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Supreme court| CJI Suryakant| जाति जनगणना का हो सकता है दुरुपयोग, याचिका...

होमताजा खबरदेश जाति जनगणना न हो, याचिका पर CJI सूर्यकांत बोले, दखल की जरूरत नहीं Last Updated:May 20, 2026, 12:57 IST सुप्रीम कोर्ट ने जाति आधारित जनगणना रोकने की याचिका खारिज कर दी है. CJI सूर्यकांत ने याच‍िका की सुनवाई के दौरान कहा क‍ि यह सरकार का नीतिगत फैसला है. पिछड़ी जातियों के आंकड़े कल्याण के लिए जरूरी हैं. जात‍ि आधारि‍त जनगणना के ख‍िलाफ सुप्रीम कोर्ट में याच‍िका को सीजेआई सूर्यकांत ने खार‍िज कर द‍िया. Supreme Court News: सुप्रीम कोट जातिगत जनगणना के खिलाफ दायर याचिका को खारिज कर दिया है. अदालत ने कहा कि यह सरकार का नीतिगत फैसला है और इसमें हस्तक्षेप करने का कोई कारण नहीं है. सुप्रीम कोर्ट में दायर याचिका में मांग की गई थी कि आगामी जनगणना में जाति आधारित गणना को शामिल न किया जाए, क्योंकि इसका “दुरुपयोग” हो सकता है. हालांकि सुप्रीम कोर्ट ने इस याचिका को खारिज कर दिया और सीजेआई सूर्यकांत ने एक अहम टिप्पणी की. सुनवाई के दौरान मुख्य न्यायाधीश सूर्य कांत ने कहा कि सरकार को यह जानना जरूरी है कि पिछड़ी जातियों में कितने लोग हैं, ताकि उनके कल्याण (के लिए योजनाएं बनाई जा सकें. अदालत ने अपने आदेश में कहा कि कि जनगणना जाति आधारित हो या नहीं, यह पूरी तरह सरकार का नीतिगत मामला है. अदालत को इसमें दखल देने की जरूरत नहीं दिखती. इसलिए जनहित याचिका (PIL) को खारिज किया जाता है. बता दें कि भारत में करीब 15 साल बाद एक अप्रैल से जनगणना 2027 की प्रक्रिया शुरू हो गई है. सरकारी स्कूलों के शिक्षक गांव-गांव जाकर जनगणना कर रहे हैं. इससे पहले 2011 में देश में जनगणना हुई थी. आमतौर पर देश में हर 10 साल पर जनगणना कराने की परंपरा रही है लेकिन 2020-2021 में कोरोना महामारी की वजह से इसे टाल दिया गया था. उसके बाद जनगणना में जाति के मसले को शामिल करने पर विवाद के कारण इसमें देरी हुई. अब इस बार की जनगणना में जाति को भी शामिल किया गया है. जनगणना की पूरी प्रक्रिया दो चरणों में पूरी की जाएगी. अंतिम रिपोर्ट 2027 में जारी होगी. इस कारण इसे जनगणना-2027 कहा जा रहा है. About the Author प्रिया गौतमSenior Correspondent Priya Gautam is an accomplished journalist currently working with Hindi.News18.com with over 14 years of extensive field reporting experience. Previously worked with Hindustan times group (Hindustan Hindi) and …और पढ़ें News18 न्यूजलेटर अब ईमेल पर इनसाइड स्‍टोर‍ीज खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्‍स में सबमिट करें Location : Delhi,Delhi,Delhi Source link

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50°C की झुलसाती गर्मी में भी ‘कूल-कूल’! कच्चे छप्पर और देसी जुगाड़...

Last Updated:May 20, 2026, 12:01 IST Summer Desi Tips: भीषण गर्मी और 50 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचते तापमान के बीच जहां शहरों में लोग एसी और कूलर के बिना परेशान हैं, वहीं गांवों में देसी जुगाड़ और पारंपरिक ज्ञान लोगों को राहत दे रहा है. ग्रामीण इलाकों में कच्चे छप्पर, मिट्टी की दीवारें और प्राकृतिक वेंटिलेशन वाली पारंपरिक निर्माण शैली आज भी घरों को ठंडा बनाए रखती हैं. स्थानीय लोग बताते हैं कि पुराने समय से अपनाए जा रहे ये देसी तरीके गर्म हवाओं को अंदर आने से रोकते हैं और घर का तापमान सामान्य बनाए रखते हैं. कई गांवों में लोग पेड़ों की छांव, मिट्टी के घड़ों का पानी और देसी निर्माण तकनीकों के जरिए बिना बिजली के भी आरामदायक जीवन जी रहे हैं. ख़बरें फटाफट बाड़मेर. भीषण गर्मी ने आमजन का जीना मुश्किल कर दिया है. शहरों में एसी और कूलर भी जवाब देने लगे हैं लेकिन रेगिस्तान के कई गांवों में आज भी लोग पारंपरिक तरीके अपनाकर गर्मी से राहत पा रहे हैं. कच्चे छप्पर, मिट्टी की दीवारें, देशी पंखे (पान), देशी खानपान और घरों का पारंपरिक निर्माण उन्हें तपती गर्मी में भी सुकून दे रहा है. जहां एक तरफ 50 डिग्री तापमान में लोग घरों से बाहर निकलने से बच रहे हैं वहीं रेगिस्तानी इलाकों में लोग आज भी कच्चे छप्पर और देसी पंखों के सहारे गर्मी को मात दे रहे हैं. मिट्टी के घर, खान पान और परंपरागत जीवनशैली उन्हें बिना एसी-कूलर भी राहत दे रही है. गांवों में कई घर ऐसे हैं जहां टीनशेड या सीमेंट की छत के बजाय घास-फूस, लकड़ी और मिट्टी से बने कच्चे छप्पर हैं. ये छप्पर दिनभर की तेज धूप को सीधे अंदर नहीं आने देते है जिससे घर के अंदर का तापमान बाहर की तुलना में काफी कम रहता है. मिट्टी के घर रखते हैं ठंडक बरकरारखडीन निवासी बुजुर्ग पन्नाराम बताते है कि मिट्टी की दीवारों में प्राकृतिक इंसुलेशन होता है. दिन में यह बाहरी गर्मी को काफी हद तक रोकती हैं और रात में ठंडक बनाए रखने में मदद करती हैं. यही वजह है कि कई बुजुर्ग आज भी पक्के मकानों की बजाय कच्चे घरों को गर्मी के मौसम में ज्यादा आरामदायक मानते हैं. बदलती जीवनशैली में भी कायम परंपरागांवों में भी पक्के मकानों और आधुनिक उपकरणों का चलन बढ़ा है लेकिन भीषण गर्मी पड़ने पर लोग आज भी पुराने देसी तरीकों को ज्यादा कारगर मानते हैं. बुजुर्ग भैराराम बताते है कि कि “पहले एसी-कूलर नहीं थे फिर भी लोग इतनी गर्मी में आराम से रहते थे घर और रहन-सहन मौसम के हिसाब से बनाते थे. पारंपरिक पहनावा भी है गर्मी से बचने का राजइतना ही बाड़मेर जैसे रेगिस्तानी इलाको में सुबह जल्दी कामकाज निपटाकर घरों की ओर लौट रहे है. इसके अलावा  मटके का ठंडा पानी, छाछ-राबड़ी और दोपहर में कम आवाजाही जैसी आदतें भी लोगों को लू और गर्मी से बचाने में मदद कर रही हैं. बुजुर्ग रतनाराम सेजू बताते है कि पश्चिम राजस्थान में पारंपरिक पहनावा जैसे धोती-कुर्ता, तेवटा, साफा और सूती कपड़ा ज्यादा पहनते है जिससे गर्मी का असर कम रहता है. पेड़ो की छांव और झोपडी की गोद में मिलता है सुकूनबाड़मेर निवासी रमेश कुमार गर्ग बताते है कि जहां शहरों में लोग 50 डिग्री तापमान से राहत पाने के लिए AC-कूलर का सहारा ले रहे हैं वहीं रेगिस्तान के गांवों में आज भी खेजड़ी,जाल की घनी छांव, खुले झोंपे और कच्चे छप्पर लोगों के लिए सुकून का ठिकाना बने हुए हैं. दोपहर की तपती धूप में ग्रामीण पेड़ों के नीचे बैठकर आराम करते हैं. वही झोपड़ी में आराम करने से लोगो को लू व गर्मी से राहत मिलती है. About the Author Jagriti Dubey Hi, I am Jagriti Dubey, a media professional with 6 years of experience in social media and content creation. I started my career with an internship at Gbn 24 news channel in 2019 and have worked with many repu…और पढ़ें News18 न्यूजलेटर अब ईमेल पर इनसाइड स्‍टोर‍ीज खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्‍स में सबमिट करें Location : Barmer,Rajasthan Source link

