मजलिस ए इत्तेहादुल मुस्लिमीन (एआईएमआईएम) के पार्षद मतीन पटेल की मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही हैं. औरंगाबाद नगर निगम (AMC) ने उनके खिलाफ अवैध निर्माण को लेकर नोटिस जारी किया है. जिन संपत्तियों पर सवाल उठाए गए हैं, उनमें वह बंगला भी शामिल है, जहां नासिक टीसीएस केस की आरोपी निदा खान कथित तौर पर छिपकर रह रही थी. इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के मुताबिक, नगर निगम के मेयर समीर राजूरकर ने साफ कहा है कि अगर पार्षद की ओर से नोटिस का संतोषजनक जवाब नहीं मिला तो उनकी इमारतों को गिराने की कार्रवाई की जाएगी. इतना ही नहीं, अगर अवैध निर्माण साबित होता है तो पार्षद की सदस्यता रद्द करने की प्रक्रिया भी शुरू हो सकती है. मतीन के ही घर में रह रही थी निदा नगर निगम प्रशासन ने 9 मई को मतीन पटेल को नोटिस भेजा. इनमें कौसर बाग स्थित वह मकान, जहां निदा खान के रहने की बात सामने आई, और उसी इलाके में स्थित उनका एक दफ्तर शामिल है. निगम का दावा है कि शुरुआती जांच में दोनों निर्माण पूरी तरह या आंशिक रूप से अवैध पाए गए हैं. तीन दिन में जवाब, वरना बुलडोजर एक्शन मेयर समीर राजूरकर ने कहा कि नियमों के तहत पार्षद को जवाब देने के लिए तीन दिन का समय दिया गया है. यदि जवाब संतोषजनक नहीं हुआ तो कानून के मुताबिक कार्रवाई होगी. उन्होंने यह भी कहा कि महाराष्ट्र नगर निगम अधिनियम के तहत यदि कोई पार्षद, उसका परिवार या आश्रित अवैध निर्माण में शामिल पाए जाते हैं तो उनकी सदस्यता रद्द की जा सकती है. हालांकि, जब उनसे पूछा गया कि क्या निगम मतीन पटेल की सदस्यता खत्म करने की दिशा में आगे बढ़ेगा, तो उन्होंने कहा कि इस पर अंतिम फैसला सदन और नगर आयुक्त स्तर पर लिया जाएगा. फिलहाल अवैध निर्माण के मामले में कानूनी कार्रवाई की प्रक्रिया चल रही है. 35 वर्षीय मतीन माजिद शेख, जिन्हें मतीन पटेल के नाम से जाना जाता है, पहली बार AIMIM के टिकट पर पार्षद बने हैं. चुनावी हलफनामे के मुताबिक उन्होंने सातवीं तक पढ़ाई की है. उनके पास कृषि और गैर-कृषि जमीनों समेत कई संपत्तियां हैं. इस बीच मतीन पटेल ने स्थानीय अदालत का दरवाजा खटखटाया है. उन्होंने नोटिस का जवाब देने के लिए 15 दिन का समय मांगा है और नगर निगम को किसी भी तरह की सख्त कार्रवाई से रोकने की मांग की है. मामले पर मंगलवार को सुनवाई हो सकती है. Source link

झारखंड

पेसा नियमावली पर हाईकोर्ट ने राज्य से मांगा बिंदुवार जवाब

रांची| अधिसूचित क्षेत्रों में पेसा नियमावली को सही तरीके से लागू नहीं करने के आरोपों को लेकर दाखिल जनहित याचिका पर झारखंड हाईकोर्ट ने राज्य सरकार से जवाब तलब किया है। हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस एमएस सोनक और न्यायमूर्ति राजेश शंकर की खंडपीठ ने सरकार को निर्देश दिया है कि याचिकाकर्ता द्वारा उठाए गए सभी सवालों का बिंदुवार जवाब प्रस्तुत किया जाए। मामले की अगली सुनवाई अब जून माह के अंतिम सप्ताह में होगी। यह जनहित याचिका रायमुल बांद्रा की ओर से दाखिल की गई है। सुनवाई के दौरान याचिकाकर्ता की ओर से अदालत को बताया गया कि राज्य सरकार ने पेसा नियमावली में ऐसे संशोधन किए हैं, जो इसकी मूल भावना और संवैधानिक प्रावधानों के विपरीत हैं। याचिका में आरोप लगाया गया कि इन संशोधनों के कारण आदिवासी और मूलवासी समुदायों को मिलने वाले विशेष अधिकार कमजोर हो रहे हैं। कोर्ट ने सरकार से मांगा स्पष्टीकरण : सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने राज्य सरकार से पूछा कि याचिकाकर्ता द्वारा लगाए गए आरोपों में कितनी सच्चाई है। अदालत ने यह भी जानना चाहा कि क्या नियमावली में किए गए संशोधन संविधान के अनुरूप हैं या नहीं। याचिका में कहा गया है कि पेसा कानून का उद्देश्य अनुसूचित क्षेत्रों में ग्राम सभाओं को मजबूत करना और आदिवासी समुदाय को जल, जंगल और जमीन से जुड़े मामलों में अधिकार देना है। लेकिन सरकार ने अपने अनुरूप नियमावली लागू कर दी, जिससे आदिवासी और मूलवासी समुदाय अपने वास्तविक अधिकारों से वंचित हो रहे हैं। मामले को लेकर अब राज्य सरकार को विस्तृत जवाब दाखिल करना होगा, जिसके बाद हाईकोर्ट आगे की सुनवाई करेगा। Source link

झारखंड

रांची समेत 13 जिलों में आज-कल आंधी-बारिश:दोपहर बाद बिगड़ेगा मौसम, तेज हवा...

