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झारखंड में मौसम का उलटफेर! रांची से जमशेदपुर तक छाए काले बादल,...

रांची: झारखंड के मौसम में उलटफेर का दौर जारी है. झारखंड में जहां अभी तक भीषण गर्मी पड़ रही थी. वहीं, अब मौसम पूरी तरह बदला हुआ नजर आ रहा है. अब भीषण गर्मी के बीच प्री-मानसून की गतिविधियां तेज हो गई हैं, जिससे राज्य के अधिकांश हिस्सों में बादल, तेज हवा और बारिश का असर देखने को मिल रहा है, रांची मौसम विभाग के अनुसार आज राज्य में गरज-चमक, वज्रपात और आंधी के साथ बारिश की संभावना है. ऐसे में कहा जा सकता है कि इस सप्ताह बारिश जरूर होगी. जो भीषण गर्मी से अब राहत देगी. झारखंड में पिछले 24 घंटों में राज्य के कई हिस्सों में गरज चमक के साथ बारिश हुई. सबसे ज्यादा बारिश पूर्वी सिंहभूम जिले के बहरागोरा में 85.2 मिमि दर्ज हुई. वहीं, कई अन्य प्रमुख क्षेत्रों जैसे चाईबासा, गुराबंधा, सिक और जामताड़ा शामिल हैं. इसके अलावा दक्षिणी और पूर्वी जिलों जैसे पूर्वी सिंहभूम, पश्चिम सिंहभूम, जामतड़ा, बोकारो, धनबाद, देवघर, दुमका आदि में भी अच्छी बारिश दर्ज हुई है. जबकि पश्चिमी जिलों पलामू, गढ़वा, चतरा में भी बारिश हुई. बता दें कि झारखंड में कई जगह तेज हवाओं और बिजली गिरने की कई घटनाएं दर्ज की गई हैं. शहरों का तापमान और AQI शहर तापमान अधिकतम/न्यूनतम AQI रांची 36/23 110 जमशेदपुर 39/27 110 पलामू 41/26 140 धनबाद 36/25 170 जानें आज कैसे रहेगा झारखंड का मौसम आज 1 मई का को झारखंड के अधिकांश जिलों में काले बादल छाए रहेंगे. जहां गरज -चमक के साथ बारिश की संभावना बनी हुई है. वहीं, पूर्वी और मध्य झारखंड पूर्वी सिंहभूम, धनबाद, गिरिडीह, देवघर, दुमका आदि जिलों में बारिश होने की ज्यादा संभावना है. पश्चिमी जिलों में गर्मी का असर अभी भी बना रहेगा, लेकिन तापमान में 2-3°C की गिरावट होगी. आज रांची का अधिकतम तापमान 33-36°C और न्यूनतम 21-23°C के आसपास रह सकता है. ऐसे में कहा जा सकता है कि इस पूरे सप्ताह अधिकतम तापमान 32-43°C के बीच रहने की संभावना है. जानें कहां कहां हो रही है बारिश झारखंड में पिछले 24 घंटों और आज के पूर्वानुमान के अनुसार कई जिलों में बारिश दर्ज की गई है. रांची, बोकारो, धनबाद जिलों में हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की गई है. जबकि जमशेदपुर, सरायकेला, पश्चिमी सिंहभूम जिलों में गरज-चमक के साथ बारिश दर्ज की गई है. इसके अलावा गोड्डा, पाकुड़, दुमका संथाल परगना क्षेत्र के कुछ जगहों पर अच्छी बारिश दर्ज की गई. साथ ही पलामू, गढ़वा, चतरा जैसे जिलों में आंधी के साथ बारिश के छींटे पड़े हुए हैं. आज भी झारखंड के कई जिलों में बारिश की संभावना है. Source link

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झारखंड में आज से 6 मई तक बारिश की संभावना:12 जिलों में...