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पेट्रोल-डीजल-LPG…सबका टंटा खत्म, होर्मुज का सीना चीरने को तैयार भारतीय टैंकर, जयशंकर...

होमताजा खबरदेश पेट्रोल-डीजल-LPG…सबका टंटा खत्म, होर्मुज का सीना चीरने को तैयार भारतीय टैंकर Last Updated:May 20, 2026, 11:03 IST india prepares to send oil tankers through strait of hormuz for new oil lpg supplies: ईरान अमेरिका जंग से स्ट्रेट ऑफ होर्मुज बंद है. इस कारण दुनिया के तमाम देशों में तेल के दाम बढ़ गए हैं. इस बीच भारत ने अपनी रणनीति बदल दी है. शिपिंग कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया के टैंकर सरकार और नौसेना की अंतिम मंजूरी के बाद होर्मुज को चीरकर मध्य पूर्व के देश तक जाने को तैयार हैं. भारत ने होर्मुज में अपने शिप को भेजने की तैयारी कर ली है. India Prepares To Send Tankers Through Hormuz: ईरान-अमेरिका के बीच जंग और स्ट्रेट ऑफ होर्मुज के बंद होने के कारण भारत सहित पूरी दुनिया में तेल का संकट पैदा हो गया है. अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल का दाम काफी बढ़ गया है. इसका असर तमाम देशों के घरेलू बाजारों पर भी पड़ा है. खुद अमेरिका में पेट्रोल-डीजल के दाम में 50 फीसदी तक की बढ़ोतरी हुई है. इस बीच भारत में भी पेट्रोल-डीजल के रेट बढ़ाने पड़े हैं. इस संकट का एलपीजी की सप्लाई पर भी असर पड़ा है. लेकिन, भारत अब कुछ बड़ा करने जा रहा है. दरअसल, भारत ने तय किया है कि वह अपने तेल टैंकर होर्मुज का सीना चीरकर उसके आर-पार भेजेगा. वह अमेरिका और ईरान की धमकियों को दरकिनार कर ऐसा करने जा रहा है. क्योंकि एक तरफ अमेरिका और दूसरी तरफ ईरान स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को कंट्रोल करने की कोशिश कर रहे हैं. ब्लूमबर्ग की एक रिपोर्ट के मुताबिक सरकारी कंपनी शिपिंग कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया के टैंकर स्ट्रेट ऑफ होर्मुज के रास्ते फारस की खाड़ी में जाने को तैयार हैं. बस उन्हें भारतीय नौसेना और ऑयल रिफाइनरियों से मंजूरी का इंतजार है. ब्लूमबर्ग ने एक बेहद प्रभावी सूत्र के हवाले से यह खबर दी है. मध्य पूर्व के सप्लायर देशों से तेल लाएंगे ये टैंकर ये टैंकर मध्य पूर्व के तेल सप्लायर देशों से तेल लेने जाएंगे. इस पूरे मामले से जुड़े लोगों के हवाले से ब्लूमबर्ग ने लिखा है कि ईरान-अमेरिका- इजरायल जंग भड़कने के बाद से ऐसा पहली बार होने जा रहा है. इसको लेकर पूरी योजना तैयार कर ली गई है और जैसे ही सरकार की ओर से अंतिम मंजूरी मिल जाती है तो भारतीय जहाज स्ट्रेट ऑफ होर्मुज की ओर बढ़ने लगेंगे. रिपोर्ट में दावा किया गया है कि शीर्ष स्तर पर इसको लेकर गंभीर चर्चा हुई है. हालांकि अभी जहाजों की टाइमिंग और उनकी संख्या के बारे में कोई जानकारी नहीं दी गई है. स्ट्रेट ऑफ होर्मुज दुनिया का एक सबसे व्यस्त तेल रूट है. इसी रास्ते दुनिया के करीब 20 फीसदी तेल की ढुलाई होती है. ईरान जंग की वजह से यह रूट करीब तीन महीने बाधित है. इस कारण पूरी दुनिया में ऊर्जा संकट की स्थिति बनने लगी है. इसका असर भारत पर भी पड़ा है. भारत दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा कच्चा तेल आयातक देश है. चीन और अमेरिका पहले-दूसरे नंबर पर हैं. सरकार ने मंजूरी दी या नहीं… यह स्पष्ट नहीं अभी यह स्पष्ट नहीं है कि भारत के इस योजना को अमेरिका और ईरान में किसी एक या फिर दोनों ने मंजूरी दी है या नहीं. क्योंकि ये दोनों देश इस वक्त स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में आमने सामने हैं. माना जा रहा है कि उनकी मंजूरी के बिना स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में जाना खतरनाक हो सकता है. इस बीच बीते दिनों नई दिल्ली आयोजित ब्रिक्स सम्मेलन में भारत के विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची के साथ मीटिंग की थी. भारत अपने पारंपरिक मध्य पूर्व के देशों से तेल आयात जारी रखना चाहता है. क्योंकि वैकल्पिक स्रोतों से तेल मंगाने में समय लगता है और दूरी अधिक होने के कारण वह आयात महंगा भी पड़ता है. उधर, भारतीय नौसेना ने इस इलाके में अपने युद्धपोतों की संख्या डबल कर दी है. ताकि वह इलाके की स्थिति पर पैनी नजर रख सके. ये युद्ध पोत भारतीय झंडे के साथ चल रहे टैंकरों को सुरक्षा प्रदान कर रहे हैं. हालांकि इस पूरी योजना के बारे में भारत के पोर्ट, शिपिंग और जलमार्ग मंत्रालय और भारतीय नौसेना ने कोई टिप्पणी नहीं की है. About the Author संतोष कुमार न्यूज18 हिंदी में बतौर एसोसिएट एडिटर कार्यरत. मीडिया में करीब दो दशक का अनुभव. दैनिक भास्कर, दैनिक जागरण, आईएएनएस, बीबीसी, अमर उजाला, जी समूह सहित कई अन्य संस्थानों में कार्य करने का मौका मिला. माखनलाल यूनिवर्स…और पढ़ें News18 न्यूजलेटर अब ईमेल पर इनसाइड स्‍टोर‍ीज खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्‍स में सबमिट करें Source link