झारखंड में मौसम का मिजाज 17 मई तक बदला रहेगा। मौसम विभाग के अनुसार राज्य में सुबह के समय उमस और गर्मी महसूस होगी, जबकि दोपहर बाद आंधी, मेघ गर्जन और बारिश का दौर शुरू हो सकता है। 12 मई को रांची सहित 13 जिलों में ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। इन इलाकों में 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवा चलने, वज्रपात और बारिश की संभावना जताई गई है। इसके साथ ही अन्य जिलों में येलो अलर्ट जारी कर सतर्क रहने की सलाह दी गई है। कई इलाकों में तेज हवा और वज्रपात की आशंका मौसम विभाग के मुताबिक 13 मई को राज्य के पूर्वी हिस्सों में कहीं-कहीं तेज हवा चल सकती है। 14 और 15 मई को भी अधिकांश जिलों में दोपहर बाद मौसम खराब रहेगा। इस दौरान 40 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चल सकती है। वहीं मेघ गर्जन और वज्रपात की चेतावनी दी गई है। 15 मई को पूरे राज्य में यलो अलर्ट जारी किया गया है। लोगों को खुले स्थानों और पेड़ों के नीचे जाने से बचने की सलाह दी गई है। उत्तर-पूर्वी और दक्षिणी हिस्सों में ज्यादा असर 16 और 17 मई को राज्य के उत्तर-पूर्वी और दक्षिणी हिस्सों में मौसम का प्रभाव ज्यादा देखने को मिल सकता है। इन क्षेत्रों में गरज के साथ तेज हवा और वज्रपात की संभावना जताई गई है। मौसम विभाग ने स्पष्ट किया है कि साइक्लोनिक सर्कुलेशन के प्रभाव के कारण यह स्थिति बनी हुई है, जो मध्य प्रदेश और हिमालय क्षेत्र से पश्चिम बंगाल की ओर सक्रिय है। इसी वजह से झारखंड में लगातार मौसम अस्थिर बना हुआ है। तापमान में उतार-चढ़ाव, लोगों को मिली राहत बीते 24 घंटे में राज्य के कई हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की गई। खूंटी में सबसे अधिक 2.5 एमएम वर्षा रिकॉर्ड हुई, जबकि डालटनगंज राज्य का सबसे गर्म स्थान रहा, जहां अधिकतम तापमान 39 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं कांके में न्यूनतम तापमान 17.2 डिग्री रहा। रांची में भी सोमवार शाम गरज के साथ हल्की बारिश हुई, जिससे लोगों को गर्मी से राहत मिली। रांची का अधिकतम तापमान 31.8 डिग्री दर्ज किया गया। मौसम विभाग के अनुसार 17 मई के बाद तापमान में 2 से 3 डिग्री तक बढ़ोतरी हो सकती है। आज तापमान में रहेगा उतार-चढ़ाव 12 मई को तापमान में हल्का उतार-चढ़ाव देखने को मिलेगा। देवघर, धनबाद, दुमका और साहिबगंज में अधिकतम तापमान 32 से 35 डिग्री सेल्सियस के बीच रह सकता है। चतरा, गढ़वा और पलामू जैसे जिलों में गर्मी का प्रभाव अधिक रहेगा, जहां अधिकतम तापमान 40 डिग्री तक पहुंच सकता है। रांची, बोकारो, हजारीबाग और रामगढ़ में अधिकतम तापमान 33 से 35 डिग्री के बीच रहने का अनुमान है। पूर्वी और पश्चिमी सिंहभूम, सरायकेला और सिमडेगा में अधिकतम तापमान 34 से 36 डिग्री तक रह सकता है। कुल मिलाकर आज राज्य में दिन के समय गर्मी और उमस बनी रहेगी, जबकि कुछ इलाकों में मौसम के अचानक बदलने की भी संभावना जताई गई है। Source link

ताज़ा खबर

CM Himanta Oath Ceremony Live: हिमंत बिस्व सरमा आज फिर संभालेंगे असम...