बंगाल की खाड़ी से आ रही नमी और बांग्लादेश में बने साइक्लोनिक सर्कुलेशन का असर मध्यप्रदेश से झारखंड तक है। इससे रांची सहित पूरे राज्य में हुई बारिश ने गर्मी से राहत दी है। हालांकि तेज हवा चलने से कई जगह पेड़ भी उखड़ गए। मौसम विभाग के अनुसार, एक मई को रांची, चतरा, हजारीबाग, कोडरमा, गोड्‌डा, साहेबगंज, पाकुड़, दुमका, देवघर, गिरिडीह, धनबाद और बोकारो में आंधी के साथ ओले गिर सकते हैं। रांची समेत कई जिलों में आज भी बारिश का ऑरेंज अलर्ट वहीं, 50 से 60 किमी. की रफ्तार से आंधी चलने का ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। लगातार 6 मई तक रांची सहित कई जिलों में बारिश होने की संभावना बनी हुई है। मौसम विभाग के रांची केंद्र के अनुसार, अगले दो दिनों के दौरान अधिकतम तापमान में (2-3) डिग्री सेल्सियस की गिरावट आने की संभावना है। इसके अगले तीन दिनों में इसमें कोई बड़े बदलाव की संभावना नहीं है। सर्वाधिक बारिश बहरागोड़ा में हुई वहीं, पिछले 24 घंटे में झारखंड में कई स्थानों पर गरज के साथ हल्की से मध्यम बारिश हुई। जबकि कुछ स्थानों पर भारी बारिश दर्ज की गई। सबसे अधिक बारिश 85.2 एमएम बहरागोड़ा (पूर्वी सिंहभूम) में दर्ज की गई। सबसे अधिक अधिकतम तापमान 42.7 डिग्री सेल्सियस डाल्टेनगंज में जबकि सबसे कम न्यूनतम तापमान 17.4 डिग्री सेल्सियस लातेहार में रिकॉर्ड किया गया। अलनीनो से मानसून में बारिश होगी कम बीडीएसयू के कृषि एवं वानिकी विभाग के डीन डॉ. अशोक कुमार ने बताया कि वर्तमान में पश्चिमी विक्षोभ और बंगाल की खाड़ी में बनी नमी की वजह से बारिश हो रही है। इसे प्री मानसून की वर्षा भी कह सकते हैं। इसका लाभ खेतों को होगा। किसानों को चाहिए कि ऐसी स्थिति में खेत की गहरी जुताई कर जमीन को खोलकर छोड़ दें। इससे अधिक वर्षा जल जमीन के नीचे जाएगा और ग्राउंड वाटर लेवल रिचार्ज होगा। खेत खुला रहने से धूप जमीन के अंदर तक पड़ेगी। इससे बीज एवं कीट-फंगस के अंश नष्ट हो जाएंगे। इस बार अलनीनो का असर दिखेगा। मानसून में बारिश कम होगी। ऐसे में किसानों को अभी से वर्षा जल सहेजने की जरूरत है। Source link

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मात्स्यिकी विज्ञान कॉलेज में चेतना जागरूकता कार्यक्रम, वार्षिक सांस्कृतिक महोत्सव आयोजित

भास्कर न्यूज|​गुमला मात्स्यिकी विज्ञान महाविद्यालय गुमला में आज वार्षिक सांस्कृतिक महोत्सव का भव्य आयोजन किया गया। इस महोत्सव का मुख्य विषय चेतना- जागरूकता, सजगता व सृजनात्मक चिंतन रखा गया था, जो न केवल छात्रों की कलात्मक प्रतिभा को निखारने का मंच बना, बल्कि उनमें सामाजिक और रचनात्मक बोध को भी जागृत किया। ​यह पूरा आयोजन भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद द्वारा निर्धारित एग्री यूनिफेस्ट की श्रेणियों और दिशा-निर्देशों के अनुरूप संपन्न हुआ। महोत्सव को मुख्य रूप से पांच श्रेणियों संगीत, नृत्य, थिएटर, लिटरेरी (साहित्यिक) और फाइन आर्ट्स (ललित कला) में विभाजित किया गया था, जिसमें विद्यार्थियों ने अपनी बहुमुखी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। कार्यक्रम की शुरुआत गीत-संगीत से हुई, जिसमें लाइट वोकल, सामूहिक गीत और देशभक्ति गीतों ने समां बांध दिया। थिएटर श्रेणी के तहत वन एक्ट प्ले, स्किट, माइम और मोनो एक्ट के माध्यम से छात्रों ने समसामयिक विषयों पर अपनी अनूठी प्रस्तुति दी। वहीं, लिटरेरी श्रेणी में क्विज, एलोक्यूशन, वाद-विवाद और एक्सटेम्पोर स्पीच के जरिए विद्यार्थियों की तार्किक और भाषायी दक्षता देखी गई। Source link

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गुमला के ये हैं टॉप 5 इंटर कॉलेज, एडमिशन के लिए फटाफट...