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Husband-wife dispute| delhi news| जहांगीरपुरी में पत्नी से विवाद के बाद पति...

उत्तर-पश्चिम दिल्ली के जहांगीरपुरी इलाके से दिल दहलाने वाली घटना सामने आई है. यहां एक पति ने किराए के मकान में रह रही पत्नी के घर के सामने खुद को आग लगा ली. युवक की मौके पर ही मौत हो गई. बता दें कि जहांगीरपुरी इलाके में सोमवार रात करीब 8:30 बजे एक 29 वर्षीय युवक ने खुद को आग के हवाले कर दिया. उससे पहले वह पत्नी को मनाने के लिए उसके घर में घुसा लेकिन जब पत्नी नहीं मानी तो उसने घरेलू विवाद के चलते घर के बाहर निकलकर पहले अपने ऊपर कुछ डाला और आग लगा दी. लपटों में घिरे युवक की मौके पर ही मौत हो गई. पुलिस के अनुसार, उसने घटना से पहले सोशल मीडिया पर एक वीडियो संदेश भी रिकॉर्ड किया था, जिसमें उसने अपनी पत्नी और सास पर आरोप लगाए थे. बताया जा रहा है कि खुद को आग लगाने से पहले युवक ने जहर भी खा लिया था. आग की लपटों को देखकर जब तक आस-पास के लोग उसे रोकने की कोशिश करते वह नीचे गिर गया और बुरी तरह जल गया. कुछ लोगों ने उसे बचाने की कोशिश की, लेकिन उसकी हालत गंभीर थी और उसने मौके पर ही दम तोड़ दिया. हिंदुस्तान टाइम्स की खबर के मुताबिक पुलिस उपायुक्त (नॉर्थवेस्ट) अकांक्षा यादव ने बताया कि प्रारंभिक जांच में पत्नी और सास की भूमिका साफ नहीं पाई गई. दोनों को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया गया था लेकिन बाद में छोड़ दिया गया. दंपति जनवरी 2026 से अलग-अलग रह रहे थे. घरेलू विवाद को लेकर पहले CAW सेल में शिकायत दर्ज हुई थी. घटना वाले द‍िन क्‍या हुआ था ? बता दें कि पति और पत्नी में अनबन रहती थी. घरेलू झगड़ों और विवाद के चलते पत्नी जनवरी 2026 में घर छोड़कर आ गई थी और जहांगीरपुरी के इस इलाके में किराए पर घर लेकर रह रही थी. घटना के दिन युवक अपनी पत्नी को मनाने के लिए उसके घर आया था. उसने पत्नी से वापस घर चलने को कहा, लेकिन पत्नी ने इनकार कर दिया और तलाक की मांग की. इससे गुस्साए युवक ने पत्नी के घर के बाहर निकलकर खुद को आग लगा ली. परिवार के एक सदस्य ने नाम उजागर न करने की शर्त पर बताया कि युवक ने शादी के समय अपनी नौकरी, परिवार, मकान और कमाई के बारे में झूठ बोला था. बाद में वह पत्नी के साथ मारपीट करने लगा और धमकी देने लगा. जनवरी में पत्नी ने इस सब को लेकर पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी. वहीं मकान मालिक ने बताया, ‘शुरुआत में लगा कि किसी फ्लैट में आग लगी है. बाद में पता चला कि आग बाहर एक युवक के शरीर से निकल रही थी.’ फिलहाल पुलिस पड़ोसियों, परिचितों और परिवार के अन्य सदस्यों से पूछताछ कर रही है. युवक का परिवार उत्तर प्रदेश से दिल्ली आ रहा है.अभी तक इस मामले में कोई शिकायत दर्ज नहीं हुई है. वहीं पत्नी ने इस मामले पर कोई बयान देने से इनकार कर दिया, जबकि उसकी मां ने सभी आरोपों से इनकार किया और कहा कि पूरा मामला सीसीटीवी कैमरों की नजर में हुआ है. यह घटना बताती है कि घरेलू कलह और वैवाहिक संबंधों में बढ़ता तनाव कैसे जानलेवा हो रहा है. Source link

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ट्विशा, दीपिका के बाद अब ऐश्वर्या… दहेज ने ली एक और जान,...