होमताजा खबरदेश LIVE: CM हिमंत दूसरी बार संभालेंगे असम की कमान, ये चार मंत्री भी साथ लेंगे सपथ Last Updated:May 12, 2026, 07:30 IST Himanta Biswa Sarma Shapath Grahan Live Updates: असम में भारतीय जनता पार्टी के नेतृत्व वाली एनडीए सरकार लगातार तीसरी बार सत्ता संभालने जा रही है. गुवाहाटी में आजभव्य शपथ ग्रहण समारोह होगा, जहां हिमंत बिस्व सरमा…और पढ़ें हिमंत बिस्व सरमा आज लगातार दूसरी बार असम के मुख्यमंत्री पद की शपथ लेंगे. असम में भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के नेतृत्व वाली एनडीए सरकार लगातार तीसरी बार सत्ता संभालने जा रही है. आज गुवाहाटी में भव्य शपथ ग्रहण समारोह आयोजित होने जा रहा है, जहां हिमंत बिस्व सरमा दूसरी बार मुख्यमंत्री पद की शपथ लेंगे. यह समारोह गुवाहाटी के खानापाड़ा स्थित वेटरनरी कॉलेज खेल मैदान में सुबह 11 बजे आयोजित किया जाएगा, जहां राज्यपाल लक्ष्मण प्रसाद आचार्य मुख्यमंत्री हिमंत बिस्व सरमा और नए मंत्रियों को पद और गोपनीयता की शपथ दिलाएंगे. इस शपथ ग्रहण समारोह में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बतौर मुख्य अतिथि शामिल होंगे. प्रधानमंत्री के सुबह करीब 10:30 बजे गुवाहाटी पहुंचने की संभावना है. पीएम मोदी के अलावा इस समारोह में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह , भाजपा के पूर्व अध्यक्ष जेपी नड्डा समेत कई केंद्रीय मंत्री मौजूद रहेंगे. इसके अलावा बीजेपी और एनडीए शासित राज्यों के 22 मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री भी कार्यक्रम में शामिल हो सकते हैं. शपथ ग्रहण से पहले हिमंत बिस्व सरमा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर नई सरकार में शामिल होने वाले मंत्रियों के नामों की घोषणा की. उन्होंने बताया कि उनके साथ रामेश्वर तेली, अतुल बोरा, चंदन ब्रह्मा (चरण बोरो) और अजंता नियोग मंत्री पद की शपथ लेंगे. CM Himanta Oath Ceremony Live Updates: असम चुनाव में बीजेपी नीत एनडीए को मिली प्रचंड जीत हाल ही में संपन्न असम विधानसभा चुनाव में भाजपा के नेतृत्व वाले राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) ने शानदार जीत दर्ज की थी. 126 सदस्यीय विधानसभा में एनडीए ने 102 सीटें हासिल कीं, जबकि अकेले बीजेपी ने 82 सीटों पर जीत दर्ज कर बहुमत से कहीं ज्यादा समर्थन हासिल किया. इसी जीत के बाद हिमंत बिस्व सरमा लगातार दूसरी बार मुख्यमंत्री बनने जा रहे हैं. Location : New Delhi,Delhi Source link

झारखंड

70KM की रफ्तार से आंधी-तूफान! रांची, बोकारो… झारखंड में आज जमकर बरसेंगे...

रांची: झारखंड में आज मौसम का मिजाज बदला-बदला रहने वाला है. राजधानी रांची समेत राज्य के कई जिलों में बादल छाए रहने, गरज-चमक के साथ हल्की से मध्यम बारिश और तेज हवा चलने की संभावना जताई गई है. जबकि कुछ पश्चिमी और उत्तरी जिलों में गर्मी का प्रकोप बरकरार रहेगा .IMD के अनुसार, रांची, खूंटी, रामगढ़, लोहरदगा, गुमला, हजारीबाग, पलामू, जमशेदपुर और बोकारो जैसे क्षेत्रों में आंधी-बारिश हो सकती है. यहां तेज हवाएं 40-70 किमी/घंटा की रफ्तार से चल सकती हैं. इसके अलावा बंगाल की खाड़ी से आ रही नमी और पश्चिमी विक्षोभ के असर से राज्य में प्री-मानसून गतिविधियां तेज हो रही हैं. झारखंड के इन जिलों में आज हो सकती है बारिश आज दिनभर कई जिलों में छिटपुट बारिश होने की उम्मीद है, जिसमें रांची, जमशेदपुर, धनबाद, बोकारो, देवघर, दुमका और गिरिडीह जिलों में गरज के साथ बारिश की संभावना है. वहीं, कुछ इलाकों में 40 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवा चलने और बिजली गिरने की भी आशंका है. रांची मौसम विभाग ने लोगों को खराब मौसम के दौरान खुले मैदान और पेड़ों के नीचे खड़े नहीं होने की सलाह दी है. इसके अलावा पलामू और गढ़वा डिवीजन में भी स्थानीय स्तर पर तूफानी हवाएं चल सकती हैं. उत्तरी जिलों देवघर, गोड्डा में बारिश कम, लेकिन आंशिक बादल छाए रह सकते हैं. जानें कहां रहेगा सबसे ठंडा और सबसे गर्म तापमान झारखंड में आज सबसे अधिक तापमान पश्चिमी और उत्तरी जिलों जैसे दालतोंगंज, चतरा या पलामू में 36-38°C तक पहुंच सकता है. जमशेदपुर और धनबाद में भी 35-37°C के आसपास रह सकता है. जबकिसबसे कम तापमान रांची और आसपास के पठारी इलाकों खूंटी, लोहरदगा, गुमला में न्यूनतम 20-23°C रहने की संभावना है. यहां दिन का अधिकतम 32-34°C तक रहने वाला है. वहीं, बारिश से तापमान में 2-4 डिग्री की गिरावट फिर संभव है. आंधी-तूफान का अलर्ट आज राजधानी रांची, हजारीबाग और संथाल परगना के इलाकों में तापमान अपेक्षाकृत कम रहेगा. यहां अधिकतम तापमान 31 से 34 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने का अनुमान है. बारिश और बादलों की वजह से लोगों को गर्मी से राहत मिल सकती है. वहीं, मौसम विभाग ने पूर्वी और दक्षिणी झारखंड के कई जिलों में तेज आंधी और वज्रपात का येलो अलर्ट जारी किया है. खासकर चाईबासा और कोल्हान क्षेत्र में शाम के समय तेज तूफानी हवाएं चल सकती हैं. किसानों को फसल और मवेशियों की सुरक्षा करने की सलाह दी गई है. जानें सोमवार को कहां-कहां हुई बारिश वहीं, बीते दिन सोमवार को झारखंड में आंधी-बारिश का दौर रहा. रांची और आसपास के जिलों खूंटी, लोहरदगा, गुमला, रामगढ़ में गरज-चमक के साथ मध्यम बारिश हुई. वहीं. रांची एयरो में 46.2 mm सबसे अधिक वर्षा दर्ज की गई. कई अन्य जगहों पर हल्की से मध्यम बारिश और ओलावृष्टि भी हुई. इसके अलावा सबसे कम तापमान कांके रांची में 17.2°C न्यूनतम तापमान दर्ज हुआ, जो राज्य में सबसे ठंडा रहा. वहीं, रांची का न्यूनतम 19.6°C रहा, जबकि लोहरदगा और खूंटी जैसे पठारी इलाकों में भी 20-21°C के आसपास ठंडक महसूस हुई. सबसे अधिकतम तापमान दालतोंगंज में 37.8°C दर्ज किया गया. Source link