गुमला: जैक बोर्ड रांची यानी की झारखंड अधिविद्य परिषद् रांची ने मैट्रिक परीक्षा का परिणाम घोषित कर दिया है. इस वर्ष मैट्रिक परीक्षा में गुमला जिले का परिणाम पूरे राज्य में अव्वल रहा है. इस बार गुमला जिले से राज्य के 2 सेकेंड टॉपर निकले हैं. अब मैट्रिक परीक्षा परिणाम जारी होने के बाद परीक्षार्थियों को अपनी आगे की पढ़ाई को लेकर कौन सा विद्यालय चुनना है. जहां अच्छी शिक्षा मिले, साथ ही बजट में भी फीट हो. ऐसे में आज हम आपको जैक बोर्ड द्वारा संचालित गुमला के टॉप फाइव स्कूलों के बारे में बता रहे हैं. जहां से हर साल टॉपर निकलते हैं. यहां से पढ़ाई कर विद्यार्थी यूपीएससी की आईएएस, आईपीएस एवं अन्य अधिकारी बन चुके हैं और देश की सेवा कर रहे हैं . जहां आप भी कम फीस में अपने बच्चों का एडमिशन कराकर पढ़ाई कर सकते हैं. संत इग्नासियुस स्कूल गुमला शहर के सिसई रोड स्थित संत इग्नासियुस स्कूल जिले के सबसे प्रमुख स्कूलों में से एक है. इस स्कूल में पढ़े विद्यार्थी आईएएस, आईपीएस डीआईजी व अन्य अधिकारी भी बनते आ रहे हैं. स्कूल के प्रधानाध्यापक फादर मनोहर खोया ने लोकल 18 को बताया कि उनके विद्यालय में कक्षा 6 से 12 वीं तक की पढ़ाई होती है. इंटर में तीनों संकाय विज्ञान, वाणिज्य एवं कला की पढ़ाई होती है. इंटर में नामांकन के लिए फार्म उपलब्ध है. वहीं, फॉर्म का शुल्क ₹400 निर्धारित है. जहां फॉर्म जमा करने की अंतिम तिथि 15 मई है. यहां विद्यार्थियों का चयन प्रवेश परीक्षा के आधार पर होगा. इसकी प्रवेश परीक्षा 18 मई को निर्धारित है. सभी संकाय के लिए 290 सीट निर्धारित की गई है. उर्सुलाइन इंटर स्कूल गुमला उर्सुलाइन इंटर स्कूल की प्रिंसिपल सिस्टर निर्मला लकड़ा ने लोकल 18 को बताया कि गुमला शहर के सिसई रोड स्थित  उर्सुलाइन जिला का एकमात्र बालिका विद्यालय है. यहां कक्षा नर्सरी से 12 वीं कक्षा तक की पढ़ाई होती है. इंटर में तीनों संकाय विज्ञान, वाणिज्य एवं कला की पढ़ाई होती है. यह स्कूल जिला में बेहतर शिक्षा देने के लिए जाना जाता है. साथ ही बच्चियों को अच्छा अनुशासन, व्यवहार व संस्कार भी सिखाया जाता है. यहां इंटर प्लस टू स्कूल में नामांकन के लिए फार्म उपलब्ध है. वहीं, मैट्रिक परीक्षा में मिनिमम 60% अंक लाने वाली छात्राएं 4 मई से आर्ट्स एवं कॉमर्स में डायरेक्ट एडमिशन ले सकते हैं. यहां विज्ञान में छात्राओं का चयन परीक्षा के आधार पर होगा. यह चयन परीक्षा 12 मई को निर्धारित है. संत पात्रिक स्कूल गुमला संत पात्रिक स्कूल गुमला जिले का प्रमुख विद्यालयों में शुमार है. जहां अंग्रेजी एवं हिंदी दोनों माध्यम से शिक्षा दी जाती है. स्कूल के प्रधानाध्यापक फादर नाबोर मिंज ने लोकल 18 को बताया कि हमारे विद्यालय में इंटर के तीनों संकाय में नामांकन के लिए फार्म उपलब्ध है. आप हमारे विद्यालय के कार्यालय से जैक बोर्ड, सीबीएसई एवं आईसीएसई बोर्ड के विद्यार्थी फार्म प्राप्त कर सकते हैं. हमारे स्कूल में प्रत्येक संकाय के लिए 512 सीट निर्धारित है. जब तक पूरी नहीं हो जाती है, तब तक नामांकन फॉर्म उपलब्ध रहेगा ऐसे में जल्दी आएं और अपना सीट सुनिश्चित करें. यहां कला एवं वाणिज्य संकाय में 80% से अधिक अंक एवं विज्ञान संकाय में 85% से अधिक अंक प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों का सीधा नामांकन लिया जाएगा एवं अन्य विद्यार्थियों का चयन परीक्षा के आधार पर किया जाएगा. इसके चयन की परीक्षा 17 मई 2026 को सुनिश्चित की गई है. संत अन्ना प्लस टू उच्च विद्यालय दाउदनगर संत अन्ना प्लस टू उच्च विद्यालय दाउदनगर गुमला की प्रधानाचार्य सिस्टर ललिता टोप्पो ने लोकल 18 को बताया कि हमारे स्कूल में कक्षा 11 वीं के तीनों संकाय में नामांकन के लिए फार्म उपलब्ध है. जैक बोर्ड द्वारा संचालित हमारे स्कूल में मैट्रिक परीक्षा परिणाम जारी होने के बाद कला, वाणिज्य एवं विज्ञान में डायरेक्ट नामांकन भी प्रारंभ हो चुका है. मैट्रिक परीक्षा में मिनिमम 60% अंक लाने वाले विद्यार्थी सीधे नामांकन करा सकते हैं. इसलिए इच्छुक विद्यार्थी हमारे कार्यालय में सुबह 8:00 बजे से लेकर दोपहर 2:00 बजे तक आकर सीधा नामांकन ले सकते हैं, और अपना सीट सुनिश्चित करा सकते हैं. लूथरन हाई स्कूल गुमला लूथरन हाई स्कूल गुमला की प्रिंसिपल नूरा गीता एक्का ने लोकल 18 को बताई कि हमारे स्कूल में इंटर के केवल कला संकाय की पढ़ाई होती है, जिसमें नामांकन के लिए फॉर्म उपलब्ध है. यहां 200 सीट उपलब्ध है. वहीं, फॉर्म भरकर जमा करने की अंतिम तिथि 5 मई निर्धारित है. उनके यहां विद्यार्थियों का चयन मैट्रिक परीक्षा के अंक के आधार पर किया जाएगा, जिसकी मेरिट लिस्ट जारी की जाएगी. यहां नामांकन पूरा नहीं होने पर सेकंड लिस्ट निकाली जाएगी. Source link