होमताजा खबरदेश ट्विशा, दीपिका के बाद अब ऐश्वर्या… दहेज ने ली एक और जान, पति करता था टॉर्चर Last Updated:May 20, 2026, 09:01 IST Aishwarya Death News- भोपाल में ट्विशा और नोएडा में दीपिका के बाद अब दहेज प्रताड़ता और घरेलू हिंसा ने ऐश्‍वर्या की जान ले ली है. कर्नाटका के बेल्‍लारी में डॉक्‍टर पति और ससुराल वालों के टॉर्चर से परेशान होकर 24 साल की ऐश्‍वर्या फांसी लगा ली. भोपाल और नोएडा में हाल ही में दहेज प्रताड़ना की वजह से ट्विशा और दीपिका ने जान दी है. बेंगलुरु. भोपाल में ट्विशा और नोएडा में दीपिका के बाद अब दहेज प्रताड़ता और घरेलू हिंसा ने ऐश्‍वर्या की जान ले ली है. कर्नाटका के बेल्‍लारी में डॉक्‍टर पति और ससुराल वालों के टॉर्चर से परेशान होकर 24 साल की ऐश्‍वर्या फांसी लगा ली. पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है. ऐश्‍वर्या ने मायके आकर यह खौफनाक कदम उठाया है. टाइम्‍स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के अनुसार मध्‍य प्रदेश के भोपाल और उत्‍तर प्रदेश के नोएडा के बाद कर्नाटका में दहेज प्रताड़ता का बड़ा मामला सामने आया है. कर्नाटक पुलिस के अनुसार ऐश्वर्या का शव 17 मई को बल्लारी जिले के कम्पली कस्बे में उसके माता-पिता के घर में पंखे से लटका मिला. शुरुआती जांच में सामने आया है कि वह पिछले कुछ समय से मानसिक तनाव में थी. पुलिस ने इस मामले में उसके पति प्रदीप कुमार को गिरफ्तार कर लिया है. प्रदीप कुमार पशुपालन विभाग में पशु चिकित्सक है. सुसाइड नोट भी छोड़ा पुलिस के अनुसार ऐश्‍वर्या ने आत्महत्‍या से पहले सुसाइड नोट भी छोड़ा है, जिसमें उसने डॉक्‍टर पति और ससुराल पक्ष पर उत्पीड़न और दहेज को लेकर प्रताड़ित करने के आरोप लगाए हैं. पुलिस का कहना है कि सुसाइड नोट की जांच की जा रही है और सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर मामले की पड़ताल की जा रही है. डेढ़ साल पहले लव मैरिज की थी पुलिस के अनुसार ऐश्‍वर्या और प्रदीप कुमार ने करीब डेढ़ साल पहले लव मैरिज की थी. पूछताछ में पता चला है कि बीते कुछ महीनों से दोनों के बीच विवाद बढ़ गए थे. मानसिक प्रताड़ना से परेशान होकर ऐश्‍वर्या 14 मई को पति का घर छोड़कर मायके आ गई थी. इसके तीन दिन बाद उसने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली. पुलिस ने मामला दर्ज कर हिरासत में लिया ऐश्‍वर्या के पिता की शिकायत के आधार पर पुलिस ने पति और ससुराल वालों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 80 (दहेज मृत्यु), धारा 85 (पति या रिश्तेदारों द्वारा क्रूरता) और दहेज निषेध अधिनियम की अन्य धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया है. पुलिस अधिकारी सुमन डी पेन्‍न्‍कार ने बताया कि मामला दर्ज होने के बाद में पति को हिरासत में लिया गया है और मामले की जांच की जा रही है. दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी. About the Author Sharad Pandeyविशेष संवाददाता करीब 20 साल का पत्रकारिता का अनुभव है. नेटवर्क 18 से जुड़ने से पहले कई अखबारों के नेशनल ब्‍यूरो में काम कर चुके हैं. रेलवे, एविएशन, रोड ट्रांसपोर्ट और एग्रीकल्चर जैसी महत्वपूर्ण बीट्स पर रिपोर्टिंग की. कैंब्रिज…और पढ़ें News18 न्यूजलेटर अब ईमेल पर इनसाइड स्‍टोर‍ीज खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्‍स में सबमिट करें Location : New Delhi,New Delhi,Delhi Source link

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neet re exam 2026| NEET-UG Paper Leak LIVE: CBI जांच में बड़ा...

