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Research| World languages study: कभी दुनिया में थीं 75 हजार भाषाएं,जानिए कैसे...

Do you know: आज दुनिया में करीब 7,500 भाषाएं बोली जाती हैं. इनमें अंग्रेजी, मंदारिन चीनी, हिंदी, स्पेनिश, अरबी और फ्रेंच सबसे ज्यादा इस्तेमाल होने वाली भाषाएं हैं लेकिन क्या आप जानते हैं कि एक समय ऐसा भी था जब धरती पर 30 हजार से लेकर 75 हजार से ज्यादा भाषाएं बोली जाती थीं? यह दावा एक इंटरनेशनल रिसर्च में किया गया है. वैज्ञानिकों का कहना है कि हजारों साल पहले दुनिया में छोटी-छोटी मानव आबादियां अलग-अलग रहती थीं. हर समुदाय की अपनी अलग भाषा थी. समय के साथ साम्राज्यों का विस्तार, युद्ध, उपनिवेशवाद और लोगों के एक-दूसरे में घुलने-मिलने की वजह से हजारों भाषाएं हमेशा के लिए खत्म हो गईं. 12 हजार साल पुराने इतिहास को समझने की कोशिश यह शोध अमेरिका की येल यूनिवर्सिटी की भाषाविज्ञान और मानवशास्त्र की प्रोफेसर क्लेयर बॉवर्न (Claire Bowern) की अगुवाई में किया गया है. यह अध्ययन प्रतिष्ठित जर्नल साइंस (Science)में प्रकाशित हुआ है.शोधकर्ताओं ने गणितीय मॉडलिंग, मानवशास्त्र (Anthropology), भाषाविज्ञान (Linguistics) और जनसंख्या विज्ञान (Demography) के आंकड़ों का इस्तेमाल करके यह अनुमान लगाया कि करीब 12 हजार साल पहले, यानी अंतिम हिमयुग (Ice Age) के खत्म होने के बाद दुनिया में कितनी भाषाएं बोली जाती थीं.यह अध्ययन होलोसीन (Holocene) काल के दौरान भाषाओं के विकास और उनके धीरे-धीरे खत्म होने की कहानी को समझने की कोशिश करता है. कब सबसे ज्यादा भाषाएं बोली जाती थीं? शोध के मुताबिक दुनिया में भाषाओं की संख्या पहली सहस्राब्दी ईसा पूर्व (1000 BC) से लेकर पहली सहस्राब्दी ईस्वी (1000 AD) के बीच अपने सबसे ऊंचे स्तर पर पहुंच गई थी.वैज्ञानिकों का अनुमान है कि उस समय पूरी दुनिया में एक साथ लगभग 30 हजार से लेकर 75 हजार से भी ज्यादा अलग-अलग भाषाएं बोली जाती थीं. इसे शोधकर्ताओं ने भाषाओं का गोल्डन एज यानी स्वर्णकाल बताया है. आज सिर्फ 7,500 भाषाएं ही क्यों बची हैं? शोध में बताया गया है कि समय के साथ भाषाओं की संख्या लगातार घटती चली गई.इसके पीछे कई बड़े कारण रहे.सबसे पहले प्राचीन काल में बड़े-बड़े साम्राज्यों का विस्तार हुआ. जब एक साम्राज्य दूसरे क्षेत्रों पर कब्जा करता था तो वहां की स्थानीय भाषाओं की जगह शासकों की भाषा का इस्तेमाल बढ़ने लगता था.इसके बाद पिछले कुछ सौ वर्षों में यूरोपीय उपनिवेशवाद ने भी दुनिया की हजारों स्थानीय भाषाओं को खत्म करने में बड़ी भूमिका निभाई. कई जगह लोगों को अपनी मातृभाषा छोड़कर दूसरी भाषा अपनाने के लिए मजबूर होना पड़ा. भाषा सिर्फ बोलने का माध्यम नहीं, पहचान भी है प्रोफेसर क्लेयर बॉवर्न कहती हैं कि किसी भी भाषा का महत्व केवल बातचीत तक सीमित नहीं होता.उनके मुताबिक हर भाषा अपने समाज की यादें, परंपराएं, इतिहास, संस्कृति और ज्ञान अपने भीतर संजोकर रखती है. जब कोई भाषा खत्म होती है तो उसके साथ उस समुदाय की कई पीढ़ियों का अनुभव और सांस्कृतिक विरासत भी हमेशा के लिए खो जाती है. पहली लिखित भाषाएं कब सामने आईं? शोध के अनुसार शुरुआत में दुनिया की सभी भाषाएं केवल बोली जाती थीं. बाद में अलग-अलग सभ्यताओं ने लिखित भाषा विकसित की.सबसे पहले चौथी सहस्राब्दी ईसा पूर्व (Fourth Millennium BC)में मेसोपोटामिया में सुमेरियन भाषा को क्यूनिफॉर्म (Cuneiform)लिपि में लिखा गया.इसके बाद मिस्र, चीन और मेसोअमेरिका जैसी सभ्यताओं में भी स्वतंत्र रूप से लिखने की प्रणालियां विकसित हुईं. वैज्ञानिकों ने इतने पुराने समय का अनुमान कैसे लगाया? इतने पुराने समय की भाषाओं का कोई सीधा रिकॉर्ड मौजूद नहीं है.ऐसे में शोधकर्ताओं ने अलग तरीका अपनाया.उन्होंने अफ्रीका, दक्षिण अमेरिका और दक्षिण-पूर्व एशिया के 171 ऐसे शिकारी-संग्रहकर्ता (Hunter-Gatherer) समुदायों का अध्ययन किया जो आज भी पारंपरिक जीवनशैली के करीब माने जाते हैं.इन समुदायों के आकार, उनकी भाषाओं और उस समय की अनुमानित वैश्विक आबादी के आधार पर वैज्ञानिकों ने गणितीय मॉडल तैयार किया. इसी मॉडल की मदद से उन्होंने हजारों साल पहले बोली जाने वाली भाषाओं की संख्या का अनुमान लगाया. 12 हजार साल पहले कितनी भाषाएं थीं? शोध के मुताबिक करीब 12 हजार साल पहले दुनिया की आबादी छोटे-छोटे समूहों में बंटी हुई थी. लोग खानाबदोश (Nomadic) शिकारी-संग्रहकर्ता के रूप में रहते थे और अलग-अलग इलाकों में फैले हुए थे.ऐसे समय में दुनिया भर में लगभग 4,500 से 6,200 भाषाएं बोली जाती थीं.बाद में आबादी बढ़ने और नए समुदाय बनने के साथ भाषाओं की संख्या भी तेजी से बढ़ी और हजारों साल बाद अपने सबसे बड़े स्तर पर पहुंच गई. भाषाएं आखिर खत्म कैसे हो जाती हैं? क्लेयर बॉवर्न बताती हैं कि किसी भाषा के खत्म होने के कई कारण हो सकते हैं.कई बार उस भाषा को बोलने वाले लोग युद्ध, महामारी या हिंसा में खत्म हो जाते हैं.कई बार लोगों को सामाजिक, राजनीतिक या आर्थिक कारणों से अपनी भाषा छोड़कर दूसरी भाषा अपनानी पड़ती है. कुछ मामलों में सरकारों की नीतियां और शिक्षा व्यवस्था भी स्थानीय भाषाओं को कमजोर कर देती हैं.धीरे-धीरे नई पीढ़ी जब अपनी मातृभाषा बोलना छोड़ देती है तो वह भाषा हमेशा के लिए लुप्त हो जाती है. आज भी हजारों भाषाएं खतरे में हैं शोध में बताया गया है कि आज दुनिया में मौजूद लगभग आधी भाषाएं संकटग्रस्त (Endangered) मानी जाती हैं.सबसे बड़ी बात यह है कि दुनिया की 90 प्रतिशत आबादी केवल 10 प्रतिशत भाषाएं ही बोलती है.इसका मतलब है कि हजारों भाषाएं ऐसी हैं जिन्हें बोलने वाले लोगों की संख्या बहुत कम बची है.यदि इन्हें संरक्षित नहीं किया गया तो आने वाले वर्षों में इनमें से कई भाषाएं पूरी तरह खत्म हो सकती हैं. रिसर्च से क्‍या बताता है? यह अध्ययन बताता है कि मानव इतिहास केवल सभ्यताओं और साम्राज्यों का इतिहास नहीं है, बल्कि भाषाओं का भी इतिहास है. कभी दुनिया में हजारों भाषाएं इंसानी विविधता की पहचान थीं, लेकिन समय के साथ उनमें से अधिकांश लुप्त हो गईं.वैज्ञानिकों का मानना है कि अगर आज बची हुई छोटी भाषाओं को संरक्षित नहीं किया गया तो आने वाली पीढ़ियां दुनिया की सांस्कृतिक विरासत का एक बड़ा हिस्सा हमेशा के लिए खो देंगी. 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Aaj ka Mausam: द‍िल्‍ली-यूपी से ह‍िमाचल तक आज से झूमेगा मौसम, पूरे...