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झारखंड में एक लाख का इनामी नक्सली इसराइल पूर्ति ढेर:हत्या-अपहरण, IED ब्लास्ट...

पश्चिमी सिंहभूम जिले के टोंटो थाना क्षेत्र के रूटुगुटू जंगल में बुधवार को सुरक्षाबलों ने बड़ी कार्रवाई करते हुए नक्सलियों के एक सुरक्षित ठिकाने को ध्वस्त कर दिया। सीआरपीएफ की कोबरा बटालियन और पुलिस की संयुक्त टीम ने सर्च ऑपरेशन के दौरान एक लाख रुपए के इनामी नक्सली इसराइल पूर्ति उर्फ अमृत को मुठभेड़ में मार गिराया। वह सागेन दस्ते का सक्रिय सदस्य था। लंबे समय से पुलिस की सूची में वांछित था। मुठभेड़ के बाद इलाके में चलाए गए सर्च अभियान में हथियारों के साथ बड़ी मात्रा में नक्सली सामग्री भी बरामद की गई है। इस कार्रवाई को कोल्हान क्षेत्र में नक्सल नेटवर्क पर बड़ा प्रहार माना जा रहा है। 45 मिनट तक चली गोलीबारी, भागे अन्य नक्सली पुलिस के अनुसार, 24 अप्रैल की रात गोइलकेरा के दुगुनिया गांव में नक्सलियों ने पुलिस मुखबिरी के आरोप में पूर्व नक्सली रमेश चांपिया उर्फ चांबरा की हत्या कर दी थी। घटना के बाद सागेन अंगरिया के नेतृत्व में नक्सली दस्ते के सदस्य कोल्हान के जंगलों में छिप गए थे। इसकी खुफिया सूचना मिलते ही सुरक्षाबलों ने गोइलकेरा और टोंटो क्षेत्र में व्यापक सर्च ऑपरेशन शुरू किया। इसी दौरान बुधवार तड़के रूटुगुटू जंगल में नक्सलियों से आमना-सामना हो गया। दोनों ओर से करीब 45 मिनट तक फायरिंग हुई, जिसमें इसराइल पूर्ति मारा गया। सुरक्षाबलों का दबाव बढ़ता देख अन्य नक्सली घने जंगलों का फायदा उठाकर भागने में सफल रहे। सुरक्षित रास्ते दिखाने में था एक्सपर्ट इसराइल पूर्ति मूल रूप से गोइलकेरा थाना क्षेत्र के सांगाजाटा गांव का निवासी था। वह संगठन में एरिया कमांडर स्तर के नक्सलियों का करीबी और भरोसेमंद सदस्य माना जाता था। कोल्हान के दुर्गम जंगलों की भौगोलिक जानकारी होने के कारण वह दस्ते को सुरक्षित रास्ते उपलब्ध कराने और सुरक्षाबलों की गतिविधियों पर नजर रखने में अहम भूमिका निभाता था। उसके खिलाफ पुलिस मुखबिरी के शक में ग्रामीणों की हत्या, अपहरण और आईईडी ब्लास्ट जैसी कई गंभीर घटनाओं में संलिप्तता के मामले दर्ज थे। हाल ही में हुए रमेश चांपिया हत्याकांड में भी उसकी सक्रिय भूमिका सामने आई थी। उसकी मौत को नक्सली संगठन के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है। कोल्हान में सक्रिय 20-30 नक्सलियों का दस्ता एसपी अमित रेणु ने बताया कि कोल्हान के जंगलों में 20 से 30 हथियारबंद नक्सलियों के सक्रिय होने की सूचना के बाद लगातार सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है। सैकड़ों जवान इलाके में तैनात कर घेराबंदी की गई है। जानकारी के मुताबिक, नक्सली सारंडा क्षेत्र से निकलकर कोल्हान के जंगलों में डेरा जमाए हुए हैं। सुरक्षाबलों की यह कार्रवाई नक्सलियों के बढ़ते मूवमेंट पर लगाम लगाने की दिशा में अहम मानी जा रही है। Source link