Last Updated:May 20, 2026, 07:58 IST NEET-UG Paper Leak LIVE: NEET-UG 2026 पेपर लीक मामले में जांच लगातार तेज होती जा रही है. अब तक CBI इस केस में 10 लोगों को गिरफ्तार कर चुकी है, जिनमें रिटायर्ड प्रोफेसर, कोचिंग संचालक, मेडिकल स्टूडेंट और अन्य आर…और पढ़ें NEET-UG Paper Leak LIVE, neet 2026, neet ug 2026, neet paper leak live: नीट पेपर लीक मामले में क्‍या अपडेट है? NEET-UG Paper Leak LIVE: NEET-UG 2026 पेपर लीक मामला अब सिर्फ बाहरी गैंग या कोचिंग नेटवर्क तक सीमित नहीं रह गया है. जांच अब सीधे NTA सिस्टम के अंदर तक पहुंचती दिख रही है. जांच एजेंसियों को शक है कि पेपर लीक में परीक्षा प्रक्रिया से जुड़े कुछ अंदरूनी लोगों की भूमिका हो सकती है. सबसे बड़ा खुलासा यह हुआ है कि जिस कथित ‘गेस पेपर’ को परीक्षा से पहले शेयर किया गया था उसमें मौजूद केमिस्ट्री के सभी सवाल असली NEET पेपर से पूरी तरह मैच कर गए. इसके बाद NTA ने अपने स्तर पर जांच शुरू की और केमिस्ट्री पेपर तैयार करने वाले प्रोफेसरों और ट्रांसलेटर्स के नाम CBI को सौंप दिए. अब तक इस मामले में 10 गिरफ्तारियां हो चुकी हैं और जांच कई राज्यों तक फैल चुकी है. ‘गेस पेपर’ से खुला पूरा मामला सूत्रों के मुताबिक NEET परीक्षा 3 मई को हुई थी. इसके चार दिन बाद यानी 7 मई को NTA को राजस्थान के सीकर से एक व्हिसलब्लोअर का ईमेल मिला.बताया गया कि इस शख्स ने पहले पेपर लीक की जानकारी NTA को दी और बाद में लीक पेपर का PDF भी भेजा. जब NTA ने इस PDF की असली प्रश्नपत्र से तुलना की तो अधिकारियों के भी होश उड़ गए.जांच में पाया गया कि केमिस्ट्री सेक्शन के 100 प्रतिशत सवाल असली पेपर से मैच कर रहे थे. वहीं बायोलॉजी के भी कई सवाल समान पाए गए. NTA ने सौंपी पेपर तैयार करने वालों की सूची  इस खुलासे के बाद NTA ने अपनी आंतरिक जांच शुरू की. सूत्रों के अनुसार एजेंसी को शक हुआ कि पेपर लीक का स्रोत कहीं न कहीं परीक्षा तैयार करने वाली आंतरिक प्रक्रिया से जुड़ा हो सकता है.इसके बाद NTA ने केमिस्ट्री पेपर तैयार करने वाले सभी पेपर सेटर्स और ट्रांसलेटर्स की सूची CBI को सौंप दी. बताया जा रहा है कि इस सूची में करीब 26-27 लोगों के नाम शामिल हैं.इनमें ज्यादातर ट्रांसलेटर्स हैं, जबकि कुछ लोग फिजिकल, ऑर्गेनिक और इनऑर्गेनिक केमिस्ट्री के पेपर सेटर्स बताए जा रहे हैं. कई भाषाओं में होता है पेपर ट्रांसलेशन NEET परीक्षा देशभर में कई भाषाओं में आयोजित की जाती है. इसी वजह से NTA अलग-अलग भाषाओं के लिए ट्रांसलेटर्स नियुक्त करता है.प्रक्रिया के तहत एक ट्रांसलेटर अंग्रेजी से दूसरी भाषा में पेपर ट्रांसलेट करता है, जबकि दूसरा ट्रांसलेटर उसी भाषा से वापस अंग्रेजी में ट्रांसलेशन करता है ताकि सवालों का अर्थ न बदले.सूत्रों का कहना है कि पूरा सिस्टम भरोसे पर चलता है और इसी भरोसे के टूटने से इतनी बड़ी गड़बड़ी सामने आई. NEET-UG 2026 Paper Leak LIVE: एनटीए ने सीबीआई को दी 26 लोगों की लिस्‍ट NEET Paper Leak LIVE:नीट पेपर लीक मामले में अब एनटीए तक जांच पहुंच चुकी है.केमिस्‍ट्री के सवालों के हूबहू मिलने के बाद बाद NTA ने अपनी आंतरिक जांच शुरू कर दी है. सूत्रों के अनुसार एजेंसी को शक हुआ कि पेपर लीक का स्रोत कहीं न कहीं परीक्षा तैयार करने वाली आंतरिक प्रक्रिया से जुड़ा हो सकता है.इसकी जांच के लिए NTA ने केमिस्ट्री पेपर तैयार करने वाले सभी पेपर सेटर्स और ट्रांसलेटर्स की सूची CBI को सौंप दी है.बताया जा रहा है कि इस सूची में करीब 26-27 लोगों के नाम शामिल हैं. NEET-UG 2026 Paper Leak LIVE: केमिस्ट्री के सभी सवाल कैसे हुए मैच? NEET-UG 2026 Paper Leak LIVE: नीट पेपर लीक मामले में जैसे जैसे सीबीआई जांच आगे बढ रही है नए नए खुलासे हो रहे हैं. इस मामले में अब तक CBI ने 10 लोगों को गिरफ्तार किया है, जिनमें रिटायर्ड प्रोफेसर, कोचिंग संचालक, मेडिकल स्टूडेंट और अन्य आरोपी शामिल हैं. जांच में बड़ा खुलासा हुआ है कि लीक हुए ‘गेस पेपर’ में मौजूद केमिस्ट्री के सभी सवाल असली NEET पेपर से मैच कर गए थे. Source link

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भारत-चीन रिश्ते में नया मोड़, 7 साल बाद दिल्ली आ सकते हैं...

होमताजा खबरदेश भारत-चीन रिश्ते में नया मोड़, 7 साल बाद दिल्ली आ सकते हैं जिनपिंग, क्या मकसद? Last Updated:May 20, 2026, 07:00 IST Xi Jinping India Visit BRICS Summit 2026: इस बार ब्रिक्स समिट भारत में है. सितंबर में नई दिल्ली में ब्रिक्स समिट का आयोजन होने जा रहा है. इस समिट में व्लादिमीर पुतिन की मौजूदगी तय है. हालांकि, अब ऐसी खबर आई है जो चीन और भारत के रिश्तों में नया मोड़ है. जी हां, चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग के भारत आने की पूरी संभावना है. वह ब्रिक्स समिट में शामिल हो सकते हैं. इससे मोदी पुतिन जिनपिंग तिकड़ी से नए गठजोड़ के संकेत मिलते हैं. ख़बरें फटाफट शी जिनपिंग और व्लादिमीर पुतिन दिल्ली में BRICS सम्मेलन में हो सकते हैं शामिल Xi Jinping India Visit BRICS Summit 2026: भारत और चीन के रिश्ते में बहुत जल्द नया मोड़ देखने को मिल सकता है. भारत-चीन लगातार अपने संबंध सुधार रहे हैं. पीएम मोदी और शी जिनपिंग की कोशिशें रंग लाती दिख रही हैं. यही कारण है कि बीते कुछ समय में चीन-भारत के रिश्तों पर जमी बर्फ पिघली है. अब भारत-चीन संबंध में नया मोड़ आया है. जी हां, चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग बहुत जल्द भारत आने वाले हैं. सूत्रों की मानें तो इसी साल सितंबर में शी जिनपिंग भारत का दौरा कर सकते हैं. अगर ऐसा होता है तो बीते 7 साल में शी जिनपिंग की यह पहली भारत यात्रा होगी. इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट की मानें तो चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग 12 और 13 सितंबर को नई दिल्ली में होने वाले BRICS नेताओं के शिखर सम्मेलन में शामिल हो सकते हैं. माना जा रहा है कि चीन की ओर से नई दिल्ली को सूचित किया गया है कि शी जिनपिंग के इस सम्मेलन में आने की संभावना है. यहां बताना जरूरी है कि रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन भी ब्रिक्स समिट में शामिल होने के लिए दिल्ली में रहेंगे. रूसी साइड ने पुतिन के दिल्ली दौरे को कन्फ्रम बताया है. पुतिन भी आ रहे भारत रूसी समाचार एजेंसी TASS के अनुसार, रूसी अधिकारियों ने पुतिन की उपस्थिति की पुष्टि की है. वह 31 अगस्त और 1 सितंबर को किर्गिस्तान के बिश्केक में होने वाले शंघाई सहयोग संगठन (SCO) शिखर सम्मेलन में भी शामिल होंगे. पीएम मोदी के भी एससीओ समिट में शामिल होने की संभावना है. 2019 के बाद पहली यात्रा बहरहाल, ब्रिक्स समिट में अगर शी जिनपिंग आते हैं तो 2019 के बाद उनकी यह पहली यात्रा होगी. शी जिनपिंग की ब्रिक्स समिट में भागीदारी सबसे ज्यादा चर्चा का विषय होगा. आखिरी बार वह 2019 में भारत आए थे. अक्टूबर 2019 में वह चेन्नई के पास मामल्लापुरम में भारत-चीन नेताओं के दूसरे अनौपचारिक सम्मेलन में आए थे. उसके बाद गलवान हिंसा ने भारत-चीन के रिश्तों को बहुत खराब कर दिया. भारत-चीन के रिश्ते कैसे बिगड़े जी हां, भारत और चीन के बीच द्विपक्षीय संबंध अप्रैल-मई 2020 में सीमा विवाद के बाद काफी बिगड़ गए थे. तब गलवान हिंसा हुई थी. इस गलवान संघर्ष ने चीन-भारत के संबंधों को बिगाड़ दिया था. इसके बाद तो तनातनी खूब चली. हालांकि, संबंधों को स्थिर करने की प्रक्रिया अक्टूबर 2024 में शुरू हुई. तब रूस के कजान शहर में ब्रिक्स समिट था. वहां मोदी और शी जिनपिंग की मुलाकात हुई थी. उसी समय दोनों देशों ने एलईएस सैनिकों की वापसी पूरी करने का फैसला किया था. तब से लगातार भारत और चीन के रिश्ते बेहतर हो रहे हैं. भारत-चीन के रिश्ते में 2019 के बाद क्या-क्या हुआ? भारत और चीन के रिश्तों में 2019 के बाद कई बड़े उतार-चढ़ाव आए. अक्टूबर 2019 में चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग भारत आए थे. तमिलनाडु के महाबलीपुरम में उनकी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात हुई थी. दोनों देशों ने व्यापार, निवेश और सीमा विवाद को बातचीत से सुलझाने पर जोर दिया था. उस समय रिश्तों में नरमी दिखाई दी थी. लेकिन जून 2020 में लद्दाख की गलवान घाटी में भारतीय और चीनी सैनिकों के बीच हिंसक झड़प हो गई. इस संघर्ष में दोनों देशों के सैनिक मारे गए और सीमा पर तनाव बहुत बढ़ गया. इसके बाद भारत ने चीन के कई मोबाइल ऐप बैन किए और सीमा पर सेना की तैनाती बढ़ा दी. दोनों देशों के रिश्ते कई साल तक तनावपूर्ण रहे. इसके बाद धीरे-धीरे सैन्य और कूटनीतिक स्तर पर बातचीत शुरू हुई. अक्टूबर 2024 में रूस के कजान शहर में ब्रिक्स सम्मेलन के दौरान मोदी और जिनपिंग की मुलाकात हुई. इस बैठक में दोनों नेताओं ने सीमा विवाद को शांतिपूर्ण तरीके से सुलझाने और रिश्तों को सामान्य बनाने पर सहमति जताई. इसके बाद दोनों देशों के बीच संवाद बढ़ाने की कोशिशें फिर तेज हुईं. About the Author Shankar Pandit Shankar Pandit has more than 10 years of experience in journalism. Before News18 (Network18 Group), he had worked with Hindustan times (Live Hindustan), NDTV, India News Aand Scoop Whoop. Currently he handle ho…और पढ़ें News18 न्यूजलेटर अब ईमेल पर इनसाइड स्‍टोर‍ीज खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्‍स में सबमिट करें Source link