होमताजा खबरदेश द‍िल्‍ली-यूपी से ह‍िमाचल तक झूमा मौसम, पूरे हफ्ते झमाझम बारिश का अलर्ट Last Updated:July 28, 2026, 07:41 IST Aaj ka Mausam: आज से एक बार फ‍िर बार‍िश का दौर शुरू हो रहा है. भारत मौसम व‍िभाग ने कई राज्‍यों में भारी बार‍िश की चेतावनी दी है. इन राज्‍यों में उत्‍तरी, उत्‍तरी-पश्‍च‍िमी और पूर्वोत्‍तर के राज्‍य शाम‍िल हैं. IMD ने जुलाई के आखिरी हफ्ते में राहत के साथ ही चेतावनी दी है. इस दौरान पहाड़ों पर ह‍िमस्‍खलन की घटनाएं बढ़ सकती हैं. हालां‍क‍ि गर्मी से राहत म‍िलेगी. झमाझम बारिश का आ गया मौसम, जुलाई के इस हफ्ते में खूब बरसेंगे मेघ, IMD ने राहत के साथ दी चेतावनी Aaj Ka Mausam: जुलाई के महीने में बारिश का इंतजार अब खत्म हो रहा है. आज यानि मंगलवार से झमाझम बरसात का दौर शुरू हो रहा है. भारतीय मौसम विभाग की मानें तो जुलाई के आखिरी हफ्ते में देश के कई हिस्सों में मूसलाधार बारिश की संभावना है. खासतौर पर उत्तरी, उत्तर-पश्चिमी, पश्चिमी और पूर्वोत्तर राज्यों में जमकर पानी बरसने वाला है. हालांकि आईएमडी ने इस दौरान राहत की खबर देने के साथ ही चेतावनी भी जारी की है. भारतीय मौसम विभाग की मानें तो आज देश के अधिकांश हिस्सों में मानसून सक्रिय बना रहेगा. 28 जुलाई को उत्तर-पश्चिम, मध्य और पूर्वी भारत के कई राज्यों में हल्की से मध्यम बारिश जबकि कुछ स्थानों पर भारी से अत्यधिक भारी बारिश होने की संभावना है. पूरे देश में ठंडी हवाओं के चलने से मौसम में एकदम नरमी आएगी और तापमान सामान्य से काफी नीचे लुढ़क सकता है, जिससे लोगों को चिपचिपाती गर्मी से राहत मिलने वाली है.वैज्ञानिकों का कहना है कि पहाड़ी राज्यों में गरज-चमक के साथ तेज हवाएं भी चलेंगी. इस दौरान हवा की स्पीड 40-50 किलोमीटर प्रति घंटा से भी ज्यादा हो सकती है. आईएमडी का अनुमान है कि 3 राज्यों हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड और जम्मू-कश्मीर के लद्दाख में आज से अगले कुछ दिनों तक भारी बारिश होने के आसार हैं. पहाड़ी इलाकों में होने वाली ये बारिश मुसीबत भी लेकर आ सकती है. इन स्थानों पर भारी बरसात से भूस्खलन का खतरा बढ़ गया है वहीं मैदानी इलाकों में नदियों में उफान और अचानक बाढ़ के खतरे की आशंका है. आज से दिल्ली, हरियाणा, पंजाब और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में अलग-अलग स्तर की बारिश हो सकती है, कहीं ज्यादा तो कहीं कम, हालांकि कई स्थानों पर भारी बारिश का भी अनुमान जताया गया है. जबकि राजस्थान में भी मानसून की गतिविधियां तेज हो रही हैं. विशेष रूप से पूर्वी राजस्थान में 28 जुलाई से 2 अगस्त के बीच तेज या अत्यधिक भारी बारिश की भविष्यवाणी की गई है. पश्चिमी राजस्थान के कुछ हिस्सों में भी बारिश की गतिविधियां बढ़ सकती हैं. मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और विदर्भ क्षेत्र में भी इस सप्ताह के आखिर तक अच्छी वर्षा होने की संभावना है. गिर जाएगा तापमान, गर्मी से मिलेगी राहत देशभर में अच्छी बारिश के चलते तापमान में अच्छी गिरावट देखने को मिलेगी. उत्तर भारत के अधिकांश शहरों में अधिकतम तापमान 30 से 35 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने का अनुमान है, जो सामान्य से कई डिग्री कम है. यही हाल दिल्ली-एनसीआर में भी दिखाई देगा और यहां अधिकतम तापमान 32 से 34 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 25 से 27 डिग्री सेल्सियस के बीच रह सकता है. इससे इलाकों में ठंडक रहेगी. हालांकि पहाड़ी राज्यों में तापमान और अधिक नीचे गिर सकता है. अगले 7 दिनों के लिए आईएमडी का अलर्ट आईएमडी ने अगले 7 दिनों के लिए मानसून के सक्रिय रहने का अलर्ट जारी किया है. इस पूरे सप्ताह में और अगस्त के शुरुआती दिनों में उत्तर-पश्चिम भारत, मध्य भारत और पूर्वी राजस्थान में कई दौर की बारिश देखने को मिल सकती है. हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, जम्मू-कश्मीर और पूर्वी राजस्थान में भारी बारिश का अलर्ट है. वहीं दिल्ली, पंजाब, हरियाणा और उत्तर प्रदेश में भी समय-समय पर तेज बारिश और गरज-चमक की स्थिति बन सकती है. About the Author प्रिया गौतमSenior Correspondent Priya Gautam is an accomplished journalist currently working with Hindi.News18.com with over 14 years of extensive field reporting experience. Previously worked with Hindustan times group (Hindustan Hindi) and … और पढ़ें News18 न्यूजलेटर अब ईमेल पर इनसाइड स्‍टोर‍ीज खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्‍स में सबमिट करें Source link

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मिर्जापुर के ओझला पुल पर खत्म होगा जाम, 20 करोड़ से बनेगा...