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गिरिडीह में जमीन विवाद; महिला सहित 12 घायल:CCTV तोड़ने के प्रयास से...

गिरिडीह जिले के घोरथम्भा ओपी क्षेत्र अंतर्गत ईंटोचांच गांव में जमीन विवाद ने अचानक हिंसक रूप ले लिया। वर्षों से चल रहे इस विवाद में दो पक्ष आमने-सामने आ गए। जानकारी के अनुसार, विवादित जमीन पर एक पक्ष लंबे समय से मकान बनाकर रह रहा है। बुधवार को दूसरे पक्ष के कुछ लोग वहां पहुंचे और लगे सीसीटीवी कैमरे को तोड़ने का प्रयास किया। इसका विरोध करने पर दोनों पक्षों के बीच कहासुनी शुरू हो गई। जो कुछ ही देर में मारपीट में तब्दील हो गई। खूब चले लाठी-डंडे, महिलाओं सहित 12 घायल देखते ही देखते दोनों ओर से लोग लाठी-डंडे लेकर आमने-सामने आ गए और जमकर हिंसक झड़प हुई। इस दौरान पहले पक्ष से मकसूद अंसारी, फातिमा खातून, हलीमा खातून, रजीना खातून और कोरिसा खातून घायल हो गए। वहीं दूसरे पक्ष से कुर्बान मियां, कलाम अंसारी, अब्बास मियां, दुखना मियां, फातिमा खातून, आयशा खातून, गुलशन खातून और समीर अंसारी को भी चोटें आई हैं। घायलों में महिलाओं की संख्या अधिक है। सभी घायलों को तत्काल नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज जारी है। गांव में अतिरिक्त बल किया गया तैनात घटना की सूचना मिलते ही घोरथम्भा ओपी पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित किया। हालात को देखते हुए गांव में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर दिया गया है, ताकि किसी भी अप्रिय घटना को रोका जा सके। फिलहाल गांव में तनावपूर्ण माहौल बना हुआ है। हालांकि पुलिस की मौजूदगी से स्थिति नियंत्रण में बताई जा रही है। ओपी प्रभारी धर्मेंद्र अग्रवाल ने बताया कि सभी घायलों का समुचित इलाज कराया जा रहा है। मामले की गहन जांच की जा रही है। जांच के बाद दोषियों की पहचान कर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। Source link

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‘हर कोई सचिन नहीं बन सकता’ सुनकर भी नहीं हारे पलामू के...