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मोदी-मेलोनी की आ गई नई सेल्फी, फोटो शेयर कर बोलीं इटली की...

होमताजा खबरदेश मोदी-मेलोनी की आई नई सेल्फी, फोटो शेयर कर बोलीं इटली की PM- स्वागत मेरे दोस्त Last Updated:May 20, 2026, 05:40 IST मोदी-मेलोनी की आ गई नई सेल्फी, फोटो शेयर कर बोलीं इटली की PM- आपका स्वागत मेरे दोस्त पीएम मोदी और मेलोनी की लेटेस्ट सेल्फी. पीएम मोदी इटली पहुंच चुके हैं. इटली पहुंचते ही पीएम मोदी और जॉर्जिया मेलोनी की नई सेल्फी सामने आ गई. पीएम मोदी संग अपनी सेल्फी वाली फोटो शेयर कर इटली की PM ने मेलोनी ने कहा कि रोम में आपका स्वागत मेरे दोस्त. गौरतलब है कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी नॉर्वे की अपनी दो दिवसीय यात्रा पूरी करके मंगलवार रात रोम पहुंचे. यहां वह इटली की अपनी समकक्ष जॉर्जिया मेलोनी और राष्ट्रपति सर्जियो मट्टरेल्ला से मुलाकात करेंगे. साथ ही भारत-इटली सहयोग को बढ़ावा देने के तरीकों पर चर्चा करेंगे. रोम हवाई अड्डे पर उप प्रधानमंत्री और विदेश मामलों एवं अंतरराष्ट्रीय सहयोग मंत्री एंटोनियो ताजानी ने मोदी का स्वागत किया। प्रधानमंत्री पांच देशों की अपनी यात्रा के अंतिम चरण में इटली पहुंचे हैं. मोदी ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, “इटली के रोम पहुंचा. राष्ट्रपति सर्जियो मट्टरेल्ला और प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी से मुलाकात कर विभिन्न मुद्दों पर विचार-विमर्श करूंगा.” उन्होंने लिखा, ‘इस यात्रा का मुख्य उद्देश्य भारत-इटली सहयोग को बढ़ावा देना है, जिसमें विशेष रूप से भारत-पश्चिम एशिया-यूरोप आर्थिक गलियारे (आईएमईसी) पर ध्यान केंद्रित किया जाएगा। संयुक्त रणनीतिक कार्य योजना 2025-2029 की भी समीक्षा की जाएगी। मैं खाद्य एवं कृषि संगठन (एफएओ) के मुख्यालय का भी दौरा करूंगा और बहुपक्षवाद के साथ-साथ वैश्विक खाद्य सुरक्षा के प्रति भारत की प्रतिबद्धता को मजबूत करूंगा.’ विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने ‘एक्स’ पर पोस्ट में लिखा, “भारत-इटली रणनीतिक साझेदारी में एक नया अध्याय लिखा जा रहा है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी आधिकारिक दौरे पर रोम पहुंचे हैं।” उन्होंने लिखा, “भारत और इटली के बीच दीर्घकालिक और बहुआयामी साझेदारी है। यह यात्रा भारत-इटली साझेदारी को नयी गति प्रदान करेगी।” प्रधानमंत्री मोदी ने इससे पहले जी-7 शिखर सम्मेलन में हिस्सा लेने के लिए जून 2024 में इटली की यात्रा की थी। News18 न्यूजलेटर अब ईमेल पर इनसाइड स्‍टोर‍ीज खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्‍स में सबमिट करें Source link

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हवा में रास्ता बदलना, रात में भी सटीक वार… हाई-एल्टीट्यूड पर गेमचेंजर...