Last Updated:July 28, 2026, 06:40 IST Mirzapur News : मिर्जापुर के ओझला पुल के समानांतर नया दो लेन पुल बनाने का प्रस्ताव शासन को भेजा गया है. करीब 20 करोड़ की लागत वाली इस परियोजना के पूरा होने पर मां विंध्यवासिनी धाम आने वाले श्रद्धालुओं और आम लोगों को जाम की समस्या से बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है. मिर्जापुर: उत्तर प्रदेश के मिर्जापुर जिले में शास्त्री सेतु से मां विंध्यवासिनी धाम को जोड़ने वाले ओझला पुल के बगल में एक और पुल बनाया जाएगा. दो लेन के पुल बनाने को लेकर लोक निर्माण विभाग की ओर से प्रस्ताव तैयार करके शासन को भेजा गया है. शासन से परियोजना को मंजूरी मिलने के बाद पुल के निर्माण का काम शुरू किया जाएगा. मिर्जापुर जिले के ओझला में स्थित पुल के माध्यम से भारी संख्या में श्रद्धालु मां विंध्यवासिनी धाम पहुंचते हैं. ऐसे में भक्तों की संख्या बढ़ने के बाद पुल पर जाम की स्थिति उत्पन्न होती है. पुल के निर्माण को लेकर लोक निर्माण विभाग के द्वारा प्रस्ताव तैयार किया गया है,  जहां प्रस्ताव तैयार करके शासन को भेजा गया है. करीब 20 करोड रुपए होंगे खर्च ऐतिहासिक ओझला पुल के बगल में अब 500 मीटर लंबा दो लेन पुल बनाए जाने को लेकर प्रस्ताव तैयार किया गया है. करीब 20 करोड रुपए पुल बनाने को लेकर खर्च किए जाएंगे. प्रस्ताव बनाने के बाद लोक निर्माण विभाग की ओर से शासन को भेजा गया है. ओझला पुल से सबसे ज्यादा पूर्वांचल के वाराणसी, बलिया, जौनपुर, गाजीपुर, आजमगढ़ सहित अन्य प्रांतों से भक्त दर्शन के लिए पहुंचते हैं. प्रयागराज-वाराणसी मार्ग से औराई-मिर्जापुर मार्ग से होते हुए मां विंध्यवासिनी के धाम में पहुंचते हैं, जहां पर दर्शन-पूजन करते हैं. हालांकि,  नवरात्रि सहित विशेष अवसरों पर पुल संकरा होने की वजह से जाम की स्थिति उत्पन्न हो जाता था. मिलेगी निजात जाम की स्थिति से निजात पाने को लेकर लोक निर्माण विभाग की ओर से प्रस्ताव तैयार करके शासन को भेजा गया था. शासन की ओर से परियोजना को मंजूरी का इंतजार है. जल्द ही पुल बनाने को लेकर काम शुरू किया जाएगा. पुल बनने के बाद सिंगल लेन पुल दो लेन में परिवर्तित हो जाएगा, जहां जाम की स्थिति खत्म हो जाएगी और आने जाने वाले श्रद्धालुओं को भी परेशानियों का सामना नहीं करना पड़ेगा. जल्द ही परियोजना को मंजूरी मिलने को लेकर उम्मीद जताई जा रही है. खत्म होगी जाम की समस्या राजकुमार उपाध्याय ने बताया कि पुल के समानांतर दो लाइन पुल बन जाने के बाद जाम की समस्या पूरी तरीके से खत्म हो जाएगी. आवागमन भी आसानी के साथ हो सकेगा. किसी भी प्रकार के परेशानियों का सामना नहीं करना पड़ेगा. यह पुल पूर्वांचल को जोड़ती है. ऐसे में पूर्वांचल भर के आने वाले श्रद्धालुओं को काफी फायदा मिलेगा, उन्हें किसी भी प्रकार की परेशानियों का सामना जाम इत्यादि में फंसकर नहीं करना पड़ेगा. सरकार का यह प्रयास बेहद ही सराहनीय है. About the Author Vivek Kumar विवेक कुमार एक सीनियर जर्नलिस्ट हैं, जिन्हें मीडिया में 10 साल का अनुभव है. वर्तमान में न्यूज 18 हिंदी के साथ जुड़े हैं और हरियाणा, उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड की लोकल खबरों पर नजर रहती है. इसके अलावा इन्हें देश-… और पढ़ें News18 न्यूजलेटर अब ईमेल पर इनसाइड स्‍टोर‍ीज खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्‍स में सबमिट करें Location : Mirzapur-cum-Vindhyachal,Mirzapur,Uttar Pradesh Source link

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Nirav Modi Extradition : ‘उसे भारत की जेल में होना चाहिए था’,...