Last Updated:April 30, 2026, 13:42 IST राजस्थान के जोधपुर निवासी आईएएस दिलीप प्रताप सिंह शेखावत ने कड़ी मेहनत और दृढ़ संकल्प से सफलता हासिल की. बचपन में क्रिकेटर बनने का सपना देखने वाले दिलीप ने असफलताओं के बावजूद हार नहीं मानी और तीसरे प्रयास में यूपीएससी सिविल सेवा परीक्षा में ऑल इंडिया रैंक 72 प्राप्त कर आईएएस बने. वर्तमान में पलामू के उपायुक्त के रूप में कार्यरत दिलीप ने बताया कि उनके प्रशासनिक करियर की शुरुआत इसी जिले से हुई थी. पलामू: कहते हैं कि अगर इरादे मजबूत हों तो कठिन रास्ते भी मंजिल तक पहुंचा देते हैं. राजस्थान के जोधपुर निवासी आईएएस दिलीप प्रताप सिंह शेखावत ने इसे सच कर दिखाया है. बचपन में क्रिकेटर बनने का सपना देखने वाले दिलीप ने जीवन के उतार-चढ़ाव, असफलताओं और लोगों के तानों के बावजूद हार नहीं मानी. आखिरकार तीसरे प्रयास में उन्होंने यूपीएससी सिविल सेवा परीक्षा में ऑल इंडिया रैंक 72 हासिल कर आईएएस बनने का अपना सपना पूरा किया. प्रशासनिक सफर की शुरुआतपलामू जिले में 106वें उपायुक्त दिलीप प्रताप सिंह शेखावत ने लोकल18 से खास बातचीत की. दिलीप प्रताप सिंह शेखावत ने बताया कि उनके प्रशासनिक सफर की शुरुआत इसी जिले से हुई थी, जहां उन्हें प्रशिक्षण का अवसर मिला. अब उपायुक्त के रूप में यहां सेवा करने का मौका मिलना उनके लिए सौभाग्य की बात है. उन्होंने कहा कि जिले में पेयजल संकट, सुखाड़ और गिरते जलस्तर जैसी चुनौतियों से निपटने के लिए वाटर हार्वेस्टिंग, माइक्रो इरिगेशन और आधुनिक खेती को बढ़ावा दिया जाएगा, ताकि किसानों को राहत मिल सके. बचपन में क्रिकेट का जुनूनदिलीप प्रताप सिंह शेखावत ने बताया कि बचपन से ही उनका सपना क्रिकेटर बनने का था. जब लोग उनसे पूछते थे कि बड़े होकर क्या बनोगे, तो वे डॉक्टर या इंजीनियर की बजाय क्रिकेटर बनने की बात कहते थे. उनका सपना भारत की टीम के लिए खेलने का था. हालांकि, समाज और आसपास के लोग उनकी इस चाहत का मजाक उड़ाते थे और कहते थे कि हर कोई सचिन तेंदुलकर नहीं बन सकता. इस दौरान उनकी जिंदगी में कई उतार-चढ़ाव भी आए. पूरी तरह क्रिकेट को समर्पितक्रिकेट को लेकर उन्होंने कहा कि स्कूल के दिनों में वे पूरी तरह क्रिकेट को समर्पित थे और उनके कोच ने भी उनमें प्रतिभा देखी थी. लेकिन 12वीं के दौरान परिवार के दबाव में उन्हें क्रिकेट छोड़ना पड़ा. इसके बाद उन्होंने पढ़ाई पर ध्यान केंद्रित किया और इंजीनियरिंग की राह चुनी. उन्होंने केमिकल इंजीनियरिंग से स्नातक किया. कॉलेज के दौरान समाजसेवा से जुड़ने पर उनके भीतर प्रशासनिक सेवा में जाने की प्रेरणा जगी. यहीं से उन्होंने यूपीएससी की तैयारी का फैसला लिया और दिल्ली जाकर संघर्ष शुरू किया. तीन प्रयास, दो असफलताएंदिलीप प्रताप सिंह शेखावत ने UPSC का सफर सांझा करते हुए बताया कि पहले प्रयास में वे प्रीलिम्स में बहुत कम अंतर से असफल हो गए. दूसरे प्रयास में उन्होंने प्रीलिम्स और मेन्स दोनों परीक्षाएं पास कीं, लेकिन इंटरव्यू में अंतिम सूची में जगह नहीं बना सके. यह झटका बड़ा था, लेकिन उन्होंने खुद को टूटने नहीं दिया. लगातार मेहनत, सही रणनीति और आत्मविश्वास के दम पर दिलीप ने तीसरे प्रयास में शानदार वापसी की. वर्ष 2018 में उन्होंने ऑल इंडिया रैंक 72 हासिल कर आईएएस अधिकारी बनने का सपना साकार किया. सफलता का मंत्रवहीं असफलताओं को लेकर उन्होंने ने कहा कि असफलता अंत नहीं होती, बल्कि सीखने का अवसर होती है. युवाओं को संदेश देते हुए उन्होंने कहा कि यदि लक्ष्य बड़ा है, तो मेहनत भी उसी स्तर की करनी होगी. अपने सपनों को दिल के करीब रखकर लगातार प्रयास करने से ही सफलता मिलती है. उन्होंने शिक्षा को अधिकार और बेहतर भविष्य की सबसे बड़ी कुंजी बताया. युवाओं के लिए प्रेरणाउन्होंने कहा कि किसी भी मंजिल को पाने के लिए बड़े सपने देखना जरूरी है. खासकर यदि आप आईएएस बनने का सपना देख रहे हैं, तो ताने, असफलताएं और परिस्थितियां आपके रास्ते में बाधा बन सकती हैं, लेकिन मजबूत इरादों को नहीं रोक सकतीं. इसलिए दृढ़ संकल्प और कठिन परिश्रम के बल पर सफलता हासिल की जा सकती है. About the Author Amita kishor न्यूज़18इंडिया में कार्यरत हैं. आजतक से रिपोर्टर के तौर पर करियर की शुरुआत फिर सहारा समय, ज़ी मीडिया, न्यूज नेशन और टाइम्स इंटरनेट होते हुए नेटवर्क 18 से जुड़ी. टीवी और डिजिटल न्यूज़ दोनों विधाओं में काम करने क…और पढ़ें News18 न्यूजलेटर अब ईमेल पर इनसाइड स्‍टोर‍ीज खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्‍स में सबमिट करें Location : Palamu,Jharkhand First Published : April 30, 2026, 13:38 IST Source link

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गिरिडीह में बस-कार की सीधी टक्कर:दो की मौके पर मौत, पांच घायल;...