होमताजा खबरदेश हवा में रास्ता बदलना, रात में भी वार; गेमचेंजर साबित होगी DRDO की ड्रोन मिसाइल Last Updated:May 20, 2026, 04:31 IST डिफेंस रिसर्च एंड डेवलपमेंट ऑर्गेनाइजेशन (DRDO) ने कर्नूल टेस्ट रेंज में यूएवी लॉन्च्ड प्रिसिजन गाइडेड मिसाइल-वी3 (ULPGM-V3) का सफल ट्रायल पूरा कर लिया है. फायर एंड फॉरगेट और टॉप-अटैक तकनीक से लैस यह स्वदेशी मिसाइल ड्रोन से दागी जा सकती है. यह हवा से जमीन पर टैंकों को और हवा से हवा में दुश्मन के हेलीकॉप्टरों व ड्रोन को पल भर में तबाह करने में सक्षम है. ख़बरें फटाफट डीआरडीओ ने कीर्तिमान रच दिया है. नई दिल्ली. डिफेंस सेक्टर में भारत ने एक बड़ी कामयाबी हासिल की है. डिफेंस रिसर्च एंड डेवलपमेंट ऑर्गेनाइजेशन (डीआरडीओ) ने कर्नूल टेस्ट रेंज में यूएवी लॉन्च्ड प्रिसिजन गाइडेड मिसाइल-वी3 (ULPGM-V3) के फाइनल ट्रायल सफलतापूर्वक पूरे कर लिए हैं. इस मिसाइल को मानवरहित विमान यानी ड्रोन (UAV) से दागने के लिए डिजाइन किया गया है. सबसे खास बात यह है कि मिसाइल ने हवा से जमीन और हवा से हवा, दोनों ही मोड में सटीक मार करने की अपनी क्षमता साबित की है. यह पूरी तरह से स्वदेशी तकनीक है, जिसे रिसर्च सेंटर इमारत (RCI) हैदराबाद ने अन्य डीआरडीओ लैब्स के साथ मिलकर तैयार किया है. यह मिसाइल रक्षा के क्षेत्र में भारत की आत्मनिर्भरता को बहुत बड़ा बढ़ावा देने वाली है. यह अत्याधुनिक मिसाइल सिस्टम कैसे काम करता है?यह पूरा मिसाइल सिस्टम रिमोटली ऑपरेटेड और पूरी तरह ऑटोमेटेड तकनीक पर काम करता है. इसे ऑपरेट करने के लिए एक इंटीग्रेटेड ग्राउंड कंट्रोल सिस्टम (GCS) का इस्तेमाल किया जाता है, जो मिसाइल को रेडी करने से लेकर लॉन्च करने तक की कमांड देता है. मिसाइल में अत्याधुनिक इमेजिंग इन्फ्रारेड (IIR) सीकर और लेजर गाइडेंस सिस्टम लगा है. जब इसे ड्रोन से लॉन्च किया जाता है, तो यह दिन और रात दोनों समय दुश्मन के टारगेट को ढूंढकर उस पर लॉक हो जाती है. इसमें टू-वे डेटा लिंक सिस्टम दिया गया है, जिसकी मदद से लॉन्च होने के बाद भी मिसाइल के रास्ते को हवा में बदला जा सकता है या नया टारगेट सेट किया जा सकता है. इसका प्रोपल्शन सिस्टम इसे 10 किलोमीटर की रेंज तक तेज स्पीड से लेकर जाता है. यह ‘फायर एंड फॉरगेट’ तकनीक पर काम करती है, यानी एक बार दागने के बाद इसे गाइड करने की जरूरत नहीं पड़ती. दुश्मन के टैंकों को कैसे पल भर में तबाह कर देगी यह मिसाइल?टैंकों और बख्तरबंद गाड़ियों को तबाह करने के लिए इसमें बेहद खतरनाक ‘टॉप-अटैक’ मोड दिया गया है. टैंकों के ऊपर का हिस्सा सबसे कमजोर होता है. यह मिसाइल ड्रोन से छूटने के बाद सीधे ऊपर जाती है और फिर वर्टिकल मोड में आकर टैंक के सबसे ऊपरी हिस्से पर हमला करती है. इसमें टेंडेम-चार्ज वॉरहेड का इस्तेमाल किया गया है, जो आधुनिक से आधुनिक एक्सप्लोसिव रिएक्टिव आर्मर (ERA) को आसानी से भेदकर टैंक के परखच्चे उड़ा सकता है. इसके अलावा, इसमें बंकरों को उड़ाने के लिए पेनिट्रेशन-कम-ब्लास्ट वॉरहेड का विकल्प भी मौजूद है. हवा में उड़ते हेलीकॉप्टर और ड्रोन का शिकार कैसे होगाइस मिसाइल की सबसे बड़ी खासियत इसका एयर-टू-एयर मोड है. एलओसी या एलएसी पर अगर दुश्मन का कोई ड्रोन, हेलीकॉप्टर या कम ऊंचाई पर उड़ने वाला एयरक्राफ्ट भारतीय सीमा में घुसने की कोशिश करता है, तो हमारा सर्विलांस ड्रोन इस मिसाइल की मदद से उसे हवा में ही मार गिराएगा. इसके लिए मिसाइल में प्री-फ्रेगमेंटेशन वॉरहेड लगाया जाता है, जो टारगेट के पास पहुंचते ही छोटे-छोटे घातक टुकड़ों में ब्लास्ट होता है. इससे दुश्मन का उड़ता हुआ टारगेट हवा में ही पूरी तरह नष्ट हो जाता है. भारत की सुरक्षा के लिहाज से यह मिसाइल कितनी अहम है?सुरक्षा के नजरिए से यह भारत के लिए गेमचेंजर साबित होने जा रही है. चीन और पाकिस्तान के साथ लगती हमारी सीमाओं पर कई इलाके बेहद दुर्गम और पहाड़ी हैं. लद्दाख और अरुणाचल जैसे हाई-एल्टीट्यूड वाले क्षेत्रों में सैनिकों या भारी हथियारों को तुरंत तैनात करना मुश्किल होता है. ऐसे हालातों में यह मिसाइल तकनीक बिना किसी इंसानी जान के जोखिम के, लंबी दूरी से ही दुश्मन के ठिकानों को तबाह करने की आजादी देती है. भारत अब उन चुनिंदा देशों की लीग में शामिल हो गया है जिनके पास ड्रोन से स्मार्ट प्रिसिजन मिसाइल दागने की क्षमता है. चूंकि इसकी पूरी सप्लाई चेन स्वदेशी है, इसलिए युद्ध जैसी स्थिति में हमें किसी दूसरे देश पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा. About the Author Sandeep GuptaChief Sub Editor डिजिटल पत्रकारिता में खबरों की गहरी समझ रखने वाले संदीप गुप्ता वर्तमान में News18 इंडिया में बतौर चीफ सब-एडिटर अपनी सेवाएं दे रहे हैं. 16 वर्षों से सुदीर्घ पत्रकारीय सफर में इन्होंने अपनी कलम से जटिल विषयों को …और पढ़ें News18 न्यूजलेटर अब ईमेल पर इनसाइड स्‍टोर‍ीज खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्‍स में सबमिट करें Location : Delhi,Delhi,Delhi Source link

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मीन राशि वालों पर आज बरसेंगी ग्रहो की कृपा, बनेंगे बिगड़े काम,...