Nirav Modi Extradition: भगोड़ा हीरा कारोबारी नीरव मोदी का प्रत्यर्पण अब तक अटका है. ब्रिटेन से उसके प्रत्यर्पण में देरी पर देरी हो रही है. इससे भारत और यूके के बीच रिश्तों को भी नुकसान पहुंच रहा है. खुद यूके की पूर्व मंत्री का ऐसा माननना है. जी हां, ब्रिटेन की पूर्व गृह मंत्री प्रीति पटेल ने नीरव मोदी के प्रत्यर्पण मामले में हुई देरी पर ब्रिटेन की आलोचना की है. उन्होंने कहा कि इस लंबे विलंब से भारत का भरोसा टूटा है और दोनों देशों के बीच सहयोग भी प्रभावित हुआ है. प्रीति पटेल ने अप्रैल 2021 में नीरव मोदी के प्रत्यर्पण आदेश पर हस्ताक्षर किए थे. इससे पहले ब्रिटेन की अदालतों ने माना था कि उसके खिलाफ पर्याप्त शुरुआती सबूत हैं. प्रीति पटेल ने कहा कि यह बेहद हैरानी और दुख की बात है कि नीरव मोदी अब भी ब्रिटेन में है. बता दें कि नीरव मोदी पीएनबी बैंक घोटाले का मुख्य आरोपी है. प्रीति पटेल ने की ब्रिटिश व्यवस्था की आलोचना ‘द डेली टेलीग्राफ’ के आने वाले पॉडकास्ट ‘द डायमंड किंग’ में बात करते हुए प्रीति पटेल ने कहा कि पंजाब नेशनल बैंक में ₹13,500 की धोखाधड़ी और मनी लॉन्ड्रिंग मामले में वांटेड इस कारोबारी को प्रत्यर्पित न कर पाने के कारण भारत सरकार बहुत नाराज थी. पटेल ने कहा, ‘अगर हमारा सिस्टम सही तरीके से काम करता और प्रक्रियाओं-बहानेबाजी में उलझने के बजाय सही कदम उठाता, तो वह इस देश में नहीं होता.’ उन्होंने कहा कि इस देरी के कारण भारत हमारे साथ काम करने को लेकर काफी निराश महसूस करने लगा है. ‘उसे भारत की जेल में होना चाहिए’ प्रीति पटेल ने कहा कि कानूनी प्रक्रिया पूरी होने के बाद नीरव मोदी को अब तक भारत में अपनी सजा काटनी शुरू कर देनी चाहिए थी. उन्होंने कहा, ‘कानूनी प्रक्रिया से गुजरने के बाद उसे भारत में जेल में होना चाहिए और वहां अपनी सजा काटनी चाहिए. यूके के प्रत्यर्पण कानूनों और संधियों का मकसद यही है.’ उन्होंने इस  लंबी देरी को हमारे सिस्टम का खुला दुरुपयोग और ब्रिटिश करदाताओं का अपमान बताया. यूके की पूर्व मंत्री का कहना है कि नीरव मोदी के प्रत्यर्पण में देरी से भारत के साथ रिश्तों को नुकसान पहुंचा है. (रॉयटर्स) गौरतलब है कि 55 वर्षीय हीरा कारोबारी नीरव मोदी को लंदन की पेंटनविले जेल में रखा गया है. वह भारत में तीन आपराधिक मामलों में वांटेड है. इनमें CBI का पीएनबी धोखाधड़ी मामला, प्रवर्तन निदेशालय की मनी लॉन्ड्रिंग जांच और सबूतों व गवाहों के साथ कथित छेड़छाड़ से जुड़ा मामला शामिल है. इस मामले ने व्यापक यूके-भारत संबंधों को भी प्रभावित किया प्रीति पटेल ने कहा कि 2019 से 2022 के बीच गृह मंत्री के तौर पर उनके कार्यकाल के दौरान इस मामले ने राजनयिक चुनौतियां भी पैदा कीं. उन्होंने बताया कि जब तक प्रत्यर्पण का मामला सुलझा नहीं, तब तक भारत असफल शरण चाहने वालों को स्वीकार करने में सहयोग करने को लेकर हिचकिचा रहा था. उन्होंने कहा, ‘उन्हें (भारत को) उन लोगों को वापस लेने के लिए राजी करना बहुत बड़ी चुनौती थी, जिनकी शरण की अर्जी नामंजूर हो गई थी. और मुझे यकीन है कि ऐसा इसलिए हुआ क्योंकि हमारे पास नीरव मोदी का एक हाई-प्रोफ़ाइल केस था और उस समय का एक दूसरा बड़ा मामला था. जब तक उन्होंने (भारत ने) उन मामलों में कोई कार्रवाई या प्रगति नहीं देखी, तब तक उनका हमारे ऊपर कुछ हद तक दबाव बना हुआ था, जो बहुत निराशाजनक था.’ हर विकल्प अपना चुका नीरव मोदी गौरतलब है कि भगोड़ा नीरव मोदी ब्रिटेन में अपने सभी कानूनी विकल्प आजमा चुका है. खबरों के मुताबिक, वह यूरोपीय मानवाधिकार न्यायालय में अपनी अंतिम अपील भी हार चुका है. अब कई सालों तक चली कानूनी लड़ाई, मानवाधिकार के आधार पर की गई अपीलों और गोपनीय शरण आवेदन के बाद उसके भारत प्रत्यर्पण को जल्द होने की संभावना जताई जा रही है. Source link

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Rahul Gandhi visit Viral hawker Irfan । Irfan Priyanka Gandhi call। इरफान...

होमताजा खबरदेश इरफान के राहुल गांधी क्‍यों हुए फैन? घर जाकर चाय पी, प्रियंका से भी कराई बात Last Updated:July 27, 2026, 23:58 IST Rahul Gandhi visit Viral hawker Irfan: स्मार्टफोन के गूगल वॉयस कमांड से संविधान सीखकर जंतर-मंतर आंदोलन में छाए फेरीवाले मोहम्मद इरफान की समझ के नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी कायल हो गए हैं. कभी स्कूल न जाने वाले इरफान की बेबाक सोच और मजदूरों के हक में उठाई आवाज से प्रभावित होकर राहुल गांधी खुद उनकी बस्ती पहुंचे. वहां उन्होंने परिवार संग चाय पी, इरफान को संसद का न्योता दिया और प्रियंका गांधी से उनकी फोन पर बात कराई. राहुल गांधी इरफान के घर मिलने पहुंचे. नई दिल्‍ली. दिल्ली की झुग्गी-झोपड़ियों के बीच से उठी एक अनोखी आवाज ने देश के राजनीतिक गलियारों में हलचल मचा दी है. कभी स्कूल की दहलीज न लांघने वाले 35 वर्षीय फेरीवाले मोहम्मद इरफान की लोकतंत्र, संविधान और मजदूरों के अधिकारों पर बेबाक समझ सोशल मीडिया पर वायरल है. जिसे जानने के बाद खुद नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी उनके हुनर और जज्बे के मुरीद हो गए. स्मार्टफोन पर गूगल वॉयस कमांड के जरिए संविधान की प्रस्तावना से लेकर देश की आर्थिक व्यवस्था का ज्ञान हासिल करने वाले इरफान की इसी प्रतिभा से प्रभावित होकर राहुल गांधी खुद उनकी बस्ती पहुंचे. वहां उन्होंने इरफान के परिवार के साथ बैठकर चाय पी, उन्हें संसद आने का न्योता दिया और मौके पर ही अपनी बहन प्रियंका गांधी से फोन पर उनकी बात भी कराई. ज्ञान और सीखने की ललक की यह ऐसी मिसाल बन गई है, जिसने यह साबित कर दिया कि प्रतिभा किसी डिग्री या संपन्नता की मोहताज नहीं होती. जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के आंदोलन के दौरान फेरीवाले मोहम्मद इरफान अचानक सोशल मीडिया पर सनसनी बन गए. वजह थी उनकी लोकतंत्र, संविधान और मजदूरों के अधिकारों पर बेहद परिपक्व और बेबाक समझ. भगत सिंह की कविताओं के माध्‍यम से उन्‍होंने देश की जटिल सामाजिक मुद्दों पर अपनी बेबाक राय रखी. दिल्ली की सावदा जेजे कॉलोनी में एक टूटे मकान में रहने वाले इरफान रोज बर्फ बेचकर करीब 500 रुपये कमाते हैं. NEET पेपर लीक के खिलाफ आयोजित इस प्रदर्शन में उन्होंने मजदूरों की न्यूनतम दिहाड़ी, टैक्स प्रणाली और शिक्षा व्यवस्था पर खुलकर अपनी बात रखी. उनका तर्क था कि 500 कमाने वाला व्यक्ति भी टैक्स भरता है इसलिए उसकी समस्याओं और आत्मसम्मान पर भी बात होनी चाहिए. इरफान के इस तेवर और विचारों के वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होते ही सत्ता के गलियारों तक गूंज उठे. घर मिलने पहुंचे राहुल गांधीइरफान की प्रतिभा और विचारों से प्रभावित होकर खुद नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी उनकी झुग्गी बस्ती पहुंचे. उन्होंने इरफान और उनके परिवार से मुलाकात की, चाय पी और उनका हालचाल जाना. इस दौरान उन्होंने इरफान को संसद आने का न्योता दिया और फोन पर प्रियंका गांधी से भी बात कराई. तस्वीरें साझा करते हुए उन्होंने लिखा कि इरफान जैसे युवाओं की सोच उनके हालातों की मोहताज नहीं है और सीखने की यही तीव्र ललक भारत की असली ताकत है. अमूमन किसी बड़े नेता से मिलने पर लोग अपनी व्यक्तिगत समस्याओं का पिटारा खोलते हैं, लेकिन इरफान ने अपने लिए कुछ मांगने के बजाय सिर्फ इतना कहा, “मेरे लिए कुछ मत कीजिए, बस देश के गरीबों और मजदूरों के हक की लड़ाई लड़िए.” इरफान की इस मांग ने यह साबित कर दिया कि ज्ञान किसी डिग्री का मोहताज नहीं होता. सवाल-जवाबफेरीवाले मोहम्मद इरफान बिना स्कूल गए संविधान और लोकतंत्र के बारे में कैसे जान पाए?इरफान ने स्मार्टफोन के ‘गूगल वॉयस कमांड’ और यूट्यूब को अपना गुरु बनाया और इसी डिजिटल माध्यम से संविधान की प्रस्तावना, अधिकार और राजनीति से जुड़ी जानकारी हासिल की.मोहम्मद इरफान CJP प्रोटेस्ट के दौरान किस बात को लेकर वायरल हुए थे?वे NEET पेपर लीक के विरोध प्रदर्शन में मजदूरों के हक, आत्मसम्मान, GST और 8 घंटे की शिफ्ट के लिए ₹18,000 न्यूनतम वेतन की बेबाक मांग उठाने के कारण वायरल हुए थे.नेता प्रतिपक्ष (राहुल गांधी) से मुलाकात के दौरान इरफान ने क्या मांग रखी?इरफान ने अपने लिए कोई व्यक्तिगत मदद मांगने के बजाय केवल देश के गरीब और मजदूर वर्ग के अधिकारों की लड़ाई लड़ने का अनुरोध किया. About the Author Sandeep GuptaChief Sub Editor पत्रकारिता में 16 वर्षों से अधिक का सुदीर्घ अनुभव रखने वाले संदीप गुप्ता वर्तमान में News18 इंडिया में बतौर चीफ सब-एडिटर होम पेज पर जिम्‍मेदारी संभाल रहे हैं. जटिल और सामरिक विषयों को बेहद सरल भाषा में पाठकों त… और पढ़ें News18 न्यूजलेटर अब ईमेल पर इनसाइड स्‍टोर‍ीज खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्‍स में सबमिट करें Location : Delhi,Delhi,Delhi Source link