गिरिडीह जिले के धनवार थाना क्षेत्र अंतर्गत लाल बाजार के पास गुरुवार सुबह एक भीषण सड़क हादसा हो गया। खोरीमहुआ की ओर से आ रही सवारी बस और बिरनी की तरफ जा रही स्विफ्ट कार के बीच आमने-सामने जोरदार टक्कर हो गई। हादसा इतना जबरदस्त था कि कार के परखच्चे उड़ गए। उसमें सवार लोग अंदर ही फंस गए। घटना सुबह करीब पांच बजे की बताई जा रही है। आसपास के ग्रामीण तेज आवाज सुनकर मौके पर पहुंचे और राहत-बचाव कार्य में जुट गए। दो की मौके पर मौत, पांच घायल हादसे में कार सवार 70 वर्षीय बंगाली हाड़ी और 24 वर्षीय कुमकुम कुमारी की मौके पर ही मौत हो गई। दोनों बिरनी थाना क्षेत्र के बरमसिया गांव के रहने वाले थे। बताया जा रहा है कि कार में सवार पूरा परिवार एक शादी समारोह से लौट रहा था, तभी यह हादसा हो गया। दुर्घटना में सुकरी देवी, तारा देवी, रोनित कुमार, जयनारायण राम और अरविंद यादव गंभीर रूप से घायल हो गए। ग्रामीणों ने कड़ी मशक्कत के बाद घायलों को कार से बाहर निकाला और तत्काल नजदीकी अस्पताल पहुंचाया, जहां उनका इलाज जारी है। शव पोस्टमॉर्टम के लिए भेजे गए घटना की सूचना मिलते ही धनवार थाना प्रभारी ब्रजेश कुमार पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और राहत एवं बचाव कार्य को तेज किया। पुलिस ने घायलों को अस्पताल भिजवाने के साथ ही मृतकों के शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए सदर अस्पताल भेज दिया है। थाना प्रभारी ने बताया कि प्रारंभिक जांच में बस और कार के बीच आमने-सामने टक्कर की पुष्टि हुई है। Source link

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शादी के दिन घर में फटा सिलेंडर; लगी आग:दुल्हन की शादी का...

कोडरमा जिले के सतगांवां थाना क्षेत्र के माधोपुर गांव में गुरुवार की सुबह एक परिवार के लिए ऐसी त्रासदी लेकर आई, जिसने पलभर में खुशियों को मातम में बदल दिया। दिलीप शर्मा की बड़ी बेटी अंजलि की शादी आज होनी है। घर में मेहमानों की चहल-पहल थी, गीत-संगीत और तैयारियों के बीच हर चेहरा खुशी से खिला हुआ था। लेकिन सुबह मेहमानों के लिए चाय बनाते समय अचानक सिलेंडर से गैस रिसाव हुआ। चूल्हे के पास माचिस जलते ही आग भड़क उठी। देखते ही देखते लपटों ने पूरे घर को अपनी चपेट में ले लिया। घर में मौजूद लोग जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगे। डेढ़ घंटे की जद्दोजहद के बाद काबू आग इतनी तेजी से फैली कि किसी को संभलने का मौका नहीं मिला। देखते ही देखते शादी की तैयारियों में जुटा घर धू-धू कर जलने लगा। स्थानीय ग्रामीणों ने तत्परता दिखाते हुए आग बुझाने का प्रयास शुरू किया और करीब डेढ़ घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया जा सका। लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। आग बुझाने के दौरान दिलीप शर्मा के बड़े बेटे शिवनारायण का हाथ भी झुलस गया। जब धुआं छंटा तो घर में चारों ओर सिर्फ राख और बिखरे हुए सपनों के अवशेष नजर आ रहे थे। जिन सामानों को बड़ी मेहनत और उम्मीदों के साथ इकट्ठा किया गया था, वे सब चंद पलों में खत्म हो चुके थे। शादी का जोड़ा, कपड़े और नकदी खाक इस हादसे में बेटी का शादी का जोड़ा, दूल्हे के लिए रखा सूट, मेहमानों की विदाई के कपड़े, खाद्य सामग्री और करीब 20 हजार रुपए नकद जलकर राख हो गए। इस मुसीबत के बाद भी दिलीप शर्मा ने हिम्मत जुटाई और आस-पड़ोस के लोगों से कर्ज लेकर फिर से शादी की तैयारी शुरू कर दी। गांव के लोगों ने भी इस मुश्किल घड़ी में परिवार का साथ दिया और मदद के लिए आगे आए। वहीं, पीड़ित परिवार ने प्रशासन से मुआवजे की गुहार लगाई है, ताकि इस संकट से उबरने में सहारा मिल सके। फिलहाल, आंसुओं के बीच भी बेटी की शादी की रस्में पूरी कराने की कोशिश जारी है। Source link