झारखंड

चुनाव खत्म होते जनता को कटौती का उपदेश देने लगी मोदी सरकार...

पॉलिटिकल रिपोर्टर| रांची झारखंड मुक्ति मोर्चा के महासचिव विनोद पांडेय ने केंद्र सरकार की नीतियों की आलोचना करते हुए कहा कि चुनाव तक सच्चाई छिपाने वाली मोदी सरकार अब जनता को त्याग और कटौती का उपदेश दे रही है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री द्वारा पेट्रोल बचाने, सोना नहीं खरीदने, विदेश यात्राएं कम करने और विदेशी सामान छोड़ने जैसी सलाहें यह साबित करती हैं कि देश की आर्थिक स्थिति गंभीर है और सरकार अब उसे छिपा नहीं पा रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि पांच राज्यों के चुनाव तक सरकार ने आर्थिक संकट की वास्तविक तस्वीर सामने नहीं आने दी। चुनाव खत्म होते ही जनता को कम खर्च करने और कम खरीदारी करने की नसीहत दी जा रही है। यह राजनीतिक लाभ के लिए सच्चाई छिपाने का उदाहरण है। विनोद पांडेय ने कहा कि केंद्र सरकार की विदेश नीति भी विफल साबित हुई है। जिन देशों को भारत का करीबी मित्र बताया जाता था, वे अब दूरी बना रहे हैं और सरकार अमेरिका के दबाव में झुकती दिखाई दे रही है। इसका असर अर्थव्यवस्था व आम लोगों पर पड़ रहा है। 5 ट्रिलियन डॉलर इकोनॉमी के दावों के बावजूद महंगाई झामुमो नेता ने कहा कि विश्वगुरु, न्यू इंडिया और 5 ट्रिलियन डॉलर इकोनॉमी जैसे दावों के बावजूद महंगाई लगातार बढ़ रही है, बेरोजगारी रिकॉर्ड स्तर पर है और पेट्रोल-डीजल पर भारी टैक्स से जनता परेशान है। एक ओर आम लोगों को विदेश यात्राएं रोकने की सलाह दी जा रही है, वहीं दूसरी ओर प्रधानमंत्री विदेश दौरों पर जा रहे हैं। पांडेय ने कहा कि जनता टैक्स भी दे, महंगाई भी सहे और अंत में उपदेश भी सुने, यह लोकतंत्र नहीं बल्कि जनता के साथ अन्याय है। देश की जनता से कभी थाली बजवाई गई, कभी मोमबत्ती जलवाई गई, कभी प्याज-टमाटर छोड़ने की सलाह दी गई और अब कहा जा रहा है कि कम चलो, कम खरीदो और कम जियो। Source link

झारखंड

रिम्स में एक नर्स के जिम्मे 20 मरीज, नियम- 5 मरीजों पर...