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aaj ka panchang 28 July 2026 | ashad maas chaturdashi tithi 2026...

Aaj Ka Panchang (आज का पंचांग), 28 July 2026: आज आषाढ़ शुक्ल की चतुर्दशी तिथि है और इस दिन मंगलवार व्रत को हनुमानजी की पूजा का विधान है. धार्मिक मान्यता के अनुसार मंगलवार का व्रत और विधि-विधान से बजरंगबली की पूजा करने से साहस, बल, आत्मविश्वास और संकटों से रक्षा का आशीर्वाद प्राप्त होता है. पंचांग के अनुसार आज आषाढ़ मास के शुक्ल पक्ष की चतुर्दशी उपरांत पूर्णिमा ​तिथि, पूर्वाषाढा नक्षत्र, वणिज करण, विष्कंभ योग, उत्तर का दिशाशूल है. साथ ही चंद्रमा धनु उपरांत मकर राशि में तो सूर्य कर्क राशि में रहेंगे. ज्योतिष शास्त्र में भी मंगलवार का संबंध मंगल ग्रह से माना गया है. ऐसे में इस दिन किए गए पूजा-पाठ और व्रत से कुंडली में मंगल ग्रह को मजबूत करने में सहायता मिलती है. आषाढ़ शुक्ल पक्ष की चतुर्दशी तिथि शाम 6:19 बजे तक है, इसके बाद पूर्णिमा लग जाएगी. इस दिन शाम 6:18 बजे गुरु पूर्णिमा लग जाएगा, जो अगले दिन 29 जुलाई को रात 8:05 बजे समाप्त होगा. गुरु पूर्णिमा पर लोग अपने गुरुओं, शिक्षकों और आध्यात्मिक आचार्यों का पूजन करते हैं तथा उनका आशीर्वाद लेते हैं. धार्मिक मान्यता है कि मंगलवार के दिन हनुमानजी की उपासना करने से भय, बाधाएं और नकारात्मक ऊर्जा दूर होती है। यह व्रत मानसिक शक्ति, आत्मबल और कार्यों में सफलता प्रदान करने वाला माना जाता है। सुबह स्नान के बाद स्वच्छ लाल या केसरिया वस्त्र धारण करें और पूजा स्थल पर भगवान हनुमान की प्रतिमा या चित्र स्थापित करें। उन्हें सिंदूर, चमेली का तेल, लाल फूल, गुड़ और चने का भोग अर्पित करें। इसके बाद दीपक जलाकर हनुमान चालीसा, बजरंग बाण, सुंदरकांड या राम नाम का जाप करें। पूजा के अंत में आरती कर प्रसाद का वितरण करें। व्रत रखने वाले श्रद्धालु दिनभर सात्विक भोजन या फलाहार ग्रहण कर सकते हैं और क्रोध, असत्य और नकारात्मक विचारों से दूर रहने का प्रयास करें। ज्योतिषीय दृष्टि से मंगलवार के दिन हनुमानजी की आराधना, लाल वस्तुओं का दान और जरूरतमंदों की सेवा करने से मंगल ग्रह की शुभता बढ़ने की मान्यता है. इससे साहस, नेतृत्व क्षमता, निर्णय लेने की शक्ति और ऊर्जा में वृद्धि होती है. पंचांग से जानें आज के शुभ व अशुभ मुहूर्त… आज का पंचांग (Aaj Ka Panchang), 28 जुलाई 2026आज की तिथि- चतुर्दशी – 06:18 पी एम तक, पूर्णिमा तिथिआज का नक्षत्र- पूर्वाषाढा – 01:11 पी एम तक, उत्तराषाढा नक्षत्रआज का करण- वणिज – 06:18 पी एम तक, विष्टि – पूर्ण रात्रि तकआज का योग- विष्कंभ – 11:33 पी एम तक, प्रीति योगआज का पक्ष- शुक्ल पक्षआज का दिन- मंगलवारचंद्र राशि- धनु उपरांत मकर राशि सूर्योदय-सूर्यास्त और चंद्रोदय-चंद्रास्त का समयसूर्योदय- 05:41 ए एमसूर्यास्त- 07:15 पी एमचन्द्रोदय- 06:43 पी एमचन्द्रास्त- 05:04 ए एम, 29 जुलाई आज के शुभ योग और मुहूर्त 28 जुलाई 2026ब्रह्म मुहूर्त: 04:18 ए एम से 05:00 ए एमअभिजीत मुहूर्त: 12:01 पी एम से 12:55 पी एमविजय मुहूर्त: 02:44 पी एम से 03:38 पी एमगोधूलि मुहूर्त: 07:15 पी एम से 07:36 पी एमअमृत काल: 07:50 ए एम से 09:37 ए एमनिशिता मुहूर्त: 12:08 ए एम से 12:49 ए एम, 29 जुलाईरवि योग: 05:41 ए एम से 01:11 पी एम शिववास: भोजन में – 06:18 पी एम तक, श्मशान में आज के अशुभ मुहूर्त 28 जुलाई 2026राहुकाल: 03:52 पी एम से 05:34 पी एमयमगण्ड: 09:05 ए एम से 10:47 ए एमगुलिक काल: 12:28 पी एम से 02:10 पी एमआडल योग: 01:11 पी एम से 05:42 ए एम, 29 जुलाईविडाल योग: 05:41 ए एम से 01:11 पी एमदुर्मुहूर्त: 08:24 ए एम से 09:18 ए एमवर्ज्य: 09:59 पी एम से 11:45 पी एमभद्रा: 06:18 पी एम से 05:42 ए एम, 29 जुलाईदिशाशूल: उत्तर Source link

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aaj ka Kanya rashifal 28 july 2026 Virgo horoscope in hindi think...