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गर्मी में घट रहा पशुओं का दूध? एक्सपर्ट ने बताया भूसा खिलाने...

होमफोटोकृषि गर्मी में घट रहा पशुओं का दूध? एक्सपर्ट ने बताया भूसा खिलाने का सही तरीका Last Updated:April 30, 2026, 14:04 IST Cattle Care In Summers: गर्मी का मौसम दुधारू पशुओं के लिए किसी परीक्षा से कम नहीं होता. तेज धूप, लू और पानी की कमी के कारण इस समय पशु जल्दी बीमार पड़ जाते हैं और सबसे बड़ी चिंता यह होती है कि उनका दूध उत्पादन अचानक कम हो जाता है या कई बार पूरी तरह खत्म हो जाता है. ऐसे में पशुपालकों के लिए यह समय चुनौती भरा जरूर होता है, लेकिन अगर खान-पान और देखभाल पर सही तरीके से ध्यान दिया जाए तो गर्मी में भी दूध उत्पादन को बनाए रखा जा सकता है. खासकर आहार का सही चुनाव इस मौसम में सबसे ज्यादा जरूरी हो जाता है. देवघर कृषि विज्ञान केंद्र की पशु चिकित्सक डॉ पूनम सोरेन बताती हैं कि गर्मी के दिनों में हरा चारा आसानी से उपलब्ध नहीं हो पाता. खेतों में नमी की कमी और तेज तापमान के कारण हरी घास और चारा कम हो जाता है, जिससे पशुपालकों को परेशानी होती है. ऐसे समय में भूसा एक अच्छा विकल्प बनकर सामने आता है. हालांकि हर भूसा एक जैसा नहीं होता, इसलिए सही भूसे का चुनाव करना जरूरी है. डॉ सोरेन के अनुसार पीला भूसा जैसे गेहूं, धान, मकई और चना का भूसा दुधारू पशुओं के लिए बेहतर माना जाता है. इसमें जरूरी पोषक तत्व मौजूद होते हैं, जो पशु के शरीर को ऊर्जा देते हैं और दूध उत्पादन को बनाए रखने में मदद करते हैं. यह भी ध्यान रखें कि सिर्फ भूसा देना ही काफी नहीं है, बल्कि उसे खिलाने का तरीका भी उतना ही जरूरी है. अक्सर देखा जाता है कि पशुपालक सीधे सूखा भूसा पशु के सामने रख देते हैं, जो एक बड़ी गलती है. सूखा भूसा खाने से पशु के पाचन तंत्र पर असर पड़ सकता है और उसका पेट खराब हो सकता है. इससे पशु बीमार पड़ सकता है और दूध उत्पादन पर भी खराब असर पड़ता है. इसलिए भूसा खिलाने से पहले उसे सही तरीके से तैयार करना बहुत जरूरी है. Add News18 as Preferred Source on Google डॉ पूनम सोरेन सलाह देती हैं कि भूसे को खिलाने से पहले कम से कम एक से दो घंटे तक पानी में भिगोकर रखना चाहिए. जब भूसा अच्छी तरह से फूल जाता है, तब उसे पशु को खिलाना चाहिए. इससे भूसा नरम हो जाता है और पशु उसे आसानी से पचा पाता है. साथ ही इससे पशु के शरीर में पानी की कमी भी कुछ हद तक पूरी होती है, जो गर्मी के मौसम में बेहद जरूरी है. अगर पशुपालक इस छोटे से तरीके को अपनाते हैं, तो वे अपने पशुओं को बीमारियों से बचा सकते हैं और दूध उत्पादन को भी बेहतर बना सकते हैं. गर्मी के मौसम में दुधारू पशुओं की देखभाल में थोड़ी सी सावधानी और सही जानकारी बहुत बड़ा फर्क ला सकती है. सही भूसा, सही तरीका और समय पर देखभाल से पशुपालक न केवल अपने पशुओं को स्वस्थ रख सकते हैं, बल्कि अपने दूध उत्पादन को भी स्थिर और अच्छा बनाए रख सकते हैं. First Published : April 30, 2026, 14:04 IST Source link

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