आज इंटरनेशनल नर्सेज डे है। यह दिन उन नर्सों के सम्मान का प्रतीक है, जो अस्पतालों की रीढ़ हैं। लेकिन राज्य के सबसे बड़े सरकारी अस्पताल रिम्स की नर्सें संघर्ष और दबाव के बीच अपनी जिम्मेदारी निभा रही हैं। जहां एक नर्स पर 5 मरीजों की जिम्मेदारी होनी चाहिए, वहां रिम्स में एक नर्स पर 20 से अधिक मरीज हैं। इंडियन पब्लिक हेल्थ स्टैंडर्ड (आईपीएचएस) नॉर्म्स के अनुसार 500 बेड वाले अस्पताल में संचालन के लिए 400 से अधिक नर्सों की जरूरत होती है। शिक्षण संस्थान के लिए निर्धारित संख्या इस अनुपात से ज्यादा है। ऐसे में 2200 बेड वाले रिम्स में कम से कम 2500 नर्सों की आवश्यकता है। यानी हर शिफ्ट में लगभग 800 से ज्यादा नर्सों की तैनाती होनी चाहिए। लेकिन रिम्स में कुल नर्सों की संख्या 400 के आसपास ही है। इनमें भी स्थायी नर्सों की संख्या 350 से कम बताई जाती है। शेष आउटसोर्स के माध्यम से कार्यरत हैं। ऐसे में एक शिफ्ट में औसतन केवल 120 से 130 नर्सें ही ड्यूटी पर रहती हैं। सम्मान संग समाधान जरूरी नर्सेज डे पर नर्सों को सम्मानित करने के कार्यक्रम होते हैं, लेकिन रिम्स की स्थिति सवाल खड़ा करती है कि क्या केवल सम्मान पर्याप्त है? विशेषज्ञ मानते हैं कि बेहतर स्वास्थ्य व्यवस्था के लिए नर्सिंग स्टाफ की पर्याप्त नियुक्ति अब सबसे बड़ी जरूरत बन चुकी है। मरीजों की सुरक्षा और इलाज पर भी असर स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार नर्सों की कमी का सीधा असर मरीजों पर पड़ता है। दवा देने में देरी, मॉनिटरिंग में गैप, इमरजेंसी रिस्पॉन्स में विलंब और संक्रमण नियंत्रण जैसी चुनौतियां बढ़ जाती हैं। गंभीर मरीजों वाले विभागों में यह स्थिति ज्यादा चिंताजनक है। कई बार लगता है मरीजों को समय नहीं दे पा रहे… रिम्स अराजपत्रित कर्मचारी संघ की अध्यक्ष सिस्टर आईवी रानी खलखो कहती हैं कि वर्तमान व्यवस्था में नर्सें शारीरिक और मानसिक दोनों स्तर पर दबाव में काम कर रही हैं। रिम्स में कम-से-कम 3000 नर्सों की जरूरत है, लेकिन संख्या 400 से भी कम है। एक नर्स पर 20 से ज्यादा मरीजों की जिम्मेदारी रहती है। कई बार ऐसा होता है कि एक साथ 3 मरीजों को नर्सिंग केयर की जरूरत पड़ती है, लेकिन सीमित स्टाफ के कारण तुरंत पहुंच पाना संभव नहीं हो पाता। हर साल 8 से 10 स्थायी नर्सें सेवानिवृत्त हो रही हैं, लेकिन नई नियुक्तियां नहीं हो रही हैं। नियुक्ति होनी है, पर प्रक्रिया शुरू नहीं रिम्स में करीब 6 माह से 144 पदों पर स्थाई नियुक्ति का प्रस्ताव तैयार है। लेकिन अबतक प्रक्रिया शुरू नहीं हो सकी है। करीब चार माह पहले रिम्स निदेशक डॉ. राजकुमार ने बताया था कि प्रस्ताव जेएसएससी को भेजी गई थी, लेकिन किन्हीं कारणों से फाइल वापस लौट गई थी। ऐसे में रिम्स ने दोबारा प्रस्ताव तैयार कर भेजा है, पर प्रक्रिया कब शुरू होगी, इसकी कोई स्पष्ट जानकारी नही हैं। विभागवार समझें नर्सों की कितनी कमी… मेडिसिन विभाग : यहां एक आईसीयू और 6 यूनिट संचालित हैं। सभी यूनिट में औसत मरीज 50-60 रहते है। जबकि सभी यूनिट में 1 शिफ्ट में 3-3 नर्सें कार्यरत हैं। रिम्स के सेंट्रल इमरजेंसी से हर विभाग में नर्सें एक-चौथाई भी वर्तमान में नही है।) जरूरत : 100 मरीजों पर कम-से-कम 10 नर्सों की जरूरत जरूरत : कम-से-कम 1 शिफ्ट में 7-8 नर्सों की जरूरत जरूरत : यहां प्रति यूनिट 8-10 नर्सें एक शिफ्ट में रहनी चाहिए। जरूरत : एक शिफ्ट में प्रति वार्ड 12-12 नर्सों की जरूरत कार्डियोलॉजी : 5 डॉक्टरों के यूनिट में 100 से ज्यादा मरीज हैं। इमरजेंसी में भी नर्सों का इंगेजमेंट रहता है। यहां 1 शिफ्ट में आईसीयू में 3-3 नर्सें व वार्ड में 2-2 नर्सें हैं। सर्जरी विभाग : यहां वार्डों में एक शिफ्ट में 2-2 नर्स है। जबकि प्रति यूनिट मरीज 35-40 है। आईसीयू में 3-3 नर्स एक शिफ्ट में काम कर रही हैं। न्यूरो सर्जरी : 4 वार्डों में मरीजों की औसत संख्या 40 है। आईसीयू व एचडीयू में 40 से 50 रोगी हैं। वार्ड में 3-3 नर्सें, आईसीयू-एसडीयू में 5-5 नर्सें एक शिफ्ट में रहती हैं। Source link

ताज़ा खबर

एक ने बसाया जन्नत, दूसरे ने लूटी दौलत तो किसी और ने...