Last Updated:July 28, 2026, 00:02 IST Aaj ka Kanya Rashifal 28 july 2026: कन्या राशि वालों के लिए आज का दिन मिला-जुला है. निवेश, उधार और नए काम से बचें. सुबह अच्छी खबर मिल सकती है, पर आत्मविश्वास में कमी आ सकती है. दोपहर 3:50-5:58 बजे राहुकाल में शुभ कार्य टालें. सुबह 7:10-9:50 बजे अमृत काल में महत्वपूर्ण काम करें. हनुमान चालीसा का पाठ करें. देवघर: ग्रह-नक्षत्रों की बदलती चाल का असर हर किसी की जिंदगी पर देखने को मिलता है.किसी के लिए दिन खुशियां लेकर आता है तो किसी के लिए थोड़ी सावधानी बरतने की जरूरत होती है. अगर आपकी राशि कन्या है तो आज का दिन आपके लिए मिला-जुला रहने वाला है. बैद्यनाथ पंचांग के अनुसार आज आषाढ़ शुक्ल पक्ष चतुर्दशी तिथि, उत्तराषाढ़ा नक्षत्र और प्रीति योग का विशेष संयोग बन रहा है. वहीं चंद्रमा आज धनु राशि से निकलकर मकर राशि में प्रवेश करेगा, जिसका सीधा प्रभाव कन्या राशि के जातकों पर पड़ेगा.देवघर के प्रसिद्ध ज्योतिषाचार्य पंडित नंद किशोर मुदगल ने बताया कि आज पूरे दिन सोच-समझकर कदम उठाने की जरूरत है. छोटी सी लापरवाही भी परेशानी का कारण बन सकती है, इसलिए जल्दबाजी से बचें. मन आपका प्रशन्न रहेगा लेकिन आत्मविश्वास मे थोड़ी कमी दिखेगीज्योतिषाचार्य के अनुसार आज सुबह आपके लिए एक अच्छी खबर आने के योग बन रहे हैं.परिवार, नौकरी या किसी पुराने रुके हुए काम से जुड़ी कोई सकारात्मक सूचना मिल सकती है, जिससे आपका मन प्रसन्न रहेगा.हालांकि दिन चढ़ने के साथ आत्मविश्वास में थोड़ी कमी महसूस हो सकती है. ऐसे समय में निराश होने के बजाय धैर्य बनाए रखें. अगर कोई बड़ा फैसला लेना हो तो जल्दबाजी बिल्कुल न करें. आज किसी नए काम की शुरुआत करना शुभ नहीं माना गया है. अगर नया कारोबार शुरू करने, नया समझौता करने या किसी महत्वपूर्ण दस्तावेज पर हस्ताक्षर करने की सोच रहे हैं तो उसे किसी और दिन के लिए टाल देना बेहतर रहेगा. आज किसी को भी धन उधार ना देंधन से जुड़े मामलों में भी आज विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है. किसी को उधार पैसे देने से बचें और किसी भी योजना में निवेश करने से पहले अच्छी तरह विचार करें.शेयर बाजार, जमीन, कारोबार या किसी अन्य जगह पैसा लगाने का मन बना रहे हैं तो आज ऐसा करने से बचना आपके लिए बेहतर रहेगा. खर्च करते समय भी बजट का ध्यान रखें.वहीं नौकरीपेशा लोगों के लिए भी दिन थोड़ा सतर्क रहने का है.ऑफिस में अपना काम किसी दूसरे के भरोसे छोड़ने की गलती बिल्कुल न करें. अपनी जिम्मेदारियां खुद निभाएं, क्योंकि छोटी सी चूक आपके लिए परेशानी खड़ी कर सकती है. आलस्य भी आज आपका सबसे बड़ा दुश्मन बन सकता है, इसलिए समय पर काम पूरा करने की कोशिश करें. आज का शुभ और अशुभ समयआज के शुभ और अशुभ समय की बात करें तो दोपहर 3 बजकर 50 मिनट से शाम 5 बजकर 58 मिनट तक राहुकाल रहेगा. इस दौरान कोई भी नया या शुभ कार्य शुरू करने से बचना चाहिए. वहीं सुबह 7 बजकर 10 मिनट से 9 बजकर 50 मिनट तक अमृत काल रहेगा. यह समय पूजा-पाठ, शुभ कार्य, नई शुरुआत या किसी महत्वपूर्ण काम के लिए काफी अच्छा माना गया है. अगर कोई जरूरी काम करना हो तो कोशिश करें कि उसे अमृत काल में ही पूरा करें. हनुमान चालीसा का करे पाठज्योतिषाचार्य पंडित नंद किशोर मुदगल का कहना है कि आज कन्या राशि के जातक अगर भगवान हनुमान की विशेष पूजा करें तो दिन की कई परेशानियां दूर हो सकती हैं. हनुमान जी को चमेली का तेल और सिंदूर अर्पित करें तथा श्रद्धा के साथ हनुमान चालीसा का पाठ जरूर करें. ऐसा करने से मानसिक तनाव कम होगा, आत्मविश्वास बढ़ेगा और रुके हुए कार्यों में भी सफलता मिलने की संभावना बनेगी. कुल मिलाकर आज का दिन कन्या राशि वालों के लिए मिला-जुला है.धैर्य, समझदारी और सतर्कता के साथ दिन बिताएंगे तो लाभ मिलेगा, लेकिन जल्दबाजी, आलस्य और बिना सोचे-समझे लिया गया फैसला नुकसान पहुंचा सकता है. About the Author Amit ranjan मैंने अपने 12 वर्षों के करियर में इलेक्ट्रॉनिक, प्रिंट और डिजिटल मीडिया में काम किया है। मेरा सफर स्टार न्यूज से शुरू हुआ और दैनिक भास्कर, दैनिक जागरण, दैनिक भास्कर डिजिटल और लोकल 18 तक पहुंचा। रिपोर्टिंग से ले… और पढ़ें News18 न्यूजलेटर अब ईमेल पर इनसाइड स्‍टोर‍ीज खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्‍स में सबमिट करें Location : Deoghar,Jharkhand Source link

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aaj ka Vrishchik rashifal 28 july 2026 scorpio horoscope in hindi courage...