Last Updated:May 20, 2026, 03:31 IST Aaj ka Meen Rashifal 20 May 2026, Pisces Horoscope Today: आज मीन राशि के जातकों के लिए दिन मिश्रित फल देने वाला रहेगा. परिवार में खुशियों का माहौल रहेगा और रिश्तों में मिठास बनी रहेगी. स्वास्थ्य कुछ कमजोर रह सकता है, जिससे मन मे निराशा रहेगी. आइए जानते पूरा राशिफल.  मीन राशि के जातकों के लिए आज का दिन शुभ संकेत लेकर आया है.किस्मत आपका साथ दे सकती है और कार्यक्षेत्र में की गई मेहनत रंग लाएगी. नौकरीपेशा लोगों को नई जिम्मेदारियां मिल सकती हैं, जिससे आपकी प्रतिभा सामने आएगी. पदोन्नति या वरिष्ठों से प्रशंसा मिलने के भी योग बन रहे हैं. आर्थिक मामलों में स्थिति मजबूत रहने की संभावना है और निवेश से जुड़े फैसले लाभकारी साबित हो सकते हैं. दिनभर सकारात्मक ऊर्जा बनी रहेगी, लेकिन करियर से जुड़े निर्णय सोच-समझकर लेना आपके लिए बेहतर रहेगा.आइए उज्जैन के प्रसिद्ध ज्योतिष आचर्य आनंद भारद्वाज से जानते है करियर, स्वास्थ और लव लाइफ का हाल कैसा रहेगा. मीन राशि वालों का करियर राशिफलमीन राशि के जातकों के लिए आज कार्यक्षेत्र में समझदारी और टीम भावना आपकी सबसे बड़ी ताकत बनेगी. सहकर्मियों का सहयोग मिलने से रुके हुए काम भी आसानी और तेजी से पूरे हो सकते हैं. आपका शांत, विनम्र और संतुलित स्वभाव लोगों को प्रभावित करेगा, जिससे आपकी छवि और मजबूत होगी. हालांकि आज बेवजह की बहस या विवाद से दूरी बनाए रखें, क्योंकि छोटी अनबन भी करियर में परेशानी खड़ी कर सकती है. मीन राशि वालों का व्यापार राशिफलआज मीन राशि के व्यापारियों के लिए दिन मिला-जुला परिणाम देखने को मिलेगा. बिज़नेस में नई उम्मीदें बनेंगी और कामकाज में तेजी देखने को मिलेगी. लेकिन पार्टनर से तीखी वाणी की वजह से कुछ बहस हो सकती है. शाम होते-होते किसी करीबी दोस्त या भरोसेमंद साझेदार की मदद से आपको नया मौका मिल सकता है, जिससे अच्छा मुनाफा होने की संभावना है. यहां तक कि आज कोई बड़ा ऑर्डर भी मिल सकता है, जो आपके कारोबार को नई ऊंचाई दे सकता. उन्हें चाहिए वाणी पर सयंम रखे. मीन राशि वालों का स्वास्थ राशिफलमीन राशि के जातकों के लिए आज स्वास्थ्य सामान्य रहने के संकेत हैं. दिनभर मानसिक तनाव और हल्की थकान महसूस हो सकती है, इसलिए खुद को शांत और संतुलित रखने की कोशिश करें. योग और ध्यान आपकी ऊर्जा बढ़ाने में मदद करेंगे. ज्यादा भागदौड़ और तनाव से दूरी बनाए रखें. खानपान में पौष्टिक और हल्के आहार को प्राथमिकता दें, इससे सेहत बेहतर बनी रहेगी. मीन राशि वालों की आर्थिक राशिफलआज आर्थिक स्थिति की बात करे तो सकारात्मक संकेत नजर आ रहे हैं. पैसों से जुड़ी चिंताएं धीरे-धीरे कम होंगी और जरूरत के समय दोस्तों व करीबी लोगों का सहयोग मिलेगा. पुराने निवेश से लाभ मिलने की संभावना है, जिससे आपका आत्मविश्वास बढ़ेगा. नए निवेश के अवसर भी सामने आ सकते हैं. सोच-समझकर और धैर्य के साथ लिए गए फैसले भविष्य में अच्छे परिणाम देंगे और आपकी आर्थिक स्थिति को मजबूत बनाने में मदद करेंगे. मीन राशि वालों की लव लाइफमीन राशि के जातकों के लिए आज वैवाहिक और प्रेम जीवन के लिहाज से दिन काफी खास रहने वाला है. विवाहित लोगों के बीच आपसी समझ और प्रेम में मधुरता बढ़ेगी, जिससे रिश्ते और मजबूत होंगे. वहीं प्रेम संबंधों में जुड़े जातकों के लिए आज का दिन रोमांस और खुशी से भरा रहेगा, पार्टनर के साथ बिताए गए पल यादगार बन सकते हैं. जो मीन राशि के जातक अभी सिंगल हैं, उनके लिए भी आज के दिन शुभ संकेत मिल रहे हैं. मनचाहे जीवनसाथी से मुलाकात के योग बन सकते हैं या कहीं से प्रेम प्रस्ताव मिलने की संभावना है. मीन राशि वाले करें ये उपाययह उपाय आज आपके लिए लकी नंबर 9 रहेगा. यह अंक आपको सफलता और सकारात्मक ऊर्जा प्रदान करेगा. जो जातक धर्म-कर्म में रुचि रखते हैं, वे आज भगवान गणेश के मंदिर जाकर लडू व दूर्वा का भोग लगाए. साथ ही गरीबों को हरी वस्तु का दान करें. यह उपाय मानसिक शांति देगा और आत्मविश्वास बढ़ाएगा. News18 न्यूजलेटर अब ईमेल पर इनसाइड स्‍टोर‍ीज खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्‍स में सबमिट करें Location : Ujjain,Madhya Pradesh Source link

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