होमफोटोदेश 387 साल पुरानी 12 मई से जुड़ी है दिल्‍ली के दिलचस्‍प किले की कहानी! Last Updated:May 12, 2026, 06:01 IST Lal Qila ki Dilchasp kahani लाल किले की प्राचीर पर खड़ा देवांग अपनी बहन गौरी को लालकिले से जुड़ी वह कहानी बता रहा है, जिसे जानकार आप भी हैरान रह जाएंगे. इस कहानी में 12 मई 1639 की नींव से लेकर नहर-ए-बिहिश्त की ठंडक, तख्त-ए-ताऊस के हीरे, चांदी की छत, अंग्रेजों का बर्बर कहर, बहादुर शाह जफर के बेटों का कत्ल सहित कई घटनाओं का जिक्र किया गया है. देवांग और गौरी लाल किले की प्राचीर के पास खड़े थे. देवांग ने गौरी की तरफ देखा और बोला- गौरी, आज 12 मई है. गौरी हंस दी- तो, मेरा बर्थडे नहीं है. देवांग मुस्कुराया और बोला – नहीं, आज से ठीक 387 साल पहले इसी दिन एक शाह ने धरती पर अपना जन्नत बसाने की नींव रखी थी. वो जन्नत है… ये लाल किला. चल, आज तुझे इसकी हर ईंट की कहानी सुनाता हूं. गौरी ने पूछा- अच्छा, ये लाल-लाल क्यों है? देवांग ने शरारत से कहा- खून से थोड़े ही! गौरी बोली- अरे यार! फिर देवांग सीरियस हो गया- असल में, शाहजहां ने फतेहपुर सीकरी से लाल बलुआ पत्थर यमुना के रास्ते मंगवाए थे और अंदर के महलों के लिए राजस्थान से सफेद संगमरमर. इन पत्थरों पर फूल इस कदर तराशे कि लगे मानो किसी ने दीवारों पर चित्रकारी कर दी हो. ये काम 9 साल चला. 9 साल! तूने कभी 9 साल किसी चीज पर लगाए? देवांग ने सवाल किया- पता है, इस किले को बनने में कितना खर्चा हुआ? गौरी ने अंदाजा लगाया- दस-बीस करोड़? गौरी हंस दी- नहीं, उस जमाने में एक करोड़ रुपये. सुन, हैरान मत हो- उस वक्त ये कई राज्यों का सालाना बजट होता था. यानी शाहजहां ने पूरे राज्यों की कमाई एक किले पर लुटा दी. गौरी बोला- वो तो प्यार में दीवाने थे. गौरी ने कहा- हां, अपनी मुमताज के लिए तो ताजमहल बनवाया, अपने शौक के लिए ये लाल किला. Add News18 as Preferred Source on Google देवांग अब सबसे दिलचस्प बात लेकर आया- ये प्राचीर देख रही है? गौरी ने ऊपर देखा – हां, ऊंची-ऊंची. देवांग ने समझाया- मुगल काल में इस प्राचीर पर चढ़ने का मतलब था बादशाह के दरबार तक सीधी पहुंच. यानी तू दुनिया के सबसे ताकतवर आदमी से मिलने वाली थी. ऐसे इंसान को कहते थे ‘खास’. गौरी ने पूछा- और आज? देवांग गर्व से बोला- आज इसी प्राचीर से प्रधानमंत्री देश को संबोधित करते हैं. 15 अगस्त 1947 से ये परंपरा है. गौरी को गर्मी की फिक्र हुई- गर्मी में यहां लगता तो बहुत तपती होगी. देवांग ने चालाकी से कहा- यही तो चमत्कार है. शाहजहां ने यमुना से एक नहर बनवाई ‘नहर-ए-बिहिश्त’ यानी स्वर्ग की नहर. ये पूरे किले में बहती थी. गौरी चौंकी- पानी से ठंडक? देवांग बोला – हां! रंग महल के पास ये नहर छोटे झरने में बदल जाती थी. बैलों से चलने वाली रहटें रात-दिन पानी बहाती थीं. सचमुच का एसी सिस्टम वो भी 400 साल पहले. अब देवांग की आवाज धीमी हो गई. अब बात करते हैं दुनिया के सबसे कीमती तख्त की. तख्त-ए-ताऊस यानी मयूर सिंहासन. गौरी उत्सुक थी. उसने पूछा- कैसा था? देवांग ने कहा – सात सोने के मोर – उनकी पूंछ में माणिक, पन्ना, नीलम, हीरे… सोने-चांदी के बर्तन, खुरासान के कालीन, रंगीन काँच के झूमर. गौरी ने पूछा – आज कहां है? देवांग उदास हो गया. वह बोला- जब 1739 में नादिरशाह ने दिल्ली लूटी, वो सब ले गया. कोहिनूर हीरा भी, जो आज ब्रिटेन के ताज में जड़ा है. समझ, हमारे दादा-परदादाओं का गहना आज किसी और के सर पर सो रहा है. गौरी ने पूछा- मुगलों के बाद क्या हुआ? देवांग ने बताया- आए मराठे. 1760 के दशक में सदाशिवराव भाऊ ने लाल किला जीत लिया. पर सेना के खर्चे के लिए उन्हें पैसे चाहिए थे. गौरी ने पूछा- क्या किया? देवांग बोला- दीवान-ए-खास की चांदी की छत तोड़कर उसे पिघलाया और सिक्के बनाए. सोच जहां बादशाह बैठता था, वहां अब छत ही नहीं बची. गौरी का सवाल था- अंग्रेजों ने क्या किया? देवांग बहुत गंभीर हो गया. वह बोला- 1857 का विद्रोह. अंग्रेज हारे नहीं, टूट पड़े. उन्होंने किले के 80% से ज्‍यादा हिस्से तोड़ डाले. सफेद मार्बल के महल गिरा दिए, उनकी जगह बैरकें बनाईं. गौरी फफक पड़ी और बोली-ये तो कत्ल है. देवांग ने सबसे बुरी बात बताई- और सबसे बुरा बहादुर शाह जफर के तीन बेटों को बिना मुकदमे के गोली मार दी. अंग्रेज हडसन ने बूढ़े बादशाह को अपने बेटों के शव दिखाए. फिर जफर को बर्मा भेज दिया, जहां वह अकेले मर गए. देवांग अब उत्तेजित हो गया- अब आता है 1945 का वो मुकदमा. अंग्रेजों ने आजाद हिंद फौज के तीन अफसरों शाह नवाज, गुरबख्श सिंह, प्रेम सहगल का यहीं किले में कोर्ट-मार्शल किया. गौरी ने पूछा- फिर क्या हुआ? देवांग बोला- फिर क्या, पूरा देश सड़कों पर उतर आया. हिंदू-मुस्लिम एक साथ. यहां तक कि ब्रिटेन को दुनिया के सामने शर्मिंदा होना पड़ा. ये आजादी की शुरुआत की आग थी. देवांग की आंखों में चमक आ गई. अब सबसे सुनहरा पल. 15 अगस्त 1947, सुबह. नेहरू जी इसी प्राचीर पर चढ़े. गौरी ने पूछा- तिरंगा लहराया? देवांग ने कहा- हां. वो तिरंगा राजस्थान के आलूदा गांव में बना था. और जब झंडा फहरा, तो बिस्मिल्लाह खान ने शहनाई बजाई. सोच, वो दृश्य – 200 साल की गुलामी के बाद, लाल किले की दीवारें, शहनाई की आवाज, और उड़ता तिरंगा. गौरी भावुक हो गई. Source link