Last Updated:July 28, 2026, 00:03 IST Aaj ka Vrishchik Rashifal 28 july 2026: 28 जुलाई 2026 को वृश्चिक राशि वालों के लिए साहस, संतुलन और सौभाग्य का दिन है. कार्यक्षेत्र में सफलता मिलेगी, रुके काम पूरे होंगे और धन लाभ के योग हैं. बुद्धिमानी से निर्णय लें. गौशाला में हरा चारा अर्पित करें और ‘ॐ श्रीं महालक्ष्म्यै नमः’ का जाप करें. सीतामढ़ी: वृश्चिक राशि के जातकों के लिए 28 जुलाई 2026 का दिन साहस, संतुलन और सौभाग्य का शुभ संदेश लेकर आ रहा है. आज का दिन आपके जीवन में एक महत्वपूर्ण मोड़ साबित हो सकता है, जहाँ आपको भावनाओं में बहने के बजाय पूरी बुद्धिमानी और व्यावहारिक सोच के साथ निर्णय लेने होंगे. आपके द्वारा आज विवेकपूर्ण तरीके से लिया गया एक सही फैसला ही भविष्य में आपकी बड़ी सफलता का मुख्य आधार बनेगा. कैसा रहेगा कार्यक्षेत्र और आर्थिक दृष्टिकोण?कार्यक्षेत्र और आर्थिक दृष्टिकोण से आज का दिन बेहद फलदायी रहने के संकेत दे रहा है. पेशेवर जीवन में किसी लंबे समय से अटके या अधूरे कार्य को सफलतापूर्वक पूरा करने का यह सर्वोत्तम अवसर है. यदि आप समय का सही प्रबंधन करते हैं, तो आपको अपने वरिष्ठ अधिकारियों का विश्वास और मान-सम्मान दोनों प्राप्त होंगे. धन संबंधी मामलों में भी रुके हुए भुगतान की वापसी या पुराने निवेशों से लाभ मिलने के प्रबल योग बन रहे हैं. हालांकि, आर्थिक मामलों में लालच से बचने और अत्यधिक जोखिम न लेने की सलाह दी जाती है. इसके साथ ही, ज्योतिषीय गणनाओं के अनुसार आज के दिन आपमें एक विशेष ऊर्जा और आत्मविश्वास का संचार रहेगा. अपने दैनिक कार्यों को लेकर आपकी एकाग्रता बनी रहेगी, जिससे चुनौतियों से निपटने में आसानी होगी. अपने विचारों को सकारात्मक रखें और किसी भी नए अवसर को हाथ से न जाने दें, क्योंकि आज की गई मेहनत शीघ्र ही आपके लिए तरक्की के नए रास्ते खोलेगी. करें ये उपाय, होगा कल्याण पारिवारिक और व्यक्तिगत संबंधों के लिहाज से भी आज का दिन सकारात्मकता से भरपूर रहेगा. किसी प्रियजन के साथ खुलकर की गई बातचीत पुरानी सभी गलतफहमियों को दूर कर सकती है. जिससे रिश्तों में आपसी भरोसा बढ़ेगा और आपका मन काफी हल्का महसूस करेगा. आज के दिन आपका भाग्यांक 3 और शुभ रंग पन्ना हरा है. सौभाग्य और आर्थिक समृद्धि में वृद्धि के लिए आज प्रातः गौशाला में हरा चारा अर्पित करना और ॐ श्रीं महालक्ष्म्यै नमः  मंत्र का 21 बार जप करना विशेष रूप से कल्याणकारी रहेगा. About the Author Amit ranjan मैंने अपने 12 वर्षों के करियर में इलेक्ट्रॉनिक, प्रिंट और डिजिटल मीडिया में काम किया है। मेरा सफर स्टार न्यूज से शुरू हुआ और दैनिक भास्कर, दैनिक जागरण, दैनिक भास्कर डिजिटल और लोकल 18 तक पहुंचा। रिपोर्टिंग से ले… और पढ़ें News18 न्यूजलेटर अब ईमेल पर इनसाइड स्‍टोर‍ीज खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्‍स में सबमिट करें Location : Sitamarhi,Bihar Source link

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aaj ka Dhanu rashifal 28 july 2026 in hindi sagittarius today get...

Last Updated:July 28, 2026, 00:06 IST Aaj ka Dhanu Rashifal 28 july 2026: धनु राशि के जातकों के लव लाइफ में आज मधुरता बनी रहेगी. अगर आपके पार्टनर से किसी बात को लेकर कहा-सुनी हो गई है या किसी बात को लेकर विवाद चल रहा है, तो आज वह विवाद दूर हो जाएगा.  जमुई: आज 27 जुलाई 2026 के दिन चंद्रमा धनु राशि में रहेंगे, जिससे धनु राशि के जातकों पर इसका बड़ा असर देखने को मिलेगा. ज्योतिषाचार्य पंडित शत्रुघ्न झा बताते हैं कि आज के दिन धनु राशि के जातकों को कुछ नया सीखने को मिलेगा. साथ ही आप जहां भी काम करते हैं, या कोई कारोबार करते हैं तो उसको बढ़ाने की दिशा में आप काम कर पाएंगे. उन्होंने बताया कि आज के दिन चंद्रमा संध्या काल में मकर राशि में प्रवेश करेंगे. जिससे आपकी बुद्धिमत्ता पर इसका प्रभाव पड़ेगा. धनु राशि के जातक आज किसी भी काम को बलपूर्वक करने की बजाय तरकीब लगाकर आसानी के साथ कर पाने में सफल हो सकेंगे. अगर आपका कोई काम लंबे समय से फंसा हुआ है, तब आज आप उसको अपनी बुद्धिमत्ता से पूर्ण कर पाने में सफल हो पाएंगे. ज्योतिषाचार्य ने बताया कि आज कर्क राशि में सूर्य और बृहस्पति की युति रहेगी, जो आपके लिए काफी हितकारी साबित होगा. जीवन में आगे बढ़ने का आ गया समय  ज्योतिषाचार्य बताते हैं कि धनु राशि के जातकों को आज अपने जीवन में आगे बढ़ने का मौका मिलेगा. उन्होंने बताया कि मीन राशि में शनि देव आज वक्री होंगे, जिस कारण आपको आज काफी अनुशासित होकर दिन व्यतीत करने की आवश्यकता है. आप अगर कारोबार करते हैं, या कहीं नौकरी करते हैं तो वहां बेवजह के लफड़े में पड़ने की बजाय समय पर अपना काम समाप्त करने पर ध्यान दें. ऐसा करना आपके लिए फायदेमंद होगा. उन्होंने बताया कि धनु राशि के जातकों को आर्थिक मामलों में सावधान रहना चाहिए. भविष्य के लिए कुछ पैसे बचाएं ताकि आपकी आर्थिक स्थिति भविष्य में भी बेहतर रह सके. धनु राशि के जातकों को आज अपने काम करने वाले स्थान पर नई जिम्मेदारियां मिल सकती है. जिससे आप काफी उत्साहित होंगे, लेकिन नई जिम्मेदारियों से आपको थोड़ी थकान की भी अनुभूति हो सकती है. प्यार में वापस आने वाली है खुशियां ज्योतिषाचार्य बताते हैं कि धनु राशि के जातकों के लव लाइफ में आज मधुरता बनी रहेगी. अगर आपके पार्टनर से किसी बात को लेकर कहा-सुनी हो गई है या किसी बात को लेकर विवाद चल रहा है, तो आज वह विवाद दूर हो जाएगा. आज परिवार में भी काफी खुशनुमा माहौल बना रहेगा. आज आप अपने माता-पिता और भाई बहन के साथ मधुर संबंध व्यतीत कर पाएंगे. हालांकि प्यार में आज आपको अपनी मर्यादा बना कर रखनी चाहिए. धनु राशि के जातकों को आज के दिन सोना पहनना चाहिए, ऐसा करना आपके लिए फायदेमंद होगा. आज के दिन के लिए आपका आपका शुभ अंक दो रहने वाला है. About the Author Amit ranjan मैंने अपने 12 वर्षों के करियर में इलेक्ट्रॉनिक, प्रिंट और डिजिटल मीडिया में काम किया है। मेरा सफर स्टार न्यूज से शुरू हुआ और दैनिक भास्कर, दैनिक जागरण, दैनिक भास्कर डिजिटल और लोकल 18 तक पहुंचा। रिपोर्टिंग से ले… और पढ़ें News18 न्यूजलेटर अब ईमेल पर इनसाइड स्‍टोर‍ीज खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्‍स में सबमिट करें Source link