झारखंड

Aaj Ka Mausam Live | Today Weather Live | 60KM की रफ्तार...

Aaj Ka Mausam Live Updates: मई का करीब आधा महीना गुजर चुका है और देशभर के ज्यादातर हिस्सों में इन दिनों भीषण गर्मी पड़ रही है. ऐसे में लोग अब बारिश का बेसब्री का इंतजार कर रहे हैं.इस बीच भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने खुश करने वाली खबर दी है. एक तरफ उत्तर-पश्चिम भारत में पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) सक्रिय है, तो दूसरी तरफ बंगाल की खाड़ी और अरब सागर में बन रही मौसमी प्रणालियां मानसून की दस्तक का संकेत देने लगी हैं. आईएमडी के ताजा पूर्वानुमान के मुताबिक मंगलवार 12 मई को देश के कई हिस्सों में बारिश, आंधी, बिजली गिरने और तेज हवाओं का असर देखने को मिलेगा, जबकि राजस्थान, गुजरात और मध्य भारत के कुछ हिस्सों में भीषण गर्मी और लू का प्रकोप जारी रहेगा. आईएमडी ने बताया है कि दक्षिण बंगाल की खाड़ी, अंडमान सागर और अंडमान-निकोबार द्वीप समूह के ऊपर परिस्थितियां दक्षिण-पश्चिम मानसून के आगे बढ़ने के लिए अनुकूल होती जा रही हैं. वहीं श्रीलंका के उत्तरी तट के पास दक्षिण-पश्चिम बंगाल की खाड़ी में बना कम दबाव का क्षेत्र अगले 48 घंटों में और मजबूत हो सकता है. इसी सिस्टम के कारण दक्षिण भारत और पूर्वोत्तर राज्यों में भारी बारिश की गतिविधियां तेज होने की संभावना है. पूर्वी भारत की बात करें तो बिहार, झारखंड, ओडिशा और पश्चिम बंगाल में मौसम अचानक बदल सकता है. बिहार में 12 मई को गरज-चमक के साथ बारिश, तेज हवाएं और ओलावृष्टि की संभावना जताई गई है. यहां 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज आंधी चल सकती है. झारखंड और ओडिशा में भी बिजली गिरने और तेज हवाओं का अलर्ट जारी किया गया है. अंडमान-निकोबार द्वीप समूह में अगले कुछ दिनों तक लगातार बारिश का दौर बना रह सकता है. उत्तर-पश्चिम भारत में पश्चिमी विक्षोभ के असर से मौसम करवट ले रहा है. जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में हल्की से मध्यम बारिश के साथ कई इलाकों में बर्फबारी भी हो सकती है. पहाड़ी राज्यों में तेज हवाएं और ओलावृष्टि का खतरा बना हुआ है. पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़ और दिल्ली में भी गरज-चमक के साथ बारिश और तेज हवाओं का पूर्वानुमान जारी किया गया है. राजस्थान के कई इलाकों में धूल भरी आंधी चल सकती है. हालांकि बारिश और आंधी के बीच देश के कई हिस्सों में गर्मी का प्रकोप भी जारी रहेगा. राजस्थान, गुजरात, पश्चिम मध्य प्रदेश, मराठवाड़ा और मध्य महाराष्ट्र में लू चलने की चेतावनी दी गई है. पश्चिम राजस्थान और कच्छ-सौराष्ट्र क्षेत्र में गंभीर हीटवेव की स्थिति बनी रह सकती है. मौसम विभाग ने राजस्थान में गर्म रातों (Warm Night Conditions) का भी अलर्ट जारी किया है, यानी रात के समय भी तापमान सामान्य से काफी अधिक रहेगा. दिल्ली में राहत लाएगा मौसम दिल्ली-एनसीआर में 12 मई को मौसम कुछ राहत भरा रह सकता है. आईएमडी के अनुसार राजधानी में गरज-चमक के साथ हल्की बारिश और तेज हवाएं चलने की संभावना है. हवा की रफ्तार 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुंच सकती है. पश्चिमी विक्षोभ के असर से अगले तीन दिनों तक अधिकतम तापमान में 1 से 2 डिग्री सेल्सियस की गिरावट देखने को मिल सकती है. दिल्ली में सुबह और शाम के समय बादल छाए रहने की संभावना है. हालांकि इसके बाद 13 मई से तापमान फिर धीरे-धीरे बढ़ना शुरू होगा और अगले सप्ताह गर्मी दोबारा परेशान कर सकती है. मौसम विभाग ने लोगों को तेज हवाओं और आकाशीय बिजली के दौरान खुले स्थानों से दूर रहने की सलाह दी है. यूपी और उत्तराखंड में झमाझम बारिश उत्तर प्रदेश में 12 और 13 मई को मौसम तेजी से बदल सकता है. पूर्वी और पश्चिमी यूपी के कई जिलों में गरज-चमक के साथ बारिश और तेज हवाएं चलने की संभावना है. खासतौर पर पूर्वी यूपी में बिजली गिरने और आंधी का खतरा ज्यादा रहेगा. कुछ जिलों में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं. उत्तराखंड में पहाड़ी इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश और ऊंचाई वाले क्षेत्रों में ओलावृष्टि की संभावना जताई गई है. देहरादून, नैनीताल, पिथौरागढ़ और चमोली जैसे जिलों में मौसम खराब रह सकता है. तेज हवाओं और बारिश के कारण पहाड़ी रास्तों पर भूस्खलन का खतरा भी बढ़ सकता है. मौसम विभाग ने पर्यटकों और यात्रियों को सतर्क रहने की सलाह दी है. बिहार और झारखंड में भी गरज-चमक के साथ बारिश बिहार में 12 मई को मौसम विभाग ने आंधी, बारिश और ओलावृष्टि का अलर्ट जारी किया है. कई जिलों में तेज गर्जना के साथ बिजली गिर सकती है. मौसम विभाग के अनुसार बिहार में 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं, जिससे पेड़ गिरने और बिजली आपूर्ति प्रभावित होने की आशंका है. झारखंड में भी अगले कुछ दिनों तक मौसम सक्रिय रहेगा. रांची, बोकारो, धनबाद, जमशेदपुर और आसपास के इलाकों में गरज-चमक के साथ बारिश हो सकती है. कई जिलों में बिजली गिरने की चेतावनी जारी की गई है. मौसम विभाग ने किसानों को सलाह दी है कि खराब मौसम के दौरान खेतों में काम करने से बचें. अन्य राज्यों का हाल दक्षिण भारत में भी मौसम काफी सक्रिय बना हुआ है. तमिलनाडु, केरल, कर्नाटक, तेलंगाना और आंध्र प्रदेश में अगले कुछ दिनों तक गरज-चमक के साथ बारिश जारी रहने की संभावना है. केरल और तमिलनाडु के कुछ हिस्सों में भारी बारिश का अलर्ट भी जारी किया गया है. वहीं महाराष्ट्र और कोंकण क्षेत्र में उमस भरी गर्मी लोगों को परेशान कर सकती है. देश के पूर्वोत्तर राज्यों में 12 मई को मौसम सबसे ज्यादा सक्रिय रहने वाला है. असम, मेघालय, अरुणाचल प्रदेश, नगालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में कई जगहों पर तेज बारिश, बिजली चमकने और 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने की संभावना है. असम और मेघालय में कुछ स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है. वहीं उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम में भी भारी बारिश हो सकती है. कुल मिलाकर 12 मई का मौसम देशभर में काफी उतार-चढ़ाव भरा रहने वाला है. कहीं बारिश और आंधी राहत देगी तो कहीं लू और उमस लोगों की मुश्किलें बढ़ाएगी. मौसम विभाग ने लोगों से सतर्क रहने

झारखंड

जीटी रोड पर डीजल चोर गिरोह का पर्दाफाश

भास्कर न्यूज | बगोदर बगोदर जीटी रोड पर लंबे समय से सक्रिय डीजल चोरी के संगठित गिरोह पर गोरहर पुलिस ने सोमवार अल सुबह एक पिकअप वैन जब्त की है। जानकारी के अनुसार, जीटी रोड किनारे लाइन होटलों के पास खड़े ट्रकों और अन्य भारी वाहनों से लगातार डीजल चोरी की घटनाएं सामने आ रही थीं। ट्रक चालकों द्वारा कई बार इसकी मौखिक शिकायत स्थानीय थाना में की गई थी। बताया जाता है कि गिरोह के सदस्य टैंकर और ड्रम की मदद से रात के अंधेरे में बड़े पैमाने पर डीजल चोरी कर रहे थे और यह धंधा कई महीनों से फल-फूल रहा था। गोरहर थाना प्रभारी रवि रंजन के अनुसार पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि जीटी रोड पर डीजल चोरी की घटना को अंजाम दिया जा रहा है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम सक्रिय हुई और गोरहर के पातितीरी मोड़ के समीप ड्रम लदे एक पिकअप वाहन को रोकने का प्रयास किया। पुलिस को देखते ही चालक वाहन लेकर भागने लगा। इसके बाद पुलिस ने पीछा कर वाहन को रुकवाया, लेकिन वाहन पर सवार सभी लोग मौके से फरार हो गए। घटना सोमवार सुबह करीब छह बजे की बताई जा रही है। पुलिस ने मौके से संदिग्ध पिकअप वाहन जब्त कर लिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस फरार आरोपियों की पहचान कर उनकी गिरफ्तारी के लिए छापेमारी कर रही है। Source link

Scroll to Top