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संसद में अब होगा काम, पेपर लीक बिल पर मान गए सारे...

होमताजा खबरदेश संसद में अब होगा काम, पेपर लीक बिल पर मान गए सारे दल, लोकसभा में होगी महाबहस Last Updated:July 27, 2026, 23:34 IST Lok Sabha Anti Paper Leak Bill: संसद के मानसून सत्र में मंगलवार को लोकसभा में पब्लिक एग्जामिनेशंस (प्रिवेंशन ऑफ अनफेयर मीन्स) संशोधन विधेयक, 2026 पर आठ घंटे तक चर्चा होगी. सरकार और विपक्ष के बीच सहमति बनने के बाद गतिरोध समाप्त हुआ है. कांग्रेस की ओर से राहुल गांधी और प्रियंका गांधी वाड्रा के बहस में हिस्सा लेने की संभावना है. NEET-UG 2026 पेपर लीक विवाद के बाद लाए गए इस विधेयक में पेपर लीक और परीक्षा माफिया के खिलाफ कड़ी सजा का प्रावधान किया गया है. संसद के मानसून सत्र में कई दिनों से जारी गतिरोध के बाद मंगलवार को लोकसभा में पब्लिक एग्जामिनेशंस (प्रिवेंशन ऑफ अनफेयर मीन्स) संशोधन विधेयक, 2026 पर विस्तृत चर्चा होगी. संसद के मानसून सत्र में कई दिनों से जारी गतिरोध के बाद मंगलवार को लोकसभा में पब्लिक एग्जामिनेशंस (प्रिवेंशन ऑफ अनफेयर मीन्स) संशोधन विधेयक, 2026 पर विस्तृत चर्चा होगी. सरकार और विपक्ष के बीच बनी सहमति के बाद सदन में इस अहम विधेयक पर करीब आठ घंटे तक बहस कराने का फैसला लिया गया है. माना जा रहा है कि NEET-UG 2026 पेपर लीक विवाद के बाद परीक्षा व्यवस्था में सुधार को लेकर यह संसद की सबसे महत्वपूर्ण चर्चाओं में से एक होगी. समाचार एजेंसी एएनआई सूत्रों के हवाले से बताया कि लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने सोमवार को सत्ता पक्ष और विपक्ष के फ्लोर लीडर्स के साथ बैठक की थी. इसी बैठक में गतिरोध खत्म करने और विधेयक पर विस्तार से चर्चा कराने पर सहमति बनी. इसके बाद संसद में इस बिल पर व्यापक बहस का रास्ता साफ हो गया. राहुल गांधी संभालेंगे कांग्रेस का मोर्चा कांग्रेस ने भी इस चर्चा में सक्रिय रूप से हिस्सा लेने का फैसला किया है. सूत्रों के अनुसार, लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी पार्टी की ओर से इस विधेयक पर मुख्य वक्ता होंगे. कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी वाड्रा के भी बहस में हिस्सा लेने की संभावना है. इससे पहले मंगलवार सुबह विपक्षी दलों के फ्लोर लीडर्स की बैठक में अंतिम रणनीति तय की जाएगी. सोमवार को हंगामे की वजह से नहीं हो सकी चर्चा सोमवार को सरकार इस विधेयक पर चर्चा शुरू कराना चाहती थी, लेकिन विपक्ष के हंगामे और लगातार नारेबाजी के कारण कार्यवाही बाधित होती रही. इसके बाद लोकसभा की कार्यवाही पूरे दिन के लिए स्थगित कर दी गई थी. अब दोनों पक्षों के बीच बनी सहमति के बाद मंगलवार को विधेयक पर विस्तृत बहस होगी. क्या है एंटी पेपर लीक बिल? देशभर में NEET-UG 2026 पेपर लीक को लेकर हुए विरोध प्रदर्शनों के बाद केंद्र सरकार ने मौजूदा कानून को और सख्त बनाने के लिए यह संशोधन विधेयक पेश किया है. केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने इसे लोकसभा में पेश किया था. सरकार का कहना है कि इसका उद्देश्य पेपर लीक, संगठित नकल गिरोह और परीक्षा माफिया पर कड़ा शिकंजा कसना है. बिल में क्या-क्या बड़े प्रावधान? प्रस्तावित संशोधन के तहत परीक्षा में धांधली करने वालों के लिए सजा को काफी सख्त किया गया है. अब ऐसे मामलों में कम से कम पांच साल और अधिकतम दस साल तक की जेल हो सकती है. साथ ही दोषियों पर 50 लाख रुपये तक का जुर्माना लगाया जा सकेगा. अगर कोई संगठित गिरोह या परीक्षा माफिया इस तरह के अपराध में शामिल पाया जाता है, तो उसके लिए कम से कम सात साल की जेल और 10 करोड़ रुपये तक के जुर्माने का प्रावधान किया गया है. फास्ट ट्रैक कोर्ट में होगी सुनवाई विधेयक में यह भी प्रस्ताव है कि पेपर लीक और परीक्षा धोखाधड़ी से जुड़े मामलों की सुनवाई के लिए विशेष फास्ट ट्रैक कोर्ट गठित किए जाएं, ताकि मुकदमों का जल्द निपटारा हो सके और दोषियों को समय पर सजा मिले. सरकार का दावा है कि यह कानून देश की सार्वजनिक परीक्षा प्रणाली को अधिक पारदर्शी, सुरक्षित और विश्वसनीय बनाने की दिशा में बड़ा कदम साबित होगा. About the Author Saad Omar साद बिन उमर मीडिया इंडस्ट्री में 15 साल से अधिक के अनुभव वाले सीनियर पत्रकार हैं. वह अभी News18 Hindi (hindi.news18.com) से जुड़े हैं, जहां वे होम पेज डेस्क पर काम करते हैं. कहां से … और पढ़ें News18 न्यूजलेटर अब ईमेल पर इनसाइड स्‍टोर‍ीज खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्‍स में सबमिट करें Location : New Delhi,Delhi Source link

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